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मौसम अपडेट 26 जुलाई 2026: 31 जुलाई तक पूरे राज्य में भारी बारिश के आसार, आईएमडी ने जारी की चेतावनी
Digital Desk
उत्तर भारत से लेकर मध्य और पूर्वी भारत तक सक्रिय मानसून, कई इलाकों में मूसलाधार बारिश, तेज हवाओं और भूस्खलन की आशंका
देशभर में मानसून एक बार फिर पूरी तरह सक्रिय नजर आ रहा है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार 26 जुलाई, रविवार से लेकर 31 जुलाई तक देश के कई हिस्सों में लगातार बारिश का दौर जारी रह सकता है। उत्तर भारत के पर्वतीय राज्यों के साथ-साथ गंगा के मैदानी इलाकों और मध्य भारत के कई हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने कई राज्यों के लिए रेड और येलो अलर्ट जारी करते हुए लोगों को अतिरिक्त सतर्कता बरतने की सलाह दी है।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार बंगाल की खाड़ी में बने कम दबाव के क्षेत्र (Low Pressure Area) और पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के संयुक्त प्रभाव से मानसून को अतिरिक्त मजबूती मिली है। इसी कारण उत्तर भारत, पूर्वोत्तर और मध्य भारत के कई हिस्सों में अगले कुछ दिनों तक बारिश की गतिविधियां तेज बनी रह सकती हैं।
इन राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग के अनुसार रविवार को उत्तर प्रदेश, बिहार, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर समेत कई राज्यों में तेज बारिश होने की संभावना है। कई क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ तेज वर्षा और 60 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। निचले इलाकों में जलभराव और पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन की आशंका भी जताई गई है।
31 जुलाई तक जारी रह सकता है बारिश का सिलसिला
IMD के पूर्वानुमान के अनुसार मानसून की सक्रियता अगले कई दिनों तक बनी रह सकती है। 27 से 31 जुलाई के बीच उत्तर, मध्य और पूर्वी भारत के अनेक हिस्सों में रुक-रुक कर भारी बारिश होने की संभावना है। लगातार वर्षा के कारण नदी-नालों का जलस्तर बढ़ सकता है, जबकि शहरी क्षेत्रों में जलभराव की समस्या भी सामने आ सकती है।
विशेषज्ञों का कहना है कि जिन इलाकों में पहले से अच्छी बारिश हो चुकी है, वहां लगातार वर्षा से स्थानीय स्तर पर बाढ़ जैसी स्थिति बनने की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता।
पहाड़ी राज्यों में बढ़ी चुनौती
उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर में पिछले कुछ दिनों से लगातार हो रही बारिश के कारण कई स्थानों पर भूस्खलन की घटनाएं सामने आई हैं। कई सड़कों पर मलबा आने से यातायात प्रभावित हुआ है और कुछ मार्गों को एहतियातन बंद भी किया गया है।
पर्वतीय क्षेत्रों में रहने वाले लोगों और पर्यटकों को मौसम की ताजा जानकारी लेकर ही यात्रा करने की सलाह दी गई है। संवेदनशील इलाकों में प्रशासन लगातार निगरानी बनाए हुए है।
मध्य भारत में भी सक्रिय रहेगा मानसून
उत्तर भारत के अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान, पश्चिम बंगाल और अरुणाचल प्रदेश में भी बारिश की गतिविधियां तेज रहने का अनुमान है। कई जिलों में मध्यम से भारी बारिश हो सकती है। किसानों के लिए यह बारिश खरीफ फसलों के लिहाज से फायदेमंद मानी जा रही है, हालांकि अत्यधिक वर्षा वाले इलाकों में खेतों में जलभराव की स्थिति भी बन सकती है।
तेज हवाओं के साथ गरज-चमक की संभावना
मौसम विभाग ने कुछ क्षेत्रों में बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने की भी चेतावनी दी है। खुले मैदानों, नदी किनारे और ऊंचे स्थानों पर रहने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। कई स्थानों पर आंधी के साथ बारिश होने की संभावना है, जिससे बिजली आपूर्ति और यातायात भी प्रभावित हो सकता है।
लोगों के लिए IMD की जरूरी सलाह
मौसम विभाग ने प्रभावित क्षेत्रों के लोगों को मौसम संबंधी चेतावनियों पर नजर बनाए रखने की सलाह दी है। भारी बारिश के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने, जलभराव वाले इलाकों में वाहन न ले जाने, पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन संभावित मार्गों से दूरी बनाने और स्थानीय प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने को कहा गया है।
तेज हवाओं के दौरान कमजोर पेड़ों, पुराने भवनों और बिजली के खंभों के आसपास रुकने से बचने की भी सलाह दी गई है। ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले लोगों से बिजली गिरने की आशंका के दौरान खुले खेतों में न जाने का आग्रह किया गया है।
