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                <title>Inflation News - दैनिक जागरण</title>
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                <description>Inflation News RSS Feed</description>
                
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                <title>प्याज-टमाटर की महंगाई से बढ़ा रसोई का खर्च, जून में वेज और नॉनवेज थाली हुई महंगी</title>
                                    <description><![CDATA[टमाटर, प्याज, खाद्य तेल और एलपीजी के बढ़ते दामों ने बढ़ाई थाली की लागत, मौसम की मार से दालों के और महंगे होने की आशंका।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.dainikjagranmpcg.com/business/6a4f5123bca60/article-58278"><img src="https://www.dainikjagranmpcg.com/media/400/2026-07/gold-price-today-(11).jpg" alt=""></a><br /><p class="PDq2pG_selectionAnchorContainer" style="text-align:justify;">देशभर में आम लोगों की रसोई पर महंगाई का असर लगातार गहराता जा रहा है। जून 2026 के दौरान घर में तैयार होने वाली वेज और नॉनवेज दोनों तरह की थाली पहले के मुकाबले महंगी हो गई हैं। इसकी सबसे बड़ी वजह टमाटर, प्याज, खाद्य तेल और एलपीजी सिलेंडर की बढ़ती कीमतें हैं। रेटिंग एजेंसी क्रिसिल की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक जून महीने में एक औसत वेज थाली की लागत सालाना आधार पर 5 प्रतिशत बढ़कर 28.4 रुपये हो गई, जबकि पिछले साल इसी अवधि में इसकी कीमत 28.1 रुपये थी। वहीं नॉनवेज थाली की कीमत में भी 6 प्रतिशत का इजाफा दर्ज किया गया है। रिपोर्ट के अनुसार मौसम की प्रतिकूल परिस्थितियों के चलते आने वाले महीनों में दालों की कीमतों में भी तेजी देखने को मिल सकती है, जिससे घरेलू बजट पर और दबाव बढ़ने की संभावना है।</p>
<p style="text-align:justify;">क्रिसिल की 'राइस रोटी रेट (RRR)' रिपोर्ट में बताया गया है कि सब्जियों और रसोई से जुड़े जरूरी सामानों की कीमतों में लगातार बढ़ोतरी ने थाली की लागत बढ़ा दी है। खासतौर पर टमाटर और प्याज की कीमतों में आई तेजी का सीधा असर हर घर की रसोई पर पड़ा है। इसके अलावा खाद्य तेल और एलपीजी सिलेंडर महंगे होने से खाना बनाने की कुल लागत भी बढ़ गई है। दूसरी ओर, पहले आलू की कीमतों में आई गिरावट से जो राहत मिली थी, उसका असर अब लगभग खत्म हो चुका है।</p>
<p style="text-align:justify;">अगर मई 2026 और जून 2026 की तुलना करें तो भी महंगाई का असर साफ दिखाई देता है। एक महीने के भीतर वेज थाली की कीमत में 4 प्रतिशत और नॉनवेज थाली की लागत में 3 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है। इस दौरान टमाटर के दाम 17 प्रतिशत, प्याज के दाम 8 प्रतिशत और आलू के दाम 5 प्रतिशत बढ़े हैं। सब्जियों की कीमतों में इस बढ़ोतरी ने घरेलू खर्च को प्रभावित किया है। वहीं पोल्ट्री सेक्टर में सप्लाई कम होने से ब्रॉयलर चिकन की कीमतों में भी लगभग 2 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है।</p>
<p style="text-align:justify;">विशेषज्ञों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों का असर भी भारतीय बाजार पर साफ दिखाई दे रहा है। क्रिसिल इंटेलिजेंस के डायरेक्टर पुशन शर्मा के अनुसार मिडिल ईस्ट में अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के कारण वैश्विक सप्लाई चेन प्रभावित हुई है। इसका असर खाद्य तेल और एलपीजी की कीमतों पर पड़ा है। सालाना आधार पर दोनों की कीमतों में लगभग 10-10 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। यही वजह है कि घरेलू रसोई का खर्च लगातार बढ़ता जा रहा है।</p>
<p style="text-align:justify;">सब्जियों की बात करें तो टमाटर सबसे अधिक महंगा हुआ है। जून 2025 में टमाटर जहां करीब 32 रुपये प्रति किलो बिक रहा था, वहीं जून 2026 में इसकी कीमत बढ़कर 42 रुपये प्रति किलो पहुंच गई। यानी एक साल में टमाटर करीब 31 प्रतिशत महंगा हो गया। विशेषज्ञों का मानना है कि फरवरी और मार्च के दौरान अधिक तापमान रहने के कारण गर्मियों की फसल की बुआई और रोपाई प्रभावित हुई, जिससे उत्पादन कम हुआ और कीमतें बढ़ गईं।</p>
