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मध्य प्रदेश से 2944 लड़कियां अपने घरों से लापता, जबलपुर से भी 249 बच्चे गायब
JABALPUR, MP
जबलपुर पुलिस ने लापता बच्चों की खोज के लिए मुस्कान अभियान चलाया है. इसके लिए 10 टीमें बनाई गई हैं. 60 बच्चों को खोजा गया.
यहां से फिलहाल 249 बच्चे गायब हैं. जबलपुर पुलिस का दावा है कि उन्होंने इन बच्चों की तलाश के लिए अभियान चला रखा है. गायब होने वालों में सबसे ज्यादा संख्या लड़कियों की है. पूरे मध्य प्रदेश से 2944 लड़कियां अपने घरों से लापता हैं. इन सभी की उम्र 18 साल से कम है. पुलिस का कहना है कि इनमें से किसी भी बच्चे का अपहरण नहीं हुआ है बल्कि बच्चे खुद अपने घरों से भागे हैं.
जबलपुर से 249 बच्चे गायब
जबलपुर के एडिशनल एसपी आनंद कलादगी ने बताया कि "जबलपुर से फिलहाल 249 बच्चे गायब हैं. इन बच्चों की गुमशुदगी की रिपोर्ट जिले की अलग-अलग थानों में दर्ज है. जबलपुर पुलिस ने इन बच्चों को घरों तक वापस लाने के लिए मुस्कान अभियान भी चलाया है. इसके तहत जबलपुर पुलिस बीते कुछ दिनों में 60 बच्चों को उनके घरों तक पहुंचने में सफल रही है. इनमें 9 बच्चे और 51 लड़कियां शामिल हैं जिन्हें अपने घरों तक पुलिस ने पहुंचाया है."
'ज्यादातर बच्चे अपनी मर्जी से भागे'
जबलपुर के एडिशनल एसपी आनंद कलादगी का कहना है कि "इनमें से कोई भी बच्चा ऐसा नहीं है इसके बारे में अपहरण की कोई शिकायत हो. ज्यादातर बच्चे अपनी मर्जी से भागे हैं इसलिए इन्हें खोजना थोड़ा कठिन होता है. फिर भी जबलपुर पुलिस ने 10 अलग-अलग टीम बना रखी हैं. जो बच्चों की जानकारी मिलते ही तुरंत उन्हें खोजने निकल पड़ती हैं."
'प्रेम प्रसंग भी घर से भागने की है वजह'
सामाजिक कार्यकर्ता अंशुमान भार्गव कहना है कि "जबलपुर से गायब 249 बच्चों में ज्यादातर जबलपुर के उन इलाकों के हैं जहां घनी बस्तियां हैं. जहां के लोग शहर के दूसरे इलाकों की अपेक्षा कमजोर आर्थिक स्थिति के हैं. इन इलाकों में लड़के और लड़की प्रेम प्रसंग की वजह से कम उम्र में घरों से भाग जाते हैं. इसके अलावा जो बच्चे गायब हैं उनमें कुछ बच्चे खराब मानसिक हालत की वजह से घरों से भाग जाते हैं. वहीं कुछ बच्चे घरेलू हिंसा और शारीरिक शोषण की वजह से भी घरों से भाग जाते हैं."
संसद में पेश गायब बच्चों की संख्या
लोकसभा में एक सवाल का जवाब देते हुए केंद्र सरकार के पूर्व गृह राज्य मंत्री अजय कुमार मिश्रा ने लोकसभा में भारत भर से गायब बच्चों की संख्या के बारे में जानकारी दी थी. इसी जानकारी में मध्य प्रदेश के बारे में बताया गया था कि 2022 में मध्य प्रदेश से 15087 बच्चे लापता थे. इनमें से पुलिस ने 11161 बच्चों को खोज लिया था और 3926 बच्चे फिर भी गायब थे.
यह आंकड़ा केंद्र सरकार ने संसद में पेश किया था.
पीआईबी की रिपोर्ट
यदि पीआईबी की रिपोर्ट की बात करें तो उसमें बताया गया था कि मध्य प्रदेश से 2021 की स्थिति में 13034 तो केवल लड़कियां गायब थीं जिनकी उम्र 18 साल से कम थी. मध्य प्रदेश से कुल लापता महिलाओं की संख्या 55704 बताई गई थी.
मध्य प्रदेश विधानसभा में गृह मंत्रालय का जवाब
मध्य प्रदेश विधानसभा में 2024 में एक विधायक के सवाल के जवाब में गृह मंत्रालय ने बताया था कि मध्य प्रदेश से कुल 31000 महिलाएं लापता हैं. इनमें से 28857 महिलाएं हैं और 2944 लड़कियां हैं.
