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श्रावण का अंतिम सोमवार आज: भोलेनाथ को प्रसन्न करने के लिए ज़रूर करें ये खास उपाय
DHARAM DESK
मनोकामनाओं की पूर्ति और कष्टों से मुक्ति के लिए आज का दिन सबसे प्रभावशाली माना जाता है
आज श्रावण मास का अंतिम सोमवार है — एक ऐसा पुण्य अवसर जिसे 'समाप्ति सौम्य सोम' कहा गया है। सावन के महीने में पड़ने वाले सभी सोमवार भगवान शिव की विशेष कृपा प्राप्त करने का माध्यम होते हैं, लेकिन अंतिम सोमवार का महत्व और भी अधिक होता है। मान्यता है कि इस दिन पूरे श्रद्धा-भक्ति से भोलेनाथ की पूजा करने पर विशेष कृपा प्राप्त होती है और समस्त बाधाओं से मुक्ति मिलती है।
आज के दिन किए गए शिव साधना, दान और व्रत जीवन में सकारात्मक ऊर्जा लाते हैं। चाहे संतान प्राप्ति की इच्छा हो, विवाह का योग बनाना हो या रोग, शत्रु और मानसिक कष्टों से मुक्ति — इस दिन के उपाय अत्यंत फलदायी माने जाते हैं।
क्यों विशेष है श्रावण का अंतिम सोमवार?
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यह सोमवार श्रावण मास की समापन बेला का प्रतीक होता है, जब भक्तों की भक्ति अपनी चरम सीमा पर होती है।
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ज्योतिषियों के अनुसार, इस दिन चंद्रमा और शिव की विशेष युति होती है, जो मन और आत्मा दोनों को शांत करती है।
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व्रत, उपवास, रुद्राभिषेक और रात्रिकालीन जागरण जैसे अनुष्ठान अत्यंत पुण्यदायी होते हैं।
आज जरूर करें ये 7 उपाय — शिव कृपा पाने के लिए:
1. शिवलिंग पर बेलपत्र चढ़ाएं
बेलपत्र पर चंदन से "ॐ नमः शिवाय" लिखकर शिवलिंग पर अर्पित करें। यह उपाय आपकी सभी मनोकामनाओं को पूर्ण करता है।
2. दूध, दही और गंगाजल से अभिषेक करें
शिवलिंग का पंचामृत से अभिषेक करें। यह रोगों से मुक्ति और मानसिक शांति देने वाला उपाय है।
3. काले तिल का दान करें
काले तिल का दान करने से पूर्वजों की शांति और पितृ दोष से मुक्ति मिलती है।
4. शिव चालीसा और महामृत्युंजय मंत्र का पाठ करें
11 बार महामृत्युंजय मंत्र का जाप करें —
"ॐ त्र्यम्बकं यजामहे सुगन्धिं पुष्टिवर्धनम्।
उर्वारुकमिव बन्धनान्मृत्योर्मुक्षीय माऽमृतात्॥"
यह विशेष रूप से दीर्घायु और रोग निवारण के लिए प्रभावी है।
5. गरीबों को भोजन कराएं
श्रद्धा से जरूरतमंदों को भोजन कराने से कर्म दोष और ग्रह दोष शांत होते हैं।
6. शिव-पार्वती को सफेद फूल अर्पित करें
सफेद पुष्प अर्पण करने से वैवाहिक जीवन में सुख-शांति आती है। विशेष रूप से शुभ विवाह की प्रतीक्षा कर रहे युवाओं के लिए यह उपाय अत्यंत लाभकारी माना गया है।
7. रात्रि में दीप जलाकर ‘शिव महिमा स्तोत्र’ पढ़ें
आज रात शिव मंदिर में दीप जलाकर ‘शिव महिमा स्तोत्र’ या ‘रुद्राष्टक’ का पाठ करें। यह उपाय दरिद्रता, भय और शत्रुओं के प्रभाव से रक्षा करता है।
क्या न करें आज के दिन?