<p style="text-align:justify;">प्याज की कीमतों में भी सालाना आधार पर लगभग 2 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। हालांकि नई रबी फसल की आवक से बाजार में कुछ राहत मिलने की उम्मीद थी, लेकिन सीमित सप्लाई के कारण कीमतें ऊंचे स्तर पर बनी हुई हैं। दूसरी ओर आलू की नई फसल आने से इसकी कीमतों में लगभग 14 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई है। इससे थाली की लागत को कुछ हद तक नियंत्रित रखने में मदद मिली, लेकिन अन्य खाद्य पदार्थों की महंगाई के कारण कुल खर्च फिर भी बढ़ गया।</p>
<p style="text-align:justify;">नॉनवेज थाली की लागत बढ़ने की सबसे बड़ी वजह चिकन की कीमतों में आया उछाल है। रिपोर्ट के अनुसार नॉनवेज थाली की कुल लागत में ब्रॉयलर चिकन का हिस्सा करीब 50 प्रतिशत होता है। जून महीने में भीषण गर्मी के कारण पोल्ट्री फार्मों में पक्षियों की मृत्यु दर बढ़ गई। कई पक्षियों का वजन भी कम हो गया और नए चूजों को पालने की रफ्तार धीमी पड़ गई। इसका सीधा असर सप्लाई पर पड़ा और बाजार में चिकन महंगा हो गया। सालाना आधार पर ब्रॉयलर की कीमतों में लगभग 7 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। आने वाले दिनों में दालों की कीमतें भी आम लोगों की चिंता बढ़ा सकती हैं। रिपोर्ट में बताया गया है कि उड़द और मूंग का शुरुआती स्टॉक पहले से ही कम है। इसके अलावा कर्नाटक, मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र जैसे प्रमुख उत्पादक राज्यों में मौसम की प्रतिकूल परिस्थितियों के कारण दालों की फसल को नुकसान पहुंचा है। इससे उत्पादन प्रभावित होने की आशंका है और कीमतों में आगे भी तेजी बनी रह सकती है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>बिजनेस</category>
                                    

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                <pubDate>Thu, 09 Jul 2026 14:13:28 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Vaishnavi.J]]></dc:creator>
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            <item>
                <title>घरेलू LPG सिलेंडर ₹29 महंगा, तीन महीने में ₹89 बढ़े दाम</title>
                                    <description><![CDATA[नई दरें आधी रात से लागू, दिल्ली में 14.2 किलो का सिलेंडर अब ₹942 में मिलेगा; बढ़ती ऊर्जा लागत और कंपनियों के नुकसान को बताया गया वजह।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.dainikjagranmpcg.com/top-news/6a25074f61360/article-55164"><img src="https://www.dainikjagranmpcg.com/media/400/2026-06/घरेलू-lpg-सिलेंडर-₹29-महंगा,-उपभोक्ताओं-को-झटका.jpg" alt=""></a><br /><p class="isSelectedEnd" style="text-align:justify;">घरेलू रसोई गैस का इस्तेमाल करने वाले करोड़ों उपभोक्ताओं को एक बार फिर महंगाई का झटका लगा है। घरेलू LPG सिलेंडर की कीमत में ₹29 की बढ़ोतरी कर दी गई है। नई दरें आधी रात से लागू हो गई हैं, जिसके बाद राजधानी दिल्ली में 14.2 किलोग्राम वाला घरेलू गैस सिलेंडर ₹913 से बढ़कर ₹942 का हो गया है। यह पिछले तीन महीनों के भीतर दूसरी बार है जब घरेलू LPG की कीमतों में इजाफा किया गया है। इससे पहले मार्च में भी सिलेंडर के दाम ₹60 बढ़ाए गए थे। ऐसे में मार्च से जून के बीच घरेलू गैस सिलेंडर कुल ₹89 महंगा हो चुका है। कीमतों में लगातार हो रही बढ़ोतरी का असर सीधे आम परिवारों के मासिक बजट पर पड़ने की आशंका जताई जा रही है।</p>
<p class="isSelectedEnd" style="text-align:justify;">तेल कंपनियों और ऊर्जा क्षेत्र से जुड़े सूत्रों के अनुसार अंतरराष्ट्रीय बाजार में ऊर्जा उत्पादों की बढ़ती कीमतों का दबाव लगातार बना हुआ है। इसके अलावा आयात लागत, परिवहन खर्च और वितरण से जुड़े खर्चों में भी बढ़ोतरी हुई है। बताया जा रहा है कि इन्हीं कारणों को देखते हुए घरेलू LPG की कीमतों में संशोधन किया गया है। कंपनियों का दावा है कि घरेलू सिलेंडर की बिक्री पर उन्हें लंबे समय से नुकसान उठाना पड़ रहा था। ऐसे में बढ़े हुए दाम केवल आंशिक राहत देने वाले हैं और पूरी लागत की भरपाई अभी भी नहीं हो पा रही है।</p>
