- Hindi News
- बिजनेस
- सीनियर सिटीजन FD 2026: स्मॉल फाइनेंस बैंक दे रहे 8.5% तक रिटर्न
सीनियर सिटीजन FD 2026: स्मॉल फाइनेंस बैंक दे रहे 8.5% तक रिटर्न
बिजनेस न्यूज
शेयर बाजार की अस्थिरता के बीच सुरक्षित निवेश की ओर झुकाव; सरकारी, प्राइवेट और स्मॉल फाइनेंस बैंकों में ब्याज दरों का अंतर स्पष्ट
शेयर बाजार में जारी उतार-चढ़ाव के बीच सुरक्षित निवेश विकल्प तलाश रहे सीनियर सिटीजन के लिए फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) एक बार फिर प्रमुख विकल्प बनकर उभरा है। 2026 में विभिन्न बैंकों द्वारा आकर्षक ब्याज दरों की पेशकश के चलते बुजुर्ग निवेशकों का रुझान एफडी की ओर बढ़ा है, खासकर स्मॉल फाइनेंस बैंकों में जहां 8.5% तक रिटर्न मिल रहा है।
क्या है मौजूदा स्थिति
बैंकिंग सेक्टर में सीनियर सिटीजन को आम ग्राहकों की तुलना में करीब 0.50% अधिक ब्याज दिया जा रहा है। सरकारी बैंकों में यह दर लगभग 7% के आसपास बनी हुई है, जबकि प्राइवेट बैंकों में यह थोड़ा अधिक है। वहीं, स्मॉल फाइनेंस बैंक सबसे ज्यादा रिटर्न ऑफर कर रहे हैं।
कौन दे रहा है सबसे ज्यादा ब्याज
सरकारी बैंकों में पंजाब नेशनल बैंक, यूनियन बैंक और केनरा बैंक 7.10% तक ब्याज दे रहे हैं। भारतीय स्टेट बैंक और बैंक ऑफ बड़ौदा लंबी अवधि के लिए 7.00% से 7.05% तक रिटर्न प्रदान कर रहे हैं।
प्राइवेट सेक्टर में इंडसइंड बैंक 7.50% के साथ आगे है, जबकि कोटक महिंद्रा बैंक, एक्सिस बैंक, आईसीआईसीआई बैंक और एचडीएफसी बैंक 7.00% से 7.30% के बीच ब्याज दे रहे हैं।
हालांकि, सबसे ज्यादा रिटर्न स्मॉल फाइनेंस बैंकों में देखा जा रहा है। ईएसएएफ स्मॉल फाइनेंस बैंक 501 दिनों की एफडी पर 8.50% तक ब्याज दे रहा है। इसके अलावा सूर्योदय, शिवालिक, इक्विटास और जना जैसे बैंक 8.00% से 8.30% तक रिटर्न ऑफर कर रहे हैं।
क्यों बढ़ रही है FD की लोकप्रियता
रिटायरमेंट के बाद निवेशक पूंजी की सुरक्षा और नियमित आय को प्राथमिकता देते हैं। एफडी में निवेश से तय समय पर निश्चित ब्याज मिलता है, जिससे मासिक या तिमाही आय सुनिश्चित होती है। शेयर बाजार की तुलना में इसमें जोखिम बेहद कम होता है।
कैसे करें सही निवेश
विशेषज्ञों का सुझाव है कि निवेशक अपनी पूरी राशि एक ही एफडी में न लगाएं। इसे अलग-अलग अवधि—जैसे 1 साल, 2 साल और 3 साल—में बांटकर निवेश करना अधिक सुरक्षित और लाभदायक होता है। इस रणनीति को ‘FD लैडरिंग’ कहा जाता है, जिससे ब्याज दरों के उतार-चढ़ाव का फायदा उठाया जा सकता है।
टैक्स और नियम क्या कहते हैं
एफडी से मिलने वाला ब्याज पूरी तरह टैक्सेबल होता है और यह निवेशक के टैक्स स्लैब के अनुसार कर के दायरे में आता है। बैंक इस पर टीडीएस काटते हैं, लेकिन जिन सीनियर सिटीजन की आय टैक्स सीमा से कम है, वे फॉर्म 15H जमा कर टीडीएस से बच सकते हैं।
जोखिम और सावधानियां
हालांकि स्मॉल फाइनेंस बैंक अधिक ब्याज दे रहे हैं, लेकिन इनमें जोखिम भी अपेक्षाकृत अधिक माना जाता है। ऐसे में निवेश से पहले बैंक की विश्वसनीयता और अपनी जोखिम क्षमता का मूल्यांकन करना जरूरी है।
-----------------
हमारे आधिकारिक प्लेटफॉर्म्स से जुड़ें –
