हैदराबाद कलेक्टरेट में शुरू हुई देश की पहली QR कोड आधारित सार्वजनिक फीडबैक प्रणाली

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नागरिक अब स्मार्टफोन से सीधे अपनी प्रतिक्रिया दे सकेंगे, सेवाओं की दक्षता और पारदर्शिता बढ़ेगी

हैदराबाद जिला कलेक्टर हरिचंदना आईएएस ने कलेक्टरेट में देश की पहली QR कोड आधारित जनफीडबैक प्रणाली की शुरुआत की। इस पहल के तहत नागरिक सीधे अपने अनुभव साझा कर सकते हैं और सेवाओं पर त्वरित प्रतिक्रिया दे सकते हैं, जिससे कार्यालयों में सेवा गुणवत्ता, दक्षता और जवाबदेही में सुधार होगा।

हैदराबाद कलेक्टरेट आने वाले आगंतुक QR कोड स्कैन कर शिकायत, सुझाव या सराहना दर्ज कर सकते हैं। इस प्रक्रिया में किसी जटिल फॉर्म या विशेष तकनीकी ज्ञान की आवश्यकता नहीं है, जिससे यह सभी उम्र और पृष्ठभूमि के लोगों के लिए सुलभ बनती है।

 यह प्रणाली हैदराबाद कलेक्टरेट में लागू की गई है और आगामी दिनों में अन्य सरकारी कार्यालयों और संस्थानों में भी इसे अपनाने की योजना है।

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QR कोड आधारित प्रणाली नागरिक और अधिकारियों के बीच सीधे और प्रभावी संचार को सुनिश्चित करती है। इससे देरी, अक्षमता और पारदर्शिता की कमी जैसी समस्याओं का तेजी से समाधान संभव होगा। रीयल-टाइम फीडबैक से अधिकारियों को सेवाओं की निगरानी और सुधार के लिए तुरंत जानकारी मिलती है।

 इस पहल का उद्देश्य नवाचार और डिजिटल समाधान के माध्यम से प्रशासनिक प्रक्रियाओं को अधिक पारदर्शी और उत्तरदायी बनाना है। स्मार्टफोन के माध्यम से फीडबैक देने की सुविधा नागरिकों को अपना अनुभव साझा करने और सेवाओं को सुधारने का अधिकार देती है।

 विशेषज्ञों के अनुसार, इस पहल से कर्मचारियों में जवाबदेही और सक्रिय समस्या समाधान की संस्कृति विकसित होगी। समय के साथ जमा फीडबैक से सेवा सुधार के लिए डेटा आधारित निर्णय लेने में आसानी होगी और बार-बार उत्पन्न होने वाली समस्याओं की पहचान भी बेहतर होगी।

हैदराबाद कलेक्टरेट की यह पहल अन्य जिलों और सरकारी कार्यालयों के लिए मॉडल के रूप में काम करेगी, जहां नागरिक सहभागिता और प्रशासनिक पारदर्शिता को बढ़ावा देना प्राथमिकता होगी। QR कोड फीडबैक प्रणाली सरल, तेज़ और सुरक्षित प्रक्रिया प्रदान करती है, जिससे सरकारी सेवाओं की गुणवत्ता और नागरिक संतोष बढ़ेगा।

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www.dainikjagranmpcg.com
16 Dec 2025 By ANKITA

हैदराबाद कलेक्टरेट में शुरू हुई देश की पहली QR कोड आधारित सार्वजनिक फीडबैक प्रणाली

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हैदराबाद जिला कलेक्टर हरिचंदना आईएएस ने कलेक्टरेट में देश की पहली QR कोड आधारित जनफीडबैक प्रणाली की शुरुआत की। इस पहल के तहत नागरिक सीधे अपने अनुभव साझा कर सकते हैं और सेवाओं पर त्वरित प्रतिक्रिया दे सकते हैं, जिससे कार्यालयों में सेवा गुणवत्ता, दक्षता और जवाबदेही में सुधार होगा।

हैदराबाद कलेक्टरेट आने वाले आगंतुक QR कोड स्कैन कर शिकायत, सुझाव या सराहना दर्ज कर सकते हैं। इस प्रक्रिया में किसी जटिल फॉर्म या विशेष तकनीकी ज्ञान की आवश्यकता नहीं है, जिससे यह सभी उम्र और पृष्ठभूमि के लोगों के लिए सुलभ बनती है।

 यह प्रणाली हैदराबाद कलेक्टरेट में लागू की गई है और आगामी दिनों में अन्य सरकारी कार्यालयों और संस्थानों में भी इसे अपनाने की योजना है।

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QR कोड आधारित प्रणाली नागरिक और अधिकारियों के बीच सीधे और प्रभावी संचार को सुनिश्चित करती है। इससे देरी, अक्षमता और पारदर्शिता की कमी जैसी समस्याओं का तेजी से समाधान संभव होगा। रीयल-टाइम फीडबैक से अधिकारियों को सेवाओं की निगरानी और सुधार के लिए तुरंत जानकारी मिलती है।

 इस पहल का उद्देश्य नवाचार और डिजिटल समाधान के माध्यम से प्रशासनिक प्रक्रियाओं को अधिक पारदर्शी और उत्तरदायी बनाना है। स्मार्टफोन के माध्यम से फीडबैक देने की सुविधा नागरिकों को अपना अनुभव साझा करने और सेवाओं को सुधारने का अधिकार देती है।

 विशेषज्ञों के अनुसार, इस पहल से कर्मचारियों में जवाबदेही और सक्रिय समस्या समाधान की संस्कृति विकसित होगी। समय के साथ जमा फीडबैक से सेवा सुधार के लिए डेटा आधारित निर्णय लेने में आसानी होगी और बार-बार उत्पन्न होने वाली समस्याओं की पहचान भी बेहतर होगी।

हैदराबाद कलेक्टरेट की यह पहल अन्य जिलों और सरकारी कार्यालयों के लिए मॉडल के रूप में काम करेगी, जहां नागरिक सहभागिता और प्रशासनिक पारदर्शिता को बढ़ावा देना प्राथमिकता होगी। QR कोड फीडबैक प्रणाली सरल, तेज़ और सुरक्षित प्रक्रिया प्रदान करती है, जिससे सरकारी सेवाओं की गुणवत्ता और नागरिक संतोष बढ़ेगा।

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