- Hindi News
- राज्य
- मध्य प्रदेश
- विंध्य/रीवा
- रीवा युवक हत्याकांड पर बवाल, शव मिलने के बाद परिजनों का चक्काजाम
रीवा युवक हत्याकांड पर बवाल, शव मिलने के बाद परिजनों का चक्काजाम
रीवा,(म.प्र.)
रीवा से लापता युवक अनूप सेन का शव यूपी के कर्वी जंगल में मिला, परिजनों ने हत्या का आरोप लगाते हुए आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग तेज की
रीवा के निपनिया मोहल्ले से लापता युवक अनूप सेन का शव उत्तर प्रदेश के कर्वी क्षेत्र के जंगल में मिलने के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है। युवक की मौत को लेकर परिजनों में भारी आक्रोश है और उन्होंने हत्या की आशंका जताते हुए मंगलवार शाम चक्काजाम कर विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान लोगों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए आरोप लगाया कि समय रहते कार्रवाई होती तो युवक की जान बचाई जा सकती थी। घटना के बाद रीवा और कर्वी पुलिस संयुक्त रूप से मामले की जांच में जुट गई है। अधिकारियों के अनुसार शव की पहचान प्राथमिक तौर पर कपड़ों और जूतों के आधार पर की गई है, जबकि अंतिम पुष्टि के लिए डीएनए सैंपल भी लिया गया है।
अनूप सेन 18 मई से लापता था। परिजनों के मुताबिक वह घर से यह कहकर निकला था कि वह अपने परिचित यशवंत चतुर्वेदी के साथ बैकुंठपुर जा रहा है। इसके बाद देर रात तक जब वह घर नहीं लौटा तो परिवार ने उससे संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन उसका मोबाइल बंद मिला। अगले दिन भी कोई जानकारी नहीं मिलने पर परिजनों की चिंता बढ़ गई और उन्होंने रीवा के कोतवाली थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई।
पुलिस ने शुरुआती जांच में युवक के मोबाइल की लोकेशन ट्रेस करनी शुरू की। जांच के दौरान अनूप की आखिरी मोबाइल लोकेशन उत्तर प्रदेश के कर्वी क्षेत्र के राजापुर गांव के आसपास मिली। इसके बाद रीवा पुलिस ने कर्वी पुलिस से संपर्क किया और संयुक्त रूप से इलाके में सर्चिंग अभियान चलाया गया। जंगल क्षेत्र में तलाश के दौरान एक युवक का शव बरामद हुआ, जिसकी हालत बेहद खराब थी। शव कई दिनों पुराना बताया जा रहा है और जानवरों द्वारा नोचे जाने के कारण पहचान करना मुश्किल हो रहा था। परिजनों को सूचना मिलने के बाद वे कर्वी पहुंचे। वहां कपड़ों और जूतों के आधार पर शव की पहचान अनूप सेन के रूप में की गई। हालांकि पुलिस ने कानूनी प्रक्रिया के तहत डीएनए जांच भी शुरू कर दी है ताकि पहचान को लेकर किसी तरह का संदेह न रहे।
मामले में नया मोड़ तब आया जब परिजनों ने युवक की हत्या किए जाने का आरोप लगाया। परिवार का कहना है कि अनूप सेन एक निजी सिक्योरिटी कंपनी केएसएस में गार्ड की नौकरी करता था और उसका किसी से गंभीर विवाद नहीं था। इसके बावजूद जिन लोगों के साथ वह आखिरी बार देखा गया, उन पर परिवार को पहले से शक था।
परिजनों ने यशवंत चतुर्वेदी, विवेक तिवारी और वंदना तिवारी पर हत्या का आरोप लगाया है। उनका दावा है कि पुलिस को पहले ही इन लोगों के बारे में जानकारी दी गई थी, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। परिवार का आरोप है कि यदि समय रहते संदिग्धों से सख्ती से पूछताछ होती तो मामले का खुलासा पहले हो सकता था। पुलिस अब युवक की कॉल डिटेल, मोबाइल चैट और उसकी गतिविधियों से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच कर रही है। पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि युवक को रीवा से कर्वी तक किन परिस्थितियों में ले जाया गया।