<p class="isSelectedEnd" style="text-align:justify;">सरकारी तेल कंपनियों को प्रत्येक घरेलू LPG सिलेंडर पर करीब ₹703 का नुकसान हो रहा था। कंपनियों का कहना है कि वर्तमान मूल्य वृद्धि के बाद भी यह अंतर पूरी तरह खत्म नहीं होगा। ऊर्जा क्षेत्र के जानकारों का मानना है कि यदि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल और गैस की कीमतों में नरमी नहीं आती है तो आने वाले समय में मूल्य निर्धारण को लेकर फिर समीक्षा की जा सकती है। हालांकि इस संबंध में अभी कोई आधिकारिक संकेत नहीं दिया गया है।</p>
<p class="isSelectedEnd" style="text-align:justify;">घरेलू सिलेंडर के साथ-साथ छोटे 5 किलोग्राम वाले LPG सिलेंडर की कीमतों में भी बढ़ोतरी की गई है। इस श्रेणी के सिलेंडर पर ₹11 का इजाफा किया गया है, जिसके बाद इसकी कीमत ₹821.50 तक पहुंच गई है। छोटे सिलेंडर आमतौर पर अस्थायी उपयोग, छोटे परिवारों और कुछ व्यावसायिक जरूरतों के लिए इस्तेमाल किए जाते हैं। ऐसे में इस वर्ग के उपभोक्ताओं पर भी अतिरिक्त आर्थिक बोझ बढ़ा है।</p>
<p class="isSelectedEnd" style="text-align:justify;">रसोई गैस की कीमतों में बढ़ोतरी ऐसे समय हुई है जब पेट्रोल, डीजल और CNG के दाम भी पिछले कुछ सप्ताहों में ऊपर गए हैं। मई के दौरान पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कुल मिलाकर करीब ₹7.50 प्रति लीटर तक की बढ़ोतरी दर्ज की गई, जबकि CNG भी लगभग ₹6 प्रति किलोग्राम महंगी हुई है। लगातार बढ़ती ईंधन लागत का असर परिवहन, लॉजिस्टिक्स और रोजमर्रा की वस्तुओं की कीमतों पर भी पड़ सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि ईंधन महंगा होता है तो इसका प्रभाव धीरे-धीरे कई अन्य क्षेत्रों में भी दिखाई देने लगता है।</p>
<p class="isSelectedEnd" style="text-align:justify;">तेल कंपनियों का कहना है कि पेट्रोल और डीजल की बिक्री में भी उन्हें पूरी लागत के मुकाबले कम मूल्य मिल रहा है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार कंपनियों को पेट्रोल पर लगभग ₹11 प्रति लीटर और डीजल पर ₹33.6 प्रति लीटर तक का नुकसान होने का दावा किया गया है। हालांकि सरकार का कहना है कि वैश्विक बाजार में आई पूरी मूल्य वृद्धि का बोझ सीधे उपभोक्ताओं पर नहीं डाला गया है। कुछ हिस्से का भार तेल विपणन कंपनियां स्वयं वहन कर रही हैं ताकि आम लोगों पर असर सीमित रखा जा सके।</p>
<p class="isSelectedEnd" style="text-align:justify;">LPG सिलेंडर की कीमत तय करने की प्रक्रिया कई कारकों पर निर्भर करती है। सबसे पहले अंतरराष्ट्रीय बाजार में LPG की कीमतों का आकलन किया जाता है। भारत अपनी जरूरत का एक बड़ा हिस्सा आयात करता है, इसलिए वैश्विक दरों में बदलाव का सीधा असर घरेलू कीमतों पर पड़ता है। इसके अलावा डॉलर के मुकाबले रुपये की स्थिति भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। यदि रुपया कमजोर होता है तो आयात महंगा पड़ता है और इसका प्रभाव कीमतों में दिखाई देता है।</p>
<p class="isSelectedEnd" style="text-align:justify;">इसके साथ ही गैस आयात करने, उसे देश के विभिन्न हिस्सों तक पहुंचाने, बॉटलिंग प्लांट में भरने और वितरण नेटवर्क के संचालन पर होने वाला खर्च भी जोड़ा जाता है। तेल कंपनियां इन सभी लागतों का आकलन करने के बाद बाजार की परिस्थितियों के अनुरूप मूल्य तय करती हैं। सरकार की कर नीति, सब्सिडी व्यवस्था और अन्य प्रशासनिक निर्णय भी अंतिम कीमत को प्रभावित करते हैं। घरेलू LPG की कीमतों में ताजा बढ़ोतरी ऐसे समय में हुई है जब महंगाई पहले से ही आम परिवारों के लिए चिंता का विषय बनी हुई है। रसोई गैस हर घर की जरूरत है और इसकी कीमत बढ़ने से मासिक घरेलू खर्च पर सीधा असर पड़ता है। विशेष रूप से मध्यम वर्ग और सीमित आय वाले परिवारों को अपने बजट में अतिरिक्त प्रबंधन करना पड़ सकता है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश विदेश</category>
                                            <category>टॉप न्यूज़</category>
                                    

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                <pubDate>Sun, 07 Jun 2026 11:45:00 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Vaishnavi.J]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>CNG फिर हुई महंगी, 10 दिन में तीसरी बढ़ोतरी से बढ़ी लोगों की चिंता</title>
