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FIH प्रो लीग में भारत का पाकिस्तान पर 7-1 से धमाकेदार जीत, पिछड़ने के बाद सात गोल दागे
स्पोर्ट्स डेस्क
लंदन में भारतीय टीम ने शानदार वापसी करते हुए चिर-प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान को एकतरफा मुकाबले में हराया, सात खिलाड़ियों ने किए सात अलग-अलग गोल
भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने एफआईएच प्रो लीग में अपने सबसे बड़े प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान के खिलाफ शानदार प्रदर्शन करते हुए 7-1 से यादगार जीत दर्ज की। लंदन में खेले गए इस मुकाबले में भारतीय टीम ने शुरुआती झटका खाने के बाद जिस अंदाज में वापसी की, उसने मैच का पूरा रंग बदल दिया। एक समय 0-1 से पीछे चल रही टीम इंडिया ने लगातार सात गोल दागकर पाकिस्तान को पूरी तरह मुकाबले से बाहर कर दिया। खास बात यह रही कि भारत के सातों गोल सात अलग-अलग खिलाड़ियों ने किए, जिसने टीम के सामूहिक प्रदर्शन और मजबूत आक्रमण की तस्वीर साफ कर दी। मैच की शुरुआत पाकिस्तान ने काफी आक्रामक अंदाज में की। दोनों टीमों के बीच शुरुआती मिनटों में तेज मुकाबला देखने को मिला, लेकिन पहला गोल पाकिस्तान के खाते में गया। मैच के 13वें मिनट में पाकिस्तान को पेनल्टी कॉर्नर मिला, जिसे अबू महमूद ने शानदार तरीके से गोल में बदल दिया। इस गोल के बाद पाकिस्तान ने 1-0 की बढ़त बना ली और भारतीय टीम पर दबाव बढ़ गया। हालांकि भारत ने घबराने के बजाय संयम बनाए रखा और लगातार आक्रमण जारी रखा।
पाकिस्तान की बढ़त ज्यादा देर तक कायम नहीं रह सकी। भारतीय टीम ने सिर्फ सात मिनट के भीतर मुकाबले में बराबरी कर ली। 20वें मिनट में कप्तान हरमनप्रीत सिंह के पेनल्टी कॉर्नर पर आई गेंद को सुखजीत सिंह ने शानदार डिफ्लेक्शन देकर गोल में पहुंचाया। इस गोल ने भारतीय टीम का आत्मविश्वास बढ़ा दिया और खिलाड़ियों ने लगातार पाकिस्तान के गोलपोस्ट पर दबाव बनाना शुरू कर दिया। पहले हाफ के समाप्त होने से पहले भारत ने बढ़त भी हासिल कर ली। मैच के 26वें मिनट में भारत को एक और पेनल्टी कॉर्नर मिला। इस बार कप्तान हरमनप्रीत सिंह ने खुद जिम्मेदारी संभाली और दमदार ड्रैग फ्लिक के जरिए गेंद को सीधे गोलपोस्ट में पहुंचा दिया। इस गोल के साथ भारत 2-1 से आगे हो गया और हाफ टाइम तक पाकिस्तान पर दबाव पूरी तरह बढ़ चुका था।
दूसरे हाफ में भारतीय टीम ने अपने खेल का स्तर और ऊंचा कर दिया। तीसरे क्वार्टर में पाकिस्तान की रक्षापंक्ति पूरी तरह बिखरती नजर आई। 34वें मिनट में भारत को पेनल्टी स्ट्रोक मिला, जिसे हार्दिक सिंह ने बिना कोई गलती किए गोल में बदल दिया। इसके कुछ ही देर बाद पाकिस्तान को पेनल्टी कॉर्नर मिला, लेकिन भारतीय डिफेंस ने शानदार बचाव किया। उसी बचाव के बाद हुए तेज जवाबी हमले में जुगराज सिंह ने चौथा गोल दागकर पाकिस्तान की वापसी की उम्मीदों को लगभग खत्म कर दिया। भारतीय टीम का आक्रमण यहीं नहीं रुका। मैच के 41वें मिनट में अभिषेक ने बेहतरीन रिवर्स हिट लगाकर शानदार फील्ड गोल किया। इस गोल ने भारतीय दर्शकों को रोमांचित कर दिया और स्कोर 5-1 हो गया। इसके बाद भी टीम इंडिया लगातार आक्रमण करती रही। 44वें मिनट में लगातार मिले पेनल्टी कॉर्नर के दौरान राजकुमार पाल ने रीबाउंड का फायदा उठाते हुए गेंद को गोलपोस्ट में डाल दिया और भारत की बढ़त 6-1 कर दी।
