- Hindi News
- राज्य
- छत्तीसगढ़
- NEET PG 2026: बिलासपुर में परीक्षा के दौरान 40 कंप्यूटर बंद होने का दावा, सिस्टम रिस्टार्ट के बाद गू...
NEET PG 2026: बिलासपुर में परीक्षा के दौरान 40 कंप्यूटर बंद होने का दावा, सिस्टम रिस्टार्ट के बाद गूगल विंडो खुलने से उठे सवाल
बिलासपुर (छ.ग.)
प्रज्ञा मंडपम् केंद्र में तकनीकी दिक्कत की अभ्यर्थियों ने बताई घटना; हालांकि NBEMS की आधिकारिक जानकारी में तकनीकी व्यवधान के लिए केवल जयपुर के दो केंद्रों का उल्लेख
NEET PG 2026 की परीक्षा के दौरान छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में तकनीकी गड़बड़ी की शिकायत सामने आई है। गुरु घासीदास केंद्रीय विश्वविद्यालय के प्रज्ञा मंडपम् में परीक्षा दे रहे कुछ अभ्यर्थियों ने दावा किया कि परीक्षा शुरू होने के करीब 15 मिनट बाद एक कक्ष में कंप्यूटर सिस्टम बंद होने लगे और देखते ही देखते करीब 40 कंप्यूटर काम करना बंद कर गए।
अभ्यर्थियों के मुताबिक, तकनीकी समस्या के कारण करीब एक घंटे तक परीक्षा प्रभावित रही। उनका कहना है कि सिस्टम दोबारा शुरू किए जाने के बाद कुछ कंप्यूटरों पर निर्धारित परीक्षा सॉफ्टवेयर के बजाय गूगल की विंडो दिखाई देने लगी। इसी वजह से अभ्यर्थियों ने परीक्षा व्यवस्था और सिस्टम की सुरक्षा को लेकर सवाल उठाए। हालांकि, इन दावों को फिलहाल आधिकारिक तौर पर सर्वर हैकिंग या परीक्षा में गड़बड़ी के रूप में स्थापित नहीं किया गया है। उपलब्ध आधिकारिक जानकारी में नेशनल बोर्ड ऑफ एग्जामिनेशन इन मेडिकल साइंसेज यानी NBEMS ने 30 अगस्त की परीक्षा के दौरान तकनीकी व्यवधान की पुष्टि केवल राजस्थान के जयपुर स्थित सिटापुरा के दो केंद्रों के लिए की है।
NBEMS के अनुसार, NEET PG 2026 के लिए देशभर में 2,73,096 उम्मीदवार पंजीकृत थे और परीक्षा 1,111 केंद्रों पर 339 शहरों में आयोजित की गई। इनमें से 2,65,980 उम्मीदवार परीक्षा में शामिल हुए और करीब 2,63,535 उम्मीदवारों की परीक्षा सफलतापूर्वक पूरी हुई। आधिकारिक बयान के मुताबिक जयपुर के iON Digital Zone iDZ Sitapura के दो केंद्रों पर आंतरिक बिजली आपूर्ति से जुड़ी तकनीकी समस्या के कारण 2,445 उम्मीदवारों की परीक्षा पूरी नहीं हो सकी। NBEMS ने इसके लिए परीक्षा संचालित करने वाली एजेंसी TCS से जुड़ी आंतरिक बिजली आपूर्ति समस्या को जिम्मेदार बताया है। इन उम्मीदवारों के लिए 5 सितंबर को दोपहर 3 बजे जयपुर में दोबारा परीक्षा कराने की घोषणा की गई है।
बिलासपुर केंद्र पर क्या हुआ?
बिलासपुर के प्रज्ञा मंडपम् केंद्र को लेकर सामने आए दावों के अनुसार, दूसरी मंजिल के एक कमरे में बैठे करीब 40 अभ्यर्थियों के कंप्यूटर एक के बाद एक बंद हुए। अभ्यर्थियों का कहना है कि उस समय वे परीक्षा के शुरुआती सवाल ही हल कर पाए थे।
तकनीकी टीम की ओर से सिस्टम को दोबारा चालू करने की कोशिश की गई। अभ्यर्थियों का दावा है कि रीस्टार्ट के बाद कुछ मशीनों पर परीक्षा के निर्धारित इंटरफेस के बजाय गूगल विंडो दिखाई दी। इस स्थिति ने परीक्षा दे रहे उम्मीदवारों के बीच असमंजस पैदा किया और केंद्र पर हंगामे की स्थिति बनी। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को भी बुलाए जाने की बात सामने आई है। हालांकि, इस घटना के संबंध में आधिकारिक जांच या तकनीकी रिपोर्ट सार्वजनिक नहीं हुई है, इसलिए गूगल विंडो खुलने के कारण को लेकर अभी कोई निष्कर्ष निकालना उचित नहीं होगा।
परीक्षा केंद्र पर कितने उम्मीदवार थे?
