19 हार्डकोर माओवादियों का बीजापुर में सरेंडर, 10 माओवादियों पर था 29 लाख का इनाम

Bijapur, cg

सरेंडर करने वाले माओवादियों में PLGA बटालियन और मिलिशिया प्लाटून के कमांडर शामिल हैं.

खूंखार नक्सली देवा पदम ने अपनी पत्नी और 19 नक्सलियों के साथ आज बीजापुर जिला मुख्यालय में आत्मसमर्पण कर दिया. जिन नक्सलियों ने आज सरेंडर किया उनमें कमांडर स्तर के माओवादी भी शामिल हैं. आत्मसमर्पण करने वाले 19 में से 10 माओवादियों पर कुल 29 लाख का इनाम घोषित था.

19 माओवादियों का सरेंडर: सरेंडर करने वाले माओवादियों में कई खूंखार नक्सली भी शामिल हैं. हार्डकोर नक्सली कई सालों से माओवादी संगठन से जुड़े रहे हैं. सरेंडर नक्सली कई नक्सल हिंसा से जुड़ी वारदातों में भी शामिल रहे हैं. लंबे वक्त से इन नक्सलियों की तलाश बीजापुर पुलिस कर रही थी.

19 हार्डकोर माओवादियों का बीजापुर में सरेंडर (ETV Bharat)

आत्मसमर्पण करने वाले माओवादियों के इन संगठनों से जुड़े थे

  • 2 PLGA बटालियन के PPCM के नक्सली.
  • पामेड़ एरिया कमेटी के ACM का 1 नक्सली.
  • AOB डिवीजन की प्लाटून नम्बर का 1 नक्सली.
  • 1 मिलिशिया प्लाटून कमांडर.
  • 1 जनताना सरकार अध्यक्ष.
  • 5 डीएकेएमएस अध्यक्ष.
  • 2 मिलिशिया प्लाटून डिप्टी कमांडर.
  • 4 जनताना सरकार सदस्य.
  • 4 डीएकेएमएस सदस्य.

एंटी नक्सल ऑपरेशन से बढ़ा दबाव: पुलिस और सुरक्षाबलों का कहना है कि बस्तर में चल रहे एंटी नक्सल ऑपरेशन के चलते नक्सलियों पर दबाव बढ़ा है. फोर्स के बढ़ते मूवमेंट के चलते नक्सली लगातार प्रेशर में हैं.

पुलिस कैंपों की स्थापना से बदले हालात: बीजापुर में लगातार बनाए जा रहे नवीन पुलिस कैंपों के जरिए फोर्स अपने फारवर्ड बेस स्थापित कर रही है. पुलिस कैंपों की मदद से गांव वालों को शिक्षा, स्वास्थ्य और सरकारी सुविधाएं दी जा रही हैं. नक्सल प्रभावित इलाकों में कैंप बनने से नक्सलियों का इलाके में आना जाना थम गया है. नक्सलियों के जो कभी सेफ जोन हुआ करते थे वहां अब फोर्स की पहुंच हो चुकी है.

नई पुनर्वास नीति: छत्तीसगढ़ सरकार की नई पुनर्वास नीति के चलते बड़ी संख्या में नक्सली सरेंडर कर रहे हैं. सरकार की पुनर्वास नीति से प्रभावित होकर नक्सली न सिर्फ सरेंडर कर रहे हैं बल्कि दूसरे माओवादियों के लिए भी एक संदेश दे रहे हैं. सरकार की पुनर्वास नीति के तहत नकद राशि और रोजगार शुरु करने के लिए स्किल डेवलपमेंट ट्रेनिंग भी दी जा रही है.

गांव गांव में चलाया जा रहा अभियान: गांव वालों की मदद और डॉक्यूमेंट्री के जरिए भी नक्सलियों को सरेंडर के लिए प्रेरित किया जा रहा है. समाज की मुख्यधारा से नक्सलियों को जोड़ने के लिए प्रचार प्रसार अभियान की भी मदद ली जा रही है.

