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सर्दियों में हाथों की सेहत पर खतरा: ठंडी हवा से बढ़ रही ड्रायनेस, एक्सपर्ट्स ने दी देखभाल की सलाह
लाइफ स्टाइल
कम नमी, ठंडा मौसम और बार-बार हाथ धोने की आदत से फट रही हथेलियां; सही देखभाल से रोकी जा सकती है समस्या
सर्दियों के मौसम में तापमान गिरने के साथ ही हाथों की त्वचा से जुड़ी समस्याएं तेजी से बढ़ रही हैं। देश के अलग-अलग हिस्सों में त्वचा रोग विशेषज्ञों के पास ड्रायनेस, खुजली, फटती हथेलियों और जलन की शिकायत लेकर पहुंचने वाले लोगों की संख्या में इजाफा हुआ है। विशेषज्ञों के अनुसार ठंडी हवा, नमी की कमी और हाथों की लगातार सफाई इस समस्या की मुख्य वजह बन रही है।
उत्तर भारत समेत मध्य और पूर्वी भारत के शहरों में ठंड के साथ हवा में नमी कम हो गई है। इसका सीधा असर त्वचा की बाहरी परत पर पड़ रहा है। डॉक्टरों का कहना है कि हाथों की त्वचा बाकी हिस्सों की तुलना में अधिक संवेदनशील होती है, क्योंकि यह लगातार साबुन, डिटर्जेंट और सैनिटाइजर के संपर्क में रहती है।
त्वचा रोग विशेषज्ञों के मुताबिक सर्दियों में शरीर प्राकृतिक रूप से कम तेल बनाता है। ऐसे में बार-बार हाथ धोना या केमिकल युक्त साबुन का इस्तेमाल त्वचा की नमी को और कम कर देता है। इसके अलावा ठंडी हवा और गर्म पानी से हाथ धोने की आदत भी ड्रायनेस को बढ़ाती है।
दिल्ली, लखनऊ, पटना और भोपाल जैसे शहरों में सरकारी और निजी अस्पतालों की ओपीडी में हाथों की एलर्जी और एक्जिमा जैसे मामलों में 20 से 30 प्रतिशत तक बढ़ोतरी दर्ज की गई है। डॉक्टरों का कहना है कि बच्चों, बुजुर्गों और घरेलू काम करने वाली महिलाओं में यह समस्या ज्यादा देखी जा रही है।
डर्मेटोलॉजिस्ट बताते हैं कि सर्दियों में हाथों को सुरक्षित रखने के लिए मॉइश्चराइजर का नियमित इस्तेमाल जरूरी है। हाथ धोने के बाद तुरंत क्रीम या लोशन लगाना फायदेमंद होता है। रात में सोने से पहले गाढ़ी क्रीम लगाकर सूती दस्ताने पहनने से भी राहत मिलती है।
विशेषज्ञों का कहना है कि बहुत गर्म पानी से हाथ धोने से बचें। केमिकल युक्त हार्श साबुन और डिटर्जेंट का इस्तेमाल सीमित रखें। खुले में काम करते समय हाथों को ठंडी हवा से बचाने के लिए दस्ताने पहनना बेहतर होता है।
स्वास्थ्य विभाग ने भी सर्दियों में स्किन केयर को लेकर सतर्क रहने की अपील की है। डॉक्टरों का कहना है कि अगर हथेलियों में लगातार खुजली, दरारें या खून आने की समस्या हो, तो बिना देरी किए विशेषज्ञ से सलाह लेनी चाहिए।
ठंड के मौसम में हाथों की अनदेखी गंभीर त्वचा रोग का कारण बन सकती है। समय पर देखभाल और सही आदतें अपनाकर इस समस्या से आसानी से बचा जा सकता है। यह न सिर्फ सौंदर्य बल्कि स्वास्थ्य से जुड़ा मामला भी है, जिस पर ध्यान देना जरूरी है।
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सर्दियों के मौसम में तापमान गिरने के साथ ही हाथों की त्वचा से जुड़ी समस्याएं तेजी से बढ़ रही हैं। देश के अलग-अलग हिस्सों में त्वचा रोग विशेषज्ञों के पास ड्रायनेस, खुजली, फटती हथेलियों और जलन की शिकायत लेकर पहुंचने वाले लोगों की संख्या में इजाफा हुआ है। विशेषज्ञों के अनुसार ठंडी हवा, नमी की कमी और हाथों की लगातार सफाई इस समस्या की मुख्य वजह बन रही है।
उत्तर भारत समेत मध्य और पूर्वी भारत के शहरों में ठंड के साथ हवा में नमी कम हो गई है। इसका सीधा असर त्वचा की बाहरी परत पर पड़ रहा है। डॉक्टरों का कहना है कि हाथों की त्वचा बाकी हिस्सों की तुलना में अधिक संवेदनशील होती है, क्योंकि यह लगातार साबुन, डिटर्जेंट और सैनिटाइजर के संपर्क में रहती है।
त्वचा रोग विशेषज्ञों के मुताबिक सर्दियों में शरीर प्राकृतिक रूप से कम तेल बनाता है। ऐसे में बार-बार हाथ धोना या केमिकल युक्त साबुन का इस्तेमाल त्वचा की नमी को और कम कर देता है। इसके अलावा ठंडी हवा और गर्म पानी से हाथ धोने की आदत भी ड्रायनेस को बढ़ाती है।
दिल्ली, लखनऊ, पटना और भोपाल जैसे शहरों में सरकारी और निजी अस्पतालों की ओपीडी में हाथों की एलर्जी और एक्जिमा जैसे मामलों में 20 से 30 प्रतिशत तक बढ़ोतरी दर्ज की गई है। डॉक्टरों का कहना है कि बच्चों, बुजुर्गों और घरेलू काम करने वाली महिलाओं में यह समस्या ज्यादा देखी जा रही है।
डर्मेटोलॉजिस्ट बताते हैं कि सर्दियों में हाथों को सुरक्षित रखने के लिए मॉइश्चराइजर का नियमित इस्तेमाल जरूरी है। हाथ धोने के बाद तुरंत क्रीम या लोशन लगाना फायदेमंद होता है। रात में सोने से पहले गाढ़ी क्रीम लगाकर सूती दस्ताने पहनने से भी राहत मिलती है।
विशेषज्ञों का कहना है कि बहुत गर्म पानी से हाथ धोने से बचें। केमिकल युक्त हार्श साबुन और डिटर्जेंट का इस्तेमाल सीमित रखें। खुले में काम करते समय हाथों को ठंडी हवा से बचाने के लिए दस्ताने पहनना बेहतर होता है।
स्वास्थ्य विभाग ने भी सर्दियों में स्किन केयर को लेकर सतर्क रहने की अपील की है। डॉक्टरों का कहना है कि अगर हथेलियों में लगातार खुजली, दरारें या खून आने की समस्या हो, तो बिना देरी किए विशेषज्ञ से सलाह लेनी चाहिए।
ठंड के मौसम में हाथों की अनदेखी गंभीर त्वचा रोग का कारण बन सकती है। समय पर देखभाल और सही आदतें अपनाकर इस समस्या से आसानी से बचा जा सकता है। यह न सिर्फ सौंदर्य बल्कि स्वास्थ्य से जुड़ा मामला भी है, जिस पर ध्यान देना जरूरी है।
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