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मुख्यमंत्री मोहन यादव का बड़ा ऐलान: किसानों को 1800 करोड़ की राहत राशि, सोलर पंप पर अब सिर्फ 10% देना होगा
तराना (उज्जैन)
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने रविवार को उज्जैन जिले के तराना में किसानों को राहत राशि वितरण, विकास कार्यों के लोकार्पण एवं भूमिपूजन कार्यक्रम में शामिल होकर कई बड़ी घोषणाएं कीं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार हर परिस्थिति में किसानों के साथ खड़ी है — चाहे सूखा हो, बाढ़ हो या मोजेक कीट से फसल का नुकसान।
किसानों को 1800 करोड़ की राहत राशि
मुख्यमंत्री ने बताया कि आज उज्जैन सहित राज्य के विभिन्न जिलों के किसानों के खातों में लगभग 1800 करोड़ रुपए की राहत राशि सीधे ट्रांसफर की जा रही है। उन्होंने कहा — “किसानों के खाते में राहत राशि डालना ही हमारी दिवाली है, यही हमारा पर्व है।”
पीला मोजेक से नुकसान पर पहली बार मुआवज़ा
डॉ. यादव ने कहा कि सरकार ने पहली बार पीला मोजेक वायरस से फसल को हुए नुकसान पर मुआवजा देने का निर्णय लिया है। यह किसानों के प्रति सरकार की संवेदनशीलता और प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
केंद्र और राज्य से मिलकर 12,000 रुपये की सहायता
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी किसानों को हर वर्ष 6,000 रुपये दे रहे हैं, वहीं मध्यप्रदेश सरकार भी 6,000 रुपये की राशि दे रही है। इस तरह किसानों को अब कुल 12,000 रुपये की वार्षिक सहायता मिल रही है।
सोलर पंप पर अब सिर्फ 10% देना होगा
किसानों को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में बड़ा ऐलान करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि अब सोलर पंप योजना में किसानों को सिर्फ 10% योगदान देना होगा, बाकी खर्च सरकार उठाएगी। उन्होंने कहा — “बिजली बिल से मुक्ति का रास्ता यही है — सूरज से सिंचाई करो, आत्मनिर्भर बनो।”
पशुपालन से आय दोगुनी करने का लक्ष्य
डॉ. यादव ने बताया कि राज्य सरकार पशुपालन को किसानों की आय दोगुनी करने का बड़ा माध्यम मान रही है। 25 गायों की योजना के तहत ₹40 लाख का प्रोजेक्ट बनाया गया है, जिसमें ₹10 लाख की सरकारी सहायता दी जाएगी। उन्होंने कहा कि गोबर, गोमूत्र और जैविक खाद के माध्यम से प्राकृतिक खेती को बढ़ावा दिया जाएगा।
तराना में विकास की नई राह
मुख्यमंत्री ने तराना क्षेत्र के विकास के लिए कई घोषणाएं कीं —
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तराना से शाजापुर तक नई सड़क निर्माण को मंज़ूरी
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कायथा में नया कॉलेज और आईटीआई भवन तैयार
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बारंडवा क्षेत्र में 8000 करोड़ रुपये का औद्योगिक प्रोजेक्ट, जिससे पहले चरण में 2000–3000 युवाओं को रोजगार मिलेगा
भावांतर योजना से समय पर भुगतान
मुख्यमंत्री ने कहा कि अब भावांतर योजना के तहत मंडियों में फसल बेचने वाले किसानों को उनकी बाकी राशि 15 दिन के भीतर खातों में भेजी जाएगी।
“हमारा हर निर्णय जनता के कल्याण के लिए”
कार्यक्रम के अंत में डॉ. मोहन यादव ने कहा — “हमारा हर निर्णय किसानों, बहनों, युवाओं और गरीबों के कल्याण के लिए है। किसानों की मेहनत ही प्रदेश की रीढ़ है, और हमारी सरकार उनके हर संकट में साथ खड़ी है।”