                                    <description><![CDATA[देश में CNG की कीमत फिर बढ़ी। दिल्ली में अब CNG 81.09 रुपये प्रति किलो पहुंची। पेट्रोल-डीजल के दाम भी लगातार बढ़ रहे हैं।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.dainikjagranmpcg.com/top-news/cng-becomes-expensive-again-due-to-third-increase-in-10/article-54014"><img src="https://www.dainikjagranmpcg.com/media/400/2026-05/cng-price-hike.jpg" alt=""></a><br /><p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;" xml:lang="hi"><strong>CNG Price Hike:</strong> देश भर में महंगाई का असर अब ईंधन की कीमतों पर लगातार नजर आ रहा है। शनिवार को</span><span style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;">, <span lang="hi" xml:lang="hi">पेट्रोल और डीजल के बाद</span>, CNG <span lang="hi" xml:lang="hi">की कीमतों में भी फिर से बढ़ोतरी की गई। पिछले 10 दिनों में यह तीसरी बार है जब </span>CNG <span lang="hi" xml:lang="hi">के दाम बढ़ाए गए हैं। नई दरें लागू होने के बाद दिल्ली में अब </span>CNG <span lang="hi" xml:lang="hi">की कीमत 81.09 रुपये प्रति किलो पहुंच गई है। बढ़ती हुई कीमतों से खासतौर पर उन लोगों की चिंता बढ़ गई है जो रोजाना सफर के लिए </span>CNG <span lang="hi" xml:lang="hi">वाहनों पर निर्भर हैं।</span></span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;" xml:lang="hi">इससे पहले 15 मई को </span><span style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;">CNG <span lang="hi" xml:lang="hi">की कीमत में 2 रुपये प्रति किलो का इजाफा हुआ था। फिर 18 मई को 1 रुपये की और बढ़ोतरी हुई। अब इस ताजा बढ़ोतरी के साथ</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">पिछले 10 दिनों में </span>CNG <span lang="hi" xml:lang="hi">कुल 4 रुपये प्रति किलो महंगी हो चुकी है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में ट्रांसपोर्ट और ऑटो किराए पर भी इसका असर देखने को मिलेगा। दिल्ली-एनसीआर और कई बड़े शहरों में बड़े पैमाने पर </span>CNG <span lang="hi" xml:lang="hi">वाहनों का इस्तेमाल होता है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">ऐसे में आम लोगों का मासिक बजट प्रभावित होने की संभावना भी जताई जा रही है।</span></span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;" xml:lang="hi">इसी बीच</span><span style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;">, <span lang="hi" xml:lang="hi">पेट्रोल और डीजल की कीमतों में भी शनिवार को बढ़ोतरी देखने को मिली है। पेट्रोल 87 पैसे प्रति लीटर और डीजल 91 पैसे प्रति लीटर महंगा हुआ है। नई कीमतों के हिसाब से दिल्ली में अब पेट्रोल 99.51 रुपये प्रति लीटर और डीजल 92.49 रुपये प्रति लीटर बिक रहा है। इससे पहले 15 मई को दोनों ईंधनों की कीमत में 3-3 रुपये की बड़ी बढ़ोतरी की गई थी</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">और फिर 19 मई को भी दाम बढ़ाए गए थे। इस तरह से पिछले करीब 10 दिनों में</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">पेट्रोल और डीजल लगभग 5 रुपये तक महंगे हो चुके हैं। लगातार हो रही इन बढ़ोतरी ने आम लोगों की मुश्किलें और बढ़ा दी हैं।</span></span></p>
<p style="text-align:justify;"><span lang="hi" style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;" xml:lang="hi">विपक्ष ने भी बढ़ती कीमतों को लेकर केंद्र सरकार पर हमला तेज कर दिया है। कांग्रेस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए सरकार को घेराव किया और महंगाई के मुद्दे पर सवाल उठाए। पार्टी ने यह आरोप लगाया कि आम जनता पर लगातार बोझ डाला जा रहा है</span><span style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;">, <span lang="hi" xml:lang="hi">जबकि तेल कंपनियों के फायदे का ध्यान रखा जा रहा है। कांग्रेस ने यह भी कहा कि दुनिया के कई देशों में जनता को राहत देने की कोशिश की जा रही है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">लेकिन हमारे यहां तो ईंधन के दाम लगातार बढ़ते जा रहे हैं। फिलहाल</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">बढ़ती कीमतों के बीच लोगों की नजर इस बात पर है कि आने वाले दिन राहत मिलते हैं या महंगाई का दबाव और बढ़ता है।</span></span></p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>बिजनेस</category>
