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संजू सैमसन को नहीं किया गया बाहर, 2028 टी-20 वर्ल्ड कप की रणनीति के तहत जिम्बाब्वे दौरे से मिले आराम
स्पोर्ट्स डेस्क
बीसीसीआई ने भविष्य की टीम तैयार करने पर दिया जोर, प्रभसिमरन सिंह को मिला पहला बड़ा मौका; एशियन गेम्स टीम में पहले से शामिल हैं संजू
भारतीय क्रिकेट टीम के विकेटकीपर बल्लेबाज संजू सैमसन को लेकर पिछले कुछ दिनों से चल रही चर्चाओं पर अब तस्वीर काफी हद तक साफ हो गई है। जिम्बाब्वे दौरे के लिए घोषित भारतीय टी-20 टीम में उनका नाम नहीं होने के बाद यह अटकलें लगाई जा रही थीं कि उन्हें टीम से बाहर कर दिया गया है। हालांकि, अब सामने आई जानकारी के मुताबिक ऐसा नहीं है। चयन समिति और टीम प्रबंधन ने स्पष्ट किया है कि संजू सैमसन भारतीय टीम की भविष्य की योजनाओं का हिस्सा हैं और उन्हें बाहर नहीं किया गया है। दरअसल, भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने 2028 टी-20 विश्व कप को ध्यान में रखते हुए नए खिलाड़ियों को अंतरराष्ट्रीय अनुभव देने की रणनीति बनाई है। इसी योजना के तहत जिम्बाब्वे दौरे के लिए युवा विकेटकीपर बल्लेबाज प्रभसिमरन सिंह को मौका दिया गया है।
चयनकर्ताओं ने इस फैसले की जानकारी पहले ही संजू सैमसन को दे दी थी। उन्हें सितंबर में जापान में होने वाले एशियन गेम्स के लिए भारतीय टीम में शामिल किया गया है। ऐसे में जिम्बाब्वे दौरे से उनका बाहर रहना किसी तरह की नाराजगी या खराब प्रदर्शन की वजह नहीं माना जा रहा है, बल्कि यह टीम प्रबंधन की लंबी अवधि की रणनीति का हिस्सा है। हाल ही में बीसीसीआई ने 23 से 26 जुलाई तक जिम्बाब्वे में होने वाली तीन मैचों की टी-20 सीरीज के लिए 15 सदस्यीय भारतीय टीम की घोषणा की थी। इस टीम में टी-20 विश्व कप 2026 के प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट रहे संजू सैमसन का नाम नहीं था। इसके बाद सोशल मीडिया पर कई तरह की प्रतिक्रियाएं सामने आईं और चयन प्रक्रिया को लेकर सवाल भी उठे। हालांकि अब यह स्पष्ट हो गया है कि चयनकर्ताओं का उद्देश्य युवा खिलाड़ियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तैयार करना है।
एशियन गेम्स के लिए घोषित भारतीय टीम में संजू सैमसन का नाम पहले से शामिल है। इस टीम की कप्तानी श्रेयस अय्यर करेंगे, जबकि तिलक वर्मा उपकप्तान होंगे। टीम में वैभव सूर्यवंशी, अभिषेक शर्मा, ईशान किशन, शिवम दुबे, नीतीश कुमार रेड्डी, अक्षर पटेल, वॉशिंगटन सुंदर, रवि बिश्नोई, वरुण चक्रवर्ती, जसप्रीत बुमराह, हर्षित राणा और अर्शदीप सिंह जैसे खिलाड़ी भी शामिल हैं। इससे साफ है कि संजू अब भी भारतीय टीम की योजनाओं का महत्वपूर्ण हिस्सा बने हुए हैं।
जिम्बाब्वे दौरे के लिए चयनकर्ताओं ने कई नए चेहरों को मौका दिया है। विकेटकीपर बल्लेबाज प्रभसिमरन सिंह के अलावा तेज गेंदबाज यश ठाकुर, अशोक शर्मा और ऑलराउंडर हर्ष दुबे को पहली बार भारतीय टी-20 टीम में जगह मिली है। वहीं रिंकू सिंह और मयंक यादव की भी टीम में वापसी हुई है। चयन समिति का मानना है कि इन खिलाड़ियों को समय रहते अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट का अनुभव देने से भविष्य में टीम को मजबूती मिलेगी।
प्रभसिमरन सिंह को यह मौका उनके लगातार अच्छे प्रदर्शन का इनाम माना जा रहा है। उन्होंने इंडियन प्रीमियर लीग में पंजाब किंग्स के लिए पिछले दो सीजन में शानदार बल्लेबाजी की है। वर्ष 2025 में उन्होंने 579 रन बनाए थे, जबकि 2026 के सीजन में 14 मैचों में 510 रन बनाए। उनका औसत 42.50 और स्ट्राइक रेट 168.87 रहा, जो टी-20 क्रिकेट के लिहाज से बेहद प्रभावशाली माना जाता है। इसके अलावा उन्होंने जून महीने में श्रीलंका दौरे पर भारत-ए की ओर से भी अच्छा प्रदर्शन किया था। चयनकर्ताओं का मानना है कि प्रभसिमरन जैसे युवा खिलाड़ियों को समय पर अवसर देने से भारतीय क्रिकेट को भविष्य के लिए मजबूत विकल्प मिलेंगे।
