<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.dainikjagranmpcg.com/bjp-vs-congress/tag-10433" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>दैनिक जागरण RSS Feed Generator</generator>
                <title>BJP vs Congress - दैनिक जागरण</title>
                <link>https://www.dainikjagranmpcg.com/tag/10433/rss</link>
                <description>BJP vs Congress RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>Rahul Gandhi Chhattisgarh Visit: राहुल के दौरे पर भाजपा-कांग्रेस में तीखी जंग</title>
                                    <description><![CDATA[ छत्तीसगढ़ में राहुल गांधी के 4 घंटे के दौरे पर सियासी घमासान। भाजपा ने कसा तंज, तो कांग्रेस ने भाजपा विधायक को बताया मानसिक रूप से बीमार।
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.dainikjagranmpcg.com/state/chhattisgarh/rahul-gandhi-visit-chhattisgarh-heated-battle-between-bjp-and-congress/article-56564"><img src="https://www.dainikjagranmpcg.com/media/400/2026-06/rahul-gandhi’s-chhattisgarh-visit-sparks-political-slugfest;-bjp-swipes-at-&#039;alula-gold&#039;-pitch,-congress-labels-mla-&#039;mentally-ill&#039;-(1).jpg" alt=""></a><br /><p dir="ltr">लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के एक दिवसीय छत्तीसगढ़ दौरे से पहले राज्य में सत्तारूढ़ भाजपा और विपक्षी कांग्रेस के बीच तीखी जुबानी जंग छिड़ गई है। गांधी रायपुर जिले के अभनपुर में आयोजित 10 दिवसीय आवासीय पार्टी प्रशिक्षण शिविर में लगभग चार घंटे बिताने वाले हैं, जहां वे आगामी राजनीतिक रणनीति तैयार करने के लिए जिला और शहर अध्यक्षों के साथ सीधे संवाद करेंगे।</p>
<p dir="ltr">आधिकारिक कार्यक्रम के अनुसार, कांग्रेस नेता दोपहर 2:00 बजे रायपुर हवाई अड्डे पर उतरेंगे और शाम 6:00 बजे दिल्ली के लिए वापस रवाना हो जाएंगे। हालांकि, उनके आगमन से कुछ घंटे पहले ही दोनों खेमों की ओर से की गई तीखी बयानबाजी के कारण राज्य का सियासी पारा पूरी तरह चढ़ गया है।</p>
<h3 dir="ltr">'क्या वे आलू से सोना निकालने की ट्रेनिंग देंगे?'</h3>
<p dir="ltr">राहुल गांधी के इस दौरे पर कड़ा प्रहार करते हुए रायपुर से भाजपा विधायक पुरंदर मिश्रा ने इस प्रशिक्षण सत्र के असली मकसद पर सवाल उठाए हैं। मिश्रा ने कहा, "भगवान राम के ननिहाल छत्तीसगढ़ में उनका स्वागत है। लेकिन यह मत भूलिए कि ये वही भगवान राम हैं जिनके अस्तित्व पर कभी राहुल गांधी और उनकी पार्टी ने सवाल उठाए थे।"</p>
<p dir="ltr">भाजपा विधायक ने आगे सवाल किया कि गांधी आखिर कार्यकर्ताओं को किस बात की ट्रेनिंग देने आ रहे हैं। मिश्रा ने तंज कसते हुए कहा, "वे यहां कांग्रेस कार्यकर्ताओं को क्या सिखाने आ रहे हैं? क्या वे भ्रष्टाचार का कोई नया कोर्स कराने आए हैं, या फिर उन्हें आलू से सोना निकालने का अपना पुराना फॉर्मूला सिखाएंगे?"</p>
<p dir="ltr">भाजपा के इस हमले को और धार देते हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने भी अंबिकापुर में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस कार्यक्रम के दौरान मीडिया से बात करते हुए नेता प्रतिपक्ष पर निशाना साधा। मुख्यमंत्री साय ने कहा, "राहुल गांधी जहां भी जाते हैं, वहां उनकी पार्टी के हश्र को हर कोई अच्छी तरह जानता है।"</p>
