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विधायक के मौसा बनकर की 1.10 लाख की ठगी: आदिवासी जमीन दिलाने के नाम पर हलवाई से रकम ऐंठी, मामला थाने से विधायक तक पहुंचा
Shahdol, MP
जिले के ब्यौहारी विधानसभा क्षेत्र से एक हैरान कर देने वाला ठगी का मामला सामने आया है। एक व्यक्ति ने खुद को क्षेत्रीय विधायक शरद कोल का रिश्तेदार (मौसा) बताकर एक हलवाई से आदिवासी जमीन दिलाने के नाम पर 1 लाख 10 हजार रुपये की ठगी कर ली।
यह मामला न केवल पुलिस तक पहुंचा बल्कि सीधे विधायक तक भी जा पहुंचा, जिससे राजनीतिक गलियारों में खलबली मच गई है।
“विधायक के मौसा” का दावा, आदिवासी जमीन सस्ते में दिलाने की बात
पीड़ित प्रमोद कुमार, जो पेशे से हलवाई हैं और थाना ब्यौहारी क्षेत्र के निवासी हैं, से स्थानीय युवक मान सिंह ने संपर्क किया। उसने खुद को विधायक शरद कोल का रिश्तेदार बताते हुए दावा किया कि उसकी पहुंच से वह प्रमोद को बेहद सस्ते दामों में आदिवासी जमीन दिला सकता है। मान सिंह की बातों पर भरोसा कर प्रमोद ने उसे 1.10 लाख रुपये नकद दे दिए।
शक हुआ तो सामने आया फरेब
कुछ समय तक जमीन संबंधी दस्तावेजों की बात होती रही, लेकिन फिर मान सिंह ने बहाने बनाने शुरू कर दिए। लगातार टालमटोल और जमीन की प्रक्रिया में देरी को देखकर प्रमोद को ठगी की आशंका हुई, और उसने थाने में शिकायत दर्ज कराई। जब पुलिस स्तर पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई, तो प्रमोद ने विधायक शरद कोल से खुद मुलाकात कर अपनी आपबीती बताई।
विधायक भी हैरान, दी कड़ी कार्रवाई के निर्देश
विधायक शरद कोल को जब यह जानकारी मिली कि कोई उनके नाम का दुरुपयोग कर आम जनता को ठग रहा है, तो वे भी हैरान रह गए। उन्होंने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस प्रशासन को निष्पक्ष जांच और तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। विधायक ने स्पष्ट किया कि मान सिंह का उनसे कोई संबंध नहीं है और इस प्रकार की ठगी को वे बर्दाश्त नहीं करेंगे।
जनता से सतर्क रहने की अपील
शरद कोल ने बयान जारी करते हुए कहा कि यह सिर्फ आर्थिक अपराध नहीं बल्कि लोकतंत्र की छवि को नुकसान पहुंचाने वाला कृत्य है। उन्होंने आम लोगों से अपील की कि ऐसे धोखेबाजों से सावधान रहें, जो नेताओं के नाम और रसूख का दुरुपयोग करके भोली-भाली जनता को गुमराह करते हैं।
पुलिस अब मान सिंह की तलाश में जुटी हुई है और मामले की गहनता से जांच की जा रही है। उम्मीद की जा रही है कि जल्दी ही आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक कार्रवाई की जाएगी।
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विधायक के मौसा बनकर की 1.10 लाख की ठगी: आदिवासी जमीन दिलाने के नाम पर हलवाई से रकम ऐंठी, मामला थाने से विधायक तक पहुंचा
Shahdol, MP
यह मामला न केवल पुलिस तक पहुंचा बल्कि सीधे विधायक तक भी जा पहुंचा, जिससे राजनीतिक गलियारों में खलबली मच गई है।
“विधायक के मौसा” का दावा, आदिवासी जमीन सस्ते में दिलाने की बात
पीड़ित प्रमोद कुमार, जो पेशे से हलवाई हैं और थाना ब्यौहारी क्षेत्र के निवासी हैं, से स्थानीय युवक मान सिंह ने संपर्क किया। उसने खुद को विधायक शरद कोल का रिश्तेदार बताते हुए दावा किया कि उसकी पहुंच से वह प्रमोद को बेहद सस्ते दामों में आदिवासी जमीन दिला सकता है। मान सिंह की बातों पर भरोसा कर प्रमोद ने उसे 1.10 लाख रुपये नकद दे दिए।
शक हुआ तो सामने आया फरेब
कुछ समय तक जमीन संबंधी दस्तावेजों की बात होती रही, लेकिन फिर मान सिंह ने बहाने बनाने शुरू कर दिए। लगातार टालमटोल और जमीन की प्रक्रिया में देरी को देखकर प्रमोद को ठगी की आशंका हुई, और उसने थाने में शिकायत दर्ज कराई। जब पुलिस स्तर पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई, तो प्रमोद ने विधायक शरद कोल से खुद मुलाकात कर अपनी आपबीती बताई।
विधायक भी हैरान, दी कड़ी कार्रवाई के निर्देश
विधायक शरद कोल को जब यह जानकारी मिली कि कोई उनके नाम का दुरुपयोग कर आम जनता को ठग रहा है, तो वे भी हैरान रह गए। उन्होंने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस प्रशासन को निष्पक्ष जांच और तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। विधायक ने स्पष्ट किया कि मान सिंह का उनसे कोई संबंध नहीं है और इस प्रकार की ठगी को वे बर्दाश्त नहीं करेंगे।
जनता से सतर्क रहने की अपील
शरद कोल ने बयान जारी करते हुए कहा कि यह सिर्फ आर्थिक अपराध नहीं बल्कि लोकतंत्र की छवि को नुकसान पहुंचाने वाला कृत्य है। उन्होंने आम लोगों से अपील की कि ऐसे धोखेबाजों से सावधान रहें, जो नेताओं के नाम और रसूख का दुरुपयोग करके भोली-भाली जनता को गुमराह करते हैं।
पुलिस अब मान सिंह की तलाश में जुटी हुई है और मामले की गहनता से जांच की जा रही है। उम्मीद की जा रही है कि जल्दी ही आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक कार्रवाई की जाएगी।