हालिया अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों में संजू सैमसन का प्रदर्शन उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा था। आयरलैंड और इंग्लैंड के खिलाफ टी-20 सीरीज में उन्होंने क्रमशः 5, 0 और 1 रन बनाए। इंग्लैंड के दूसरे मुकाबले में उन्हें प्लेइंग इलेवन से बाहर कर युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को डेब्यू का मौका दिया गया था। हालांकि चयनकर्ताओं ने साफ किया है कि केवल हालिया प्रदर्शन के आधार पर किसी खिलाड़ी के भविष्य का फैसला नहीं किया जा रहा है। टीम चयन में आगामी बड़े टूर्नामेंटों और खिलाड़ियों के कार्यभार को भी ध्यान में रखा जा रहा है।
जिम्बाब्वे दौरे और सितंबर में होने वाले एशियन गेम्स के दौरान भारतीय टीम के साथ राष्ट्रीय क्रिकेट अकादमी यानी सेंटर ऑफ एक्सीलेंस का सपोर्ट स्टाफ रहेगा। टीम के मुख्य कोच की जिम्मेदारी वीवीएस लक्ष्मण संभालेंगे। उनके साथ सुनील जोशी और ऋषिकेश कानिटकर भी सहयोगी स्टाफ का हिस्सा हो सकते हैं। वहीं मुख्य कोच गौतम गंभीर और उनका नियमित कोचिंग स्टाफ आगामी श्रीलंका टेस्ट सीरीज तथा वेस्टइंडीज के खिलाफ व्हाइट-बॉल सीरीज की तैयारियों में व्यस्त रहेगा। भारत और जिम्बाब्वे के बीच तीन मैचों की टी-20 सीरीज 23, 25 और 26 जुलाई को हरारे में खेली जाएगी। भारतीय टीम 19 जुलाई को जिम्बाब्वे पहुंचेगी, जबकि इंग्लैंड दौरे पर व्यस्त खिलाड़ी 20 जुलाई को टीम से जुड़ेंगे। इसके बाद 20 से 22 जुलाई तक अभ्यास सत्र आयोजित होंगे। सभी मुकाबले भारतीय समयानुसार दोपहर एक बजे शुरू होंगे।
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संजू सैमसन को नहीं किया गया बाहर, 2028 टी-20 वर्ल्ड कप की रणनीति के तहत जिम्बाब्वे दौरे से मिले आराम
स्पोर्ट्स डेस्क
भारतीय क्रिकेट टीम के विकेटकीपर बल्लेबाज संजू सैमसन को लेकर पिछले कुछ दिनों से चल रही चर्चाओं पर अब तस्वीर काफी हद तक साफ हो गई है। जिम्बाब्वे दौरे के लिए घोषित भारतीय टी-20 टीम में उनका नाम नहीं होने के बाद यह अटकलें लगाई जा रही थीं कि उन्हें टीम से बाहर कर दिया गया है। हालांकि, अब सामने आई जानकारी के मुताबिक ऐसा नहीं है। चयन समिति और टीम प्रबंधन ने स्पष्ट किया है कि संजू सैमसन भारतीय टीम की भविष्य की योजनाओं का हिस्सा हैं और उन्हें बाहर नहीं किया गया है। दरअसल, भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने 2028 टी-20 विश्व कप को ध्यान में रखते हुए नए खिलाड़ियों को अंतरराष्ट्रीय अनुभव देने की रणनीति बनाई है। इसी योजना के तहत जिम्बाब्वे दौरे के लिए युवा विकेटकीपर बल्लेबाज प्रभसिमरन सिंह को मौका दिया गया है।
चयनकर्ताओं ने इस फैसले की जानकारी पहले ही संजू सैमसन को दे दी थी। उन्हें सितंबर में जापान में होने वाले एशियन गेम्स के लिए भारतीय टीम में शामिल किया गया है। ऐसे में जिम्बाब्वे दौरे से उनका बाहर रहना किसी तरह की नाराजगी या खराब प्रदर्शन की वजह नहीं माना जा रहा है, बल्कि यह टीम प्रबंधन की लंबी अवधि की रणनीति का हिस्सा है। हाल ही में बीसीसीआई ने 23 से 26 जुलाई तक जिम्बाब्वे में होने वाली तीन मैचों की टी-20 सीरीज के लिए 15 सदस्यीय भारतीय टीम की घोषणा की थी। इस टीम में टी-20 विश्व कप 2026 के प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट रहे संजू सैमसन का नाम नहीं था। इसके बाद सोशल मीडिया पर कई तरह की प्रतिक्रियाएं सामने आईं और चयन प्रक्रिया को लेकर सवाल भी उठे। हालांकि अब यह स्पष्ट हो गया है कि चयनकर्ताओं का उद्देश्य युवा खिलाड़ियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तैयार करना है।