<h3 dir="ltr">'मिश्रा मानसिक रूप से बीमार हैं, कांग्रेस कराएगी उनका इलाज'</h3>
<p dir="ltr">भाजपा के इस तीखे वार पर कांग्रेस ने भी बेहद आक्रामक रुख अपनाया और भाजपा विधायक पर सीधा व्यक्तिगत हमला बोल दिया। पूर्व कांग्रेस विधायक विकास उपाध्याय ने दावा किया कि पुरंदर मिश्रा अपना मानसिक संतुलन खो बैठे हैं और उन्हें तुरंत इलाज की जरूरत है।</p>
<p dir="ltr">उपाध्याय ने कहा, "पुरंदर मिश्रा मानसिक रूप से अस्वस्थ हो चुके हैं और उन्हें इलाज की सख्त जरूरत है। अगर भाजपा उनके इलाज का खर्च नहीं उठा सकती, तो कांग्रेस आगे बढ़कर उनके इलाज का पूरा खर्च उठाने के लिए तैयार है।"</p>
<p dir="ltr">मिश्रा को 'एक्सीडेंटल विधायक' करार देते हुए उपाध्याय ने आरोप लगाया कि भाजपा नेता केवल अपना राजनीतिक कद बढ़ाने और क्षेत्रीय मीडिया की सुर्खियों में बने रहने के लिए इस तरह की बेतुकी बयानबाजी कर रहे हैं।</p>
<h3 dir="ltr">बंद कमरे के भीतर: संगठन को दोबारा खड़ा करने की कवायद</h3>
<p dir="ltr">हाई-डेसिबल राजनीतिक बयानबाजी के बीच, अभनपुर के चांदी मोड़ के पास एक निजी परिसर में शुक्रवार से शुरू हुआ 10 दिवसीय 'संगठन सृजन' आवासीय शिविर कांग्रेस के लिए एक बड़ा संगठनात्मक कदम माना जा रहा है। तैयारियों का जायजा लेने पहले ही रायपुर पहुंच चुके प्रदेश कांग्रेस प्रभारी सचिन पायलट ने कहा कि एक "अत्यंत अहंकारी" भाजपा सरकार का मुकाबला करने के लिए कई राज्यों में जमीनी स्तर पर ऐसे अभियान चलाए जा रहे हैं।</p>
<p dir="ltr">"यह प्रशिक्षण कार्यक्रम केवल राजनीतिक भाषणों तक सीमित नहीं है। नए नियुक्त जिला और शहर अध्यक्षों को फील्डवर्क सौंपा गया है, जिसमें गांवों में रात बिताना, मनरेगा के क्रियान्वयन की समीक्षा करना और नशे की लत जैसी स्थानीय सामाजिक-आर्थिक समस्याओं का अध्ययन करना शामिल है।" — कांग्रेस पार्टी सूत्र</p>
<p dir="ltr">शिविर की दिनचर्या सुबह योग और मार्शल आर्ट सत्रों के साथ शुरू होती है, जिसके बाद राजनीतिक विशेषज्ञों द्वारा विशेष कार्यशालाएं आयोजित की जाती हैं। इन सत्रों में डेटा प्रबंधन, बूथ स्तर का समन्वय, मीडिया हैंडलिंग और भाजपा के खिलाफ मजबूत नैरेटिव तैयार करने पर ध्यान केंद्रित किया जा रहा है। उम्मीद है कि राहुल गांधी आज दोपहर बंद कमरे में होने वाले इस सत्र के दौरान राज्य नेतृत्व को आगामी स्थानीय निकाय और संस्थागत चुनावों से निपटने का अंतिम चुनावी मंत्र देंगे।</p>
<p> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राज्य</category>
                                            <category>छत्तीसगढ़</category>
                                    

                <link>https://www.dainikjagranmpcg.com/state/chhattisgarh/rahul-gandhi-visit-chhattisgarh-heated-battle-between-bjp-and-congress/article-56564</link>
                <guid>https://www.dainikjagranmpcg.com/state/chhattisgarh/rahul-gandhi-visit-chhattisgarh-heated-battle-between-bjp-and-congress/article-56564</guid>
                <pubDate>Sun, 21 Jun 2026 13:27:10 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.dainikjagranmpcg.com/media/2026-06/rahul-gandhi%E2%80%99s-chhattisgarh-visit-sparks-political-slugfest%3B-bjp-swipes-at-%27alula-gold%27-pitch%2C-congress-labels-mla-%27mentally-ill%27-%281%29.jpg"                         length="94503"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[दैनिक जागरण]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>खड़गे के बयान पर सियासी घमासान, CM मोहन यादव ने मांगी माफी</title>