                                            <category>टॉप न्यूज़</category>
                                    

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                <pubDate>Sat, 23 May 2026 11:25:46 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Rohit.P]]></dc:creator>
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                <title>आज पेट्रोल-डीजल की कीमतों में कोई बदलाव नहीं, जानें आपके शहर के लेटेस्ट रेट</title>
                                    <description><![CDATA[17 मई 2026 को पेट्रोल-डीजल के दाम स्थिर रहे। जानें आपके शहर में आज क्या हैं नए रेट और बाजार की पूरी स्थिति।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.dainikjagranmpcg.com/business/there-is-no-change-in-the-prices-of-petrol-and/article-53594"><img src="https://www.dainikjagranmpcg.com/media/400/2026-05/petrol-diesel-price-today.jpg" alt=""></a><br /><p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;"><strong>Petrol Diesel Price Today:</strong> <span lang="hi" xml:lang="hi">17 मई 2026 को देशभर में पेट्रोल और डीजल की कीमतों को लेकर कुछ राहत की खबरें आई हैं। जानकारी के अनुसार आज बड़े शहरों में ईंधन के दामों में कोई बदलाव नहीं किया गया है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल के भाव में उथल-पुथल के बावजूद</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">घरेलू तेल कंपनियों ने रेट को स्थिर रखने का फैसला किया है। इससे आम लोगों से लेकर ट्रांसपोर्ट सेक्टर तक को थोड़ी राहत मिली है।</span></span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;" xml:lang="hi">सुबह-सुबह लोग अपने-अपने शहरों में पेट्रोल-डीजल के नए रेट चेक करते नजर आए</span><span style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;">, <span lang="hi" xml:lang="hi">लेकिन ऑयल मार्केटिंग कंपनियों ने वही पुरानी कीमतें जारी कीं। नई दिल्ली</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">मुंबई</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">कोलकाता</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">और चेन्नई जैसे बड़े शहरों में भी दरें वैसी ही रहीं। खबरें हैं कि वर्तमान समय में सरकार और कंपनियां महंगाई के चलते किसी भी बढ़ोतरी से बच रही हैं। वहीं</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">बाजार से जुड़े जानकारों का कहना है कि अगर अंतरराष्ट्रीय हालात स्थिर रहे</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">तो कुछ दिनों तक यही स्थिति बनी रह सकती है।</span></span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;" xml:lang="hi">हालांकि</span><span style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;">, <span lang="hi" xml:lang="hi">तेल बाजार पूरी तरह से शांत नहीं है। मध्य पूर्व में चल रहे तनाव और कच्चे तेल की वैश्विक कीमतों में आए दिन के बदलाव चिंता का सबब बने हुए हैं। ईरान</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">इजराइल और अमेरिका से जुड़े भू-राजनीतिक हालातों ने सप्लाई में अनिश्चितता बढ़ा दी है। खासकर होर्मुज जलडमरूमध्य से तेल सप्लाई प्रभावित होने की आशंका समय-समय पर सामने आती रही है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">जो वैश्विक तेल बाजार का एक महत्वपूर्ण रास्ता है। इस वजह से आने वाले दिनों में कीमतों पर दबाव पड़ने की संभावना भी बनी हुई है।