एशियन गेम्स के लिए घोषित भारतीय टीम में संजू सैमसन का नाम पहले से शामिल है। इस टीम की कप्तानी श्रेयस अय्यर करेंगे, जबकि तिलक वर्मा उपकप्तान होंगे। टीम में वैभव सूर्यवंशी, अभिषेक शर्मा, ईशान किशन, शिवम दुबे, नीतीश कुमार रेड्डी, अक्षर पटेल, वॉशिंगटन सुंदर, रवि बिश्नोई, वरुण चक्रवर्ती, जसप्रीत बुमराह, हर्षित राणा और अर्शदीप सिंह जैसे खिलाड़ी भी शामिल हैं। इससे साफ है कि संजू अब भी भारतीय टीम की योजनाओं का महत्वपूर्ण हिस्सा बने हुए हैं।
जिम्बाब्वे दौरे के लिए चयनकर्ताओं ने कई नए चेहरों को मौका दिया है। विकेटकीपर बल्लेबाज प्रभसिमरन सिंह के अलावा तेज गेंदबाज यश ठाकुर, अशोक शर्मा और ऑलराउंडर हर्ष दुबे को पहली बार भारतीय टी-20 टीम में जगह मिली है। वहीं रिंकू सिंह और मयंक यादव की भी टीम में वापसी हुई है। चयन समिति का मानना है कि इन खिलाड़ियों को समय रहते अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट का अनुभव देने से भविष्य में टीम को मजबूती मिलेगी।
प्रभसिमरन सिंह को यह मौका उनके लगातार अच्छे प्रदर्शन का इनाम माना जा रहा है। उन्होंने इंडियन प्रीमियर लीग में पंजाब किंग्स के लिए पिछले दो सीजन में शानदार बल्लेबाजी की है। वर्ष 2025 में उन्होंने 579 रन बनाए थे, जबकि 2026 के सीजन में 14 मैचों में 510 रन बनाए। उनका औसत 42.50 और स्ट्राइक रेट 168.87 रहा, जो टी-20 क्रिकेट के लिहाज से बेहद प्रभावशाली माना जाता है। इसके अलावा उन्होंने जून महीने में श्रीलंका दौरे पर भारत-ए की ओर से भी अच्छा प्रदर्शन किया था। चयनकर्ताओं का मानना है कि प्रभसिमरन जैसे युवा खिलाड़ियों को समय पर अवसर देने से भारतीय क्रिकेट को भविष्य के लिए मजबूत विकल्प मिलेंगे।
हालिया अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों में संजू सैमसन का प्रदर्शन उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा था। आयरलैंड और इंग्लैंड के खिलाफ टी-20 सीरीज में उन्होंने क्रमशः 5, 0 और 1 रन बनाए। इंग्लैंड के दूसरे मुकाबले में उन्हें प्लेइंग इलेवन से बाहर कर युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को डेब्यू का मौका दिया गया था। हालांकि चयनकर्ताओं ने साफ किया है कि केवल हालिया प्रदर्शन के आधार पर किसी खिलाड़ी के भविष्य का फैसला नहीं किया जा रहा है। टीम चयन में आगामी बड़े टूर्नामेंटों और खिलाड़ियों के कार्यभार को भी ध्यान में रखा जा रहा है।
जिम्बाब्वे दौरे और सितंबर में होने वाले एशियन गेम्स के दौरान भारतीय टीम के साथ राष्ट्रीय क्रिकेट अकादमी यानी सेंटर ऑफ एक्सीलेंस का सपोर्ट स्टाफ रहेगा। टीम के मुख्य कोच की जिम्मेदारी वीवीएस लक्ष्मण संभालेंगे। उनके साथ सुनील जोशी और ऋषिकेश कानिटकर भी सहयोगी स्टाफ का हिस्सा हो सकते हैं। वहीं मुख्य कोच गौतम गंभीर और उनका नियमित कोचिंग स्टाफ आगामी श्रीलंका टेस्ट सीरीज तथा वेस्टइंडीज के खिलाफ व्हाइट-बॉल सीरीज की तैयारियों में व्यस्त रहेगा। भारत और जिम्बाब्वे के बीच तीन मैचों की टी-20 सीरीज 23, 25 और 26 जुलाई को हरारे में खेली जाएगी। भारतीय टीम 19 जुलाई को जिम्बाब्वे पहुंचेगी, जबकि इंग्लैंड दौरे पर व्यस्त खिलाड़ी 20 जुलाई को टीम से जुड़ेंगे। इसके बाद 20 से 22 जुलाई तक अभ्यास सत्र आयोजित होंगे। सभी मुकाबले भारतीय समयानुसार दोपहर एक बजे शुरू होंगे।