                                    <description><![CDATA[PM मोदी पर टिप्पणी को लेकर विवाद, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने दी सफाई पीएम मोदी पर बयान को लेकर देश की राजनीति गरमा गई है। बयान के बाद आरोप-प्रत्यारोप तेज हो गए हैं और माफी की मांग उठने लगी है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.dainikjagranmpcg.com/state/madhya-pradesh/political-turmoil-over-kharges-statement-cm-mohan-yadav-apologized/article-51847"><img src="https://www.dainikjagranmpcg.com/media/400/2026-04/mp-news-(58).jpg" alt=""></a><br /><p>मध्य प्रदेश की राजधानी <span class="hover:entity-accent entity-underline inline cursor-pointer align-baseline"><span class="whitespace-normal">भोपाल</span></span> से सामने आए घटनाक्रम में मुख्यमंत्री <span class="hover:entity-accent entity-underline inline cursor-pointer align-baseline"><span class="whitespace-normal">मोहन यादव</span></span> ने कांग्रेस अध्यक्ष <span class="hover:entity-accent entity-underline inline cursor-pointer align-baseline"><span class="whitespace-normal">मल्लिकार्जुन खड़गे</span></span> के बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। तमिलनाडु में चुनाव प्रचार के दौरान प्रधानमंत्री <span class="hover:entity-accent entity-underline inline cursor-pointer align-baseline"><span class="whitespace-normal">नरेंद्र मोदी</span></span> को लेकर दिए गए कथित बयान को लेकर विवाद बढ़ गया है। सीएम ने इसे गैर-जिम्मेदाराना बताते हुए सार्वजनिक माफी की मांग की है।</p>
<p>मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि देश के प्रधानमंत्री जैसे संवैधानिक पद पर बैठे व्यक्ति के लिए इस तरह की टिप्पणी निंदनीय है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष को अपने शब्दों पर विचार करना चाहिए और जनता से माफी मांगनी चाहिए। उनके मुताबिक, इस तरह के बयान राजनीतिक मर्यादा के खिलाफ हैं और इससे लोकतांत्रिक संवाद की गरिमा प्रभावित होती है।</p>
<p>विवाद की शुरुआत उस वक्त हुई जब कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने चेन्नई में एक सभा के दौरान प्रधानमंत्री मोदी को लेकर विवादित टिप्पणी की। उनके बयान के बाद सोशल मीडिया और राजनीतिक गलियारों में तीखी प्रतिक्रियाएं सामने आने लगीं। हालांकि, मामला बढ़ने पर खड़गे ने सफाई देते हुए कहा कि उनके बयान को गलत तरीके से पेश किया गया है।</p>
<p>खड़गे ने स्पष्ट किया कि उन्होंने प्रधानमंत्री को सीधे तौर पर आतंकवादी नहीं कहा, बल्कि उनका आशय यह था कि सरकार का रवैया विरोधियों के प्रति कठोर और डराने वाला है। उन्होंने कहा कि उनके बयान को संदर्भ से हटाकर देखा जा रहा है।</p>
<p>इस पूरे घटनाक्रम ने सियासी माहौल को गर्मा दिया है। भारतीय जनता पार्टी के नेताओं ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोला है और इसे प्रधानमंत्री के पद का अपमान बताया है। वहीं, कांग्रेस की ओर से इसे राजनीतिक बयानबाजी का हिस्सा बताया जा रहा है।</p>