युवक का शव मिलने की खबर रीवा पहुंचते ही इलाके में तनाव का माहौल बन गया। बड़ी संख्या में स्थानीय लोग और परिजन सड़क पर उतर आए। उन्होंने मुख्य मार्ग पर चक्काजाम कर दिया, जिससे कुछ समय तक यातायात पूरी तरह प्रभावित रहा। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की। आक्रोशित लोगों का कहना था कि लगातार शिकायतों के बावजूद पुलिस ने मामले को गंभीरता से नहीं लिया। कुछ लोगों ने यह भी आरोप लगाया कि गुमशुदगी के बाद शुरुआती जांच धीमी रही, जिससे आरोपियों को सबूत मिटाने का समय मिल गया। स्थिति को देखते हुए मौके पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया। अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों से बातचीत कर उन्हें शांत कराने की कोशिश की। काफी देर तक चले विरोध प्रदर्शन के बाद पुलिस अधिकारियों ने निष्पक्ष जांच और जल्द कार्रवाई का आश्वासन दिया, जिसके बाद चक्काजाम समाप्त हुआ।
रीवा और कर्वी पुलिस पूरे मामले की संयुक्त जांच कर रही है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के कारणों को लेकर स्थिति और स्पष्ट होगी। साथ ही फॉरेंसिक टीम भी घटनास्थल से मिले साक्ष्यों की जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि परिजनों द्वारा जिन लोगों पर आरोप लगाए गए हैं, उनसे पूछताछ की जाएगी और जांच में जो तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर आगे की कार्रवाई होगी। पुलिस कुछ संदिग्धों की गतिविधियों और लोकेशन रिकॉर्ड की भी जांच कर रही है।
-----------------
हमारे आधिकारिक प्लेटफॉर्म्स से जुड़ें –
🔴 व्हाट्सएप चैनल: https://whatsapp.com/channel/0029VbATlF0KQuJB6tvUrN3V
🔴 फेसबुक: Dainik Jagran MP/CG Official
🟣 इंस्टाग्राम: @dainikjagranmp.cg
🔴 यूट्यूब: Dainik Jagran MPCG Digital
📲 सोशल मीडिया पर जुड़ें और बने जागरूक पाठक।
👉 आज ही जुड़िए
रीवा युवक हत्याकांड पर बवाल, शव मिलने के बाद परिजनों का चक्काजाम
रीवा,(म.प्र.)
रीवा के निपनिया मोहल्ले से लापता युवक अनूप सेन का शव उत्तर प्रदेश के कर्वी क्षेत्र के जंगल में मिलने के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है। युवक की मौत को लेकर परिजनों में भारी आक्रोश है और उन्होंने हत्या की आशंका जताते हुए मंगलवार शाम चक्काजाम कर विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान लोगों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए आरोप लगाया कि समय रहते कार्रवाई होती तो युवक की जान बचाई जा सकती थी। घटना के बाद रीवा और कर्वी पुलिस संयुक्त रूप से मामले की जांच में जुट गई है। अधिकारियों के अनुसार शव की पहचान प्राथमिक तौर पर कपड़ों और जूतों के आधार पर की गई है, जबकि अंतिम पुष्टि के लिए डीएनए सैंपल भी लिया गया है।
अनूप सेन 18 मई से लापता था। परिजनों के मुताबिक वह घर से यह कहकर निकला था कि वह अपने परिचित यशवंत चतुर्वेदी के साथ बैकुंठपुर जा रहा है। इसके बाद देर रात तक जब वह घर नहीं लौटा तो परिवार ने उससे संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन उसका मोबाइल बंद मिला। अगले दिन भी कोई जानकारी नहीं मिलने पर परिजनों की चिंता बढ़ गई और उन्होंने रीवा के कोतवाली थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई।
