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- 5 साल से एक सी ज़िंदगी जीता है शख्स, न खाना बदलता है न कपड़े, फिक्स है रूटीन, वजह है बेहद दिलचस्प!
5 साल से एक सी ज़िंदगी जीता है शख्स, न खाना बदलता है न कपड़े, फिक्स है रूटीन, वजह है बेहद दिलचस्प!
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आप एक सा खाना अगर हफ्ते भर भी खा लें, तो बर्दाश्त नहीं कर पाते लेकिन एक शख्स ऐसा भी है, जो पिछले 15 साल से एक जैसी ज़िंदगी जी रहा है. न उसके खाने का मेन्यू बदलता है और न ही कपड़े पहनने का तरीका.
आपने सुना होगा कि ज़िंदगी तो ज़िंदादिली का नाम है और इसे बरकरार रखते हैं हर दिन होने वाले छोटे-छोटे बदलाव. बहुत से लोग ऐसा भी कहते हैं कि वो एक जैसी ज़िंदगी अगर 4-5 साल तक जी लें तो उन्हें बोरियत होने लगती है, वो भी तब, जब उनका खाना और कपड़ा बदलता रहता है. ऐसे में अगर कोई आपको 15 साल तक एक ही खाना, एक ही तरह के कपड़े, नौकरी और रूटीन में बांध दे, तो आपका क्या रिएक्शन होगा?
आप एक सा खाना अगर हफ्ते भर भी खा लें, तो बर्दाश्त नहीं
कर पाते लेकिन एक शख्स ऐसा भी है, जो पिछले 15 साल से एक जैसी ज़िंदगी जी रहा है. पिछले डेढ़ दशक में जापान के रहने वाले इस शख्स ने रत्ती भर भी बदलाव नहीं किया है. वो बिल्कुल रोबोट की तरह एक ही सांचे में ढला हुआ है लेकिन उसने इसके बहुत से फायदे बताए हैं.
15 साल से एक ही पैटर्न में सेट है लाइफ
साउथ चाइना मॉर्निंग पोस्ट की रिपोर्ट के मुताबिक जापान के रहने वाले गो कीता की उम्र 38 साल है और वो पिछले 15 साल से अपनी ज़िंदगी को एक सेट पैटर्न में जी रहे हैं. उन्होंने अपनी नौकरी भी डेढ़ दशक में नहीं बदली है. वो नाश्ते में नट्स और रेमन खाते हैं, दोपहर के खाने में चिकन ब्रेस्ट लेते हैं और रात को बींस के साथ स्टर फ्राइड पोर्क खाते हैं. उनकी खाने की मात्रा और सप्लीमेंट भी निर्धारित हैं. वे एक ही स्टाइल की शर्ट और ट्राउज़र हर दिन पहनते हैं, यहां तक उनके मोजे और अंडरगार्मेंट भी एक जैसे ही हैं. शेविंग, लॉन्ड्री और नाखून-बाल काटने का भी समय निर्धारित है.
क्यों कर रहे हैं खुद पर ये टॉर्चर?
आप भी सोच रहे होंगे कि वो खुद पर ये प्रताड़ना क्यों कर रहे हैं. इसके जवाब में कीता बताते हैं कि इससे उनके दिमाग पर प्रेशर कम रहता है और वो प्रभावशाली तरीके से निर्णय ले पाते हैं. उनका कहना है कि उन्हें इसकी प्रेरणा जापानी बेसबॉल प्लेयर इचिरो सुजुकी से मिली. उनका कहना है कि आमतौर पर हम दिन में 30 हज़ार छोटे-बडे़ निर्णय लेते हैं, लेकिन अनुशासित ज़िंदगी से ये समय और प्रेशर बचता है. इसकी वजह से उनकी ज़िंदगी दबाव और तनावरहित होता है.
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5 साल से एक सी ज़िंदगी जीता है शख्स, न खाना बदलता है न कपड़े, फिक्स है रूटीन, वजह है बेहद दिलचस्प!
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आपने सुना होगा कि ज़िंदगी तो ज़िंदादिली का नाम है और इसे बरकरार रखते हैं हर दिन होने वाले छोटे-छोटे बदलाव. बहुत से लोग ऐसा भी कहते हैं कि वो एक जैसी ज़िंदगी अगर 4-5 साल तक जी लें तो उन्हें बोरियत होने लगती है, वो भी तब, जब उनका खाना और कपड़ा बदलता रहता है. ऐसे में अगर कोई आपको 15 साल तक एक ही खाना, एक ही तरह के कपड़े, नौकरी और रूटीन में बांध दे, तो आपका क्या रिएक्शन होगा?
आप एक सा खाना अगर हफ्ते भर भी खा लें, तो बर्दाश्त नहीं
कर पाते लेकिन एक शख्स ऐसा भी है, जो पिछले 15 साल से एक जैसी ज़िंदगी जी रहा है. पिछले डेढ़ दशक में जापान के रहने वाले इस शख्स ने रत्ती भर भी बदलाव नहीं किया है. वो बिल्कुल रोबोट की तरह एक ही सांचे में ढला हुआ है लेकिन उसने इसके बहुत से फायदे बताए हैं.
15 साल से एक ही पैटर्न में सेट है लाइफ
साउथ चाइना मॉर्निंग पोस्ट की रिपोर्ट के मुताबिक जापान के रहने वाले गो कीता की उम्र 38 साल है और वो पिछले 15 साल से अपनी ज़िंदगी को एक सेट पैटर्न में जी रहे हैं. उन्होंने अपनी नौकरी भी डेढ़ दशक में नहीं बदली है. वो नाश्ते में नट्स और रेमन खाते हैं, दोपहर के खाने में चिकन ब्रेस्ट लेते हैं और रात को बींस के साथ स्टर फ्राइड पोर्क खाते हैं. उनकी खाने की मात्रा और सप्लीमेंट भी निर्धारित हैं. वे एक ही स्टाइल की शर्ट और ट्राउज़र हर दिन पहनते हैं, यहां तक उनके मोजे और अंडरगार्मेंट भी एक जैसे ही हैं. शेविंग, लॉन्ड्री और नाखून-बाल काटने का भी समय निर्धारित है.
क्यों कर रहे हैं खुद पर ये टॉर्चर?
आप भी सोच रहे होंगे कि वो खुद पर ये प्रताड़ना क्यों कर रहे हैं. इसके जवाब में कीता बताते हैं कि इससे उनके दिमाग पर प्रेशर कम रहता है और वो प्रभावशाली तरीके से निर्णय ले पाते हैं. उनका कहना है कि उन्हें इसकी प्रेरणा जापानी बेसबॉल प्लेयर इचिरो सुजुकी से मिली. उनका कहना है कि आमतौर पर हम दिन में 30 हज़ार छोटे-बडे़ निर्णय लेते हैं, लेकिन अनुशासित ज़िंदगी से ये समय और प्रेशर बचता है. इसकी वजह से उनकी ज़िंदगी दबाव और तनावरहित होता है.
