<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.dainikjagranmpcg.com/ease-of-doing-business/tag-21074" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>दैनिक जागरण RSS Feed Generator</generator>
                <title>Ease of Doing Business - दैनिक जागरण</title>
                <link>https://www.dainikjagranmpcg.com/tag/21074/rss</link>
                <description>Ease of Doing Business RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>छत्तीसगढ़ में कारोबार को नई उड़ान, ईज ऑफ डूइंग बिजनेस विधेयक को मंजूरी</title>
                                    <description><![CDATA[मंत्रिपरिषद ने विनियमन-मुक्ति एवं सुविधा विधेयक के प्रारूप को दी स्वीकृति, निवेशकों को मिलेगी आसान प्रक्रिया, उद्योगों और रोजगार को मिलेगा बड़ा बढ़ावा]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.dainikjagranmpcg.com/state/chhattisgarh/raipur/new-udaan-for-business-in-chhattisgarh-ease-of-doing-business/article-58383"><img src="https://www.dainikjagranmpcg.com/media/400/2026-07/chhattisgarh-ease-of-doing-business-bill-2026.jpg" alt=""></a><br /><p class="PDq2pG_selectionAnchorContainer" style="text-align:justify;">छत्तीसगढ़ सरकार ने राज्य में निवेश, उद्योग और कारोबार को नई गति देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। राज्य मंत्रिपरिषद की बैठक में छत्तीसगढ़ ईज ऑफ डूइंग बिजनेस (विनियमन-मुक्ति एवं सुविधा) विधेयक-2026 के प्रारूप को मंजूरी दे दी गई है। सरकार का कहना है कि इस कानून के लागू होने के बाद छत्तीसगढ़ देश का पहला राज्य बन जाएगा, जहां कारोबार को आसान बनाने के लिए इस तरह का व्यापक और आधुनिक विधेयक लागू होगा। इस पहल का उद्देश्य व्यापार और उद्योग स्थापित करने की प्रक्रिया को अधिक सरल, पारदर्शी, डिजिटल और समयबद्ध बनाना है, जिससे निवेशकों को बेहतर कारोबारी माहौल मिल सके। सरकार का मानना है कि किसी भी राज्य के आर्थिक विकास में उद्योग और निवेश की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। यदि उद्योग स्थापित करने की प्रक्रिया आसान होगी, तो घरेलू और बाहरी निवेशक राज्य में निवेश करने के लिए अधिक उत्साहित होंगे। इसी सोच के साथ तैयार किए गए इस विधेयक में कई ऐसे प्रावधान शामिल किए गए हैं, जिनसे उद्योग लगाने की प्रक्रिया पहले की तुलना में अधिक सुविधाजनक होगी और सरकारी प्रक्रियाओं में लगने वाला समय भी कम होगा। विधेयक का सबसे बड़ा उद्देश्य अनावश्यक नियमों और जटिल प्रक्रियाओं को कम करना है। कई बार उद्योग स्थापित करने के लिए विभिन्न विभागों से अलग-अलग अनुमति लेने में लंबा समय लग जाता है। इससे निवेशक परेशान होते हैं और कई परियोजनाएं समय पर शुरू नहीं हो पातीं। नए कानून के लागू होने के बाद ऐसी प्रक्रियाओं को सरल बनाया जाएगा ताकि कारोबार शुरू करने में अनावश्यक बाधाएं न आएं।</p>
<p style="text-align:justify;">सरकार ने इस विधेयक में डीम्ड परमिशन की व्यवस्था भी शामिल की है। इसका अर्थ यह है कि यदि निर्धारित समय सीमा के भीतर संबंधित विभाग किसी आवेदन पर निर्णय नहीं लेता है, तो कुछ मामलों में अनुमति स्वतः स्वीकृत मानी जा सकेगी। इससे फाइलों के लंबित रहने की समस्या कम होगी और उद्योगों को समय पर मंजूरी मिलने का रास्ता आसान होगा। विधेयक में स्व-प्रमाणीकरण (Self Certification) और तृतीय-पक्ष सत्यापन (Third Party Verification) जैसे आधुनिक प्रावधान भी जोड़े गए हैं। इन व्यवस्थाओं का उद्देश्य उद्योगों पर अनावश्यक निरीक्षण और कागजी औपचारिकताओं का बोझ कम करना है। इससे उद्योगों को नियमों का पालन करते हुए भी अधिक सुविधा मिलेगी और प्रशासनिक प्रक्रियाओं में पारदर्शिता बढ़ेगी।इसके अलावा, जोखिम आधारित निरीक्षण प्रणाली (Risk-Based Inspection) को भी लागू करने का प्रस्ताव रखा गया है। इसके तहत हर उद्योग का बार-बार निरीक्षण करने के बजाय केवल जोखिम के आधार पर जांच की जाएगी। इससे ईमानदारी से काम करने वाले उद्योगों को अनावश्यक निरीक्षण से राहत मिलेगी, जबकि नियमों का उल्लंघन करने वाले संस्थानों पर प्रभावी निगरानी बनी रहेगी। सरकार ने विधेयक में दोहरे लाइसेंसिंग दायित्वों को समाप्त करने का भी प्रावधान किया है। कई मामलों में एक ही कार्य के लिए विभिन्न विभागों से अलग-अलग अनुमति लेनी पड़ती थी, जिससे समय और संसाधनों की बर्बादी होती थी। नई व्यवस्था लागू होने के बाद ऐसी जटिलताओं को कम करने का प्रयास किया जाएगा।</p>
