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CGBSE ने जारी किया सप्लीमेंट्री परीक्षा का टाइम टेबल, जुलाई में होंगे 10वीं-12वीं के एग्जाम
छत्तीसगढ़
8 जुलाई से शुरू होगी 12वीं और 9 जुलाई से 10वीं की सप्लीमेंट्री परीक्षा, छात्रों को मिला दूसरा मौका
छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल (CGBSE) ने वर्ष 2026 की हाईस्कूल और हायर सेकेंडरी द्वितीय मुख्य तथा अवसर परीक्षा, जिसे आमतौर पर सप्लीमेंट्री परीक्षा कहा जाता है, की समय-सारिणी जारी कर दी है। बोर्ड की ओर से जारी कार्यक्रम के अनुसार 10वीं और 12वीं के वे छात्र जो मुख्य परीक्षा में सफल नहीं हो सके या अपने अंकों में सुधार करना चाहते हैं, उन्हें एक और अवसर मिलेगा। परीक्षा कार्यक्रम जारी होने के साथ ही हजारों विद्यार्थियों की तैयारियां तेज हो गई हैं। मंडल द्वारा जारी सूचना के अनुसार कक्षा 12वीं की द्वितीय मुख्य एवं अवसर परीक्षा 8 जुलाई 2026 से शुरू होगी और 22 जुलाई 2026 तक चलेगी। वहीं कक्षा 10वीं की द्वितीय मुख्य एवं अवसर परीक्षा 9 जुलाई 2026 से प्रारंभ होकर 21 जुलाई 2026 तक आयोजित की जाएगी। दोनों कक्षाओं की परीक्षाएं सुबह 9 बजे से दोपहर 12:15 बजे तक निर्धारित की गई हैं। परीक्षा केंद्रों पर छात्रों को निर्धारित समय से पहले पहुंचने की सलाह दी गई है ताकि प्रवेश और अन्य औपचारिकताओं में किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
हर साल की तरह इस बार भी बड़ी संख्या में ऐसे छात्र हैं जो मुख्य परीक्षा में एक या दो विषयों में अपेक्षित अंक प्राप्त नहीं कर सके। ऐसे विद्यार्थियों के लिए सप्लीमेंट्री परीक्षा बेहद महत्वपूर्ण मानी जाती है। यह परीक्षा उन्हें एक और अवसर देती है जिससे उनका पूरा शैक्षणिक वर्ष खराब होने से बच सकता है। शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि यह व्यवस्था छात्रों के भविष्य को ध्यान में रखकर बनाई गई है और इससे उन्हें अपनी कमियों को सुधारने का मौका मिलता है। बोर्ड अधिकारियों के अनुसार विस्तृत विषयवार परीक्षा कार्यक्रम मंडल की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध कराया गया है। विद्यार्थी वहां जाकर अपने विषयों की परीक्षा तिथि देख सकते हैं। परीक्षा कार्यक्रम जारी होने के बाद स्कूलों और कोचिंग संस्थानों में भी तैयारी का माहौल बन गया है। कई छात्र अब शेष बचे समय का अधिकतम उपयोग करने की योजना बना रहे हैं।
इस बार सप्लीमेंट्री परीक्षा में शामिल होने वाले विद्यार्थियों के सामने समय कम है, इसलिए उन्हें रणनीति बनाकर पढ़ाई करने की सलाह दी जा रही है। शिक्षकों का कहना है कि जिन विषयों में छात्र कमजोर रहे हैं, उन पर विशेष ध्यान देना चाहिए। पिछले वर्षों के प्रश्नपत्रों का अभ्यास, मॉडल पेपर हल करना और नियमित पुनरावृत्ति बेहतर परिणाम दिला सकती है। कई स्कूलों ने भी अपने विद्यार्थियों के लिए अतिरिक्त कक्षाएं और मार्गदर्शन सत्र शुरू कर दिए हैं। सप्लीमेंट्री परीक्षा केवल असफल छात्रों के लिए ही नहीं बल्कि उन विद्यार्थियों के लिए भी महत्वपूर्ण है जो अपने अंकों में सुधार करना चाहते हैं। बोर्ड की अवसर परीक्षा व्यवस्था के तहत ऐसे छात्र भी दोबारा परीक्षा देकर बेहतर प्रदर्शन करने का प्रयास कर सकते हैं। इससे उन्हें उच्च शिक्षा में प्रवेश या प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए बेहतर अंक प्राप्त करने का अवसर मिलता है।
