- Hindi News
- धर्म
- पंचांग : अहोई अष्टमी पर इंद्र का शासन, न करें शुभ कार्य
पंचांग : अहोई अष्टमी पर इंद्र का शासन, न करें शुभ कार्य
DHARAM DESK
आज कार्तिक कृष्ण पक्ष की सप्तमी तिथि है। इस तिथि पर भगवान इंद्र का शासन है और इसे शुभ कार्यों के लिए अनुपयुक्त माना गया है। ज्योतिषाचार्यों के अनुसार, यह दिन बाधाओं पर नियंत्रण पाने और भविष्य की योजनाओं को दिशा देने के लिए अनुकूल है।
सोमवार, 13 अक्टूबर 2025 को कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की सप्तमी तिथि है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, इस तिथि पर बड़े ऋषियों और देवराज इंद्र का प्रभाव रहता है। हालांकि, शुभ कार्य जैसे विवाह, गृह प्रवेश या नए कार्य की शुरुआत इस दिन नहीं करनी चाहिए। यह दिन आत्मनिरीक्षण, साधना और मन की शांति पाने के लिए उपयुक्त है।
आज का पंचांग
-
विक्रम संवत: 2081
-
मास: कार्तिक
-
पक्ष: कृष्ण पक्ष सप्तमी
-
दिन: सोमवार
-
योग: परिध
-
नक्षत्र: आर्द्रा
-
करण: बव
-
चंद्र राशि: मिथुन
-
सूर्य राशि: कन्या
-
सूर्योदय: सुबह 06:35 बजे
-
सूर्यास्त: शाम 06:16 बजे
-
चंद्रोदय: रात 11:20 बजे
-
चंद्रास्त: दोपहर 04:04 बजे
-
राहुकाल: सुबह 08:02 से 09:30 बजे तक
-
यमगंड काल: 10:58 से 12:25 बजे तक
अहोई अष्टमी व्रत विशेष
आज अहोई अष्टमी का पर्व भी मनाया जा रहा है, जिसे कई स्थानों पर कालाष्टमी भी कहा जाता है। यह व्रत माताएं अपने संतान की दीर्घायु और सुख-समृद्धि के लिए करती हैं। इस दिन शाम के समय अहोई माता की पूजा करके सात बार कहानी सुनने की परंपरा है।
नक्षत्र और सावधानियां
आज चंद्रमा मिथुन राशि और आर्द्रा नक्षत्र में रहेंगे। इस नक्षत्र के अधिष्ठाता देवता रुद्र और स्वामी ग्रह राहु हैं। यह नक्षत्र शक्ति, परिवर्तन और आध्यात्मिक जागृति से जुड़ा हुआ है।
ज्योतिष के अनुसार, इस नक्षत्र में यात्रा, नई खरीदारी या अनुबंध पर हस्ताक्षर करने से बचना चाहिए, जबकि पुराने कार्यों की समीक्षा और मानसिक दृढ़ता बढ़ाने के लिए यह समय शुभ है।
वर्जित समय (अशुभ काल)
-
राहुकाल: 08:02 से 09:30 बजे तक
-
यमगंड: 10:58 से 12:25 बजे तक
-
गुलिक काल और वर्ज्यम्: शुभ कार्यों के लिए निषेधित
इन अवधियों में कोई नया कार्य आरंभ करना या महत्वपूर्ण निर्णय लेना टालना बेहतर रहेगा।
-----------------
हमारे आधिकारिक प्लेटफॉर्म्स से जुड़ें –
🔴 व्हाट्सएप चैनल: https://whatsapp.com/channel/0029VbATlF0KQuJB6tvUrN3V
🔴 फेसबुक: Dainik Jagran MP/CG Official
🟣 इंस्टाग्राम: @dainikjagranmp.cg
🔴 यूट्यूब: Dainik Jagran MPCG Digital
📲 सोशल मीडिया पर जुड़ें और बने जागरूक पाठक।
👉 आज ही जुड़िए
पंचांग : अहोई अष्टमी पर इंद्र का शासन, न करें शुभ कार्य
DHARAM DESK
सोमवार, 13 अक्टूबर 2025 को कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की सप्तमी तिथि है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, इस तिथि पर बड़े ऋषियों और देवराज इंद्र का प्रभाव रहता है। हालांकि, शुभ कार्य जैसे विवाह, गृह प्रवेश या नए कार्य की शुरुआत इस दिन नहीं करनी चाहिए। यह दिन आत्मनिरीक्षण, साधना और मन की शांति पाने के लिए उपयुक्त है।
आज का पंचांग
-
विक्रम संवत: 2081
-
मास: कार्तिक
-
पक्ष: कृष्ण पक्ष सप्तमी
-
दिन: सोमवार
-
योग: परिध
-
नक्षत्र: आर्द्रा
-
करण: बव
-
चंद्र राशि: मिथुन
-
सूर्य राशि: कन्या
-
सूर्योदय: सुबह 06:35 बजे
-
सूर्यास्त: शाम 06:16 बजे
-
चंद्रोदय: रात 11:20 बजे
-
चंद्रास्त: दोपहर 04:04 बजे
-
राहुकाल: सुबह 08:02 से 09:30 बजे तक
-
यमगंड काल: 10:58 से 12:25 बजे तक
अहोई अष्टमी व्रत विशेष
आज अहोई अष्टमी का पर्व भी मनाया जा रहा है, जिसे कई स्थानों पर कालाष्टमी भी कहा जाता है। यह व्रत माताएं अपने संतान की दीर्घायु और सुख-समृद्धि के लिए करती हैं। इस दिन शाम के समय अहोई माता की पूजा करके सात बार कहानी सुनने की परंपरा है।
नक्षत्र और सावधानियां
आज चंद्रमा मिथुन राशि और आर्द्रा नक्षत्र में रहेंगे। इस नक्षत्र के अधिष्ठाता देवता रुद्र और स्वामी ग्रह राहु हैं। यह नक्षत्र शक्ति, परिवर्तन और आध्यात्मिक जागृति से जुड़ा हुआ है।
ज्योतिष के अनुसार, इस नक्षत्र में यात्रा, नई खरीदारी या अनुबंध पर हस्ताक्षर करने से बचना चाहिए, जबकि पुराने कार्यों की समीक्षा और मानसिक दृढ़ता बढ़ाने के लिए यह समय शुभ है।
वर्जित समय (अशुभ काल)
-
राहुकाल: 08:02 से 09:30 बजे तक
-
यमगंड: 10:58 से 12:25 बजे तक
-
गुलिक काल और वर्ज्यम्: शुभ कार्यों के लिए निषेधित
इन अवधियों में कोई नया कार्य आरंभ करना या महत्वपूर्ण निर्णय लेना टालना बेहतर रहेगा।