<p>राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, चुनावी माहौल में इस तरह के बयान अक्सर विवाद का कारण बनते हैं और इसका सीधा असर जनमत पर पड़ता है। खासकर जब बात देश के शीर्ष नेतृत्व से जुड़ी हो, तो प्रतिक्रिया और भी तीखी हो जाती है।</p>
<p>इस विवाद के बीच अब नजर इस बात पर है कि क्या कांग्रेस नेतृत्व इस पर औपचारिक प्रतिक्रिया देता है या मामला राजनीतिक बयानबाजी तक ही सीमित रहता है। वहीं भाजपा इस मुद्दे को आगे भी उठाने के संकेत दे रही है, जिससे आने वाले दिनों में सियासी बहस और तेज हो सकती है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>मध्य प्रदेश</category>
                                            <category>भोपाल</category>
                                    

                <link>https://www.dainikjagranmpcg.com/state/madhya-pradesh/political-turmoil-over-kharges-statement-cm-mohan-yadav-apologized/article-51847</link>
                <guid>https://www.dainikjagranmpcg.com/state/madhya-pradesh/political-turmoil-over-kharges-statement-cm-mohan-yadav-apologized/article-51847</guid>
                <pubDate>Wed, 22 Apr 2026 14:21:19 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.dainikjagranmpcg.com/media/2026-04/mp-news-%2858%29.jpg"                         length="96389"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Nitin Trivedi]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>महिला आरक्षण पर सियासत तेज, भूपेश बघेल का तंज—CM बदलने की सलाह</title>
                                    <description><![CDATA[महिला आरक्षण बिल विवाद के बीच भूपेश बघेल का बयान, छत्तीसगढ़ में विशेष सत्र की तैयारी महिला आरक्षण पर जारी राजनीतिक टकराव ने नया मोड़ ले लिया है। बयानबाजी के बीच सियासत और तेज हो गई है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.dainikjagranmpcg.com/state/chhattisgarh/politics-intensifies-bhupesh-baghels-taunt-on-womens-reservation-advice/article-51770"><img src="https://www.dainikjagranmpcg.com/media/400/2026-04/cg-news-(27).jpg" alt=""></a><br /><p>छत्तीसगढ़ में महिला आरक्षण बिल को लेकर सियासी घमासान तेज होता जा रहा है। पूर्व मुख्यमंत्री <span class="hover:entity-accent entity-underline inline cursor-pointer align-baseline"><span class="whitespace-normal">भूपेश बघेल</span></span> ने राज्य सरकार और भारतीय जनता पार्टी पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने मुख्यमंत्री को संबोधित करते हुए तंज कसा कि अगर महिलाओं को लेकर इतनी चिंता है, तो “कौशल्या भाभी को मुख्यमंत्री बना दीजिए।” यह बयान ऐसे समय आया है जब केंद्र में महिला आरक्षण बिल पारित नहीं हो सका और राज्य में इस मुद्दे पर राजनीतिक गतिविधियां बढ़ गई हैं।</p>
<p>छत्तीसगढ़ में महिला आरक्षण बिल को लेकर सियासी घमासान तेज होता जा रहा है। पूर्व मुख्यमंत्री <span class="hover:entity-accent entity-underline inline cursor-pointer align-baseline"><span class="whitespace-normal">भूपेश बघेल</span></span> ने राज्य सरकार और भारतीय जनता पार्टी पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने मुख्यमंत्री को संबोधित करते हुए तंज कसा कि अगर महिलाओं को लेकर इतनी चिंता है, तो “कौशल्या भाभी को मुख्यमंत्री बना दीजिए।” यह बयान ऐसे समय आया है जब केंद्र में महिला आरक्षण बिल पारित नहीं हो सका और राज्य में इस मुद्दे पर राजनीतिक गतिविधियां बढ़ गई हैं।</p>