शिक्षा विभाग का मानना है कि अवसर परीक्षा की व्यवस्था विद्यार्थियों को सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ने का मौका देती है। कई बार छात्र किसी विशेष परिस्थिति, स्वास्थ्य समस्या या मानसिक दबाव के कारण मुख्य परीक्षा में अच्छा प्रदर्शन नहीं कर पाते। ऐसे में सप्लीमेंट्री परीक्षा उनके लिए नई उम्मीद लेकर आती है। यही वजह है कि बोर्ड इस परीक्षा को गंभीरता से आयोजित करता है। परीक्षा को लेकर बोर्ड ने कुछ महत्वपूर्ण निर्देश भी जारी किए हैं। विद्यार्थियों को अपने प्रवेश पत्र, पहचान पत्र और अन्य आवश्यक दस्तावेज समय पर तैयार रखने की सलाह दी गई है। परीक्षा केंद्रों पर अनुशासन का पालन करना अनिवार्य होगा। किसी भी प्रकार की अनुचित गतिविधि या नकल की कोशिश करने पर बोर्ड के नियमों के अनुसार कार्रवाई की जा सकती है।
अभिभावकों की भूमिका भी इस दौरान महत्वपूर्ण मानी जा रही है। छात्रों पर अतिरिक्त दबाव डालने के बजाय उन्हें मानसिक रूप से मजबूत बनाने की जरूरत है। सकारात्मक माहौल और नियमित मार्गदर्शन से विद्यार्थी बेहतर प्रदर्शन कर सकते हैं। कई मनोवैज्ञानिक भी परीक्षा के दौरान तनाव कम रखने और आत्मविश्वास बनाए रखने की सलाह देते हैं। छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल की ओर से जारी इस समय-सारिणी के बाद अब विद्यार्थियों के पास अपनी तैयारी को अंतिम रूप देने का अवसर है। जुलाई में होने वाली इन परीक्षाओं के परिणाम उनके शैक्षणिक भविष्य को नई दिशा दे सकते हैं। ऐसे में छात्रों को समय का सही उपयोग करते हुए पूरी मेहनत और लगन के साथ तैयारी करने की आवश्यकता है।
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CGBSE ने जारी किया सप्लीमेंट्री परीक्षा का टाइम टेबल, जुलाई में होंगे 10वीं-12वीं के एग्जाम
छत्तीसगढ़
छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल (CGBSE) ने वर्ष 2026 की हाईस्कूल और हायर सेकेंडरी द्वितीय मुख्य तथा अवसर परीक्षा, जिसे आमतौर पर सप्लीमेंट्री परीक्षा कहा जाता है, की समय-सारिणी जारी कर दी है। बोर्ड की ओर से जारी कार्यक्रम के अनुसार 10वीं और 12वीं के वे छात्र जो मुख्य परीक्षा में सफल नहीं हो सके या अपने अंकों में सुधार करना चाहते हैं, उन्हें एक और अवसर मिलेगा। परीक्षा कार्यक्रम जारी होने के साथ ही हजारों विद्यार्थियों की तैयारियां तेज हो गई हैं। मंडल द्वारा जारी सूचना के अनुसार कक्षा 12वीं की द्वितीय मुख्य एवं अवसर परीक्षा 8 जुलाई 2026 से शुरू होगी और 22 जुलाई 2026 तक चलेगी। वहीं कक्षा 10वीं की द्वितीय मुख्य एवं अवसर परीक्षा 9 जुलाई 2026 से प्रारंभ होकर 21 जुलाई 2026 तक आयोजित की जाएगी। दोनों कक्षाओं की परीक्षाएं सुबह 9 बजे से दोपहर 12:15 बजे तक निर्धारित की गई हैं। परीक्षा केंद्रों पर छात्रों को निर्धारित समय से पहले पहुंचने की सलाह दी गई है ताकि प्रवेश और अन्य औपचारिकताओं में किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
हर साल की तरह इस बार भी बड़ी संख्या में ऐसे छात्र हैं जो मुख्य परीक्षा में एक या दो विषयों में अपेक्षित अंक प्राप्त नहीं कर सके। ऐसे विद्यार्थियों के लिए सप्लीमेंट्री परीक्षा बेहद महत्वपूर्ण मानी जाती है। यह परीक्षा उन्हें एक और अवसर देती है जिससे उनका पूरा शैक्षणिक वर्ष खराब होने से बच सकता है। शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि यह व्यवस्था छात्रों के भविष्य को ध्यान में रखकर बनाई गई है और इससे उन्हें अपनी कमियों को सुधारने का मौका मिलता है। बोर्ड अधिकारियों के अनुसार विस्तृत विषयवार परीक्षा कार्यक्रम मंडल की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध कराया गया है। विद्यार्थी वहां जाकर अपने विषयों की परीक्षा तिथि देख सकते हैं। परीक्षा कार्यक्रम जारी होने के बाद स्कूलों और कोचिंग संस्थानों में भी तैयारी का माहौल बन गया है। कई छात्र अब शेष बचे समय का अधिकतम उपयोग करने की योजना बना रहे हैं।
इस बार सप्लीमेंट्री परीक्षा में शामिल होने वाले विद्यार्थियों के सामने समय कम है, इसलिए उन्हें रणनीति बनाकर पढ़ाई करने की सलाह दी जा रही है। शिक्षकों का कहना है कि जिन विषयों में छात्र कमजोर रहे हैं, उन पर विशेष ध्यान देना चाहिए। पिछले वर्षों के प्रश्नपत्रों का अभ्यास, मॉडल पेपर हल करना और नियमित पुनरावृत्ति बेहतर परिणाम दिला सकती है। कई स्कूलों ने भी अपने विद्यार्थियों के लिए अतिरिक्त कक्षाएं और मार्गदर्शन सत्र शुरू कर दिए हैं। सप्लीमेंट्री परीक्षा केवल असफल छात्रों के लिए ही नहीं बल्कि उन विद्यार्थियों के लिए भी महत्वपूर्ण है जो अपने अंकों में सुधार करना चाहते हैं। बोर्ड की अवसर परीक्षा व्यवस्था के तहत ऐसे छात्र भी दोबारा परीक्षा देकर बेहतर प्रदर्शन करने का प्रयास कर सकते हैं। इससे उन्हें उच्च शिक्षा में प्रवेश या प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए बेहतर अंक प्राप्त करने का अवसर मिलता है।
शिक्षा विभाग का मानना है कि अवसर परीक्षा की व्यवस्था विद्यार्थियों को सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ने का मौका देती है। कई बार छात्र किसी विशेष परिस्थिति, स्वास्थ्य समस्या या मानसिक दबाव के कारण मुख्य परीक्षा में अच्छा प्रदर्शन नहीं कर पाते। ऐसे में सप्लीमेंट्री परीक्षा उनके लिए नई उम्मीद लेकर आती है। यही वजह है कि बोर्ड इस परीक्षा को गंभीरता से आयोजित करता है। परीक्षा को लेकर बोर्ड ने कुछ महत्वपूर्ण निर्देश भी जारी किए हैं। विद्यार्थियों को अपने प्रवेश पत्र, पहचान पत्र और अन्य आवश्यक दस्तावेज समय पर तैयार रखने की सलाह दी गई है। परीक्षा केंद्रों पर अनुशासन का पालन करना अनिवार्य होगा। किसी भी प्रकार की अनुचित गतिविधि या नकल की कोशिश करने पर बोर्ड के नियमों के अनुसार कार्रवाई की जा सकती है।
अभिभावकों की भूमिका भी इस दौरान महत्वपूर्ण मानी जा रही है। छात्रों पर अतिरिक्त दबाव डालने के बजाय उन्हें मानसिक रूप से मजबूत बनाने की जरूरत है। सकारात्मक माहौल और नियमित मार्गदर्शन से विद्यार्थी बेहतर प्रदर्शन कर सकते हैं। कई मनोवैज्ञानिक भी परीक्षा के दौरान तनाव कम रखने और आत्मविश्वास बनाए रखने की सलाह देते हैं। छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल की ओर से जारी इस समय-सारिणी के बाद अब विद्यार्थियों के पास अपनी तैयारी को अंतिम रूप देने का अवसर है। जुलाई में होने वाली इन परीक्षाओं के परिणाम उनके शैक्षणिक भविष्य को नई दिशा दे सकते हैं। ऐसे में छात्रों को समय का सही उपयोग करते हुए पूरी मेहनत और लगन के साथ तैयारी करने की आवश्यकता है।
