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सोनम रघुवंशी की किस्मत का फैसला आज, मिलेगी बेल या जारी होगी जेल?
इंदौर (म.प्र.)
हनीमून मर्डर केस में सोनम रघुवंशी की जमानत के खिलाफ मेघालय हाईकोर्ट में आज सुनवाई, सरकार ने बेल रद्द करने की मांग की।
इंदौर के चर्चित ‘हनीमून मर्डर केस’ में आज मेघालय हाईकोर्ट में एक महत्वपूर्ण सुनवाई होने वाली है। इस मामले की मुख्य आरोपी सोनम रघुवंशी को निचली अदालत से मिली जमानत के खिलाफ मेघालय सरकार ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की है। अब देखना है कि अदालत सोनम की बेल को बरकरार रखती है या फिर उन्हें फिर से जेल भेजने का आदेश देती है। सुबह से ही इस केस को लेकर कानूनी हलकों में चर्चा चल रही है। कहा जा रहा है कि सरकार इस बार मामले को गंभीर अपराध और ठोस सबूतों के आधार पर प्रस्तुत करेगी। वहीं, सोनम के वकील निचली अदालत के फैसले को सही ठहराने की तैयारी में हैं।
यह मामला पिछले साल मई में इंदौर निवासी राजा रघुवंशी की हत्या से जुड़ा है। राजा, अपनी पत्नी सोनम रघुवंशी के साथ मेघालय के सोहरा में हनीमून पर गए थे, जहां संदिग्ध परिस्थितियों में उनकी हत्या हो गई थी। जांच के बाद मेघालय पुलिस ने सोनम और उनके कथित प्रेमी राज कुशवाहा को हत्या की साजिश का मुख्य आरोपी बताया था। उस वक्त इस मामले ने काफी सुर्खियां बटोरी थीं। अप्रैल के अंत में शिलांग की निचली अदालत ने सोनम को जमानत दे दी थी, यह कहते हुए कि पुलिस दस्तावेजों में हुई तकनीकी गलती इसके लिए आधार थी। बताया जा रहा है कि गिरफ्तारी दस्तावेज में हत्या से जुड़ी धारा के बजाय कोई दूसरी धारा दर्ज कर दी गई थी, इसी वजह से उन्हें राहत मिली थी। हालांकि, इस फैसले के बाद राजा रघुवंशी के परिवार ने अपनी नाराजगी खुलकर जताई थी।
मेघालय सरकार का कहना है कि इस गंभीर मामले में टाइपिंग एरर या तकनीकी गलती के आधार पर आरोपी को राहत नहीं दी जा सकती। सरकार ने हाईकोर्ट में दलील दी है कि सोनम को गिरफ्तारी के कारणों की पूरी जानकारी थी और पुलिस के पास पर्याप्त सबूत हैं। वहीं, इस केस के दूसरे आरोपी राज कुशवाहा समेत चार लोग अभी भी जेल में हैं और उनकी जमानत याचिकाएं पहले ही खारिज हो चुकी हैं। अगर हाईकोर्ट सरकार की अपील स्वीकार कर लेता है, तो सोनम की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। इस समय वह कोर्ट की शर्तों के तहत शिलांग जिला मुख्यालय की सीमा में रह रही हैं और उनके गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। इंदौर में रविवार शाम रीगल चौराहे पर राजा रघुवंशी के परिवार और सामाजिक संगठनों ने कैंडल मार्च निकालकर जमानत का विरोध किया। प्रदर्शन में बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। राजा की मां उमा रघुवंशी का कहना है कि परिवार अभी तक इस सदमे से उबर नहीं पाया है और उन्हें दोषियों को सख्त सजा मिलने का इंतजार है। वहीं, उनके भाई विपिन रघुवंशी ने कहा कि न्याय की लड़ाई आखिरी दम तक जारी रहेगी।
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सोनम रघुवंशी की किस्मत का फैसला आज, मिलेगी बेल या जारी होगी जेल?
इंदौर (म.प्र.)
इंदौर के चर्चित ‘हनीमून मर्डर केस’ में आज मेघालय हाईकोर्ट में एक महत्वपूर्ण सुनवाई होने वाली है। इस मामले की मुख्य आरोपी सोनम रघुवंशी को निचली अदालत से मिली जमानत के खिलाफ मेघालय सरकार ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की है। अब देखना है कि अदालत सोनम की बेल को बरकरार रखती है या फिर उन्हें फिर से जेल भेजने का आदेश देती है। सुबह से ही इस केस को लेकर कानूनी हलकों में चर्चा चल रही है। कहा जा रहा है कि सरकार इस बार मामले को गंभीर अपराध और ठोस सबूतों के आधार पर प्रस्तुत करेगी। वहीं, सोनम के वकील निचली अदालत के फैसले को सही ठहराने की तैयारी में हैं।
यह मामला पिछले साल मई में इंदौर निवासी राजा रघुवंशी की हत्या से जुड़ा है। राजा, अपनी पत्नी सोनम रघुवंशी के साथ मेघालय के सोहरा में हनीमून पर गए थे, जहां संदिग्ध परिस्थितियों में उनकी हत्या हो गई थी। जांच के बाद मेघालय पुलिस ने सोनम और उनके कथित प्रेमी राज कुशवाहा को हत्या की साजिश का मुख्य आरोपी बताया था। उस वक्त इस मामले ने काफी सुर्खियां बटोरी थीं। अप्रैल के अंत में शिलांग की निचली अदालत ने सोनम को जमानत दे दी थी, यह कहते हुए कि पुलिस दस्तावेजों में हुई तकनीकी गलती इसके लिए आधार थी। बताया जा रहा है कि गिरफ्तारी दस्तावेज में हत्या से जुड़ी धारा के बजाय कोई दूसरी धारा दर्ज कर दी गई थी, इसी वजह से उन्हें राहत मिली थी। हालांकि, इस फैसले के बाद राजा रघुवंशी के परिवार ने अपनी नाराजगी खुलकर जताई थी।
मेघालय सरकार का कहना है कि इस गंभीर मामले में टाइपिंग एरर या तकनीकी गलती के आधार पर आरोपी को राहत नहीं दी जा सकती। सरकार ने हाईकोर्ट में दलील दी है कि सोनम को गिरफ्तारी के कारणों की पूरी जानकारी थी और पुलिस के पास पर्याप्त सबूत हैं। वहीं, इस केस के दूसरे आरोपी राज कुशवाहा समेत चार लोग अभी भी जेल में हैं और उनकी जमानत याचिकाएं पहले ही खारिज हो चुकी हैं। अगर हाईकोर्ट सरकार की अपील स्वीकार कर लेता है, तो सोनम की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। इस समय वह कोर्ट की शर्तों के तहत शिलांग जिला मुख्यालय की सीमा में रह रही हैं और उनके गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। इंदौर में रविवार शाम रीगल चौराहे पर राजा रघुवंशी के परिवार और सामाजिक संगठनों ने कैंडल मार्च निकालकर जमानत का विरोध किया। प्रदर्शन में बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। राजा की मां उमा रघुवंशी का कहना है कि परिवार अभी तक इस सदमे से उबर नहीं पाया है और उन्हें दोषियों को सख्त सजा मिलने का इंतजार है। वहीं, उनके भाई विपिन रघुवंशी ने कहा कि न्याय की लड़ाई आखिरी दम तक जारी रहेगी।