सरेंडर और मारे गए माओवादियों की संख्या

  • साल 2025 में अब तक 84 माओवादियो ने आत्मसमर्पण.
  • 137 माओवादी अबतक गिरफ्तार किए गए.
  • 56 माओवादी मुठभेड़ में मारे गए.

सरेंडर करने वाले नक्सलियों के नाम और पद

  • देवा पदम उम्र 30 वर्ष, निवासी कोरसागुड़ा, पदमपारा थाना बासागुड़ा, जिला बीजापुर, पदनाम - बटालियन नम्बर 1 पीपीसीएम, देवा पदम पर 8 लाख का इनाम था. पदम साल 2007 से नक्सली संगठन में सक्रिय था.
  • दुले कलमू, उम्र 28 वर्ष, निवासी कोरसागुड़ा, पदमपारा थाना बासागुड़ा, जिला बीजापुर, पदनाम - बटालियन नम्बर 1 के कंपनी नम्बर 1 की पार्टी सदस्य था. दुले कलमू पर 8 लाख का इनाम घोषित था.
  • सुरेश कटटाम, उम्र 21 वर्ष, निवासी नैलाकांकेर, स्कूलपारा, थाना उसूर, जिला बीजापुर, पदनाम - एसीएम. सुरेश कट्टाम पर 5 लाख का इनाम घोषित था. 2020 से नक्सली संगठन में सक्रिय था.
  • सोनी पूनेम पूनेम, उम्र 20 वर्ष, निवासी कोरसागुड़ा, स्कूलपारा, थाना बासागुड़ा, जिला बीजापुर, पदनाम - AOB डिवीजन अन्तर्गत प्लाटून नम्बर 1 की पार्टी सदस्य थी. पुलिस ने 2 लाख का इनाम रखा था. वर्ष 2013 से सक्रिय थी.
  • नारायण कट्टाम, उम्र 35 वर्ष, निवासी नेलाकांकेर, स्कूलपारा, थाना उसूर, पदनाम - कमलापुर आरपीसी जनताना सरकार अध्यक्ष था. पुलिस ने 1 लाख का इनाम रखा था, वर्ष 2007 से संगठन में सक्रिय था.
  • अंदा माडवी, उम्र 35 वर्ष, निवासी कमलापुर, थाना उसूर, पदनाम - कमलापुर आरपीसी मिलिशिया प्लाटून कमाण्डर था. पुलिस ने 1 लाख का इनाम रखा था. वर्ष 2001 से सक्रिय था.
  • बामी कुहरामी, उम्र 45 वर्ष, निवासी कमालपुर, पाउरगुड़ा, थाना उसूर, पदनाम - कमलापुर आरपीसी डीए‌केएमएस अध्यक्ष था. शासन की ओर से 1 लाख का इनाम इसकी गिरफ्तारी पर था. वर्ष 1996 से सक्रिय था.
  • नागा कट्टाम, उम्र 40 वर्ष, निवासी कमलापुर, थाना उसूर, पदनाम - कमलापुर आरपीसी डीएकेएमएस सदस्य रहा. सरकार ने इसपर 1 लाख का इनाम घोषित किया था. वर्ष 2016 से नक्सल संगठन में सक्रिय था.
  • शंकर कड़ती, उम्र 45 वर्ष, निवासी लिंगापुर, स्कूलपारा, थाना उसूर, पदनाम - लिंगापुर आरपीसी डीएकेएमएस अध्यक्ष था. पुलिस ने इसपर 1 लाख का इनाम घोषित किया था. साल 2020 से सक्रिय था.
  • मुन्ना पोड़ियाम, उम्र 35 वर्ष, निवासी मारूड़बाका, स्कूलपारा, थाना उसूर, पदनाम - मारूड़बाका आरपीसी डीएकेएमएस अध्यक्ष था. 1 लाख का इनाम था. साल 2002 से माओवादी संगठन से जुड़ा था.
  • सहला वाम, उम्र 40 साल, पदनाम - मारडचावा आरपीसी जनताना सरकार सदस्य था.
  • नरसिंह राम पोड़ियाम, उम्र 28 वर्ष, निवासी उडतामल्ला, पटेलपाग, थाना पामेड़, पदनाम - कचाल आरपीसी मिलिशिया प्लाटून डिप्टी कमांडर, साल 2001 से सक्रिय था.
  • शंकर माड़वी, उम्र 35 वर्ष, निवासी कमलापुर, जोनागुड़ा पारा, थाना उसूर, पदनाम - कमलापुर आरपीसी जनताना सरकार सदस्य, वर्ष 2001 से सक्रिय था.
  • लखमा ताती, उम्र 35 वर्ष, निवासी कमलापुर, पाउरगुड़ा, थाना उसूर, पदनाम - कमलापुर आरपीसी जनताना सरकार सदस्य था. वर्ष 1996 से सक्रिय था.
  • पाण्डू माड़वी, उम्र 29 वर्ष, निवासी कमलापुर, जोनागुडापारा, थाना उसूर, पदनाम - कमलापुर आरपीसी मिलिशिया प्लाटून ए सेक्शन डिप्टी कमाण्डर था. वर्ष 2006 से सक्रिय था.
  • जोगा सोड़ी, उम्र 38 वर्ष, निवासी कमलापुर, पाउरगुड़ा, थाना उसूर, जिला बीजापुर, पदनाम - कमलापुर आरपीसी जनताना सरकार सदस्य रहा. वर्ष 1996 से सक्रिय था.
  • पिड़गा कट्टम, उम्र 45 वर्ष, निवासी कमलापुर, पदनाम - कमलापुर आरपीसी डीएकेएमएस सदस्य रहा. साल 1996 से सक्रिया था.
  • एर्रा सोढ़ी, उम्र 49 वर्ष, निवासी कमलापुर, मोडियमपारा, थाना उसूर, पदनाम - कमालापुर आरपीसी डीएकेएमएस सदस्य. साल 1996 से नक्सल संगठन में सक्रिय था.
  • चिन्नाबी काका, उम्र 45 वर्ष, निवासी मारूड़बाका, बंजारीपारा, थाना उसूर, पदनाम - मारूडबाका आरपीसी डीएकेएमएस सदस्य रहा. वर्ष 2005 से माओवादी संगठन में सक्रिय था.


