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इजराइल और होंडुरास के बीच बढ़ा रक्षा सहयोग, नया समझौता
अंतराष्ट्रीय न्यूज
दोनों देशों के रक्षा मंत्रियों ने MoU पर किए हस्ताक्षर, सैन्य सुरक्षा और डिफेंस इंडस्ट्री में सहयोग बढ़ाने पर जोर
इजराइल और होंडुरास ने रक्षा क्षेत्र में अपने रिश्तों को और मजबूत करने की दिशा में नया कदम उठाया है। दोनों देशों के रक्षा मंत्रियों ने रविवार को एक नए समझौता ज्ञापन यानी MoU पर हस्ताक्षर किए। इस समझौते का मकसद दोनों देशों के रक्षा प्रतिष्ठानों के बीच सहयोग बढ़ाना और सुरक्षा से जुड़े मामलों में तालमेल मजबूत करना है। इजराइल की ओर से रक्षा मंत्री इजराइल काट्ज और होंडुरास की तरफ से रक्षा मंत्री एनरिक रोड्रिगेज बर्चार्ड ने दस्तावेज पर हस्ताक्षर किए। कार्यक्रम में दोनों देशों के कई वरिष्ठ सैन्य और रक्षा अधिकारी मौजूद रहे। इजराइली रक्षा मंत्रालय ने इस समझौते को द्विपक्षीय रक्षा सहयोग को आगे बढ़ाने वाला महत्वपूर्ण कदम बताया है।
समझौते के दौरान दोनों देशों के अधिकारियों के बीच सुरक्षा और रणनीतिक मुद्दों पर भी विस्तार से बातचीत हुई। होंडुरास के रक्षा मंत्री के साथ आंतरिक सुरक्षा मंत्री और सशस्त्र बलों के संयुक्त स्टाफ प्रमुख भी इजराइल पहुंचे थे। बैठक में दोनों देशों के सामने मौजूद सुरक्षा चुनौतियों, सैन्य सहयोग के संभावित क्षेत्रों और भविष्य में तालमेल बढ़ाने के तरीकों पर चर्चा हुई। इजराइली रक्षा मंत्रालय के महानिदेशक मेजर जनरल आमिर बराम ने होंडुरास के प्रतिनिधिमंडल के साथ बातचीत की। इजराइल की तरफ से रक्षा नीति और राजनीतिक-सैन्य मामलों से जुड़े वरिष्ठ अधिकारी भी इस दौरान मौजूद रहे।
होंडुरास के प्रतिनिधिमंडल को इजराइल की हालिया सैन्य गतिविधियों और पिछले कुछ वर्षों में हुए युद्धों से जुड़े अनुभवों के बारे में जानकारी दी गई। अधिकारियों ने रक्षा मंत्रालय की मौजूदा गतिविधियों और देश के रक्षा ढांचे की भी जानकारी साझा की। इसके साथ ही इजराइल के रक्षा उद्योग से जुड़े कामकाज और अंतरराष्ट्रीय बाजारों के साथ उसके संबंधों पर भी प्रस्तुति दी गई। इस बातचीत से यह संकेत मिलता है कि नया समझौता केवल सैन्य संपर्क तक सीमित नहीं है, बल्कि रक्षा तकनीक और उद्योग से जुड़े सहयोग की संभावनाएं भी इसमें शामिल हो सकती हैं।
इजराइल पिछले कुछ समय से अलग-अलग देशों के साथ रक्षा साझेदारी बढ़ाने पर जोर दे रहा है। उसके रक्षा मंत्रालय के मुताबिक, ऐसे समझौते व्यापक रणनीति का हिस्सा हैं, जिसके जरिए मित्र देशों के साथ सुरक्षा संबंध मजबूत किए जा रहे हैं और इजराइली रक्षा कंपनियों के लिए अंतरराष्ट्रीय बाजारों में सहयोग के नए रास्ते तलाशे जा रहे हैं। मध्य अमेरिका में होंडुरास को इजराइल एक अहम साझेदार के तौर पर देखता है। दोनों देशों के बीच अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भी कई मौकों पर समान रुख देखने को मिला है। ऐसे में रक्षा समझौते को दोनों देशों के पहले से मौजूद राजनीतिक संबंधों को सुरक्षा क्षेत्र में आगे ले जाने की कोशिश के तौर पर देखा जा रहा है।
