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कामाख्या देवी मंदिर पहुंचीं उर्फी जावेद, पारंपरिक लुक में किए दर्शन-पूजन
बालीवुड डेस्क
गुवाहाटी स्थित प्रसिद्ध कामाख्या देवी मंदिर में उर्फी जावेद ने पारंपरिक वेशभूषा में पूजा-अर्चना की। हाल ही में धर्म परिवर्तन और नाम बदलने की अफवाहों को उन्होंने पूरी तरह खारिज किया था।
सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर और अभिनेत्री उर्फी जावेद एक बार फिर चर्चा में हैं, लेकिन इस बार वजह उनके फैशन स्टेटमेंट नहीं, बल्कि उनका धार्मिक दौरा है। उर्फी हाल ही में असम के गुवाहाटी स्थित प्रसिद्ध कामाख्या देवी मंदिर पहुंचीं, जहां उन्होंने पूरे विधि-विधान के साथ मां कामाख्या के दर्शन किए और पूजा-अर्चना की। इस दौरान उनका पारंपरिक भारतीय परिधान सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया। आमतौर पर अपने बोल्ड और अलग अंदाज के फैशन के लिए सुर्खियों में रहने वाली उर्फी इस बार बेहद सादगीपूर्ण रूप में नजर आईं। उन्होंने पीले रंग का सूट-सलवार पहना था और सिर पर चुनरी ओढ़ रखी थी। मंदिर परिसर में दर्शन के बाद उन्होंने माथे पर सिंदूर और तिलक भी लगाया, जिसकी तस्वीरें उन्होंने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट पर साझा कीं।
उर्फी जावेद ने कामाख्या देवी मंदिर यात्रा की कई तस्वीरें इंस्टाग्राम पर पोस्ट कीं। तस्वीरों में वह मंदिर परिसर में श्रद्धा के साथ पूजा करती दिखाई दे रही हैं। उन्होंने पोस्ट के साथ लिखा कि उन्हें गुवाहाटी में स्थित कामाख्या देवी मंदिर के दर्शन करने का सौभाग्य मिला। उनकी पोस्ट सामने आते ही लाखों प्रशंसकों ने तस्वीरों पर प्रतिक्रिया दी। कई लोगों ने उनके पारंपरिक रूप की सराहना की, जबकि कुछ यूजर्स ने उनके पुराने बयानों को लेकर सवाल भी उठाए।
उर्फी जावेद का यह लुक उनके सामान्य सार्वजनिक अंदाज से बिल्कुल अलग था। पीले रंग के पारंपरिक परिधान, सिर पर दुपट्टा और माथे पर तिलक के साथ उनका शांत और श्रद्धापूर्ण रूप सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया। मनोरंजन जगत से जुड़े कई लोगों ने भी उनकी तस्वीरों पर सकारात्मक प्रतिक्रिया दी। फैशन के लिए पहचान बनाने वाली उर्फी का यह धार्मिक और सादगीपूर्ण रूप उनके प्रशंसकों के लिए अलग अनुभव रहा।
मंदिर दर्शन के बाद उर्फी जावेद के पुराने इंटरव्यू भी सोशल मीडिया पर फिर से वायरल होने लगे। उन्होंने पहले कई अवसरों पर खुद को नास्तिक बताया था। उर्फी ने सार्वजनिक रूप से कहा था कि उनका जन्म मुस्लिम परिवार में हुआ, लेकिन वे किसी विशेष धर्म का पालन नहीं करतीं। उन्होंने यह भी कहा था कि वह किसी भी धर्म में विश्वास नहीं रखतीं और अपने जीवन को व्यक्तिगत सोच और मान्यताओं के आधार पर जीती हैं। ऐसे में कामाख्या मंदिर में उनकी मौजूदगी के बाद सोशल मीडिया पर विभिन्न तरह की चर्चाएं शुरू हो गईं। हालांकि धार्मिक स्थल पर जाना या पूजा करना किसी व्यक्ति की निजी आस्था और व्यक्तिगत निर्णय हो सकता है। उर्फी ने अपनी पोस्ट में भी केवल मंदिर दर्शन की जानकारी साझा की और किसी धार्मिक या वैचारिक टिप्पणी से परहेज किया।
कुछ समय पहले सोशल मीडिया पर यह दावा किया गया था कि उर्फी जावेद ने धर्म परिवर्तन कर लिया है और उन्होंने अपना नाम बदलकर "रीता भारद्वाज" रख लिया है। यह दावा तेजी से वायरल हुआ था। इन खबरों पर प्रतिक्रिया देते हुए उर्फी ने स्पष्ट रूप से कहा था कि यह पूरी तरह झूठी और भ्रामक जानकारी है। उन्होंने सोशल मीडिया पर संबंधित दावों को फर्जी बताते हुए नाराजगी जताई थी और कहा था कि बिना किसी तथ्य के इस तरह की खबरें फैलाना गलत है। उन्होंने साफ किया था कि उन्होंने न तो अपना धर्म बदला है और न ही अपना नाम। इसके साथ ही उन्होंने लोगों से अफवाहों पर विश्वास न करने की अपील भी की थी।
असम की राजधानी गुवाहाटी में स्थित कामाख्या देवी मंदिर देश के प्रमुख शक्तिपीठों में से एक माना जाता है। हर वर्ष लाखों श्रद्धालु यहां दर्शन के लिए पहुंचते हैं। नवरात्रि और अंबुबाची मेले के दौरान यहां बड़ी संख्या में भक्तों का आगमन होता है। यह मंदिर केवल धार्मिक दृष्टि से ही नहीं बल्कि सांस्कृतिक और ऐतिहासिक महत्व के कारण भी प्रसिद्ध है। देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालु यहां मां कामाख्या का आशीर्वाद प्राप्त करते हैं।
उर्फी जावेद सोशल मीडिया पर सबसे सक्रिय और चर्चित सेलिब्रिटीज में शामिल हैं। उनके फैशन प्रयोग अक्सर इंटरनेट पर वायरल होते हैं। कई बार उनके पहनावे को लेकर बहस भी छिड़ जाती है, जबकि उनके समर्थक इसे व्यक्तिगत अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता बताते हैं। इस बार हालांकि उनकी चर्चा फैशन नहीं बल्कि धार्मिक यात्रा को लेकर रही। पारंपरिक वेशभूषा में उनकी तस्वीरों को लाखों लोगों ने पसंद किया और कई यूजर्स ने इसे उनके व्यक्तित्व का अलग पहलू बताया।
उर्फी जावेद ने अपने करियर की शुरुआत टेलीविजन धारावाहिकों से की थी। उन्होंने कई लोकप्रिय टीवी शो में अभिनय किया। बाद में रियलिटी शोज और सोशल मीडिया के माध्यम से उन्हें व्यापक लोकप्रियता मिली। हाल के वर्षों में वे कई डिजिटल और रियलिटी प्रोजेक्ट्स का हिस्सा रही हैं। ओटीटी प्लेटफॉर्म पर उनकी जिंदगी पर आधारित शो भी रिलीज हो चुका है। इसके अलावा विभिन्न मनोरंजन कार्यक्रमों में उनकी लगातार मौजूदगी बनी हुई है।
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कामाख्या देवी मंदिर पहुंचीं उर्फी जावेद, पारंपरिक लुक में किए दर्शन-पूजन
बालीवुड डेस्क
सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर और अभिनेत्री उर्फी जावेद एक बार फिर चर्चा में हैं, लेकिन इस बार वजह उनके फैशन स्टेटमेंट नहीं, बल्कि उनका धार्मिक दौरा है। उर्फी हाल ही में असम के गुवाहाटी स्थित प्रसिद्ध कामाख्या देवी मंदिर पहुंचीं, जहां उन्होंने पूरे विधि-विधान के साथ मां कामाख्या के दर्शन किए और पूजा-अर्चना की। इस दौरान उनका पारंपरिक भारतीय परिधान सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया। आमतौर पर अपने बोल्ड और अलग अंदाज के फैशन के लिए सुर्खियों में रहने वाली उर्फी इस बार बेहद सादगीपूर्ण रूप में नजर आईं। उन्होंने पीले रंग का सूट-सलवार पहना था और सिर पर चुनरी ओढ़ रखी थी। मंदिर परिसर में दर्शन के बाद उन्होंने माथे पर सिंदूर और तिलक भी लगाया, जिसकी तस्वीरें उन्होंने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट पर साझा कीं।
उर्फी जावेद ने कामाख्या देवी मंदिर यात्रा की कई तस्वीरें इंस्टाग्राम पर पोस्ट कीं। तस्वीरों में वह मंदिर परिसर में श्रद्धा के साथ पूजा करती दिखाई दे रही हैं। उन्होंने पोस्ट के साथ लिखा कि उन्हें गुवाहाटी में स्थित कामाख्या देवी मंदिर के दर्शन करने का सौभाग्य मिला। उनकी पोस्ट सामने आते ही लाखों प्रशंसकों ने तस्वीरों पर प्रतिक्रिया दी। कई लोगों ने उनके पारंपरिक रूप की सराहना की, जबकि कुछ यूजर्स ने उनके पुराने बयानों को लेकर सवाल भी उठाए।
