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महाकालेश्वर ज्योतिर्लिंग का भस्म आरती शृंगार दर्शन: अद्भुत और दिव्य अनुभूति
UJJAIN, MP
उज्जैन स्थित महाकालेश्वर ज्योतिर्लिंग बारह ज्योतिर्लिंगों में सबसे विशेष स्थान रखता है। यहां प्रतिदिन प्रातःकाल होने वाली भस्म आरती का अपना अलग ही महत्व है। इस अद्वितीय परंपरा में भगवान महाकाल को चंदन, भस्म, फूलों और आभूषणों से अलंकृत कर भव्य शृंगार किया जाता है।
चित्र में दिख रहा दर्शन भस्म आरती के बाद का है, जिसमें भगवान महाकालेश्वर दिव्य आभा से आलोकित हैं। उनके मस्तक पर चंदन, मुकुट, और फूलों की माला है, जबकि गले में रुद्राक्ष और रत्नजड़ित हार से सुसज्जित हैं। रंग-बिरंगे वस्त्र और "जय श्री महाकाल" की पट्टिका इस दृश्य को और भी पवित्र बनाती है।
ऐसा माना जाता है कि महाकाल के इस भस्म आरती दर्शन से भक्त के सभी संकट दूर होते हैं और जीवन में सुख-समृद्धि आती है। श्रद्धालु इस अलौकिक अनुभव के लिए दूर-दूर से उज्जैन पहुंचते हैं और महादेव के दरबार में अपनी श्रद्धा अर्पित करते हैं।

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महाकालेश्वर ज्योतिर्लिंग का भस्म आरती शृंगार दर्शन: अद्भुत और दिव्य अनुभूति
UJJAIN, MP
उज्जैन स्थित महाकालेश्वर ज्योतिर्लिंग बारह ज्योतिर्लिंगों में सबसे विशेष स्थान रखता है। यहां प्रतिदिन प्रातःकाल होने वाली भस्म आरती का अपना अलग ही महत्व है। इस अद्वितीय परंपरा में भगवान महाकाल को चंदन, भस्म, फूलों और आभूषणों से अलंकृत कर भव्य शृंगार किया जाता है।
चित्र में दिख रहा दर्शन भस्म आरती के बाद का है, जिसमें भगवान महाकालेश्वर दिव्य आभा से आलोकित हैं। उनके मस्तक पर चंदन, मुकुट, और फूलों की माला है, जबकि गले में रुद्राक्ष और रत्नजड़ित हार से सुसज्जित हैं। रंग-बिरंगे वस्त्र और "जय श्री महाकाल" की पट्टिका इस दृश्य को और भी पवित्र बनाती है।
ऐसा माना जाता है कि महाकाल के इस भस्म आरती दर्शन से भक्त के सभी संकट दूर होते हैं और जीवन में सुख-समृद्धि आती है। श्रद्धालु इस अलौकिक अनुभव के लिए दूर-दूर से उज्जैन पहुंचते हैं और महादेव के दरबार में अपनी श्रद्धा अर्पित करते हैं।

