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भारत-यूएई के संबंधों को नई उड़ान, जयशंकर ने किया क्राउन प्रिंस का जोरदार स्वागत
JAGRAN DESK
पीएम मोदी के नेतृत्व में भारत-यूएई के संबंधों को नए पंख लग गए. ईएएम एस जयशंकर ने यूएई के क्राउन प्रिंस का जोरदार स्वागत किया.
पीएम नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत-यूएई के संबंधों को नए पंख लग गए. दो दिवसीय भारत दौरे पर नई दिल्ली पहुंचे यूएई के क्राउन प्रिंस का विदेश मंत्री एस जयशंकर ने जोरदार स्वागत किया.
यूएई के क्राउन प्रिंस, हमदान बिन मोहम्मद बिन राशिद अल मकतूम के भारत पहुंचने पर विदेश मंत्री एस जयशंकर ने जोरदार स्वागत किया. क्राउन प्रिंस भारत की अपनी पहली आधिकारिक यात्रा पर नई दिल्ली पहुंचे हैं. एक्स पर एक पोस्ट में, जयशंकर ने उनके आगमन पर गर्मजोशी व्यक्त की और कहा कि वह भारत और यूएई के बीच व्यापक सहयोग और जीवंत संबंधों पर क्राउन प्रिंस की सकारात्मक भावना को महत्व देते हैं.
गौर करें तो प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी के निमंत्रण पर दुबई के क्राउन प्रिंस, संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के उप प्रधान मंत्री और रक्षा मंत्री, हमदान बिन मोहम्मद बिन राशिद अल मकतूम, 8 से 9 अप्रैल तक भारत की यात्रा पर रहेंगे. नई दिल्ली पहुंचने पर क्रॉउन प्रिंस का गार्ड ऑफ ऑनर के साथ स्वागत किया गया. इस दौरान केंद्रीय पर्यटन और पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस राज्य मंत्री सुरेश गोपी ने उनकी अगवानी की.
विदेश मंत्रालय ने एक बयान में कहा है कि दुबई के क्राउन प्रिंस के तौर पर हमदान बिन मोहम्मद की यह पहली आधिकारिक भारत यात्रा है. इस दौरे पर उनके साथ कई प्रमुख मंत्री, वरिष्ठ सरकारी अधिकारी और व्यापार जगत के नेताओं का एक प्रमुख प्रतिनिधिमंडल भी है. उनका दौरा भारत-यूएई साझेदारी की बढ़ती गहराई और उनके बढ़ते रणनीतिक दायरे को आगे बढ़ा रहा है.
दिल्ली के बाद मुंबई जाएंगे क्रॉउन प्रिंस
क्राउन प्रिंस राजधानी नई दिल्ली में कार्यक्रमों में शामिल होने के बाद मुंबई जाएंगे और वहां पर शीर्ष भारतीय और अमीराती व्यापारिक नेताओं के साथ एक व्यापार गोलमेज सम्मेलन में हिस्सा लेंगे.
इस गोलमेज सम्मेलन के जरिए बुनियादी ढांचे और ऊर्जा जैसे क्षेत्रों के साथ-साथ फिनटेक, नवाचार और स्थिरता जैसे उभरते क्षेत्रों में व्यापार और निवेश बढ़ाने पर चर्चा होगी. दोनों देशों के बीच इस बातचीत का मकसद आर्थिक सहयोग में तेजी लाना और दोनों देशों के बीच एक प्रगतिशील वाणिज्यिक साझेदारी को आकार देना है.
गौर करें तो दुबई लंबे समय से यूएई के साथ भारत के वाणिज्यिक और सांस्कृतिक आदान-प्रदान में एक महत्वपूर्ण केंद्र रहा है. वहीं एक अनुमान के मुताबिक अमीरात में रहने वाले भारतीय प्रवासियों की संख्या लगभग 43 लाख है. इनमें से अधिकतर भारतीय प्रवासी दुबई में रहते हैं. इस यात्रा से भारत और यूएई के बीच व्यापक रणनीतिक साझेदारी को नई गति मिलने और दुबई के साथ भारत के संस्थागत और जमीनी स्तर के संबंधों को परवान चढ़ने की उम्मीद है.
1972 से हैं भारत और यूएई के बीच औपचारिक राजनयिक संबंध
दोनों देशों के संबंधों पर नजर डालते पर देखते हैं कि भारत और यूएई के बीच औपचारिक राजनयिक संबंध 1972 में स्थापित हुए थे. साल 2015 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ऐतिहासिक यात्रा के बाद से द्विपक्षीय संबंधों में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है. अगर देखा जाए तो जो तीन दशकों में किसी भी भारतीय प्रधानमंत्री की पहली यूएई यात्रा थी. इतना ही नहीं यूएई भारत के सबसे बड़े विदेशी समुदाय की मेजबानी करता है. इस योगदान का गहरा सम्मान किया जाता है. ये संबंध दोनों देशों के बीच स्थायी बंधन को मजबूत करना जारी रखता है.
अपने भारतीय दौरे को लेकर दुबई के क्राउन प्रिंस शेख हमदान बिन मोहम्मद बिन राशिद अल मकतूम ने ट्वीट किया, "आज नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलकर खुशी हुई. हमारी बातचीत ने यूएई-भारत संबंधों की मजबूती की पुष्टि की, जो विश्वास पर आधारित है, इतिहास द्वारा आकार दिया गया है, और अवसरों, नवाचार और स्थायी समृद्धि से भरा भविष्य बनाने के साझा दृष्टिकोण से प्रेरित है."