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मौसम अपडेट 26 जुलाई 2026: 31 जुलाई तक पूरे राज्य में भारी बारिश के आसार, आईएमडी ने जारी की चेतावनी
Digital Desk
देशभर में मानसून एक बार फिर पूरी तरह सक्रिय नजर आ रहा है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार 26 जुलाई, रविवार से लेकर 31 जुलाई तक देश के कई हिस्सों में लगातार बारिश का दौर जारी रह सकता है। उत्तर भारत के पर्वतीय राज्यों के साथ-साथ गंगा के मैदानी इलाकों और मध्य भारत के कई हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने कई राज्यों के लिए रेड और येलो अलर्ट जारी करते हुए लोगों को अतिरिक्त सतर्कता बरतने की सलाह दी है।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार बंगाल की खाड़ी में बने कम दबाव के क्षेत्र (Low Pressure Area) और पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के संयुक्त प्रभाव से मानसून को अतिरिक्त मजबूती मिली है। इसी कारण उत्तर भारत, पूर्वोत्तर और मध्य भारत के कई हिस्सों में अगले कुछ दिनों तक बारिश की गतिविधियां तेज बनी रह सकती हैं।
इन राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग के अनुसार रविवार को उत्तर प्रदेश, बिहार, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर समेत कई राज्यों में तेज बारिश होने की संभावना है। कई क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ तेज वर्षा और 60 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। निचले इलाकों में जलभराव और पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन की आशंका भी जताई गई है।
31 जुलाई तक जारी रह सकता है बारिश का सिलसिला
IMD के पूर्वानुमान के अनुसार मानसून की सक्रियता अगले कई दिनों तक बनी रह सकती है। 27 से 31 जुलाई के बीच उत्तर, मध्य और पूर्वी भारत के अनेक हिस्सों में रुक-रुक कर भारी बारिश होने की संभावना है। लगातार वर्षा के कारण नदी-नालों का जलस्तर बढ़ सकता है, जबकि शहरी क्षेत्रों में जलभराव की समस्या भी सामने आ सकती है।
विशेषज्ञों का कहना है कि जिन इलाकों में पहले से अच्छी बारिश हो चुकी है, वहां लगातार वर्षा से स्थानीय स्तर पर बाढ़ जैसी स्थिति बनने की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता।
पहाड़ी राज्यों में बढ़ी चुनौती
उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर में पिछले कुछ दिनों से लगातार हो रही बारिश के कारण कई स्थानों पर भूस्खलन की घटनाएं सामने आई हैं। कई सड़कों पर मलबा आने से यातायात प्रभावित हुआ है और कुछ मार्गों को एहतियातन बंद भी किया गया है।
पर्वतीय क्षेत्रों में रहने वाले लोगों और पर्यटकों को मौसम की ताजा जानकारी लेकर ही यात्रा करने की सलाह दी गई है। संवेदनशील इलाकों में प्रशासन लगातार निगरानी बनाए हुए है।
मध्य भारत में भी सक्रिय रहेगा मानसून
उत्तर भारत के अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान, पश्चिम बंगाल और अरुणाचल प्रदेश में भी बारिश की गतिविधियां तेज रहने का अनुमान है। कई जिलों में मध्यम से भारी बारिश हो सकती है। किसानों के लिए यह बारिश खरीफ फसलों के लिहाज से फायदेमंद मानी जा रही है, हालांकि अत्यधिक वर्षा वाले इलाकों में खेतों में जलभराव की स्थिति भी बन सकती है।
तेज हवाओं के साथ गरज-चमक की संभावना
मौसम विभाग ने कुछ क्षेत्रों में बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने की भी चेतावनी दी है। खुले मैदानों, नदी किनारे और ऊंचे स्थानों पर रहने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। कई स्थानों पर आंधी के साथ बारिश होने की संभावना है, जिससे बिजली आपूर्ति और यातायात भी प्रभावित हो सकता है।
लोगों के लिए IMD की जरूरी सलाह
मौसम विभाग ने प्रभावित क्षेत्रों के लोगों को मौसम संबंधी चेतावनियों पर नजर बनाए रखने की सलाह दी है। भारी बारिश के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने, जलभराव वाले इलाकों में वाहन न ले जाने, पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन संभावित मार्गों से दूरी बनाने और स्थानीय प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने को कहा गया है।
तेज हवाओं के दौरान कमजोर पेड़ों, पुराने भवनों और बिजली के खंभों के आसपास रुकने से बचने की भी सलाह दी गई है। ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले लोगों से बिजली गिरने की आशंका के दौरान खुले खेतों में न जाने का आग्रह किया गया है।