<p style="text-align:justify;"> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>छत्तीसगढ़</category>
                                            <category>रायपुर</category>
                                    

                <link>https://www.dainikjagranmpcg.com/state/chhattisgarh/raipur/new-udaan-for-business-in-chhattisgarh-ease-of-doing-business/article-58383</link>
                <guid>https://www.dainikjagranmpcg.com/state/chhattisgarh/raipur/new-udaan-for-business-in-chhattisgarh-ease-of-doing-business/article-58383</guid>
                <pubDate>Fri, 10 Jul 2026 12:15:34 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.dainikjagranmpcg.com/media/2026-07/chhattisgarh-ease-of-doing-business-bill-2026.jpg"                         length="109468"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Vaishnavi.J]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>निजी सुरक्षा उद्योग के लिए गृह मंत्रालय का बड़ा कदम, PSARA अनुपालन और कारोबार आसान बनाने पर राष्ट्रीय कार्यशाला आयोजित</title>
                                    <description><![CDATA[नई दिल्ली में गृह मंत्रालय की PSARA संयुक्त कार्यशाला में 400 से अधिक प्रतिनिधियों ने भाग लिया। बैठक में निजी सुरक्षा उद्योग के लिए नियमों को सरल बनाने, लाइसेंस प्रक्रिया, प्रशिक्षण और ईज ऑफ डूइंग बिजनेस पर व्यापक चर्चा हुई।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.dainikjagranmpcg.com/national-international/home-ministrys-big-step-for-private-security-industry-national-workshop/article-57340"><img src="https://www.dainikjagranmpcg.com/media/400/2026-06/psara.jpg" alt=""></a><br /><p>देश में निजी सुरक्षा उद्योग को अधिक संगठित, पारदर्शी और व्यवसाय के अनुकूल बनाने की दिशा में गृह मंत्रालय ने एक महत्वपूर्ण पहल की है। भारत सरकार के गृह मंत्रालय के मार्गदर्शन में निजी सुरक्षा कंपनियों के विभिन्न संगठनों ने 25 जून 2026 को नई दिल्ली स्थित संविधान क्लब में <strong>"PSARA अनुपालन और लागू करने पर संयुक्त कार्यशाला"</strong> का आयोजन किया। इस राष्ट्रीय स्तर के कार्यक्रम में गृह मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी, विभिन्न राज्यों के नियंत्रण अधिकारी, डीजीपी एवं एडीजीपी स्तर के पुलिस अधिकारी तथा निजी सुरक्षा उद्योग से जुड़े 400 से अधिक प्रतिनिधियों ने भाग लिया।</p>
<p>कार्यशाला का उद्देश्य <strong>निजी सुरक्षा एजेंसी (विनियमन) अधिनियम, 2005 (PSARA)</strong> के प्रभावी क्रियान्वयन, उद्योग के समक्ष मौजूद व्यावहारिक चुनौतियों के समाधान तथा निजी सुरक्षा क्षेत्र के लिए "ईज ऑफ डूइंग बिजनेस" को बढ़ावा देना था। यह मंच सरकार और उद्योग जगत के बीच संवाद, सहयोग और नीति सुधार के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर साबित हुआ।</p>
<p> </p>
<p><img src="https://www.dainikjagranmpcg.com/media/2026-06/whatsapp-image-2026-06-29-at-5.10.14-pm.jpeg" alt="WhatsApp Image 2026-06-29 at 5.10.14 PM" width="1600" height="1067"></img></p>
<p> </p>
<p>कार्यक्रम की शुरुआत <strong>CAPSI (सेंट्रल एसोसिएशन ऑफ प्राइवेट सिक्योरिटी इंडस्ट्री)</strong> के अध्यक्ष <strong>कुंवर विक्रम सिंह</strong> के स्वागत भाषण से हुई। उन्होंने कहा कि देश की आंतरिक सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने, लाखों लोगों को रोजगार उपलब्ध कराने और महत्वपूर्ण परिसंपत्तियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में निजी सुरक्षा उद्योग की भूमिका लगातार बढ़ रही है। उन्होंने सरकार और उद्योग के बीच बेहतर समन्वय की आवश्यकता पर भी बल दिया।</p>