<p>रायपुर में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में बघेल ने कहा कि महिलाओं को राजनीतिक प्रतिनिधित्व देने की दिशा में कांग्रेस ने हमेशा पहल की है। उन्होंने दावा किया कि 1989 में ही यह कानून लागू हो सकता था, लेकिन उस समय भाजपा ने विरोध किया। उनके मुताबिक पंचायत स्तर पर आरक्षण लागू होने के बाद बड़ी संख्या में महिलाएं राजनीति में आईं और नेतृत्व की भूमिका निभा रही हैं।</p>
<h5><strong>विशेष सत्र की तैयारी</strong></h5>
<p>राज्य सरकार इस मुद्दे पर विधानसभा का विशेष सत्र बुलाने की तैयारी कर रही है। अधिकारियों के अनुसार, कैबिनेट की मंजूरी के बाद प्रस्ताव राज्यपाल को भेजा जाएगा। सूत्रों के मुताबिक, इस सत्र में विपक्ष के खिलाफ निंदा प्रस्ताव भी लाया जा सकता है। मुख्यमंत्री <span class="hover:entity-accent entity-underline inline cursor-pointer align-baseline"><span class="whitespace-normal">विष्णुदेव साय</span></span> ने पहले ही संकेत दिए हैं कि विपक्ष के रुख को लेकर सरकार सख्त रुख अपनाएगी।</p>
<h5><strong>राजनीतिक बयानबाजी तेज</strong></h5>
<p>बीजेपी ने महिला आरक्षण बिल के समर्थन में राज्यभर में प्रदर्शन शुरू कर दिया है। 20 अप्रैल से शुरू हुए इस अभियान के तहत महिला सम्मेलन और विरोध कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।सरकार का कहना है कि विपक्ष के कारण बिल पास नहीं हो सका, जबकि कांग्रेस इसे राजनीतिक आरोप बता रही है। बघेल ने आरोप लगाया कि भाजपा और उससे जुड़े संगठनों ने कभी महिलाओं को शीर्ष नेतृत्व में पर्याप्त अवसर नहीं दिया।</p>
<p>पृष्ठभूमि की बात करें तो संसद में महिला आरक्षण से जुड़ा संविधान संशोधन बिल आवश्यक बहुमत नहीं जुटा सका। रिपोर्ट्स के अनुसार, बिल के पक्ष में 298 वोट पड़े, जबकि इसे पारित करने के लिए अधिक समर्थन की जरूरत थी।इस घटनाक्रम के बाद प्रधानमंत्री <span class="hover:entity-accent entity-underline inline cursor-pointer align-baseline"><span class="whitespace-normal">नरेन्द्र मोदी</span></span> ने सार्वजनिक रूप से महिलाओं से माफी भी मांगी थी और विपक्ष पर निशाना साधा था।</p>
<h5><strong>असर और आगे की राह</strong></h5>
<p>राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि महिला आरक्षण का मुद्दा आने वाले समय में चुनावी एजेंडा बन सकता है। इससे महिलाओं की भागीदारी और प्रतिनिधित्व को लेकर बहस और तेज होगी। जनता के बीच भी इस विषय पर चर्चा बढ़ रही है, खासकर ग्रामीण और स्थानीय निकाय स्तर पर, जहां पहले से आरक्षण लागू है। विशेषज्ञों के अनुसार, यह मुद्दा “पब्लिक इंटरेस्ट स्टोरी” बन चुका है और राष्ट्रीय स्तर पर असर डाल सकता है।</p>
<p>आने वाले दिनों में विशेष सत्र और राजनीतिक प्रदर्शनों के जरिए यह स्पष्ट होगा कि यह विवाद किस दिशा में जाता है। फिलहाल, महिला आरक्षण बिल को लेकर जारी बयानबाजी और राजनीतिक रणनीतियां देश की आज की ताज़ा ख़बरें और ट्रेंडिंग न्यूज इंडिया में प्रमुख बनी हुई हैं।</p>