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मुख्यमंत्री मोहन यादव का बड़ा ऐलान: किसानों को 1800 करोड़ की राहत राशि, सोलर पंप पर अब सिर्फ 10% देना होगा
तराना (उज्जैन)
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने रविवार को उज्जैन जिले के तराना में किसानों को राहत राशि वितरण, विकास कार्यों के लोकार्पण एवं भूमिपूजन कार्यक्रम में शामिल होकर कई बड़ी घोषणाएं कीं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार हर परिस्थिति में किसानों के साथ खड़ी है — चाहे सूखा हो, बाढ़ हो या मोजेक कीट से फसल का नुकसान।
किसानों को 1800 करोड़ की राहत राशि
मुख्यमंत्री ने बताया कि आज उज्जैन सहित राज्य के विभिन्न जिलों के किसानों के खातों में लगभग 1800 करोड़ रुपए की राहत राशि सीधे ट्रांसफर की जा रही है। उन्होंने कहा — “किसानों के खाते में राहत राशि डालना ही हमारी दिवाली है, यही हमारा पर्व है।”
पीला मोजेक से नुकसान पर पहली बार मुआवज़ा
डॉ. यादव ने कहा कि सरकार ने पहली बार पीला मोजेक वायरस से फसल को हुए नुकसान पर मुआवजा देने का निर्णय लिया है। यह किसानों के प्रति सरकार की संवेदनशीलता और प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
केंद्र और राज्य से मिलकर 12,000 रुपये की सहायता
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी किसानों को हर वर्ष 6,000 रुपये दे रहे हैं, वहीं मध्यप्रदेश सरकार भी 6,000 रुपये की राशि दे रही है। इस तरह किसानों को अब कुल 12,000 रुपये की वार्षिक सहायता मिल रही है।
सोलर पंप पर अब सिर्फ 10% देना होगा
किसानों को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में बड़ा ऐलान करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि अब सोलर पंप योजना में किसानों को सिर्फ 10% योगदान देना होगा, बाकी खर्च सरकार उठाएगी। उन्होंने कहा — “बिजली बिल से मुक्ति का रास्ता यही है — सूरज से सिंचाई करो, आत्मनिर्भर बनो।”
पशुपालन से आय दोगुनी करने का लक्ष्य
डॉ. यादव ने बताया कि राज्य सरकार पशुपालन को किसानों की आय दोगुनी करने का बड़ा माध्यम मान रही है। 25 गायों की योजना के तहत ₹40 लाख का प्रोजेक्ट बनाया गया है, जिसमें ₹10 लाख की सरकारी सहायता दी जाएगी। उन्होंने कहा कि गोबर, गोमूत्र और जैविक खाद के माध्यम से प्राकृतिक खेती को बढ़ावा दिया जाएगा।
तराना में विकास की नई राह
मुख्यमंत्री ने तराना क्षेत्र के विकास के लिए कई घोषणाएं कीं —
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तराना से शाजापुर तक नई सड़क निर्माण को मंज़ूरी
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कायथा में नया कॉलेज और आईटीआई भवन तैयार
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बारंडवा क्षेत्र में 8000 करोड़ रुपये का औद्योगिक प्रोजेक्ट, जिससे पहले चरण में 2000–3000 युवाओं को रोजगार मिलेगा
भावांतर योजना से समय पर भुगतान
मुख्यमंत्री ने कहा कि अब भावांतर योजना के तहत मंडियों में फसल बेचने वाले किसानों को उनकी बाकी राशि 15 दिन के भीतर खातों में भेजी जाएगी।
“हमारा हर निर्णय जनता के कल्याण के लिए”
कार्यक्रम के अंत में डॉ. मोहन यादव ने कहा — “हमारा हर निर्णय किसानों, बहनों, युवाओं और गरीबों के कल्याण के लिए है। किसानों की मेहनत ही प्रदेश की रीढ़ है, और हमारी सरकार उनके हर संकट में साथ खड़ी है।”
