- Hindi News
- देश विदेश
- ट्रंप की बेटी इवांका ट्रंप पर हमले की साजिश हुई नाकाम, अमेरिकी एजेंसियों का दावा
ट्रंप की बेटी इवांका ट्रंप पर हमले की साजिश हुई नाकाम, अमेरिकी एजेंसियों का दावा
Digital Desk
अमेरिकी एजेंसियों ने इवांका ट्रंप की हत्या की साजिश नाकाम करने का दावा किया है। IRGC और कातिब हिजबुल्लाह से जुड़े आरोपी की गिरफ्तारी हुई।
डोनाल्ड ट्रंप की बेटी और पूर्व व्हाइट हाउस सलाहकार इवांका ट्रंप को लेकर आए कथित सुरक्षा खतरे ने अमेरिका में हड़कंप मचा दिया है। रिपोर्ट्स के अनुसार, अमेरिकी सुरक्षा एजेंसियों ने एक ऐसी साजिश का खुलासा किया है जिसमें ईरान से जुड़े एक संदिग्ध पर इवांका ट्रंप की हत्या की योजना बनाने का आरोप है। यह मामला ईरान और अमेरिका के बीच लंबे समय से चल रहे तनाव से जुड़ा हुआ है, विशेष रूप से कासिम सुलेमानी की मौत के संदर्भ में।
सूत्रों के मुताबिक, पकड़े गए आरोपी मोहम्मद बाकेर अल-सादी इराक का नागरिक है और उस पर ईरान समर्थित संगठन कटाइब हिज्बुल्लाह से संबंध रखने का आरोप है। जांच एजेंसियों का कहना है कि आरोपी को ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड से जुड़े नेटवर्क द्वारा प्रशिक्षित किया गया था। सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार, आरोपी के पास इवांका ट्रंप के फ्लोरिडा स्थित घर का नक्शा और कुछ संवेदनशील जानकारियां भी मिली हैं, जिससे संदेह और बढ़ गया है। हालांकि, अब तक किसी आधिकारिक एजेंसी ने इन सभी दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं की है, लेकिन जांच को बहुत गंभीरता से लिया जा रहा है।
बताया जा रहा है कि आरोपी इस कथित योजना के पीछे ईरानी सैन्य कमांडर कासिम सुलेमानी की मौत का बदला लेने की बात कर रहा था। सुलेमानी की मौत के बाद से ईरान समर्थक समूहों और अमेरिकी एजेंसियों के बीच तनाव कई बार खुलकर सामने आया है। रिपोर्टों में यह भी कहा गया है कि आरोपी ने अपने संपर्कों के बीच इवांका ट्रंप को निशाना बनाने की बात कही थी और इसके लिए संभावित हमले की योजना पर काम कर रहा था। इसी दौरान अमेरिकी सुरक्षा एजेंसियों ने उसे ट्रैक कर गिरफ्तार किया।
वाशिंगटन में मौजूद कुछ पूर्व अधिकारियों के हवाले से बताया गया है कि आरोपी के पास फ्लोरिडा के आवास का ब्लूप्रिंट मिलने के बाद सुरक्षा एजेंसियां हाई अलर्ट पर आगई थीं। जांच एजेंसियों को आशंका है कि इस नेटवर्क के और सदस्य भी सक्रिय हो सकते हैं, जो अमेरिका में किसी बड़े हमले की साजिश कर रहे हैं। फिलहाल आरोपी से पूछताछ जारी है और उसकी डिजिटल गतिविधियों की भी जांच की जा रही है।
इस पूरे मामले ने अमेरिकी राजनीति और सुरक्षा तंत्र में नई बहस छेड़ दी है। ट्रंप परिवार की सुरक्षा को लेकर पहले भी कई सवाल उठते रहे हैं, लेकिन इस तरह की सीधी साजिश के आरोपों ने चिंताओं को और बढ़ा दिया है। अधिकारी यह दावा कर रहे हैं कि स्थिति नियंत्रण में है और किसी भी संभावित खतरे को रोकने के लिए सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हैं। आने वाले दिनों में इस मामले से जुड़े और खुलासे सामने आने की संभावना जताई जा रही है।
-----------------