<p>में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में बघेल ने कहा कि महिलाओं को राजनीतिक प्रतिनिधित्व देने की दिशा में कांग्रेस ने हमेशा पहल की है। उन्होंने दावा किया कि 1989 में ही यह कानून लागू हो सकता था, लेकिन उस समय भाजपा ने विरोध किया। उनके मुताबिक पंचायत स्तर पर आरक्षण लागू होने के बाद बड़ी संख्या में महिलाएं राजनीति में आईं और नेतृत्व की भूमिका निभा रही हैं।</p>
<h5><strong>विशेष सत्र की तैयारी</strong></h5>
<p>राज्य सरकार इस मुद्दे पर विधानसभा का विशेष सत्र बुलाने की तैयारी कर रही है। अधिकारियों के अनुसार, कैबिनेट की मंजूरी के बाद प्रस्ताव राज्यपाल को भेजा जाएगा। सूत्रों के मुताबिक, इस सत्र में विपक्ष के खिलाफ निंदा प्रस्ताव भी लाया जा सकता है। मुख्यमंत्री <span class="hover:entity-accent entity-underline inline cursor-pointer align-baseline"><span class="whitespace-normal">विष्णुदेव साय</span></span> ने पहले ही संकेत दिए हैं कि विपक्ष के रुख को लेकर सरकार सख्त रुख अपनाएगी।</p>
<h5><strong>राजनीतिक बयानबाजी तेज</strong></h5>
<p>बीजेपी ने महिला आरक्षण बिल के समर्थन में राज्यभर में प्रदर्शन शुरू कर दिया है। 20 अप्रैल से शुरू हुए इस अभियान के तहत महिला सम्मेलन और विरोध कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।सरकार का कहना है कि विपक्ष के कारण बिल पास नहीं हो सका, जबकि कांग्रेस इसे राजनीतिक आरोप बता रही है। बघेल ने आरोप लगाया कि भाजपा और उससे जुड़े संगठनों ने कभी महिलाओं को शीर्ष नेतृत्व में पर्याप्त अवसर नहीं दिया।</p>
<p>पृष्ठभूमि की बात करें तो संसद में महिला आरक्षण से जुड़ा संविधान संशोधन बिल आवश्यक बहुमत नहीं जुटा सका। रिपोर्ट्स के अनुसार, बिल के पक्ष में 298 वोट पड़े, जबकि इसे पारित करने के लिए अधिक समर्थन की जरूरत थी। इस घटनाक्रम के बाद प्रधानमंत्री <span class="hover:entity-accent entity-underline inline cursor-pointer align-baseline"><span class="whitespace-normal">नरेन्द्र मोदी</span></span> ने सार्वजनिक रूप से महिलाओं से माफी भी मांगी थी और विपक्ष पर निशाना साधा था। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि महिला आरक्षण का मुद्दा आने वाले समय में चुनावी एजेंडा बन सकता है। इससे महिलाओं की भागीदारी और प्रतिनिधित्व को लेकर बहस और तेज होगी।</p>
<p> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>छत्तीसगढ़</category>
                                    

                <link>https://www.dainikjagranmpcg.com/state/chhattisgarh/politics-intensifies-bhupesh-baghels-taunt-on-womens-reservation-advice/article-51770</link>
                <guid>https://www.dainikjagranmpcg.com/state/chhattisgarh/politics-intensifies-bhupesh-baghels-taunt-on-womens-reservation-advice/article-51770</guid>
                <pubDate>Tue, 21 Apr 2026 14:44:03 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.dainikjagranmpcg.com/media/2026-04/cg-news-%2827%29.jpg"                         length="159533"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Nitin Trivedi]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>कांग्रेस में महिला आरक्षण पर पुराना विवाद फिर उजागर, विजयलक्ष्मी साधौ के बयान से सियासी घमासान तेज</title>