इजराइल और होंडुरास के बीच राजनयिक संबंधों में यरुशलम का मुद्दा भी खास रहा है। 2017 में संयुक्त राष्ट्र महासभा में अमेरिका की ओर से यरुशलम को इजराइल की राजधानी के तौर पर मान्यता देने के फैसले से जुड़े प्रस्ताव पर होंडुरास उन देशों में शामिल था, जिन्होंने प्रस्ताव के खिलाफ मतदान किया था। बाद में 2021 में होंडुरास ने अपना दूतावास यरुशलम स्थानांतरित कर दिया था। उस समय वह अमेरिका, ग्वाटेमाला और कोसोवो के साथ ऐसा करने वाले शुरुआती देशों में शामिल था। इस कदम से इजराइल और होंडुरास के बीच राजनीतिक नजदीकी को और बल मिला था।
हालांकि 7 अक्टूबर 2023 को हमास के हमले के बाद दोनों देशों के रिश्तों में एक दौर ऐसा भी आया जब होंडुरास ने इजराइल से अपने राजदूत को वापस बुला लिया था। इसके बाद राजनयिक स्तर पर दूरी दिखाई दी। अब अगस्त 2026 की शुरुआत में होंडुरास ने नए दूत की नियुक्ति की, जिनका इजराइली राष्ट्रपति इसाक हर्जोग ने स्वागत किया। इसके कुछ ही समय बाद रक्षा सहयोग से जुड़ा नया समझौता सामने आया है। इससे दोनों देशों के बीच सुरक्षा और कूटनीतिक संपर्क फिर सक्रिय होने के संकेत मिल रहे हैं।
नए MoU के तहत दोनों देशों के रक्षा प्रतिष्ठानों के बीच संपर्क और सहयोग को आगे बढ़ाने की दिशा तय की गई है। बैठकों में रणनीतिक सुरक्षा मामलों के अलावा रक्षा उद्योग और सैन्य अनुभवों से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा हुई। इजराइल के लिए यह समझौता मध्य अमेरिका में अपने रक्षा साझेदारों का दायरा बढ़ाने की नीति से जुड़ा है, जबकि होंडुरास के लिए इजराइली रक्षा अनुभव और तकनीकी सहयोग सुरक्षा क्षेत्र में उपयोगी हो सकता है। समझौते के बाद अब दोनों देशों के रक्षा अधिकारियों के बीच आगे की बातचीत और सहयोग के संभावित क्षेत्रों पर काम बढ़ने की संभावना है।
इजराइल और होंडुरास के बीच बढ़ा रक्षा सहयोग, नया समझौता
अंतराष्ट्रीय न्यूज
इजराइल और होंडुरास ने रक्षा क्षेत्र में अपने रिश्तों को और मजबूत करने की दिशा में नया कदम उठाया है। दोनों देशों के रक्षा मंत्रियों ने रविवार को एक नए समझौता ज्ञापन यानी MoU पर हस्ताक्षर किए। इस समझौते का मकसद दोनों देशों के रक्षा प्रतिष्ठानों के बीच सहयोग बढ़ाना और सुरक्षा से जुड़े मामलों में तालमेल मजबूत करना है। इजराइल की ओर से रक्षा मंत्री इजराइल काट्ज और होंडुरास की तरफ से रक्षा मंत्री एनरिक रोड्रिगेज बर्चार्ड ने दस्तावेज पर हस्ताक्षर किए। कार्यक्रम में दोनों देशों के कई वरिष्ठ सैन्य और रक्षा अधिकारी मौजूद रहे। इजराइली रक्षा मंत्रालय ने इस समझौते को द्विपक्षीय रक्षा सहयोग को आगे बढ़ाने वाला महत्वपूर्ण कदम बताया है।
समझौते के दौरान दोनों देशों के अधिकारियों के बीच सुरक्षा और रणनीतिक मुद्दों पर भी विस्तार से बातचीत हुई। होंडुरास के रक्षा मंत्री के साथ आंतरिक सुरक्षा मंत्री और सशस्त्र बलों के संयुक्त स्टाफ प्रमुख भी इजराइल पहुंचे थे। बैठक में दोनों देशों के सामने मौजूद सुरक्षा चुनौतियों, सैन्य सहयोग के संभावित क्षेत्रों और भविष्य में तालमेल बढ़ाने के तरीकों पर चर्चा हुई। इजराइली रक्षा मंत्रालय के महानिदेशक मेजर जनरल आमिर बराम ने होंडुरास के प्रतिनिधिमंडल के साथ बातचीत की। इजराइल की तरफ से रक्षा नीति और राजनीतिक-सैन्य मामलों से जुड़े वरिष्ठ अधिकारी भी इस दौरान मौजूद रहे।
