- Hindi News
- देश विदेश
- असम में UCC पर सियासी घमासान, वोटर लिस्ट विवाद पर ममता का पलटवार
असम में UCC पर सियासी घमासान, वोटर लिस्ट विवाद पर ममता का पलटवार
नेशनल न्यूज
चुनावी माहौल में आरोप-प्रत्यारोप तेज; कई राज्यों में रैलियां, उम्मीदवारों की घोषणाएं और सुरक्षा तैयारियां बढ़ीं
देश के पांच राज्यों में जारी चुनावी माहौल के बीच राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। गृह मंत्री Amit Shah ने असम में यूनिफॉर्म सिविल कोड (UCC) लागू करने का ऐलान किया, वहीं पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री Mamata Banerjee ने वोटर लिस्ट में कथित घुसपैठ को लेकर प्रधानमंत्री पर सवाल उठाए।
गोलपाड़ा में चुनावी रैली को संबोधित करते हुए अमित शाह ने कहा कि असम में UCC लागू किया जाएगा, जिसके तहत बहुविवाह पर रोक लगेगी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि इस कानून के दायरे से आदिवासी समुदाय को बाहर रखा जाएगा। शाह ने आरोप लगाया कि विपक्ष इस मुद्दे पर भ्रम फैलाकर आदिवासियों को डराने की कोशिश कर रहा है।
दूसरी ओर, दक्षिण दिनाजपुर में रैली के दौरान ममता बनर्जी ने पलटवार करते हुए कहा कि यदि वोटर लिस्ट में घुसपैठिए शामिल हैं, तो ऐसे वोटों के आधार पर जीतने वाले नेताओं को पहले जवाब देना चाहिए। उन्होंने राज्य में प्रशासनिक तबादलों को भी चुनावी प्रक्रिया प्रभावित करने वाला बताया।
इस बीच, चुनावी राज्यों में राजनीतिक गतिविधियां चरम पर हैं। Narendra Modi ने पुडुचेरी में रोड शो किया, जबकि भाजपा अध्यक्ष J. P. Nadda केरल दौरे पर हैं। तमिलनाडु में प्रमुख दलों ने उम्मीदवारों की सूची जारी कर दी है, जिससे चुनावी मुकाबला और दिलचस्प हो गया है।
असम में ही उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री Yogi Adityanath ने भी रैली में कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि पिछली सरकारों ने राज्य में अस्थिरता और घुसपैठ को बढ़ावा दिया, जबकि वर्तमान सरकार ने विकास और सुरक्षा सुनिश्चित की है।
चुनाव आयोग ने पश्चिम बंगाल में मतगणना के बाद कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए केंद्रीय बलों की तैनाती बढ़ाने का फैसला किया है। करीब 500 कंपनियां सुरक्षा व्यवस्था संभालेंगी, जबकि ईवीएम और काउंटिंग सेंटर की निगरानी के लिए अतिरिक्त बल तैनात रहेगा।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि UCC, घुसपैठ और कानून-व्यवस्था जैसे मुद्दे इस चुनाव में प्रमुख भूमिका निभा रहे हैं। इन मुद्दों के जरिए राजनीतिक दल अपने-अपने वोट बैंक को साधने की कोशिश कर रहे हैं।
फिलहाल, चुनावी प्रचार तेज हो चुका है और आने वाले दिनों में बयानबाजी और भी तीखी होने के संकेत हैं। सभी दल अपने पक्ष में माहौल बनाने के लिए पूरी ताकत झोंक रहे हैं।
-----------------
हमारे आधिकारिक प्लेटफॉर्म्स से जुड़ें –
🔴 व्हाट्सएप चैनल: https://whatsapp.com/channel/0029VbATlF0KQuJB6tvUrN3V
🔴 फेसबुक: Dainik Jagran MP/CG Official
🟣 इंस्टाग्राम: @dainikjagranmp.cg
🔴 यूट्यूब: Dainik Jagran MPCG Digital
📲 सोशल मीडिया पर जुड़ें और बने जागरूक पाठक।
👉 आज ही जुड़िए
असम में UCC पर सियासी घमासान, वोटर लिस्ट विवाद पर ममता का पलटवार
नेशनल न्यूज
देश के पांच राज्यों में जारी चुनावी माहौल के बीच राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। गृह मंत्री Amit Shah ने असम में यूनिफॉर्म सिविल कोड (UCC) लागू करने का ऐलान किया, वहीं पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री Mamata Banerjee ने वोटर लिस्ट में कथित घुसपैठ को लेकर प्रधानमंत्री पर सवाल उठाए।
गोलपाड़ा में चुनावी रैली को संबोधित करते हुए अमित शाह ने कहा कि असम में UCC लागू किया जाएगा, जिसके तहत बहुविवाह पर रोक लगेगी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि इस कानून के दायरे से आदिवासी समुदाय को बाहर रखा जाएगा। शाह ने आरोप लगाया कि विपक्ष इस मुद्दे पर भ्रम फैलाकर आदिवासियों को डराने की कोशिश कर रहा है।
दूसरी ओर, दक्षिण दिनाजपुर में रैली के दौरान ममता बनर्जी ने पलटवार करते हुए कहा कि यदि वोटर लिस्ट में घुसपैठिए शामिल हैं, तो ऐसे वोटों के आधार पर जीतने वाले नेताओं को पहले जवाब देना चाहिए। उन्होंने राज्य में प्रशासनिक तबादलों को भी चुनावी प्रक्रिया प्रभावित करने वाला बताया।
इस बीच, चुनावी राज्यों में राजनीतिक गतिविधियां चरम पर हैं। Narendra Modi ने पुडुचेरी में रोड शो किया, जबकि भाजपा अध्यक्ष J. P. Nadda केरल दौरे पर हैं। तमिलनाडु में प्रमुख दलों ने उम्मीदवारों की सूची जारी कर दी है, जिससे चुनावी मुकाबला और दिलचस्प हो गया है।
असम में ही उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री Yogi Adityanath ने भी रैली में कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि पिछली सरकारों ने राज्य में अस्थिरता और घुसपैठ को बढ़ावा दिया, जबकि वर्तमान सरकार ने विकास और सुरक्षा सुनिश्चित की है।
चुनाव आयोग ने पश्चिम बंगाल में मतगणना के बाद कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए केंद्रीय बलों की तैनाती बढ़ाने का फैसला किया है। करीब 500 कंपनियां सुरक्षा व्यवस्था संभालेंगी, जबकि ईवीएम और काउंटिंग सेंटर की निगरानी के लिए अतिरिक्त बल तैनात रहेगा।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि UCC, घुसपैठ और कानून-व्यवस्था जैसे मुद्दे इस चुनाव में प्रमुख भूमिका निभा रहे हैं। इन मुद्दों के जरिए राजनीतिक दल अपने-अपने वोट बैंक को साधने की कोशिश कर रहे हैं।
फिलहाल, चुनावी प्रचार तेज हो चुका है और आने वाले दिनों में बयानबाजी और भी तीखी होने के संकेत हैं। सभी दल अपने पक्ष में माहौल बनाने के लिए पूरी ताकत झोंक रहे हैं।