हमारे आधिकारिक प्लेटफॉर्म्स से जुड़ें –
🔴 व्हाट्सएप चैनल: https://whatsapp.com/channel/0029VbATlF0KQuJB6tvUrN3V
🔴 फेसबुक: Dainik Jagran MP/CG Official
🟣 इंस्टाग्राम: @dainikjagranmp.cg
🔴 यूट्यूब: Dainik Jagran MPCG Digital
📲 सोशल मीडिया पर जुड़ें और बने जागरूक पाठक।
👉 आज ही जुड़िए
ट्रंप की बेटी इवांका ट्रंप पर हमले की साजिश हुई नाकाम, अमेरिकी एजेंसियों का दावा
Digital Desk
डोनाल्ड ट्रंप की बेटी और पूर्व व्हाइट हाउस सलाहकार इवांका ट्रंप को लेकर आए कथित सुरक्षा खतरे ने अमेरिका में हड़कंप मचा दिया है। रिपोर्ट्स के अनुसार, अमेरिकी सुरक्षा एजेंसियों ने एक ऐसी साजिश का खुलासा किया है जिसमें ईरान से जुड़े एक संदिग्ध पर इवांका ट्रंप की हत्या की योजना बनाने का आरोप है। यह मामला ईरान और अमेरिका के बीच लंबे समय से चल रहे तनाव से जुड़ा हुआ है, विशेष रूप से कासिम सुलेमानी की मौत के संदर्भ में।
सूत्रों के मुताबिक, पकड़े गए आरोपी मोहम्मद बाकेर अल-सादी इराक का नागरिक है और उस पर ईरान समर्थित संगठन कटाइब हिज्बुल्लाह से संबंध रखने का आरोप है। जांच एजेंसियों का कहना है कि आरोपी को ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड से जुड़े नेटवर्क द्वारा प्रशिक्षित किया गया था। सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार, आरोपी के पास इवांका ट्रंप के फ्लोरिडा स्थित घर का नक्शा और कुछ संवेदनशील जानकारियां भी मिली हैं, जिससे संदेह और बढ़ गया है। हालांकि, अब तक किसी आधिकारिक एजेंसी ने इन सभी दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं की है, लेकिन जांच को बहुत गंभीरता से लिया जा रहा है।
बताया जा रहा है कि आरोपी इस कथित योजना के पीछे ईरानी सैन्य कमांडर कासिम सुलेमानी की मौत का बदला लेने की बात कर रहा था। सुलेमानी की मौत के बाद से ईरान समर्थक समूहों और अमेरिकी एजेंसियों के बीच तनाव कई बार खुलकर सामने आया है। रिपोर्टों में यह भी कहा गया है कि आरोपी ने अपने संपर्कों के बीच इवांका ट्रंप को निशाना बनाने की बात कही थी और इसके लिए संभावित हमले की योजना पर काम कर रहा था। इसी दौरान अमेरिकी सुरक्षा एजेंसियों ने उसे ट्रैक कर गिरफ्तार किया।
वाशिंगटन में मौजूद कुछ पूर्व अधिकारियों के हवाले से बताया गया है कि आरोपी के पास फ्लोरिडा के आवास का ब्लूप्रिंट मिलने के बाद सुरक्षा एजेंसियां हाई अलर्ट पर आगई थीं। जांच एजेंसियों को आशंका है कि इस नेटवर्क के और सदस्य भी सक्रिय हो सकते हैं, जो अमेरिका में किसी बड़े हमले की साजिश कर रहे हैं। फिलहाल आरोपी से पूछताछ जारी है और उसकी डिजिटल गतिविधियों की भी जांच की जा रही है।
इस पूरे मामले ने अमेरिकी राजनीति और सुरक्षा तंत्र में नई बहस छेड़ दी है। ट्रंप परिवार की सुरक्षा को लेकर पहले भी कई सवाल उठते रहे हैं, लेकिन इस तरह की सीधी साजिश के आरोपों ने चिंताओं को और बढ़ा दिया है। अधिकारी यह दावा कर रहे हैं कि स्थिति नियंत्रण में है और किसी भी संभावित खतरे को रोकने के लिए सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हैं। आने वाले दिनों में इस मामले से जुड़े और खुलासे सामने आने की संभावना जताई जा रही है।