इस बीच रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने दुबई के क्राउन प्रिंस शेख हमदान बिन मोहम्मद बिन राशिद अल मकतूम के साथ प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता की.
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भारत-यूएई के संबंधों को नई उड़ान, जयशंकर ने किया क्राउन प्रिंस का जोरदार स्वागत
JAGRAN DESK
पीएम नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत-यूएई के संबंधों को नए पंख लग गए. दो दिवसीय भारत दौरे पर नई दिल्ली पहुंचे यूएई के क्राउन प्रिंस का विदेश मंत्री एस जयशंकर ने जोरदार स्वागत किया.
यूएई के क्राउन प्रिंस, हमदान बिन मोहम्मद बिन राशिद अल मकतूम के भारत पहुंचने पर विदेश मंत्री एस जयशंकर ने जोरदार स्वागत किया. क्राउन प्रिंस भारत की अपनी पहली आधिकारिक यात्रा पर नई दिल्ली पहुंचे हैं. एक्स पर एक पोस्ट में, जयशंकर ने उनके आगमन पर गर्मजोशी व्यक्त की और कहा कि वह भारत और यूएई के बीच व्यापक सहयोग और जीवंत संबंधों पर क्राउन प्रिंस की सकारात्मक भावना को महत्व देते हैं.
गौर करें तो प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी के निमंत्रण पर दुबई के क्राउन प्रिंस, संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के उप प्रधान मंत्री और रक्षा मंत्री, हमदान बिन मोहम्मद बिन राशिद अल मकतूम, 8 से 9 अप्रैल तक भारत की यात्रा पर रहेंगे. नई दिल्ली पहुंचने पर क्रॉउन प्रिंस का गार्ड ऑफ ऑनर के साथ स्वागत किया गया. इस दौरान केंद्रीय पर्यटन और पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस राज्य मंत्री सुरेश गोपी ने उनकी अगवानी की.
विदेश मंत्रालय ने एक बयान में कहा है कि दुबई के क्राउन प्रिंस के तौर पर हमदान बिन मोहम्मद की यह पहली आधिकारिक भारत यात्रा है. इस दौरे पर उनके साथ कई प्रमुख मंत्री, वरिष्ठ सरकारी अधिकारी और व्यापार जगत के नेताओं का एक प्रमुख प्रतिनिधिमंडल भी है. उनका दौरा भारत-यूएई साझेदारी की बढ़ती गहराई और उनके बढ़ते रणनीतिक दायरे को आगे बढ़ा रहा है.
दिल्ली के बाद मुंबई जाएंगे क्रॉउन प्रिंस
क्राउन प्रिंस राजधानी नई दिल्ली में कार्यक्रमों में शामिल होने के बाद मुंबई जाएंगे और वहां पर शीर्ष भारतीय और अमीराती व्यापारिक नेताओं के साथ एक व्यापार गोलमेज सम्मेलन में हिस्सा लेंगे.
इस गोलमेज सम्मेलन के जरिए बुनियादी ढांचे और ऊर्जा जैसे क्षेत्रों के साथ-साथ फिनटेक, नवाचार और स्थिरता जैसे उभरते क्षेत्रों में व्यापार और निवेश बढ़ाने पर चर्चा होगी. दोनों देशों के बीच इस बातचीत का मकसद आर्थिक सहयोग में तेजी लाना और दोनों देशों के बीच एक प्रगतिशील वाणिज्यिक साझेदारी को आकार देना है.
गौर करें तो दुबई लंबे समय से यूएई के साथ भारत के वाणिज्यिक और सांस्कृतिक आदान-प्रदान में एक महत्वपूर्ण केंद्र रहा है. वहीं एक अनुमान के मुताबिक अमीरात में रहने वाले भारतीय प्रवासियों की संख्या लगभग 43 लाख है. इनमें से अधिकतर भारतीय प्रवासी दुबई में रहते हैं. इस यात्रा से भारत और यूएई के बीच व्यापक रणनीतिक साझेदारी को नई गति मिलने और दुबई के साथ भारत के संस्थागत और जमीनी स्तर के संबंधों को परवान चढ़ने की उम्मीद है.
1972 से हैं भारत और यूएई के बीच औपचारिक राजनयिक संबंध
दोनों देशों के संबंधों पर नजर डालते पर देखते हैं कि भारत और यूएई के बीच औपचारिक राजनयिक संबंध 1972 में स्थापित हुए थे. साल 2015 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ऐतिहासिक यात्रा के बाद से द्विपक्षीय संबंधों में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है. अगर देखा जाए तो जो तीन दशकों में किसी भी भारतीय प्रधानमंत्री की पहली यूएई यात्रा थी. इतना ही नहीं यूएई भारत के सबसे बड़े विदेशी समुदाय की मेजबानी करता है. इस योगदान का गहरा सम्मान किया जाता है. ये संबंध दोनों देशों के बीच स्थायी बंधन को मजबूत करना जारी रखता है.
अपने भारतीय दौरे को लेकर दुबई के क्राउन प्रिंस शेख हमदान बिन मोहम्मद बिन राशिद अल मकतूम ने ट्वीट किया, "आज नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलकर खुशी हुई. हमारी बातचीत ने यूएई-भारत संबंधों की मजबूती की पुष्टि की, जो विश्वास पर आधारित है, इतिहास द्वारा आकार दिया गया है, और अवसरों, नवाचार और स्थायी समृद्धि से भरा भविष्य बनाने के साझा दृष्टिकोण से प्रेरित है."
इस बीच रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने दुबई के क्राउन प्रिंस शेख हमदान बिन मोहम्मद बिन राशिद अल मकतूम के साथ प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता की.