नेल्लानार योजना: माओवादियों के समर्पण और पुनर्वास के लिए सरकार ने नियद नेल्लानार योजना चलाई है. यह योजना नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में शांति और विकास को बढ़ावा देने के लिए बनाई गई है. इस योजना के तहत, आत्मसमर्पण करने वाले माओवादियों को विभिन्न सुविधाएं प्रदान की जाती हैं, जैसे कि पुनर्वास, रोजगार और शिक्षा. इसके अलावा, नक्सल हिंसा से प्रभावित लोगों के लिए भी राहत और पुनर्वास की व्यवस्था की जाती है. यह योजना माओवादियों को आत्मसमर्पण करने और समाज की मुख्यधारा में शामिल होने के लिए प्रोत्साहित कर रही है.

बदल रही है बस्तर में तस्वीर: योजना के जरिए बड़ी संख्या में माओवादी आत्मसमर्पण कर रहे हैं और समाज में शांतिपूर्ण जीवन जीने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं. माओवादियों द्वारा आत्मसमर्पण के पीछे जिले में हो रहे विकास कार्य बड़ा कारण रहा, तेजी से बनती सड़कें, गावों तक पहुंचती विभिन्न सुविधाओं ने इन्हें प्रभावित किया है. संगठन के विचारों से मोहभंग और मिली निराशा, संगठन के भीतर बढ़ते आंतरिक मतभेद इनके आत्मसमर्पण का बहुत बड़ा कारण है.