उपलब्ध जानकारी के अनुसार NBEMS ने बिलासपुर में चार परीक्षा केंद्र बनाए थे। इनमें प्रज्ञा मंडपम् प्रमुख केंद्रों में शामिल था। यहां कुल 915 उम्मीदवारों के लिए व्यवस्था की गई थी, जिनमें से 899 उम्मीदवारों के परीक्षा में शामिल होने की जानकारी दी गई है। परीक्षा सुबह 9 बजे शुरू हुई थी। अभ्यर्थियों के मुताबिक तकनीकी समस्या परीक्षा शुरू होने के कुछ ही समय बाद सामने आई। उनका कहना है कि प्रभावित कंप्यूटरों पर परीक्षा सामान्य रूप से जारी नहीं रह सकी।
परीक्षा की सुरक्षा को लेकर क्यों उठे सवाल?
कंप्यूटर आधारित परीक्षाओं में उम्मीदवारों को निर्धारित परीक्षा सॉफ्टवेयर के जरिए प्रश्नपत्र उपलब्ध कराया जाता है। ऐसे में यदि सिस्टम पर कोई दूसरी विंडो दिखाई देती है तो उम्मीदवारों के बीच सुरक्षा को लेकर सवाल उठना स्वाभाविक है। हालांकि, किसी सिस्टम पर गूगल विंडो दिखाई देना अपने आप में हैकिंग का प्रमाण नहीं है।
NEET PG 2026 के लिए NBEMS ने सुरक्षा व्यवस्था में लाइव CCTV निगरानी, आधार आधारित प्रमाणीकरण, रियल टाइम मॉनिटरिंग और क्षेत्रीय कमांड सेंटर जैसी व्यवस्थाएं लागू की थीं। देशभर में 16 NBEMS क्षेत्रीय कमांड सेंटर भी सक्रिय किए गए थे। NBEMS के मुख्यालय स्थित कमांड सेंटर से परीक्षा की निगरानी के लिए NBEMS और TCS की टीम तैनात थी। इसके अलावा परीक्षा केंद्रों पर स्वतंत्र पर्यवेक्षकों और फ्लाइंग स्क्वॉड की भी व्यवस्था की गई थी।
आधिकारिक रिकॉर्ड में जयपुर की तकनीकी गड़बड़ी
NBEMS की आधिकारिक सूचना में 30 अगस्त की परीक्षा को लेकर तकनीकी समस्या का स्पष्ट उल्लेख जयपुर के दो केंद्रों के संदर्भ में है। वहां आंतरिक बिजली आपूर्ति बाधित होने के कारण 2,445 उम्मीदवार परीक्षा पूरी नहीं कर सके। बोर्ड ने प्रभावित उम्मीदवारों को दोबारा परीक्षा का अवसर देने का फैसला किया है। बिलासपुर में सामने आए दावों और आधिकारिक रिपोर्ट के बीच फिलहाल अंतर दिखाई देता है। इसलिए बिलासपुर की घटना में सिस्टम खराब होने, गूगल विंडो खुलने और परीक्षा कितनी देर प्रभावित रही, इन सभी पहलुओं की पुष्टि संबंधित परीक्षा एजेंसी या NBEMS की तकनीकी जांच के बाद ही हो सकेगी।
छह महीने पहले शुरू हुआ था परीक्षा केंद्र
गुरु घासीदास केंद्रीय विश्वविद्यालय के प्रज्ञा मंडपम् में करीब 1,000 कंप्यूटरों की क्षमता वाला परीक्षा केंद्र तैयार किया गया था। केंद्र को राष्ट्रीय स्तर की कंप्यूटर आधारित परीक्षाओं के लिए उपयोग करने की योजना थी। ऐसे में NEET PG जैसी महत्वपूर्ण परीक्षा के दौरान तकनीकी समस्या की शिकायत सामने आने से केंद्र की तकनीकी तैयारी और बैकअप व्यवस्था पर सवाल उठे हैं। हालांकि इन सवालों पर केंद्र या परीक्षा संचालक की ओर से विस्तृत आधिकारिक तकनीकी रिपोर्ट सामने आना अभी बाकी है।
Recommended for You
दैनिक जागरण से जुड़ें:
देश-प्रदेश की ताज़ा ख़बरों को सबसे पहले पढ़ने के लिए हमारे सोशल मीडिया हैंडल को फॉलो करें:

