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मुख्यमंत्री मोहन यादव के ससुर ब्रह्मानंद यादव पंचतत्व में विलीन, रीवा में हुआ अंतिम संस्कार
Rewa, MP
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के ससुर और शिक्षाविद् ब्रह्मानंद यादव का मंगलवार शाम निधन हो गया। बुधवार को रीवा में पूरे विधि-विधान से उनका अंतिम संस्कार किया गया। मुखाग्नि उनके बड़े बेटे ने दी। अंतिम विदाई के मौके पर परिजनों के साथ-साथ डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ल, बीजेपी नेताओं और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने श्रद्धांजलि अर्पित की।
मुख्यमंत्री मोहन यादव इस समय दुबई और स्पेन की आधिकारिक विदेश यात्रा पर हैं। उनके साथ पत्नी सीमा यादव भी विदेश में मौजूद हैं। निधन की सूचना मिलने के बावजूद कार्यक्रम और दूरी के कारण मुख्यमंत्री अंतिम संस्कार में शामिल नहीं हो सके।
अचानक बिगड़ी तबीयत, अस्पताल पहुंचने से पहले निधन
27 जून की रात ब्रह्मानंद यादव की तबीयत बिगड़ी थी। सांस और पेट से जुड़ी तकलीफ के चलते उन्हें रीवा मेडिकल कॉलेज के ICU में भर्ती कराया गया था। हालत में सुधार के बाद उन्हें घर ले जाया गया था, लेकिन मंगलवार शाम उनकी तबीयत फिर से बिगड़ गई और अस्पताल पहुंचने से पहले ही उनका निधन हो गया।
संघ विचारधारा से जुड़े रहे, आंदोलनों में लिया था हिस्सा
ब्रह्मानंद यादव का जीवन संघर्षों से भरा रहा। वे युवावस्था से राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की विचारधारा से जुड़े थे। विद्यार्थी जीवन में उन्होंने कई आंदोलनों में सक्रिय भाग लिया। गिरफ्तारी से बचने के लिए उन्होंने नाम बदलकर 'ब्रह्मानंद' रख लिया था। आंदोलन के कारण उनके परिवार की जमीनें तक जब्त कर ली गई थीं।
शिक्षा के क्षेत्र में भी निभाई अहम भूमिका
ब्रह्मानंद यादव ने मुंबई से शिक्षा प्राप्त करने के बाद रीवा में शासकीय शिक्षक के रूप में अपनी सेवाएं दीं। उन्होंने शिक्षा के क्षेत्र में अहम योगदान दिया और वर्ष 1987 में प्रिंसिपल पद से सेवानिवृत्त हुए।
परिवार में शोक की लहर, बेटे-बेटियां समाजसेवा से जुड़े
वे अपने बेटे विवेकानंद यादव के साथ सुल्तानपुर में रहते थे। उनके बड़े बेटे रामानंद यादव एयरफोर्स से रिटायर्ड हैं जबकि दूसरे बेटे सदानंद यादव विद्या भारती में कार्यरत हैं। बेटी सीमा यादव की शादी वर्ष 1994 में मोहन यादव से हुई थी। पूरा परिवार संघ और शिक्षा से जुड़ा रहा है।
विद्यार्थी परिषद से जुड़ाव, मोहन यादव और सीमा की हुई थी पहली मुलाकात
सीमा यादव ने 1989 में भूगोल विषय से एमए किया था। वे भी संघ और विद्यार्थी परिषद की सक्रिय कार्यकर्ता रहीं। 1984 में परिषद के एक कार्यक्रम में उनकी मुलाकात मोहन यादव से हुई थी, जो उस समय संगठन में राष्ट्रीय मंत्री थे। यहीं से दोनों का परिचय विवाह में बदला।
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Rewa, MP
मुख्यमंत्री मोहन यादव इस समय दुबई और स्पेन की आधिकारिक विदेश यात्रा पर हैं। उनके साथ पत्नी सीमा यादव भी विदेश में मौजूद हैं। निधन की सूचना मिलने के बावजूद कार्यक्रम और दूरी के कारण मुख्यमंत्री अंतिम संस्कार में शामिल नहीं हो सके।
अचानक बिगड़ी तबीयत, अस्पताल पहुंचने से पहले निधन
27 जून की रात ब्रह्मानंद यादव की तबीयत बिगड़ी थी। सांस और पेट से जुड़ी तकलीफ के चलते उन्हें रीवा मेडिकल कॉलेज के ICU में भर्ती कराया गया था। हालत में सुधार के बाद उन्हें घर ले जाया गया था, लेकिन मंगलवार शाम उनकी तबीयत फिर से बिगड़ गई और अस्पताल पहुंचने से पहले ही उनका निधन हो गया।
संघ विचारधारा से जुड़े रहे, आंदोलनों में लिया था हिस्सा
ब्रह्मानंद यादव का जीवन संघर्षों से भरा रहा। वे युवावस्था से राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की विचारधारा से जुड़े थे। विद्यार्थी जीवन में उन्होंने कई आंदोलनों में सक्रिय भाग लिया। गिरफ्तारी से बचने के लिए उन्होंने नाम बदलकर 'ब्रह्मानंद' रख लिया था। आंदोलन के कारण उनके परिवार की जमीनें तक जब्त कर ली गई थीं।
शिक्षा के क्षेत्र में भी निभाई अहम भूमिका
ब्रह्मानंद यादव ने मुंबई से शिक्षा प्राप्त करने के बाद रीवा में शासकीय शिक्षक के रूप में अपनी सेवाएं दीं। उन्होंने शिक्षा के क्षेत्र में अहम योगदान दिया और वर्ष 1987 में प्रिंसिपल पद से सेवानिवृत्त हुए।
परिवार में शोक की लहर, बेटे-बेटियां समाजसेवा से जुड़े
वे अपने बेटे विवेकानंद यादव के साथ सुल्तानपुर में रहते थे। उनके बड़े बेटे रामानंद यादव एयरफोर्स से रिटायर्ड हैं जबकि दूसरे बेटे सदानंद यादव विद्या भारती में कार्यरत हैं। बेटी सीमा यादव की शादी वर्ष 1994 में मोहन यादव से हुई थी। पूरा परिवार संघ और शिक्षा से जुड़ा रहा है।
विद्यार्थी परिषद से जुड़ाव, मोहन यादव और सीमा की हुई थी पहली मुलाकात
सीमा यादव ने 1989 में भूगोल विषय से एमए किया था। वे भी संघ और विद्यार्थी परिषद की सक्रिय कार्यकर्ता रहीं। 1984 में परिषद के एक कार्यक्रम में उनकी मुलाकात मोहन यादव से हुई थी, जो उस समय संगठन में राष्ट्रीय मंत्री थे। यहीं से दोनों का परिचय विवाह में बदला।