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नमक, तामसिक भोजन या मांस-मदिरा का सेवन न करें।
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किसी का अपमान या कटु वचन न बोलें।
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घर में ऊँचे स्वर में विवाद या झगड़ा करने से बचें।
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शिवलिंग पर तुलसी पत्र कभी न चढ़ाएं।
श्रावण मास का अंतिम सोमवार त्याग, तपस्या और शिव भक्ति की पूर्णता का प्रतीक है। इस दिन के संकल्प, उपवास और पूजन से जीवन में नए मार्ग खुलते हैं। शांति, स्वास्थ्य, धन और प्रेम की प्राप्ति के लिए भोलेनाथ का यह दिवस संजीवनी समान होता है।
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श्रावण का अंतिम सोमवार आज: भोलेनाथ को प्रसन्न करने के लिए ज़रूर करें ये खास उपाय
DHARAM DESK
आज श्रावण मास का अंतिम सोमवार है — एक ऐसा पुण्य अवसर जिसे 'समाप्ति सौम्य सोम' कहा गया है। सावन के महीने में पड़ने वाले सभी सोमवार भगवान शिव की विशेष कृपा प्राप्त करने का माध्यम होते हैं, लेकिन अंतिम सोमवार का महत्व और भी अधिक होता है। मान्यता है कि इस दिन पूरे श्रद्धा-भक्ति से भोलेनाथ की पूजा करने पर विशेष कृपा प्राप्त होती है और समस्त बाधाओं से मुक्ति मिलती है।
आज के दिन किए गए शिव साधना, दान और व्रत जीवन में सकारात्मक ऊर्जा लाते हैं। चाहे संतान प्राप्ति की इच्छा हो, विवाह का योग बनाना हो या रोग, शत्रु और मानसिक कष्टों से मुक्ति — इस दिन के उपाय अत्यंत फलदायी माने जाते हैं।
क्यों विशेष है श्रावण का अंतिम सोमवार?
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यह सोमवार श्रावण मास की समापन बेला का प्रतीक होता है, जब भक्तों की भक्ति अपनी चरम सीमा पर होती है।
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ज्योतिषियों के अनुसार, इस दिन चंद्रमा और शिव की विशेष युति होती है, जो मन और आत्मा दोनों को शांत करती है।
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व्रत, उपवास, रुद्राभिषेक और रात्रिकालीन जागरण जैसे अनुष्ठान अत्यंत पुण्यदायी होते हैं।
आज जरूर करें ये 7 उपाय — शिव कृपा पाने के लिए:
1. शिवलिंग पर बेलपत्र चढ़ाएं
बेलपत्र पर चंदन से "ॐ नमः शिवाय" लिखकर शिवलिंग पर अर्पित करें। यह उपाय आपकी सभी मनोकामनाओं को पूर्ण करता है।
2. दूध, दही और गंगाजल से अभिषेक करें
शिवलिंग का पंचामृत से अभिषेक करें। यह रोगों से मुक्ति और मानसिक शांति देने वाला उपाय है।
3. काले तिल का दान करें
काले तिल का दान करने से पूर्वजों की शांति और पितृ दोष से मुक्ति मिलती है।
4. शिव चालीसा और महामृत्युंजय मंत्र का पाठ करें
11 बार महामृत्युंजय मंत्र का जाप करें —
"ॐ त्र्यम्बकं यजामहे सुगन्धिं पुष्टिवर्धनम्।
उर्वारुकमिव बन्धनान्मृत्योर्मुक्षीय माऽमृतात्॥"
यह विशेष रूप से दीर्घायु और रोग निवारण के लिए प्रभावी है।
5. गरीबों को भोजन कराएं
श्रद्धा से जरूरतमंदों को भोजन कराने से कर्म दोष और ग्रह दोष शांत होते हैं।
6. शिव-पार्वती को सफेद फूल अर्पित करें
सफेद पुष्प अर्पण करने से वैवाहिक जीवन में सुख-शांति आती है। विशेष रूप से शुभ विवाह की प्रतीक्षा कर रहे युवाओं के लिए यह उपाय अत्यंत लाभकारी माना गया है।
7. रात्रि में दीप जलाकर ‘शिव महिमा स्तोत्र’ पढ़ें
आज रात शिव मंदिर में दीप जलाकर ‘शिव महिमा स्तोत्र’ या ‘रुद्राष्टक’ का पाठ करें। यह उपाय दरिद्रता, भय और शत्रुओं के प्रभाव से रक्षा करता है।
क्या न करें आज के दिन?
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नमक, तामसिक भोजन या मांस-मदिरा का सेवन न करें।
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किसी का अपमान या कटु वचन न बोलें।
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घर में ऊँचे स्वर में विवाद या झगड़ा करने से बचें।
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शिवलिंग पर तुलसी पत्र कभी न चढ़ाएं।
श्रावण मास का अंतिम सोमवार त्याग, तपस्या और शिव भक्ति की पूर्णता का प्रतीक है। इस दिन के संकल्प, उपवास और पूजन से जीवन में नए मार्ग खुलते हैं। शांति, स्वास्थ्य, धन और प्रेम की प्राप्ति के लिए भोलेनाथ का यह दिवस संजीवनी समान होता है।