-----------------

हमारे आधिकारिक प्लेटफॉर्म्स से जुड़ें –
🔴 व्हाट्सएप चैनलhttps://whatsapp.com/channel/0029VbATlF0KQuJB6tvUrN3V
🔴 फेसबुकDainik Jagran MP/CG Official
🟣 इंस्टाग्राम@dainikjagranmp.cg
🔴 यूट्यूबDainik Jagran MPCG Digital

📲 सोशल मीडिया पर जुड़ें और बने जागरूक पाठक।
👉 आज ही जुड़िए

www.dainikjagranmpcg.com
17 Mar 2025 By दैनिक जागरण

19 हार्डकोर माओवादियों का बीजापुर में सरेंडर, 10 माओवादियों पर था 29 लाख का इनाम

Bijapur, cg

खूंखार नक्सली देवा पदम ने अपनी पत्नी और 19 नक्सलियों के साथ आज बीजापुर जिला मुख्यालय में आत्मसमर्पण कर दिया. जिन नक्सलियों ने आज सरेंडर किया उनमें कमांडर स्तर के माओवादी भी शामिल हैं. आत्मसमर्पण करने वाले 19 में से 10 माओवादियों पर कुल 29 लाख का इनाम घोषित था.

19 माओवादियों का सरेंडर: सरेंडर करने वाले माओवादियों में कई खूंखार नक्सली भी शामिल हैं. हार्डकोर नक्सली कई सालों से माओवादी संगठन से जुड़े रहे हैं. सरेंडर नक्सली कई नक्सल हिंसा से जुड़ी वारदातों में भी शामिल रहे हैं. लंबे वक्त से इन नक्सलियों की तलाश बीजापुर पुलिस कर रही थी.

19 हार्डकोर माओवादियों का बीजापुर में सरेंडर (ETV Bharat)

आत्मसमर्पण करने वाले माओवादियों के इन संगठनों से जुड़े थे

  • 2 PLGA बटालियन के PPCM के नक्सली.
  • पामेड़ एरिया कमेटी के ACM का 1 नक्सली.
  • AOB डिवीजन की प्लाटून नम्बर का 1 नक्सली.
  • 1 मिलिशिया प्लाटून कमांडर.
  • 1 जनताना सरकार अध्यक्ष.
  • 5 डीएकेएमएस अध्यक्ष.
  • 2 मिलिशिया प्लाटून डिप्टी कमांडर.
  • 4 जनताना सरकार सदस्य.
  • 4 डीएकेएमएस सदस्य.

एंटी नक्सल ऑपरेशन से बढ़ा दबाव: पुलिस और सुरक्षाबलों का कहना है कि बस्तर में चल रहे एंटी नक्सल ऑपरेशन के चलते नक्सलियों पर दबाव बढ़ा है. फोर्स के बढ़ते मूवमेंट के चलते नक्सली लगातार प्रेशर में हैं.

पुलिस कैंपों की स्थापना से बदले हालात: बीजापुर में लगातार बनाए जा रहे नवीन पुलिस कैंपों के जरिए फोर्स अपने फारवर्ड बेस स्थापित कर रही है. पुलिस कैंपों की मदद से गांव वालों को शिक्षा, स्वास्थ्य और सरकारी सुविधाएं दी जा रही हैं. नक्सल प्रभावित इलाकों में कैंप बनने से नक्सलियों का इलाके में आना जाना थम गया है. नक्सलियों के जो कभी सेफ जोन हुआ करते थे वहां अब फोर्स की पहुंच हो चुकी है.

नई पुनर्वास नीति: छत्तीसगढ़ सरकार की नई पुनर्वास नीति के चलते बड़ी संख्या में नक्सली सरेंडर कर रहे हैं. सरकार की पुनर्वास नीति से प्रभावित होकर नक्सली न सिर्फ सरेंडर कर रहे हैं बल्कि दूसरे माओवादियों के लिए भी एक संदेश दे रहे हैं. सरकार की पुनर्वास नीति के तहत नकद राशि और रोजगार शुरु करने के लिए स्किल डेवलपमेंट ट्रेनिंग भी दी जा रही है.