उर्फी जावेद का यह लुक उनके सामान्य सार्वजनिक अंदाज से बिल्कुल अलग था। पीले रंग के पारंपरिक परिधान, सिर पर दुपट्टा और माथे पर तिलक के साथ उनका शांत और श्रद्धापूर्ण रूप सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया। मनोरंजन जगत से जुड़े कई लोगों ने भी उनकी तस्वीरों पर सकारात्मक प्रतिक्रिया दी। फैशन के लिए पहचान बनाने वाली उर्फी का यह धार्मिक और सादगीपूर्ण रूप उनके प्रशंसकों के लिए अलग अनुभव रहा।
मंदिर दर्शन के बाद उर्फी जावेद के पुराने इंटरव्यू भी सोशल मीडिया पर फिर से वायरल होने लगे। उन्होंने पहले कई अवसरों पर खुद को नास्तिक बताया था। उर्फी ने सार्वजनिक रूप से कहा था कि उनका जन्म मुस्लिम परिवार में हुआ, लेकिन वे किसी विशेष धर्म का पालन नहीं करतीं। उन्होंने यह भी कहा था कि वह किसी भी धर्म में विश्वास नहीं रखतीं और अपने जीवन को व्यक्तिगत सोच और मान्यताओं के आधार पर जीती हैं। ऐसे में कामाख्या मंदिर में उनकी मौजूदगी के बाद सोशल मीडिया पर विभिन्न तरह की चर्चाएं शुरू हो गईं। हालांकि धार्मिक स्थल पर जाना या पूजा करना किसी व्यक्ति की निजी आस्था और व्यक्तिगत निर्णय हो सकता है। उर्फी ने अपनी पोस्ट में भी केवल मंदिर दर्शन की जानकारी साझा की और किसी धार्मिक या वैचारिक टिप्पणी से परहेज किया।
कुछ समय पहले सोशल मीडिया पर यह दावा किया गया था कि उर्फी जावेद ने धर्म परिवर्तन कर लिया है और उन्होंने अपना नाम बदलकर "रीता भारद्वाज" रख लिया है। यह दावा तेजी से वायरल हुआ था। इन खबरों पर प्रतिक्रिया देते हुए उर्फी ने स्पष्ट रूप से कहा था कि यह पूरी तरह झूठी और भ्रामक जानकारी है। उन्होंने सोशल मीडिया पर संबंधित दावों को फर्जी बताते हुए नाराजगी जताई थी और कहा था कि बिना किसी तथ्य के इस तरह की खबरें फैलाना गलत है। उन्होंने साफ किया था कि उन्होंने न तो अपना धर्म बदला है और न ही अपना नाम। इसके साथ ही उन्होंने लोगों से अफवाहों पर विश्वास न करने की अपील भी की थी।
असम की राजधानी गुवाहाटी में स्थित कामाख्या देवी मंदिर देश के प्रमुख शक्तिपीठों में से एक माना जाता है। हर वर्ष लाखों श्रद्धालु यहां दर्शन के लिए पहुंचते हैं। नवरात्रि और अंबुबाची मेले के दौरान यहां बड़ी संख्या में भक्तों का आगमन होता है। यह मंदिर केवल धार्मिक दृष्टि से ही नहीं बल्कि सांस्कृतिक और ऐतिहासिक महत्व के कारण भी प्रसिद्ध है। देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालु यहां मां कामाख्या का आशीर्वाद प्राप्त करते हैं।
उर्फी जावेद सोशल मीडिया पर सबसे सक्रिय और चर्चित सेलिब्रिटीज में शामिल हैं। उनके फैशन प्रयोग अक्सर इंटरनेट पर वायरल होते हैं। कई बार उनके पहनावे को लेकर बहस भी छिड़ जाती है, जबकि उनके समर्थक इसे व्यक्तिगत अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता बताते हैं। इस बार हालांकि उनकी चर्चा फैशन नहीं बल्कि धार्मिक यात्रा को लेकर रही। पारंपरिक वेशभूषा में उनकी तस्वीरों को लाखों लोगों ने पसंद किया और कई यूजर्स ने इसे उनके व्यक्तित्व का अलग पहलू बताया।
उर्फी जावेद ने अपने करियर की शुरुआत टेलीविजन धारावाहिकों से की थी। उन्होंने कई लोकप्रिय टीवी शो में अभिनय किया। बाद में रियलिटी शोज और सोशल मीडिया के माध्यम से उन्हें व्यापक लोकप्रियता मिली। हाल के वर्षों में वे कई डिजिटल और रियलिटी प्रोजेक्ट्स का हिस्सा रही हैं। ओटीटी प्लेटफॉर्म पर उनकी जिंदगी पर आधारित शो भी रिलीज हो चुका है। इसके अलावा विभिन्न मनोरंजन कार्यक्रमों में उनकी लगातार मौजूदगी बनी हुई है।