होंडुरास के प्रतिनिधिमंडल को इजराइल की हालिया सैन्य गतिविधियों और पिछले कुछ वर्षों में हुए युद्धों से जुड़े अनुभवों के बारे में जानकारी दी गई। अधिकारियों ने रक्षा मंत्रालय की मौजूदा गतिविधियों और देश के रक्षा ढांचे की भी जानकारी साझा की। इसके साथ ही इजराइल के रक्षा उद्योग से जुड़े कामकाज और अंतरराष्ट्रीय बाजारों के साथ उसके संबंधों पर भी प्रस्तुति दी गई। इस बातचीत से यह संकेत मिलता है कि नया समझौता केवल सैन्य संपर्क तक सीमित नहीं है, बल्कि रक्षा तकनीक और उद्योग से जुड़े सहयोग की संभावनाएं भी इसमें शामिल हो सकती हैं।
इजराइल पिछले कुछ समय से अलग-अलग देशों के साथ रक्षा साझेदारी बढ़ाने पर जोर दे रहा है। उसके रक्षा मंत्रालय के मुताबिक, ऐसे समझौते व्यापक रणनीति का हिस्सा हैं, जिसके जरिए मित्र देशों के साथ सुरक्षा संबंध मजबूत किए जा रहे हैं और इजराइली रक्षा कंपनियों के लिए अंतरराष्ट्रीय बाजारों में सहयोग के नए रास्ते तलाशे जा रहे हैं। मध्य अमेरिका में होंडुरास को इजराइल एक अहम साझेदार के तौर पर देखता है। दोनों देशों के बीच अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भी कई मौकों पर समान रुख देखने को मिला है। ऐसे में रक्षा समझौते को दोनों देशों के पहले से मौजूद राजनीतिक संबंधों को सुरक्षा क्षेत्र में आगे ले जाने की कोशिश के तौर पर देखा जा रहा है।
इजराइल और होंडुरास के बीच राजनयिक संबंधों में यरुशलम का मुद्दा भी खास रहा है। 2017 में संयुक्त राष्ट्र महासभा में अमेरिका की ओर से यरुशलम को इजराइल की राजधानी के तौर पर मान्यता देने के फैसले से जुड़े प्रस्ताव पर होंडुरास उन देशों में शामिल था, जिन्होंने प्रस्ताव के खिलाफ मतदान किया था। बाद में 2021 में होंडुरास ने अपना दूतावास यरुशलम स्थानांतरित कर दिया था। उस समय वह अमेरिका, ग्वाटेमाला और कोसोवो के साथ ऐसा करने वाले शुरुआती देशों में शामिल था। इस कदम से इजराइल और होंडुरास के बीच राजनीतिक नजदीकी को और बल मिला था।
हालांकि 7 अक्टूबर 2023 को हमास के हमले के बाद दोनों देशों के रिश्तों में एक दौर ऐसा भी आया जब होंडुरास ने इजराइल से अपने राजदूत को वापस बुला लिया था। इसके बाद राजनयिक स्तर पर दूरी दिखाई दी। अब अगस्त 2026 की शुरुआत में होंडुरास ने नए दूत की नियुक्ति की, जिनका इजराइली राष्ट्रपति इसाक हर्जोग ने स्वागत किया। इसके कुछ ही समय बाद रक्षा सहयोग से जुड़ा नया समझौता सामने आया है। इससे दोनों देशों के बीच सुरक्षा और कूटनीतिक संपर्क फिर सक्रिय होने के संकेत मिल रहे हैं।
नए MoU के तहत दोनों देशों के रक्षा प्रतिष्ठानों के बीच संपर्क और सहयोग को आगे बढ़ाने की दिशा तय की गई है। बैठकों में रणनीतिक सुरक्षा मामलों के अलावा रक्षा उद्योग और सैन्य अनुभवों से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा हुई। इजराइल के लिए यह समझौता मध्य अमेरिका में अपने रक्षा साझेदारों का दायरा बढ़ाने की नीति से जुड़ा है, जबकि होंडुरास के लिए इजराइली रक्षा अनुभव और तकनीकी सहयोग सुरक्षा क्षेत्र में उपयोगी हो सकता है। समझौते के बाद अब दोनों देशों के रक्षा अधिकारियों के बीच आगे की बातचीत और सहयोग के संभावित क्षेत्रों पर काम बढ़ने की संभावना है।
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