</span></span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;" xml:lang="hi">भारत में पेट्रोल-डीजल की कीमतें हर दिन सुबह 6 बजे अपडेट होती हैं और यह प्रक्रिया ऑयल मार्केटिंग कंपनियों द्वारा निर्धारित की जाती है। इसमें अंतरराष्ट्रीय क्रूड ऑयल की कीमत</span><span style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;">, <span lang="hi" xml:lang="hi">डॉलर-रुपया विनिमय दर</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">और टैक्स स्ट्रक्चर महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इसी कारण अलग-अलग राज्यों और शहरों में ईंधन के दामों में फर्क होता है। ट्रांसपोर्ट खर्च और स्थानीय टैक्स भी इस अंतर का एक बड़ा कारण हैं।</span></span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;" xml:lang="hi">फिलहाल</span><span style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;">, <span lang="hi" xml:lang="hi">जो रेट सामने आए हैं</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">उनके मुताबिक दिल्ली में पेट्रोल लगभग 94 रुपये के आसपास और मुंबई में 104 रुपये के ऊपर बना हुआ है। डीजल के दाम भी लगभग स्थिर हैं। हालांकि</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">कुछ निजी कंपनियों के फ्यूल स्टेशनों पर हल्की बढ़ोतरी की खबरें आई हैं</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">जिससे कुछ शहरों में उपभोक्ताओं को थोड़ा फर्क महसूस हो सकता है।</span></span></p>
<p style="text-align:justify;"><span lang="hi" style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;" xml:lang="hi">अधिकारियों के अनुसार</span><span style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;">, <span lang="hi" xml:lang="hi">हालात नियंत्रण में हैं</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">लेकिन अगर अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें इसी तरह बढ़ती रहीं और रुपये में कमजोरी आई</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">तो घरेलू ईंधन दरों पर असर पड़ सकता है। लेकिन फिलहाल</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">राहत की बात यह है कि आज कीमतों में कोई बढ़ोतरी नहीं हुई है और बाजार स्थिर बना हुआ है।</span></span></p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>बिजनेस</category>
                                    

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                <pubDate>Sun, 17 May 2026 13:50:35 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Rohit.P]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>पेट्रोल-डीजल के बाद CNG भी हुई महंगी, भोपाल में 3 रुपये बढ़े दाम, जानें अब कितनी हो गई कीमत</title>
                                    <description><![CDATA[भोपाल में CNG के दाम 3 रुपए तक बढ़े, कीमत ₹93.75 प्रति किलो पहुंची। पेट्रोल-डीजल, दूध और LPG के बाद लगातार महंगाई का दबाव बढ़ा।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.dainikjagranmpcg.com/state/madhya-pradesh/after-petrol-and-diesel-cng-also-becomes-expensive-rate-reaches/article-53588"><img src="https://www.dainikjagranmpcg.com/media/400/2026-05/cng-price-hike-bhopal-cng-prices.jpg" alt=""></a><br /><p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;" xml:lang="hi">भोपाल में सीएनजी की महंगाई का असर अब आम लोगों की जेब पर साफ नजर आ रहा है। पेट्रोल-डीजल</span><span style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;">, <span lang="hi" xml:lang="hi">एलपीजी और दूध के बाद अब सीएनजी (कंप्रेस्ड नेचुरल गैस) के दाम भी बढ़ चुके हैं। शनिवार रात से सीएनजी के दाम में करीब 3 रुपए प्रति किलो तक की बढ़ोतरी की गई है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">और ये नई कीमतें आज से लागू हो गई हैं। अब भोपाल में एक किलो सीएनजी की कीमत 93.75 रुपए हो गई है। अचानक हुई इस वृद्धि से टैक्सी</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">ऑटो और निजी वाहन चालकों में हलचल मच गई है।