गांव गांव में चलाया जा रहा अभियान: गांव वालों की मदद और डॉक्यूमेंट्री के जरिए भी नक्सलियों को सरेंडर के लिए प्रेरित किया जा रहा है. समाज की मुख्यधारा से नक्सलियों को जोड़ने के लिए प्रचार प्रसार अभियान की भी मदद ली जा रही है.

सरेंडर और मारे गए माओवादियों की संख्या

  • साल 2025 में अब तक 84 माओवादियो ने आत्मसमर्पण.
  • 137 माओवादी अबतक गिरफ्तार किए गए.
  • 56 माओवादी मुठभेड़ में मारे गए.

सरेंडर करने वाले नक्सलियों के नाम और पद

  • देवा पदम उम्र 30 वर्ष, निवासी कोरसागुड़ा, पदमपारा थाना बासागुड़ा, जिला बीजापुर, पदनाम - बटालियन नम्बर 1 पीपीसीएम, देवा पदम पर 8 लाख का इनाम था. पदम साल 2007 से नक्सली संगठन में सक्रिय था.
  • दुले कलमू, उम्र 28 वर्ष, निवासी कोरसागुड़ा, पदमपारा थाना बासागुड़ा, जिला बीजापुर, पदनाम - बटालियन नम्बर 1 के कंपनी नम्बर 1 की पार्टी सदस्य था. दुले कलमू पर 8 लाख का इनाम घोषित था.
  • सुरेश कटटाम, उम्र 21 वर्ष, निवासी नैलाकांकेर, स्कूलपारा, थाना उसूर, जिला बीजापुर, पदनाम - एसीएम. सुरेश कट्टाम पर 5 लाख का इनाम घोषित था. 2020 से नक्सली संगठन में सक्रिय था.
  • सोनी पूनेम पूनेम, उम्र 20 वर्ष, निवासी कोरसागुड़ा, स्कूलपारा, थाना बासागुड़ा, जिला बीजापुर, पदनाम - AOB डिवीजन अन्तर्गत प्लाटून नम्बर 1 की पार्टी सदस्य थी. पुलिस ने 2 लाख का इनाम रखा था. वर्ष 2013 से सक्रिय थी.
  • नारायण कट्टाम, उम्र 35 वर्ष, निवासी नेलाकांकेर, स्कूलपारा, थाना उसूर, पदनाम - कमलापुर आरपीसी जनताना सरकार अध्यक्ष था. पुलिस ने 1 लाख का इनाम रखा था, वर्ष 2007 से संगठन में सक्रिय था.
  • अंदा माडवी, उम्र 35 वर्ष, निवासी कमलापुर, थाना उसूर, पदनाम - कमलापुर आरपीसी मिलिशिया प्लाटून कमाण्डर था. पुलिस ने 1 लाख का इनाम रखा था. वर्ष 2001 से सक्रिय था.
  • बामी कुहरामी, उम्र 45 वर्ष, निवासी कमालपुर, पाउरगुड़ा, थाना उसूर, पदनाम - कमलापुर आरपीसी डीए‌केएमएस अध्यक्ष था. शासन की ओर से 1 लाख का इनाम इसकी गिरफ्तारी पर था. वर्ष 1996 से सक्रिय था.
  • नागा कट्टाम, उम्र 40 वर्ष, निवासी कमलापुर, थाना उसूर, पदनाम - कमलापुर आरपीसी डीएकेएमएस सदस्य रहा. सरकार ने इसपर 1 लाख का इनाम घोषित किया था. वर्ष 2016 से नक्सल संगठन में सक्रिय था.
  • शंकर कड़ती, उम्र 45 वर्ष, निवासी लिंगापुर, स्कूलपारा, थाना उसूर, पदनाम - लिंगापुर आरपीसी डीएकेएमएस अध्यक्ष था. पुलिस ने इसपर 1 लाख का इनाम घोषित किया था. साल 2020 से सक्रिय था.
  • मुन्ना पोड़ियाम, उम्र 35 वर्ष, निवासी मारूड़बाका, स्कूलपारा, थाना उसूर, पदनाम - मारूड़बाका आरपीसी डीएकेएमएस अध्यक्ष था. 1 लाख का इनाम था. साल 2002 से माओवादी संगठन से जुड़ा था.
  • सहला वाम, उम्र 40 साल, पदनाम - मारडचावा आरपीसी जनताना सरकार सदस्य था.
  • नरसिंह राम पोड़ियाम, उम्र 28 वर्ष, निवासी उडतामल्ला, पटेलपाग, थाना पामेड़, पदनाम - कचाल आरपीसी मिलिशिया प्लाटून डिप्टी कमांडर, साल 2001 से सक्रिय था.
  • शंकर माड़वी, उम्र 35 वर्ष, निवासी कमलापुर, जोनागुड़ा पारा, थाना उसूर, पदनाम - कमलापुर आरपीसी जनताना सरकार सदस्य, वर्ष 2001 से सक्रिय था.
  • लखमा ताती, उम्र 35 वर्ष, निवासी कमलापुर, पाउरगुड़ा, थाना उसूर, पदनाम - कमलापुर आरपीसी जनताना सरकार सदस्य था. वर्ष 1996 से सक्रिय था.
  • पाण्डू माड़वी, उम्र 29 वर्ष, निवासी कमलापुर, जोनागुडापारा, थाना उसूर, पदनाम - कमलापुर आरपीसी मिलिशिया प्लाटून ए सेक्शन डिप्टी कमाण्डर था. वर्ष 2006 से सक्रिय था.
  • जोगा सोड़ी, उम्र 38 वर्ष, निवासी कमलापुर, पाउरगुड़ा, थाना उसूर, जिला बीजापुर, पदनाम - कमलापुर आरपीसी जनताना सरकार सदस्य रहा. वर्ष 1996 से सक्रिय था.
  • पिड़गा कट्टम, उम्र 45 वर्ष, निवासी कमलापुर, पदनाम - कमलापुर आरपीसी डीएकेएमएस सदस्य रहा. साल 1996 से सक्रिया था.
  • एर्रा सोढ़ी, उम्र 49 वर्ष, निवासी कमलापुर, मोडियमपारा, थाना उसूर, पदनाम - कमालापुर आरपीसी डीएकेएमएस सदस्य. साल 1996 से नक्सल संगठन में सक्रिय था.
  • चिन्नाबी काका, उम्र 45 वर्ष, निवासी मारूड़बाका, बंजारीपारा, थाना उसूर, पदनाम - मारूडबाका आरपीसी डीएकेएमएस सदस्य रहा. वर्ष 2005 से माओवादी संगठन में सक्रिय था.