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मध्य प्रदेश से 2944 लड़कियां अपने घरों से लापता, जबलपुर से भी 249 बच्चे गायब
JABALPUR, MP
यहां से फिलहाल 249 बच्चे गायब हैं. जबलपुर पुलिस का दावा है कि उन्होंने इन बच्चों की तलाश के लिए अभियान चला रखा है. गायब होने वालों में सबसे ज्यादा संख्या लड़कियों की है. पूरे मध्य प्रदेश से 2944 लड़कियां अपने घरों से लापता हैं. इन सभी की उम्र 18 साल से कम है. पुलिस का कहना है कि इनमें से किसी भी बच्चे का अपहरण नहीं हुआ है बल्कि बच्चे खुद अपने घरों से भागे हैं.
जबलपुर से 249 बच्चे गायब
जबलपुर के एडिशनल एसपी आनंद कलादगी ने बताया कि "जबलपुर से फिलहाल 249 बच्चे गायब हैं. इन बच्चों की गुमशुदगी की रिपोर्ट जिले की अलग-अलग थानों में दर्ज है. जबलपुर पुलिस ने इन बच्चों को घरों तक वापस लाने के लिए मुस्कान अभियान भी चलाया है. इसके तहत जबलपुर पुलिस बीते कुछ दिनों में 60 बच्चों को उनके घरों तक पहुंचने में सफल रही है. इनमें 9 बच्चे और 51 लड़कियां शामिल हैं जिन्हें अपने घरों तक पुलिस ने पहुंचाया है."
'ज्यादातर बच्चे अपनी मर्जी से भागे'
जबलपुर के एडिशनल एसपी आनंद कलादगी का कहना है कि "इनमें से कोई भी बच्चा ऐसा नहीं है इसके बारे में अपहरण की कोई शिकायत हो. ज्यादातर बच्चे अपनी मर्जी से भागे हैं इसलिए इन्हें खोजना थोड़ा कठिन होता है. फिर भी जबलपुर पुलिस ने 10 अलग-अलग टीम बना रखी हैं. जो बच्चों की जानकारी मिलते ही तुरंत उन्हें खोजने निकल पड़ती हैं."
'प्रेम प्रसंग भी घर से भागने की है वजह'
सामाजिक कार्यकर्ता अंशुमान भार्गव कहना है कि "जबलपुर से गायब 249 बच्चों में ज्यादातर जबलपुर के उन इलाकों के हैं जहां घनी बस्तियां हैं. जहां के लोग शहर के दूसरे इलाकों की अपेक्षा कमजोर आर्थिक स्थिति के हैं. इन इलाकों में लड़के और लड़की प्रेम प्रसंग की वजह से कम उम्र में घरों से भाग जाते हैं. इसके अलावा जो बच्चे गायब हैं उनमें कुछ बच्चे खराब मानसिक हालत की वजह से घरों से भाग जाते हैं. वहीं कुछ बच्चे घरेलू हिंसा और शारीरिक शोषण की वजह से भी घरों से भाग जाते हैं."
संसद में पेश गायब बच्चों की संख्या
लोकसभा में एक सवाल का जवाब देते हुए केंद्र सरकार के पूर्व गृह राज्य मंत्री अजय कुमार मिश्रा ने लोकसभा में भारत भर से गायब बच्चों की संख्या के बारे में जानकारी दी थी. इसी जानकारी में मध्य प्रदेश के बारे में बताया गया था कि 2022 में मध्य प्रदेश से 15087 बच्चे लापता थे. इनमें से पुलिस ने 11161 बच्चों को खोज लिया था और 3926 बच्चे फिर भी गायब थे.
यह आंकड़ा केंद्र सरकार ने संसद में पेश किया था.
पीआईबी की रिपोर्ट
यदि पीआईबी की रिपोर्ट की बात करें तो उसमें बताया गया था कि मध्य प्रदेश से 2021 की स्थिति में 13034 तो केवल लड़कियां गायब थीं जिनकी उम्र 18 साल से कम थी. मध्य प्रदेश से कुल लापता महिलाओं की संख्या 55704 बताई गई थी.
मध्य प्रदेश विधानसभा में गृह मंत्रालय का जवाब
मध्य प्रदेश विधानसभा में 2024 में एक विधायक के सवाल के जवाब में गृह मंत्रालय ने बताया था कि मध्य प्रदेश से कुल 31000 महिलाएं लापता हैं. इनमें से 28857 महिलाएं हैं और 2944 लड़कियां हैं.