</span></span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;" xml:lang="hi">हाल के कुछ महीनों में मध्य प्रदेश में लगातार ईंधन और रोजमर्रा की ज़रूरत की चीज़ों के दाम बढ़ते जा रहे हैं</span><span style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;">, <span lang="hi" xml:lang="hi">और इस बार की बढ़ोतरी भी लोगों के बजट पर और बोझ डाल रही है। खबरों के मुताबिक</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">यह पिछले दो महीनों में दूसरी बार है जब सीएनजी के दाम बढ़ाए गए हैं। पहले भी करीब 2 रुपए प्रति किलो की बढ़ोतरी की जा चुकी थी। इस तरह से</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">पिछले दो महीनों में सीएनजी लगभग 5 रुपए महंगी हो चुकी है। भोपाल ही नहीं</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">आसपास के जिलों में भी इसका असर साफ देखा जा रहा है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">जहाँ रोजाना हजारों वाहन इस ईंधन का इस्तेमाल करते हैं। लोग अब खर्च के हिसाब-किताब करने लगे हैं</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">खासकर वो जो रोज लंबी यात्रा करते हैं।</span></span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;" xml:lang="hi">दरअसल</span><span style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;">, <span lang="hi" xml:lang="hi">मध्य प्रदेश में सीएनजी सप्लाई का पूरा नेटवर्क तीन बड़ी एजेंसियों</span>—<span lang="hi" xml:lang="hi">थिंक गैस</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">गेल और अवंतिका</span>—<span lang="hi" xml:lang="hi">के जरिए चलता है। थिंक गैस भोपाल</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">सीहोर</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">राजगढ़ और विदिशा जैसे इलाकों में सप्लाई करती है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">वहीं इंदौर और उज्जैन संभाग में अवंतिका का नेटवर्क है। कई अन्य जिलों में गेल कंपनी की सप्लाई होती है। अकेले भोपाल में लगभग 25 सीएनजी स्टेशन हैं</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">जहाँ पर नए दाम लागू हो चुके हैं। शहर में कुल 152 पेट्रोल पंप हैं</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">जिनमें से कुछ जगहों पर सीएनजी की सुविधा भी है। मैनिट</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">नीलबड़</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">होशंगाबाद रोड और बैरागढ़ रोड जैसे इलाकों में यह बढ़ोतरी ग्राहकों को सीधे प्रभावित कर रही है।</span></span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;"> </span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;" xml:lang="hi">पिछले कुछ सालों में भोपाल में सीएनजी वाहनों की संख्या तेजी से बढ़ी है। अनुमान है कि सीएनजी गाड़ियों की बिक्री में लगभग 50 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी हुई है</span><span style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;">, <span lang="hi" xml:lang="hi">और हर दिन 10 से 15 नई गाड़ियाँ शोरूम से बाहर निकल रही हैं। इसकी एक बड़ी वजह है कि सीएनजी पेट्रोल-डीजल की तुलना में सस्ती और ज्यादा माइलेज देती है। लेकिन अब लगातार बढ़ते दाम इस बढ़त को थोड़ी कमजोर कर रहे हैं। इसके अलावा</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">हाल के दिनों में पेट्रोल-डीजल के दाम भी 3 से 3.50 रुपए प्रति लीटर बढ़ चुके हैं</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">दूध के दाम में 2 से 3 रुपए की बढ़ोतरी हो चुकी है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">और एलपीजी सिलेंडर भी पहले ही महंगा हो चुका है। यानी मार्च से लेकर मई 2026 के बीच ज़रूरी चीजों की कीमतें लगातार बढ़ती जा रही हैं।</span></span></p>
