हर व्यक्ति के लिए दिनभर में किसी न किसी समय शारीरिक रूप से सक्रिय रहना बहुत जरूरी है. खासतौर पर जो लोग पूरे दिन बैठकर काम करते हैं, उन्हें व्यायाम जरूर करना चाहिए. हालांकि, व्यायाम का मतलब सिर्फ जिम जाना या भारी वजन उठाना नहीं है. रोजाना पैदल चलना भी पर्याप्त है. पैदल चलना शारीरिक और मानसिक रूप से स्वस्थ रहने का सबसे आसान तरीका है. अगर आप अपनी उम्र और क्षमता के अनुसार रोजाना कुछ मिनट टहलते हैं, तो आपका मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य बेहतर रहेगालाल पालक विशेषज्ञों का मानना है कि प्रतिदिन कम से कम 10,000 कदम चलना आदर्श है. इसके साथ ही, उम्र के हिसाब से टहलने का समय भी तय किया जाना चाहिए.
18-30 साल के लोग
18 से 30 वर्ष की आयु के युवाओं को वजन नियंत्रित करने में परेशानी हो सकती है. लेकिन अगर वे रोजाना 30 से 60 मिनट पैदल चलें, तो न केवल उनका वजन नियंत्रण में रहेगा, बल्कि तनाव और डिप्रेशन भी कम होगा. इसके अलावा, पैदल चलने से भविष्य में होने वाली कई स्वास्थ्य समस्याओं से बचाव संभव है.
31-50 साल के लोग
31 से 50 साल की उम्र के बीच के लोगों के लिए रोजाना 30 से 45 मिनट टहलना बेहद फायदेमंद है, इस उम्र में शरीर में कई तरह की स्वास्थ्य समस्याएं शुरू हो सकती हैं. लेकिन नियमित पैदल चलने से न सिर्फ शारीरिक रूप से सक्रिय रहा जा सकता है, बल्कि गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं से भी बचा जा सकता है.
51-65 साल के लोग
जैसे-जैसे उम्र बढ़ती है, शरीर कमजोर होने लगता है. खासकर 51 से 65 वर्ष की आयु के लोगों में रोग प्रतिरोधक क्षमता घटने लगती है और हड्डियां कमजोर हो जाती हैं. इस आयु वर्ग के लिए रोजाना 30 से 40 मिनट पैदल चलना फायदेमंद होता है. यह न केवल बीमारियों का खतरा कम करता है, बल्कि शरीर और दिमाग को भी सक्रिय रखता है.
66-75 साल के लोग
66 से 75 वर्ष की आयु में शरीर काफी कमजोर हो सकता है, जिससे चलना थोड़ा मुश्किल लग सकता है, फिर भी, रोजाना 20 से 30 मिनट तक टहलने से बेहतरीन परिणाम मिलते हैं. इससे न केवल शारीरिक सक्रियता बनी रहती है, बल्कि कई स्वास्थ्य समस्याओं से भी बचाव संभव है.