पुलिस ने शुरुआती जांच में युवक के मोबाइल की लोकेशन ट्रेस करनी शुरू की। जांच के दौरान अनूप की आखिरी मोबाइल लोकेशन उत्तर प्रदेश के कर्वी क्षेत्र के राजापुर गांव के आसपास मिली। इसके बाद रीवा पुलिस ने कर्वी पुलिस से संपर्क किया और संयुक्त रूप से इलाके में सर्चिंग अभियान चलाया गया। जंगल क्षेत्र में तलाश के दौरान एक युवक का शव बरामद हुआ, जिसकी हालत बेहद खराब थी। शव कई दिनों पुराना बताया जा रहा है और जानवरों द्वारा नोचे जाने के कारण पहचान करना मुश्किल हो रहा था। परिजनों को सूचना मिलने के बाद वे कर्वी पहुंचे। वहां कपड़ों और जूतों के आधार पर शव की पहचान अनूप सेन के रूप में की गई। हालांकि पुलिस ने कानूनी प्रक्रिया के तहत डीएनए जांच भी शुरू कर दी है ताकि पहचान को लेकर किसी तरह का संदेह न रहे।
मामले में नया मोड़ तब आया जब परिजनों ने युवक की हत्या किए जाने का आरोप लगाया। परिवार का कहना है कि अनूप सेन एक निजी सिक्योरिटी कंपनी केएसएस में गार्ड की नौकरी करता था और उसका किसी से गंभीर विवाद नहीं था। इसके बावजूद जिन लोगों के साथ वह आखिरी बार देखा गया, उन पर परिवार को पहले से शक था।
परिजनों ने यशवंत चतुर्वेदी, विवेक तिवारी और वंदना तिवारी पर हत्या का आरोप लगाया है। उनका दावा है कि पुलिस को पहले ही इन लोगों के बारे में जानकारी दी गई थी, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। परिवार का आरोप है कि यदि समय रहते संदिग्धों से सख्ती से पूछताछ होती तो मामले का खुलासा पहले हो सकता था। पुलिस अब युवक की कॉल डिटेल, मोबाइल चैट और उसकी गतिविधियों से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच कर रही है। पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि युवक को रीवा से कर्वी तक किन परिस्थितियों में ले जाया गया।
युवक का शव मिलने की खबर रीवा पहुंचते ही इलाके में तनाव का माहौल बन गया। बड़ी संख्या में स्थानीय लोग और परिजन सड़क पर उतर आए। उन्होंने मुख्य मार्ग पर चक्काजाम कर दिया, जिससे कुछ समय तक यातायात पूरी तरह प्रभावित रहा। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की। आक्रोशित लोगों का कहना था कि लगातार शिकायतों के बावजूद पुलिस ने मामले को गंभीरता से नहीं लिया। कुछ लोगों ने यह भी आरोप लगाया कि गुमशुदगी के बाद शुरुआती जांच धीमी रही, जिससे आरोपियों को सबूत मिटाने का समय मिल गया। स्थिति को देखते हुए मौके पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया। अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों से बातचीत कर उन्हें शांत कराने की कोशिश की। काफी देर तक चले विरोध प्रदर्शन के बाद पुलिस अधिकारियों ने निष्पक्ष जांच और जल्द कार्रवाई का आश्वासन दिया, जिसके बाद चक्काजाम समाप्त हुआ।
रीवा और कर्वी पुलिस पूरे मामले की संयुक्त जांच कर रही है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के कारणों को लेकर स्थिति और स्पष्ट होगी। साथ ही फॉरेंसिक टीम भी घटनास्थल से मिले साक्ष्यों की जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि परिजनों द्वारा जिन लोगों पर आरोप लगाए गए हैं, उनसे पूछताछ की जाएगी और जांच में जो तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर आगे की कार्रवाई होगी। पुलिस कुछ संदिग्धों की गतिविधियों और लोकेशन रिकॉर्ड की भी जांच कर रही है।