🔴 व्हाट्सएप चैनल: https://whatsapp.com/channel/0029VbATlF0KQuJB6tvUrN3V
🔴 फेसबुक: Dainik Jagran MP/CG Official
🟣 इंस्टाग्राम: @dainikjagranmp.cg
🔴 यूट्यूब: Dainik Jagran MPCG Digital
📲 सोशल मीडिया पर जुड़ें और बने जागरूक पाठक।
👉 आज ही जुड़िए
सीनियर सिटीजन FD 2026: स्मॉल फाइनेंस बैंक दे रहे 8.5% तक रिटर्न
बिजनेस न्यूज
शेयर बाजार में जारी उतार-चढ़ाव के बीच सुरक्षित निवेश विकल्प तलाश रहे सीनियर सिटीजन के लिए फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) एक बार फिर प्रमुख विकल्प बनकर उभरा है। 2026 में विभिन्न बैंकों द्वारा आकर्षक ब्याज दरों की पेशकश के चलते बुजुर्ग निवेशकों का रुझान एफडी की ओर बढ़ा है, खासकर स्मॉल फाइनेंस बैंकों में जहां 8.5% तक रिटर्न मिल रहा है।
क्या है मौजूदा स्थिति
बैंकिंग सेक्टर में सीनियर सिटीजन को आम ग्राहकों की तुलना में करीब 0.50% अधिक ब्याज दिया जा रहा है। सरकारी बैंकों में यह दर लगभग 7% के आसपास बनी हुई है, जबकि प्राइवेट बैंकों में यह थोड़ा अधिक है। वहीं, स्मॉल फाइनेंस बैंक सबसे ज्यादा रिटर्न ऑफर कर रहे हैं।
कौन दे रहा है सबसे ज्यादा ब्याज
सरकारी बैंकों में पंजाब नेशनल बैंक, यूनियन बैंक और केनरा बैंक 7.10% तक ब्याज दे रहे हैं। भारतीय स्टेट बैंक और बैंक ऑफ बड़ौदा लंबी अवधि के लिए 7.00% से 7.05% तक रिटर्न प्रदान कर रहे हैं।
प्राइवेट सेक्टर में इंडसइंड बैंक 7.50% के साथ आगे है, जबकि कोटक महिंद्रा बैंक, एक्सिस बैंक, आईसीआईसीआई बैंक और एचडीएफसी बैंक 7.00% से 7.30% के बीच ब्याज दे रहे हैं।
हालांकि, सबसे ज्यादा रिटर्न स्मॉल फाइनेंस बैंकों में देखा जा रहा है। ईएसएएफ स्मॉल फाइनेंस बैंक 501 दिनों की एफडी पर 8.50% तक ब्याज दे रहा है। इसके अलावा सूर्योदय, शिवालिक, इक्विटास और जना जैसे बैंक 8.00% से 8.30% तक रिटर्न ऑफर कर रहे हैं।
क्यों बढ़ रही है FD की लोकप्रियता
रिटायरमेंट के बाद निवेशक पूंजी की सुरक्षा और नियमित आय को प्राथमिकता देते हैं। एफडी में निवेश से तय समय पर निश्चित ब्याज मिलता है, जिससे मासिक या तिमाही आय सुनिश्चित होती है। शेयर बाजार की तुलना में इसमें जोखिम बेहद कम होता है।
कैसे करें सही निवेश
विशेषज्ञों का सुझाव है कि निवेशक अपनी पूरी राशि एक ही एफडी में न लगाएं। इसे अलग-अलग अवधि—जैसे 1 साल, 2 साल और 3 साल—में बांटकर निवेश करना अधिक सुरक्षित और लाभदायक होता है। इस रणनीति को ‘FD लैडरिंग’ कहा जाता है, जिससे ब्याज दरों के उतार-चढ़ाव का फायदा उठाया जा सकता है।
टैक्स और नियम क्या कहते हैं
एफडी से मिलने वाला ब्याज पूरी तरह टैक्सेबल होता है और यह निवेशक के टैक्स स्लैब के अनुसार कर के दायरे में आता है। बैंक इस पर टीडीएस काटते हैं, लेकिन जिन सीनियर सिटीजन की आय टैक्स सीमा से कम है, वे फॉर्म 15H जमा कर टीडीएस से बच सकते हैं।
जोखिम और सावधानियां
हालांकि स्मॉल फाइनेंस बैंक अधिक ब्याज दे रहे हैं, लेकिन इनमें जोखिम भी अपेक्षाकृत अधिक माना जाता है। ऐसे में निवेश से पहले बैंक की विश्वसनीयता और अपनी जोखिम क्षमता का मूल्यांकन करना जरूरी है।