<p>इसके बाद गृह मंत्रालय में पुलिस आधुनिकीकरण विभाग की <strong>उप सचिव सुश्री कृति गर्ग (IAS)</strong> ने विस्तृत प्रस्तुति दी। उन्होंने PSARA के विभिन्न प्रावधानों, सरकार की अपेक्षाओं और निजी सुरक्षा उद्योग को अधिक सक्षम एवं व्यवस्थित बनाने के लिए किए जा रहे सुधारों की जानकारी साझा की। उन्होंने राज्यों में कानून के प्रभावी और समान क्रियान्वयन की आवश्यकता पर भी प्रकाश डाला।</p>
<p> </p>
<p><img src="https://www.dainikjagranmpcg.com/media/2026-06/whatsapp-image-2026-06-29-at-5.10.15-pm.jpeg" alt="WhatsApp Image 2026-06-29 at 5.10.15 PM" width="1600" height="1067"></img></p>
<p> </p>
<p>कार्यशाला के दौरान आयोजित पैनल चर्चा में <strong>FICCI, SAI, KSSA, BSRU</strong> सहित विभिन्न उद्योग संगठनों और निजी सुरक्षा एजेंसियों के प्रतिनिधियों ने अपने अनुभव साझा किए। चर्चा में लाइसेंस प्रक्रिया को सरल बनाने, नियमों के अनुपालन, सुरक्षा गार्डों के प्रशिक्षण, कुशल मानव संसाधन की उपलब्धता, डिजिटल प्रक्रियाओं को बढ़ावा देने तथा विभिन्न राज्यों में एक समान मानकों को लागू करने जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से विचार-विमर्श हुआ।</p>
<p>एक विशेष सत्र में विभिन्न राज्यों के नियंत्रण अधिकारियों और वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने अपने अनुभव साझा किए तथा कानून के क्रियान्वयन के दौरान आने वाली व्यावहारिक चुनौतियों पर चर्चा की। इसके बाद आयोजित खुले प्रश्नोत्तर सत्र में उद्योग प्रतिनिधियों ने सीधे सरकारी अधिकारियों के समक्ष अपनी समस्याएं और सुझाव रखे, जिससे संवाद और समाधान की दिशा में सकारात्मक माहौल बना।</p>
<p> </p>
<p><img src="https://www.dainikjagranmpcg.com/media/2026-06/whatsapp-image-2026-06-29-at-5.10.15-pm-(1).jpeg" alt="WhatsApp Image 2026-06-29 at 5.10.15 PM (1)" width="1600" height="1067"></img></p>
<p> </p>
<p>कार्यक्रम का मुख्य संबोधन गृह मंत्रालय में <strong>संयुक्त सचिव (पुलिस आधुनिकीकरण) श्री आर. प्रसन्ना (IAS)</strong> ने दिया। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार निजी सुरक्षा उद्योग को देश की समग्र सुरक्षा व्यवस्था का महत्वपूर्ण भाग मानती है और इसे अधिक सक्षम, पारदर्शी तथा आधुनिक बनाने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि सरकार और उद्योग के बीच इस प्रकार का सहयोग भविष्य में सुरक्षा क्षेत्र के विकास को नई गति देगा।</p>
<p>कार्यशाला के समापन पर इस बात पर सहमति बनी कि PSARA के प्रभावी क्रियान्वयन, नियामकीय प्रक्रियाओं को सरल बनाने, उद्योग की व्यावहारिक समस्याओं के समाधान, बेहतर प्रशिक्षण व्यवस्था तथा सरकार और निजी सुरक्षा क्षेत्र के बीच मजबूत समन्वय के लिए ठोस सिफारिशें तैयार की जाएंगी। इन सुझावों से न केवल निजी सुरक्षा उद्योग को मजबूती मिलेगी, बल्कि देश की सुरक्षा व्यवस्था को भी दीर्घकालिक लाभ प्राप्त होगा।</p>
<p> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश विदेश</category>
                                    

                <link>https://www.dainikjagranmpcg.com/national-international/home-ministrys-big-step-for-private-security-industry-national-workshop/article-57340</link>
                <guid>https://www.dainikjagranmpcg.com/national-international/home-ministrys-big-step-for-private-security-industry-national-workshop/article-57340</guid>
                <pubDate>Mon, 29 Jun 2026 17:33:53 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.dainikjagranmpcg.com/media/2026-06/psara.jpg"                         length="155579"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[दैनिक जागरण]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        