नेल्लानार योजना: माओवादियों के समर्पण और पुनर्वास के लिए सरकार ने नियद नेल्लानार योजना चलाई है. यह योजना नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में शांति और विकास को बढ़ावा देने के लिए बनाई गई है. इस योजना के तहत, आत्मसमर्पण करने वाले माओवादियों को विभिन्न सुविधाएं प्रदान की जाती हैं, जैसे कि पुनर्वास, रोजगार और शिक्षा. इसके अलावा, नक्सल हिंसा से प्रभावित लोगों के लिए भी राहत और पुनर्वास की व्यवस्था की जाती है. यह योजना माओवादियों को आत्मसमर्पण करने और समाज की मुख्यधारा में शामिल होने के लिए प्रोत्साहित कर रही है.

बदल रही है बस्तर में तस्वीर: योजना के जरिए बड़ी संख्या में माओवादी आत्मसमर्पण कर रहे हैं और समाज में शांतिपूर्ण जीवन जीने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं. माओवादियों द्वारा आत्मसमर्पण के पीछे जिले में हो रहे विकास कार्य बड़ा कारण रहा, तेजी से बनती सड़कें, गावों तक पहुंचती विभिन्न सुविधाओं ने इन्हें प्रभावित किया है. संगठन के विचारों से मोहभंग और मिली निराशा, संगठन के भीतर बढ़ते आंतरिक मतभेद इनके आत्मसमर्पण का बहुत बड़ा कारण है.