मैच के अंतिम क्वार्टर में भी भारतीय टीम का दबदबा कायम रहा। 54वें मिनट में मंदीप सिंह ने शानदार पास दिया, जिस पर दिलप्रीत सिंह ने बेहतरीन फिनिशिंग करते हुए भारत का सातवां गोल दाग दिया। इसके साथ ही भारत ने पाकिस्तान को 7-1 के बड़े अंतर से हराकर मुकाबले का शानदार अंत किया। अंतिम मिनटों में पाकिस्तान वापसी की कोई कोशिश नहीं कर सका और भारतीय डिफेंस ने भी कोई गलती नहीं की। इस मुकाबले की सबसे बड़ी खासियत यह रही कि भारत के सातों गोल अलग-अलग खिलाड़ियों ने किए। सुखजीत सिंह, हरमनप्रीत सिंह, हार्दिक सिंह, जुगराज सिंह, अभिषेक, राजकुमार पाल और दिलप्रीत सिंह सभी ने अपना नाम स्कोरशीट में दर्ज कराया। इससे साफ हुआ कि भारतीय टीम किसी एक खिलाड़ी पर निर्भर नहीं है, बल्कि हर खिलाड़ी जिम्मेदारी निभाने के लिए तैयार है।
भारतीय कप्तान हरमनप्रीत सिंह ने पूरे मैच में शानदार नेतृत्व किया। उन्होंने न केवल गोल किया बल्कि टीम के आक्रमण और डिफेंस दोनों को संतुलित रखा। वहीं गोलकीपर और डिफेंस लाइन ने शुरुआती गोल खाने के बाद पाकिस्तान को कोई बड़ा मौका नहीं दिया। मिडफील्ड खिलाड़ियों ने गेंद पर नियंत्रण बनाए रखा और लगातार तेज मूव बनाकर विपक्षी टीम पर दबाव बनाए रखा। एफआईएच प्रो लीग के लिहाज से यह जीत भारतीय टीम के लिए काफी अहम मानी जा रही है। बड़े अंतर से मिली इस जीत से टीम का आत्मविश्वास और गोल अंतर दोनों मजबूत हुए हैं। अब भारतीय टीम लंदन चरण के अपने अंतिम मुकाबले में इंग्लैंड का सामना करेगी। पाकिस्तान के खिलाफ मिली इस शानदार जीत के बाद भारतीय खिलाड़ियों का मनोबल काफी ऊंचा है और टीम इसी लय को अगले मुकाबले में भी बरकरार रखना चाहेगी।
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FIH प्रो लीग में भारत का पाकिस्तान पर 7-1 से धमाकेदार जीत, पिछड़ने के बाद सात गोल दागे
स्पोर्ट्स डेस्क
भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने एफआईएच प्रो लीग में अपने सबसे बड़े प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान के खिलाफ शानदार प्रदर्शन करते हुए 7-1 से यादगार जीत दर्ज की। लंदन में खेले गए इस मुकाबले में भारतीय टीम ने शुरुआती झटका खाने के बाद जिस अंदाज में वापसी की, उसने मैच का पूरा रंग बदल दिया। एक समय 0-1 से पीछे चल रही टीम इंडिया ने लगातार सात गोल दागकर पाकिस्तान को पूरी तरह मुकाबले से बाहर कर दिया। खास बात यह रही कि भारत के सातों गोल सात अलग-अलग खिलाड़ियों ने किए, जिसने टीम के सामूहिक प्रदर्शन और मजबूत आक्रमण की तस्वीर साफ कर दी। मैच की शुरुआत पाकिस्तान ने काफी आक्रामक अंदाज में की। दोनों टीमों के बीच शुरुआती मिनटों में तेज मुकाबला देखने को मिला, लेकिन पहला गोल पाकिस्तान के खाते में गया। मैच के 13वें मिनट में पाकिस्तान को पेनल्टी कॉर्नर मिला, जिसे अबू महमूद ने शानदार तरीके से गोल में बदल दिया। इस गोल के बाद पाकिस्तान ने 1-0 की बढ़त बना ली और भारतीय टीम पर दबाव बढ़ गया। हालांकि भारत ने घबराने के बजाय संयम बनाए रखा और लगातार आक्रमण जारी रखा।