                                    <description><![CDATA[भोपाल में कांग्रेस सम्मेलन के दौरान पूर्व मंत्री का बयान वायरल, भाजपा ने लगाया महिला विरोधी सोच का आरोप]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.dainikjagranmpcg.com/state/madhya-pradesh/old-dispute-over-womens-reservation-in-congress-again-exposed-vijayalakshmi/article-51549"><img src="https://www.dainikjagranmpcg.com/media/400/2026-04/vijayalaxmi-sadho-statement.jpg" alt=""></a><br /><p>भोपाल में कांग्रेस ब्लॉक अध्यक्षों के सम्मेलन के दौरान उस समय राजनीतिक माहौल गरमा गया जब मध्यप्रदेश की पूर्व मंत्री डॉ. विजयलक्ष्मी साधौ ने अपनी ही पार्टी के पुराने फैसलों और संगठनात्मक सोच पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए। उनके बयान के बाद महिला आरक्षण और टिकट वितरण को लेकर नई बहस शुरू हो गई है।</p>
<p>साधौ ने कहा कि दिग्विजय सिंह सरकार के समय जब महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने की चर्चा हुई थी, तब कैबिनेट के भीतर इसका खुलकर विरोध हुआ था। उन्होंने दावा किया कि उस समय कई वरिष्ठ नेताओं का मानना था कि महिलाएं घर-परिवार की जिम्मेदारियों से आगे बढ़कर राजनीति में प्रभावी भूमिका नहीं निभा सकतीं।</p>
<p>पूर्व मंत्री ने मंच से यह भी कहा कि कांग्रेस में लंबे समय से महिलाओं को चुनावी राजनीति में बराबरी का अवसर नहीं मिला। उनके अनुसार, महिलाओं को अक्सर उन विधानसभा क्षेत्रों में उतारा गया, जहां पार्टी लगातार चुनाव हारती रही, जिससे उनकी जीत की संभावना पहले से ही कमजोर हो जाती थी।</p>
<p>उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि 1985 के दौर में महिलाओं की राजनीतिक भागीदारी को बढ़ावा मिला था और उस समय बड़ी संख्या में महिला प्रतिनिधि चुनी गई थीं। लेकिन बाद के वर्षों में यह रुझान कमजोर पड़ता गया और महिलाओं की वास्तविक भागीदारी सीमित होती चली गई।</p>
<p>साधौ के इस बयान ने राजनीतिक हलकों में प्रतिक्रिया तेज कर दी है। भारतीय जनता पार्टी ने इसे लेकर कांग्रेस पर हमला बोलते हुए कहा कि यह स्वीकारोक्ति पार्टी के भीतर महिलाओं के प्रति कथित भेदभावपूर्ण रवैये को उजागर करती है। भाजपा नेताओं का कहना है कि कांग्रेस ने हमेशा महिलाओं को केवल औपचारिक प्रतिनिधित्व तक सीमित रखा है।इस बयान के बाद मध्यप्रदेश की राजनीति में नई बहस शुरू हो गई है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>मध्य प्रदेश</category>
                                            <category>भोपाल</category>
                                    

                <link>https://www.dainikjagranmpcg.com/state/madhya-pradesh/old-dispute-over-womens-reservation-in-congress-again-exposed-vijayalakshmi/article-51549</link>
                <guid>https://www.dainikjagranmpcg.com/state/madhya-pradesh/old-dispute-over-womens-reservation-in-congress-again-exposed-vijayalakshmi/article-51549</guid>
                <pubDate>Sat, 18 Apr 2026 14:46:59 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.dainikjagranmpcg.com/media/2026-04/vijayalaxmi-sadho-statement.jpg"                         length="74481"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Nitin Trivedi]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        