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फोर्ब्स लिस्ट: दान न करते तो गेट्स-बफे टॉप-3 में, मस्क पहले नंबर पर कायम
बिजनेस न्यूज
फोर्ब्स की नई ‘ट्रू नेट वर्थ’ लिस्ट में दान जोड़ने पर बदली तस्वीर, मस्क पहले, गेट्स-बफे की रैंकिंग में बड़ा उछाल
दुनिया के सबसे अमीर लोगों की सूची को लेकर एक नई बहस शुरू हो गई है। बिजनेस मैगजीन फोर्ब्स ने इस बार अरबपतियों की संपत्ति का आकलन एक अलग नजरिए से किया है, जिसमें उनके द्वारा किए गए दान को भी जोड़ा गया है। इस ‘ट्रू नेट वर्थ’ लिस्ट में यह देखा गया कि अगर अरबपतियों ने अपनी संपत्ति का दान न किया होता, तो उनकी कुल संपत्ति और रैंकिंग क्या होती।इस नए आकलन में इलॉन मस्क दोनों लिस्ट में पहले स्थान पर बने हुए हैं, लेकिन बिल गेट्स और वॉरेन बफे जैसे दिग्गजों की रैंकिंग में बड़ा बदलाव देखने को मिला है।
कैसे बनी नई लिस्ट
फोर्ब्स ने ‘ट्रू नेट वर्थ’ लिस्ट तैयार करते समय यह मान लिया कि अरबपतियों ने जो शेयर दान किए, वे उनके पास ही रहते।नकद दान को भी बाजार दर के अनुसार निवेश मानकर उसकी वर्तमान वैल्यू जोड़ी गई। इससे एक नई तस्वीर सामने आई, जिसमें उदारता का सीधा असर रैंकिंग पर दिखा।
गेट्स-बफे को बड़ा फायदा
बिल गेट्स ने माइक्रोसॉफ्ट के करीब 73.1 करोड़ शेयर दान किए हैं। अगर ये शेयर उनके पास रहते, तो उनकी संपत्ति करीब चार गुना ज्यादा होती।ऐसी स्थिति में गेट्स 19वें स्थान से सीधे दूसरे स्थान पर पहुंच जाते। वहीं वॉरेन बफे भी 9वें से तीसरे स्थान पर आ जाते। उनके द्वारा 2006 से दान किए गए शेयरों की कीमत में करीब 700% तक वृद्धि हुई है।
मस्क और अन्य अरबपति
इलॉन मस्क इस नई और पुरानी दोनों लिस्ट में पहले स्थान पर बने हुए हैं। हालांकि, उन्होंने अपनी कुल संपत्ति का केवल 0.06% ही दान किया है, जो अन्य अरबपतियों की तुलना में काफी कम है।वहीं, जेफ बेजोस की पूर्व पत्नी मैकिंजी स्कॉट की रैंकिंग में भी बड़ा बदलाव देखने को मिला। अगर उन्होंने दान न किया होता, तो वे 58 स्थान ऊपर चढ़कर 26वें स्थान पर पहुंच जातीं। दूसरी ओर, जेफ बेजोस टॉप-5 से बाहर हो जाते।यह नई सूची इस बात को रेखांकित करती है कि परोपकार और दान का वैश्विक संपत्ति रैंकिंग पर कितना बड़ा प्रभाव पड़ता है।
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फोर्ब्स लिस्ट: दान न करते तो गेट्स-बफे टॉप-3 में, मस्क पहले नंबर पर कायम
बिजनेस न्यूज
दुनिया के सबसे अमीर लोगों की सूची को लेकर एक नई बहस शुरू हो गई है। बिजनेस मैगजीन फोर्ब्स ने इस बार अरबपतियों की संपत्ति का आकलन एक अलग नजरिए से किया है, जिसमें उनके द्वारा किए गए दान को भी जोड़ा गया है। इस ‘ट्रू नेट वर्थ’ लिस्ट में यह देखा गया कि अगर अरबपतियों ने अपनी संपत्ति का दान न किया होता, तो उनकी कुल संपत्ति और रैंकिंग क्या होती।इस नए आकलन में इलॉन मस्क दोनों लिस्ट में पहले स्थान पर बने हुए हैं, लेकिन बिल गेट्स और वॉरेन बफे जैसे दिग्गजों की रैंकिंग में बड़ा बदलाव देखने को मिला है।
कैसे बनी नई लिस्ट
फोर्ब्स ने ‘ट्रू नेट वर्थ’ लिस्ट तैयार करते समय यह मान लिया कि अरबपतियों ने जो शेयर दान किए, वे उनके पास ही रहते।नकद दान को भी बाजार दर के अनुसार निवेश मानकर उसकी वर्तमान वैल्यू जोड़ी गई। इससे एक नई तस्वीर सामने आई, जिसमें उदारता का सीधा असर रैंकिंग पर दिखा।
गेट्स-बफे को बड़ा फायदा
बिल गेट्स ने माइक्रोसॉफ्ट के करीब 73.1 करोड़ शेयर दान किए हैं। अगर ये शेयर उनके पास रहते, तो उनकी संपत्ति करीब चार गुना ज्यादा होती।ऐसी स्थिति में गेट्स 19वें स्थान से सीधे दूसरे स्थान पर पहुंच जाते। वहीं वॉरेन बफे भी 9वें से तीसरे स्थान पर आ जाते। उनके द्वारा 2006 से दान किए गए शेयरों की कीमत में करीब 700% तक वृद्धि हुई है।
मस्क और अन्य अरबपति
इलॉन मस्क इस नई और पुरानी दोनों लिस्ट में पहले स्थान पर बने हुए हैं। हालांकि, उन्होंने अपनी कुल संपत्ति का केवल 0.06% ही दान किया है, जो अन्य अरबपतियों की तुलना में काफी कम है।वहीं, जेफ बेजोस की पूर्व पत्नी मैकिंजी स्कॉट की रैंकिंग में भी बड़ा बदलाव देखने को मिला। अगर उन्होंने दान न किया होता, तो वे 58 स्थान ऊपर चढ़कर 26वें स्थान पर पहुंच जातीं। दूसरी ओर, जेफ बेजोस टॉप-5 से बाहर हो जाते।यह नई सूची इस बात को रेखांकित करती है कि परोपकार और दान का वैश्विक संपत्ति रैंकिंग पर कितना बड़ा प्रभाव पड़ता है।