https://www.dainikjagranmpcg.com/state/chhattisgarh/19-hardcore-maoists-were-reward-of-29-lakhs-on-surrender/article-14357

खबरें और भी हैं

सीधी में वायरल व्हाट्सएप चैट से मचा बवाल, 3 हजार रुपए की मांग पर गरमाई सियासत

टाप न्यूज

सीधी में वायरल व्हाट्सएप चैट से मचा बवाल, 3 हजार रुपए की मांग पर गरमाई सियासत

मझौली जनपद पंचायत के विभागीय ग्रुप में सामने आया मैसेज, प्रभारी मंत्री के दौरे से पहले सोशल मीडिया पर वायरल...
मध्य प्रदेश  विंध्य/रीवा 
सीधी में वायरल व्हाट्सएप चैट से मचा बवाल, 3 हजार रुपए की मांग पर गरमाई सियासत

रीवा पुलिस की बड़ी कार्रवाई: सोहागी पहाड़ पर घेराबंदी कर पकड़ी अवैध नशीली कफ सीरप की खेप, होंडा सिटी कार सहित लाखों का माल जब्त

प्रयागराज से रीवा लाई जा रही थी 1312 शीशी नशीली कफ सीरप, 19 वर्षीय तस्कर गिरफ्तार, पुलिस महानिरीक्षक और पुलिस...
मध्य प्रदेश  विंध्य/रीवा 
रीवा पुलिस की बड़ी कार्रवाई: सोहागी पहाड़ पर घेराबंदी कर पकड़ी अवैध नशीली कफ सीरप की खेप, होंडा सिटी कार सहित लाखों का माल जब्त

ऑकलैंड में भावुक हुए पीएम मोदी, बोले- 25 साल पुराना मफलर आज भी संभालकर रखा है

भारतीय समुदाय को संबोधित करते हुए साझा की पुरानी यादें, भारत-न्यूजीलैंड साझेदारी, जनकल्याण और भविष्य के सहयोग पर दिया विशेष...
देश विदेश 
ऑकलैंड में भावुक हुए पीएम मोदी, बोले- 25 साल पुराना मफलर आज भी संभालकर रखा है

2029 तक ‘वन नेशन, वन इलेक्शन’ लागू करने की तैयारी तेज, जेपीसी अंतिम रिपोर्ट सौंपने की दिशा में आगे

संयुक्त संसदीय समिति का दावा- अधिकांश लोगों ने किया समर्थन, राज्यों से सुझाव लेकर तैयार हो रहा रोडमैप; संवैधानिक संशोधन...
देश विदेश 
2029 तक ‘वन नेशन, वन इलेक्शन’ लागू करने की तैयारी तेज, जेपीसी अंतिम रिपोर्ट सौंपने की दिशा में आगे

बिजनेस

ओपनएआई पर एप्पल का बड़ा मुकदमा, ट्रेड सीक्रेट चोरी का लगाया आरोप ओपनएआई पर एप्पल का बड़ा मुकदमा, ट्रेड सीक्रेट चोरी का लगाया आरोप
एप्पल ने अमेरिका की अदालत में दायर याचिका में ओपनएआई, उसके हार्डवेयर सहयोगी और दो पूर्व कर्मचारियों पर गोपनीय तकनीकी...
पाकिस्तान में पेट्रोल-डीजल फिर महंगे, नई कीमतें 11 जुलाई से लागू
शेयर बाजार में शानदार तेजी: सेंसेक्स 828 अंक उछला, निफ्टी 24,200 के पार; बैंकिंग और रियल्टी शेयरों ने भरी उड़ान
BSNL ने लॉन्च किया सैटेलाइट फोन, बिना मोबाइल नेटवर्क भी होगी बातचीत; खरीदने के लिए सरकारी मंजूरी जरूरी
शेयर बाजार में जोरदार उछाल, सेंसेक्स 700 अंक चढ़ा; आईटी और मेटल शेयरों में दिखी मजबूत खरीदारी
Copyright (c) Dainik Jagran All Rights Reserved.