- Hindi News
- धर्म
- आज 19 जून 2025 का पंचांग: काल भैरव की अष्टमी पर बन रहा सर्वार्थ सिद्धि योग, इन कार्यों में मिलेगा शु...
आज 19 जून 2025 का पंचांग: काल भैरव की अष्टमी पर बन रहा सर्वार्थ सिद्धि योग, इन कार्यों में मिलेगा शुभ फल
Dharm Desk
गुरुवार के दिन आज आषाढ़ माह की कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि है, जो काल भैरव को समर्पित मानी जाती है।
इस तिथि को शास्त्रों में शुभ कार्यों से परहेज की सलाह दी गई है, लेकिन आज के दिन सर्वार्थ सिद्धि योग बनने से कुछ विशेष कार्यों में सफलता का संकेत भी मिलता है।
पंचांग विवरण – 19 जून 2025
-
विक्रम संवत: 2081
-
मास: आषाढ़
-
पक्ष: कृष्ण
-
तिथि: अष्टमी
-
वार: गुरुवार
-
नक्षत्र: उत्तराभाद्रपदा
-
योग: सौभाग्य
-
करण: कौलव
-
चंद्र राशि: मीन
-
सूर्य राशि: मिथुन
दिन के प्रमुख समय
-
सूर्योदय: 05:54 AM
-
सूर्यास्त: 07:27 PM
-
चंद्रोदय: 12:55 AM (20 जून की रात)
-
चंद्रास्त: 12:52 PM
-
राहुकाल: 02:22 PM से 04:03 PM
-
यमगंड: 05:54 AM से 07:35 AM
शुभ कार्यों के लिए उपयुक्त समय और नक्षत्र
आज चंद्रमा मीन राशि में हैं और उत्तराभाद्रपदा नक्षत्र में विचरण कर रहे हैं। यह नक्षत्र नाग देवता अहिर्बुध्न्य के अधीन होता है और इसके स्वामी ग्रह शनि हैं।
यह नक्षत्र निम्नलिखित कार्यों के लिए अनुकूल माना गया है:
-
भूमि की खरीद-बिक्री
-
मंदिर निर्माण व देव प्रतिष्ठा
-
विवाह, कुआं या भवन निर्माण
-
बीज बोना व वृक्षारोपण
-
प्रायश्चित व धार्मिक अनुष्ठान
-
राज्याभिषेक या नगर स्थापना
वर्जित समय – किन बातों का रखें ध्यान
हालांकि सर्वार्थ सिद्धि योग बना है, फिर भी दोपहर राहुकाल (02:22 PM – 04:03 PM) के दौरान कोई भी शुभ कार्य न करें। इसी तरह, यमगंड और अन्य अशुभ समय (गुलिक काल, वर्ज्यम, दुमुहूर्त) में भी कार्यों से बचना चाहिए।
काल भैरव पूजन का विशेष महत्व
आज की अष्टमी तिथि पर काल भैरव की पूजा करने से समय प्रबंधन, मानसिक शांति और नकारात्मक शक्तियों से रक्षा मिलती है। मान्यता है कि इस दिन भैरव बाबा को गुड़, तेल और उड़द अर्पित करने से संकट दूर होते हैं।
-----------------
हमारे आधिकारिक प्लेटफॉर्म्स से जुड़ें –
🔴 व्हाट्सएप चैनल: https://whatsapp.com/channel/0029VbATlF0KQuJB6tvUrN3V
🔴 फेसबुक: Dainik Jagran MP/CG Official
🟣 इंस्टाग्राम: @dainikjagranmp.cg
🔴 यूट्यूब: Dainik Jagran MPCG Digital
📲 सोशल मीडिया पर जुड़ें और बने जागरूक पाठक।
👉 आज ही जुड़िए
आज 19 जून 2025 का पंचांग: काल भैरव की अष्टमी पर बन रहा सर्वार्थ सिद्धि योग, इन कार्यों में मिलेगा शुभ फल
Dharm Desk
इस तिथि को शास्त्रों में शुभ कार्यों से परहेज की सलाह दी गई है, लेकिन आज के दिन सर्वार्थ सिद्धि योग बनने से कुछ विशेष कार्यों में सफलता का संकेत भी मिलता है।
पंचांग विवरण – 19 जून 2025
-
विक्रम संवत: 2081
-
मास: आषाढ़
-
पक्ष: कृष्ण
-
तिथि: अष्टमी
-
वार: गुरुवार
-
नक्षत्र: उत्तराभाद्रपदा
-
योग: सौभाग्य
-
करण: कौलव
-
चंद्र राशि: मीन
-
सूर्य राशि: मिथुन
दिन के प्रमुख समय
-
सूर्योदय: 05:54 AM
-
सूर्यास्त: 07:27 PM
-
चंद्रोदय: 12:55 AM (20 जून की रात)
-
चंद्रास्त: 12:52 PM
-
राहुकाल: 02:22 PM से 04:03 PM
-
यमगंड: 05:54 AM से 07:35 AM
शुभ कार्यों के लिए उपयुक्त समय और नक्षत्र
आज चंद्रमा मीन राशि में हैं और उत्तराभाद्रपदा नक्षत्र में विचरण कर रहे हैं। यह नक्षत्र नाग देवता अहिर्बुध्न्य के अधीन होता है और इसके स्वामी ग्रह शनि हैं।
यह नक्षत्र निम्नलिखित कार्यों के लिए अनुकूल माना गया है:
-
भूमि की खरीद-बिक्री
-
मंदिर निर्माण व देव प्रतिष्ठा
-
विवाह, कुआं या भवन निर्माण
-
बीज बोना व वृक्षारोपण
-
प्रायश्चित व धार्मिक अनुष्ठान
-
राज्याभिषेक या नगर स्थापना
वर्जित समय – किन बातों का रखें ध्यान
हालांकि सर्वार्थ सिद्धि योग बना है, फिर भी दोपहर राहुकाल (02:22 PM – 04:03 PM) के दौरान कोई भी शुभ कार्य न करें। इसी तरह, यमगंड और अन्य अशुभ समय (गुलिक काल, वर्ज्यम, दुमुहूर्त) में भी कार्यों से बचना चाहिए।
काल भैरव पूजन का विशेष महत्व
आज की अष्टमी तिथि पर काल भैरव की पूजा करने से समय प्रबंधन, मानसिक शांति और नकारात्मक शक्तियों से रक्षा मिलती है। मान्यता है कि इस दिन भैरव बाबा को गुड़, तेल और उड़द अर्पित करने से संकट दूर होते हैं।