पाकिस्तान की बढ़त ज्यादा देर तक कायम नहीं रह सकी। भारतीय टीम ने सिर्फ सात मिनट के भीतर मुकाबले में बराबरी कर ली। 20वें मिनट में कप्तान हरमनप्रीत सिंह के पेनल्टी कॉर्नर पर आई गेंद को सुखजीत सिंह ने शानदार डिफ्लेक्शन देकर गोल में पहुंचाया। इस गोल ने भारतीय टीम का आत्मविश्वास बढ़ा दिया और खिलाड़ियों ने लगातार पाकिस्तान के गोलपोस्ट पर दबाव बनाना शुरू कर दिया। पहले हाफ के समाप्त होने से पहले भारत ने बढ़त भी हासिल कर ली। मैच के 26वें मिनट में भारत को एक और पेनल्टी कॉर्नर मिला। इस बार कप्तान हरमनप्रीत सिंह ने खुद जिम्मेदारी संभाली और दमदार ड्रैग फ्लिक के जरिए गेंद को सीधे गोलपोस्ट में पहुंचा दिया। इस गोल के साथ भारत 2-1 से आगे हो गया और हाफ टाइम तक पाकिस्तान पर दबाव पूरी तरह बढ़ चुका था।
दूसरे हाफ में भारतीय टीम ने अपने खेल का स्तर और ऊंचा कर दिया। तीसरे क्वार्टर में पाकिस्तान की रक्षापंक्ति पूरी तरह बिखरती नजर आई। 34वें मिनट में भारत को पेनल्टी स्ट्रोक मिला, जिसे हार्दिक सिंह ने बिना कोई गलती किए गोल में बदल दिया। इसके कुछ ही देर बाद पाकिस्तान को पेनल्टी कॉर्नर मिला, लेकिन भारतीय डिफेंस ने शानदार बचाव किया। उसी बचाव के बाद हुए तेज जवाबी हमले में जुगराज सिंह ने चौथा गोल दागकर पाकिस्तान की वापसी की उम्मीदों को लगभग खत्म कर दिया। भारतीय टीम का आक्रमण यहीं नहीं रुका। मैच के 41वें मिनट में अभिषेक ने बेहतरीन रिवर्स हिट लगाकर शानदार फील्ड गोल किया। इस गोल ने भारतीय दर्शकों को रोमांचित कर दिया और स्कोर 5-1 हो गया। इसके बाद भी टीम इंडिया लगातार आक्रमण करती रही। 44वें मिनट में लगातार मिले पेनल्टी कॉर्नर के दौरान राजकुमार पाल ने रीबाउंड का फायदा उठाते हुए गेंद को गोलपोस्ट में डाल दिया और भारत की बढ़त 6-1 कर दी।
मैच के अंतिम क्वार्टर में भी भारतीय टीम का दबदबा कायम रहा। 54वें मिनट में मंदीप सिंह ने शानदार पास दिया, जिस पर दिलप्रीत सिंह ने बेहतरीन फिनिशिंग करते हुए भारत का सातवां गोल दाग दिया। इसके साथ ही भारत ने पाकिस्तान को 7-1 के बड़े अंतर से हराकर मुकाबले का शानदार अंत किया। अंतिम मिनटों में पाकिस्तान वापसी की कोई कोशिश नहीं कर सका और भारतीय डिफेंस ने भी कोई गलती नहीं की। इस मुकाबले की सबसे बड़ी खासियत यह रही कि भारत के सातों गोल अलग-अलग खिलाड़ियों ने किए। सुखजीत सिंह, हरमनप्रीत सिंह, हार्दिक सिंह, जुगराज सिंह, अभिषेक, राजकुमार पाल और दिलप्रीत सिंह सभी ने अपना नाम स्कोरशीट में दर्ज कराया। इससे साफ हुआ कि भारतीय टीम किसी एक खिलाड़ी पर निर्भर नहीं है, बल्कि हर खिलाड़ी जिम्मेदारी निभाने के लिए तैयार है।
भारतीय कप्तान हरमनप्रीत सिंह ने पूरे मैच में शानदार नेतृत्व किया। उन्होंने न केवल गोल किया बल्कि टीम के आक्रमण और डिफेंस दोनों को संतुलित रखा। वहीं गोलकीपर और डिफेंस लाइन ने शुरुआती गोल खाने के बाद पाकिस्तान को कोई बड़ा मौका नहीं दिया। मिडफील्ड खिलाड़ियों ने गेंद पर नियंत्रण बनाए रखा और लगातार तेज मूव बनाकर विपक्षी टीम पर दबाव बनाए रखा। एफआईएच प्रो लीग के लिहाज से यह जीत भारतीय टीम के लिए काफी अहम मानी जा रही है। बड़े अंतर से मिली इस जीत से टीम का आत्मविश्वास और गोल अंतर दोनों मजबूत हुए हैं। अब भारतीय टीम लंदन चरण के अपने अंतिम मुकाबले में इंग्लैंड का सामना करेगी। पाकिस्तान के खिलाफ मिली इस शानदार जीत के बाद भारतीय खिलाड़ियों का मनोबल काफी ऊंचा है और टीम इसी लय को अगले मुकाबले में भी बरकरार रखना चाहेगी।
