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इंडिगो को सरकार की कड़ी चेतावनी: आज रात 8 बजे तक सभी लंबित रिफंड लौटाओ, वरना होगी कार्रवाई
Business News
देश की अग्रणी एयरलाइन इंडिगो में पिछले चार दिनों से जारी अव्यवस्था ने सरकार को हस्तक्षेप करने पर मजबूर कर दिया है। नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने एयरलाइन को साफ निर्देश दिए हैं कि रद्द या प्रभावित उड़ानों के सभी लंबित रिफंड आज, रविवार रात 8 बजे तक हर हाल में यात्रियों को लौटा दिए जाएं। मंत्रालय ने चेतावनी दी है कि यदि तय समयसीमा का पालन नहीं हुआ, तो तुरंत नियामकीय कार्रवाई शुरू की जाएगी।
मंत्रालय ने यह भी स्पष्ट किया कि
➡ यात्रियों से री-शेड्यूलिंग या बदलाव का कोई शुल्क नहीं लिया जाएगा।
➡ सभी एजेंसियों और एयरलाइनों को इसका सख्ती से पालन करना होगा।
चार दिनों में 1,000 से ज्यादा उड़ानें रद्द — हवाई अड्डों पर अफरा-तफरी
इंडिगो के परिचालन संकट का असर देशभर के हवाई सफर पर दिखाई दे रहा है।
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दिल्ली,
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बेंगलुरु
-
और हैदराबाद
जैसे बड़े हवाई अड्डों पर यात्रियों की भारी भीड़ और असुविधा देखी जा रही है। चार दिनों में 1,000 से अधिक उड़ानें रद्द होने से कई यात्री फंसे हुए हैं और वैकल्पिक फ्लाइट की कमी से टिकटों के दाम अचानक बढ़ गए।
सरकार ने लागू किए अस्थायी किराया कैप
बढ़ती शिकायतों के मद्देनज़र, केंद्र सरकार ने शनिवार को सभी घरेलू एयरलाइनों पर अस्थायी फेयर कैप (Fare Caps) लागू कर दिए।
मंत्रालय ने कहा कि कई मामलों में एयरलाइनों द्वारा असामान्य रूप से ऊंचा किराया वसूलने की शिकायतें मिली थीं।
सरकार का स्पष्ट निर्देश:
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नई किराया सीमा का पालन अनिवार्य
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उल्लंघन पर तुरंत सार्वजनिक हित में सख्त कदम उठाए जाएंगे
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स्थिति सामान्य होने तक ये फेयर कैप लागू रहेंगे
संकट की जड़: नया FDTL नियम और पायलटों की कमी
इंडिगो की परेशानी की शुरुआत हाल ही में लागू किए गए Flight Duty Time Limitation (FDTL) नॉर्म्स से हुई।
विशेषकर पायलटों के लिए अनिवार्य साप्ताहिक विश्राम लागू होते ही अचानक क्रू की कमी सामने आ गई, जिससे उड़ानें लगातार रद्द होने लगीं।
स्थिति बिगड़ती देख केंद्र ने त्वरित कदम उठाए:
➡ साप्ताहिक विश्राम वाले नियम को अस्थायी रूप से हटाया गया
ताकि उड़ान संचालन को जल्द स्थिर किया जा सके।
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इंडिगो को सरकार की कड़ी चेतावनी: आज रात 8 बजे तक सभी लंबित रिफंड लौटाओ, वरना होगी कार्रवाई
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देश की अग्रणी एयरलाइन इंडिगो में पिछले चार दिनों से जारी अव्यवस्था ने सरकार को हस्तक्षेप करने पर मजबूर कर दिया है। नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने एयरलाइन को साफ निर्देश दिए हैं कि रद्द या प्रभावित उड़ानों के सभी लंबित रिफंड आज, रविवार रात 8 बजे तक हर हाल में यात्रियों को लौटा दिए जाएं। मंत्रालय ने चेतावनी दी है कि यदि तय समयसीमा का पालन नहीं हुआ, तो तुरंत नियामकीय कार्रवाई शुरू की जाएगी।
मंत्रालय ने यह भी स्पष्ट किया कि
➡ यात्रियों से री-शेड्यूलिंग या बदलाव का कोई शुल्क नहीं लिया जाएगा।
➡ सभी एजेंसियों और एयरलाइनों को इसका सख्ती से पालन करना होगा।
चार दिनों में 1,000 से ज्यादा उड़ानें रद्द — हवाई अड्डों पर अफरा-तफरी
इंडिगो के परिचालन संकट का असर देशभर के हवाई सफर पर दिखाई दे रहा है।
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दिल्ली,
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बेंगलुरु
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और हैदराबाद
जैसे बड़े हवाई अड्डों पर यात्रियों की भारी भीड़ और असुविधा देखी जा रही है। चार दिनों में 1,000 से अधिक उड़ानें रद्द होने से कई यात्री फंसे हुए हैं और वैकल्पिक फ्लाइट की कमी से टिकटों के दाम अचानक बढ़ गए।
सरकार ने लागू किए अस्थायी किराया कैप
बढ़ती शिकायतों के मद्देनज़र, केंद्र सरकार ने शनिवार को सभी घरेलू एयरलाइनों पर अस्थायी फेयर कैप (Fare Caps) लागू कर दिए।
मंत्रालय ने कहा कि कई मामलों में एयरलाइनों द्वारा असामान्य रूप से ऊंचा किराया वसूलने की शिकायतें मिली थीं।
सरकार का स्पष्ट निर्देश:
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नई किराया सीमा का पालन अनिवार्य
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उल्लंघन पर तुरंत सार्वजनिक हित में सख्त कदम उठाए जाएंगे
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स्थिति सामान्य होने तक ये फेयर कैप लागू रहेंगे
संकट की जड़: नया FDTL नियम और पायलटों की कमी
इंडिगो की परेशानी की शुरुआत हाल ही में लागू किए गए Flight Duty Time Limitation (FDTL) नॉर्म्स से हुई।
विशेषकर पायलटों के लिए अनिवार्य साप्ताहिक विश्राम लागू होते ही अचानक क्रू की कमी सामने आ गई, जिससे उड़ानें लगातार रद्द होने लगीं।
स्थिति बिगड़ती देख केंद्र ने त्वरित कदम उठाए:
➡ साप्ताहिक विश्राम वाले नियम को अस्थायी रूप से हटाया गया
ताकि उड़ान संचालन को जल्द स्थिर किया जा सके।