<p style="text-align:justify;"><span lang="hi" style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;" xml:lang="hi">लोगों का कहना है कि लगातार हो रही बढ़ोतरी ने उनके घरेलू बजट को बिगाड़ दिया है। सुबह से लेकर शाम तक हर चीज़ पर खर्च बढ़ता जा रहा है</span><span style="font-size:12pt;line-height:115%;font-family:Mangal, serif;">, <span lang="hi" xml:lang="hi">चाहे वो यात्रा हो या रसोई। फिलहाल</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">प्रशासन या कंपनियों की तरफ से आगे की कीमतों को लेकर कोई राहत का संकेत नहीं मिला है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">जिससे उपभोक्ता आने वाले दिनों के लिए चिंतित दिख रहे हैं।</span></span></p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>मध्य प्रदेश</category>
                                            <category>भोपाल</category>
                                    

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                <pubDate>Sun, 17 May 2026 13:20:13 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Rohit.P]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>रुपया ऑल टाइम लो: डॉलर 95.20 पर, महंगाई बढ़ने का खतरा</title>
                                    <description><![CDATA[डॉलर की मजबूती और वैश्विक तनाव के बीच रुपया रिकॉर्ड निचले स्तर पर, इम्पोर्ट महंगा होने से महंगाई बढ़ने की आशंका]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.dainikjagranmpcg.com/business/rupee-all-time-low-dollar-at-9520-danger-of-inflation/article-52400"><img src="https://www.dainikjagranmpcg.com/media/400/2026-04/rupee-all-time-low.jpg" alt=""></a><br /><p>गुरुवार को भारतीय मुद्रा बाजार में बड़ा झटका देखने को मिला, जब रुपया डॉलर के मुकाबले गिरकर 95.20 के स्तर पर पहुंच गया। यह अब तक का इसका सबसे निचला स्तर है।रुपये में यह गिरावट वैश्विक आर्थिक दबाव, मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव और विदेशी निवेशकों की लगातार बिकवाली की वजह से आई है। बताया जा रहा है कि अगर अंतरराष्ट्रीय हालात ऐसे ही बने रहे, तो रुपया और कमजोर होकर 98 के स्तर तक भी पहुंच सकता है।</p>
<p>नई दिल्ली में वित्तीय बाजार से जुड़े पिछले कुछ महीनों से रुपये पर दबाव बना हुआ था, लेकिन अप्रैल के अंतिम सप्ताह में इसमें तेज गिरावट आई। विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों 90 की निकासी और कच्चे तेल की कीमतों में उछाल ने स्थिति को और गंभीर बना दिया है।दिसंबर 2025 में पहली बार रुपया 90 के स्तर से नीचे गया था और उसके बाद से लगातार गिरावट का ट्रेंड बना हुआ है। मौजूदा गिरावट को वैश्विक ऊर्जा संकट और व्यापारिक अनिश्चितता से जोड़कर देखा जा रहा है।</p>
<h5><strong>गिरावट के कारण</strong></h5>
<p>मिडिल ईस्ट में जारी तनाव से कच्चे तेल की कीमतें तेजी से बढ़ी हैं।इससे भारत का आयात बिल बढ़ा और रुपये पर दबाव आया।विशेषज्ञ बताते हैं कि भारत अपनी ऊर्जा जरूरतों का बड़ा हिस्सा आयात करता है। ऐसे में जब कच्चा तेल महंगा होता है, तो डॉलर की मांग बढ़ती है और रुपया कमजोर पड़ता है। इसके अलावा वैश्विक बाजारों में डॉलर की मजबूती भी रुपये की गिरावट का बड़ा कारण मानी जा रही है।</p>
<h5><strong>आम लोगों पर असर</strong></h5>
<p>रुपये की कमजोरी का सीधा असर आम नागरिकों की रोजमर्रा की जिंदगी पर पड़ सकता है।आयातित वस्तुएं और सेवाएं महंगी होने की आशंका है।आर्थिक विश्लेषकों के मुताबिक, पेट्रोल-डीजल, एलपीजी, इलेक्ट्रॉनिक्स और अन्य आयातित सामान की कीमतों में बढ़ोतरी हो सकती है। इसके साथ ही विदेश यात्रा, पढ़ाई और डॉलर में भुगतान करने वाली सेवाएं भी महंगी हो जाएंगी।</p>
<p>महंगाई के मोर्चे पर भी चिंता बढ़ गई है। अगर डॉलर मजबूत बना रहता है, तो खुदरा महंगाई दर में उछाल आ सकता है, जिससे आम उपभोक्ता की जेब पर अतिरिक्त बोझ पड़ेगा।</p>
<p> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>बिजनेस</category>
                                    

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                <pubDate>Thu, 30 Apr 2026 12:34:22 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Nitin Trivedi]]></dc:creator>
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