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दमोह में मगरमच्छ के हमले से महिला की मौत, सावन के पहले दिन जल भरने गई थी व्यारमा नदी
Damoh, MP
जिले के कनियाघाट पटी गांव में शुक्रवार सुबह उस समय सनसनी फैल गई, जब व्यारमा नदी में जल भरने गई एक महिला को मगरमच्छ ने हमला कर गहरे पानी में खींच लिया।
महिला का शव एक घंटे की खोजबीन के बाद झाड़ियों में फंसा मिला। यह हादसा सावन के पहले ही दिन हुआ, जिससे क्षेत्र में शोक और दहशत का माहौल है।
पानी भरने झुकी तो मगरमच्छ ने पकड़ लिया
मृतका की पहचान 40 वर्षीय मालतीबाई पति मेघराज सिंह के रूप में हुई है। प्रत्यक्षदर्शी महिलाओं ने बताया कि सुबह-सुबह जल भरने के लिए वे नदी पर पहुंची थीं। मालतीबाई जैसे ही पानी भरने के लिए झुकीं, तभी एक बड़ा मगरमच्छ अचानक पानी से निकलकर उनके पैर पर झपट पड़ा।
ग्रामीणों की आंखों के सामने नदी में खींच ले गया
मगरमच्छ मालती को अपने जबड़ों में दबोचकर नदी के बीचोंबीच ले गया। महिलाएं और पास खड़े ग्रामीण चीखते रह गए, लेकिन कोई कुछ कर नहीं सका। बहाव तेज था और मगरमच्छ बेहद आक्रामक हो गया था।
घटना का वीडियो बनाया, शव एक घंटे बाद मिला
घटना के दौरान एक ग्रामीण ने हादसे का वीडियो मोबाइल से रिकॉर्ड किया। सूचना मिलते ही वन विभाग, एसडीआरएफ और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। एक घंटे तक सर्चिंग चलने के बाद मालतीबाई का शव नदी के दूसरे किनारे झाड़ियों में फंसा हुआ मिला।
पहले से दी गई थी चेतावनी
वन विभाग के अनुसार व्यारमा नदी में मगरमच्छों की संख्या बढ़ने के कारण पहले ही चेतावनी बोर्ड लगाए गए थे और ग्रामीणों को सचेत करने के लिए मुनादी भी करवाई गई थी। बावजूद इसके इस प्रकार की दुखद घटना सामने आई।
जिले में मगरमच्छ हमलों की बढ़ती घटनाएं
यह पहली बार नहीं है जब व्यारमा नदी क्षेत्र में मगरमच्छ ने हमला किया हो। बीते साल हटरी गांव में एक 10 साल के बच्चे को भी मगरमच्छ ने निशाना बनाया था। इसके अलावा नोहटा, बनवार, माला और जुझार जैसे गांवों में भी मगरमच्छ देखे जाने की घटनाएं सामने आ चुकी हैं।
प्रशासन ने लिया संज्ञान, वन विभाग सतर्क
घटना की जानकारी मिलते ही कलेक्टर सुधीर कोचर, एसपी श्रुतकीर्ति सोमवंशी और डीएफओ ईश्वर जरांडे मौके पर पहुंचे और स्थिति की समीक्षा की। प्रशासन अब नदी घाटों पर सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी बढ़ाने की दिशा में कदम उठा रहा है।
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दमोह में मगरमच्छ के हमले से महिला की मौत, सावन के पहले दिन जल भरने गई थी व्यारमा नदी
Damoh, MP
महिला का शव एक घंटे की खोजबीन के बाद झाड़ियों में फंसा मिला। यह हादसा सावन के पहले ही दिन हुआ, जिससे क्षेत्र में शोक और दहशत का माहौल है।
पानी भरने झुकी तो मगरमच्छ ने पकड़ लिया
मृतका की पहचान 40 वर्षीय मालतीबाई पति मेघराज सिंह के रूप में हुई है। प्रत्यक्षदर्शी महिलाओं ने बताया कि सुबह-सुबह जल भरने के लिए वे नदी पर पहुंची थीं। मालतीबाई जैसे ही पानी भरने के लिए झुकीं, तभी एक बड़ा मगरमच्छ अचानक पानी से निकलकर उनके पैर पर झपट पड़ा।
ग्रामीणों की आंखों के सामने नदी में खींच ले गया
मगरमच्छ मालती को अपने जबड़ों में दबोचकर नदी के बीचोंबीच ले गया। महिलाएं और पास खड़े ग्रामीण चीखते रह गए, लेकिन कोई कुछ कर नहीं सका। बहाव तेज था और मगरमच्छ बेहद आक्रामक हो गया था।
घटना का वीडियो बनाया, शव एक घंटे बाद मिला
घटना के दौरान एक ग्रामीण ने हादसे का वीडियो मोबाइल से रिकॉर्ड किया। सूचना मिलते ही वन विभाग, एसडीआरएफ और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। एक घंटे तक सर्चिंग चलने के बाद मालतीबाई का शव नदी के दूसरे किनारे झाड़ियों में फंसा हुआ मिला।
पहले से दी गई थी चेतावनी
वन विभाग के अनुसार व्यारमा नदी में मगरमच्छों की संख्या बढ़ने के कारण पहले ही चेतावनी बोर्ड लगाए गए थे और ग्रामीणों को सचेत करने के लिए मुनादी भी करवाई गई थी। बावजूद इसके इस प्रकार की दुखद घटना सामने आई।
जिले में मगरमच्छ हमलों की बढ़ती घटनाएं
यह पहली बार नहीं है जब व्यारमा नदी क्षेत्र में मगरमच्छ ने हमला किया हो। बीते साल हटरी गांव में एक 10 साल के बच्चे को भी मगरमच्छ ने निशाना बनाया था। इसके अलावा नोहटा, बनवार, माला और जुझार जैसे गांवों में भी मगरमच्छ देखे जाने की घटनाएं सामने आ चुकी हैं।
प्रशासन ने लिया संज्ञान, वन विभाग सतर्क
घटना की जानकारी मिलते ही कलेक्टर सुधीर कोचर, एसपी श्रुतकीर्ति सोमवंशी और डीएफओ ईश्वर जरांडे मौके पर पहुंचे और स्थिति की समीक्षा की। प्रशासन अब नदी घाटों पर सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी बढ़ाने की दिशा में कदम उठा रहा है।
