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आज सेंसेक्स 1,690 अंक टूटा, निफ्टी 22,820 पर बंद: ऑटो और बैंकिंग शेयरों में बिकवाली
बिजनेस न्यूज
वैश्विक मंदी और एशियाई बाजारों के दबाव के बीच भारतीय शेयर बाजार में भारी गिरावट
भारतीय शेयर बाजार में आज भारी गिरावट देखने को मिली। सेंसेक्स 1,690 अंक (लगभग 2.25%) की गिरावट के साथ 73,583 पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 486 अंक (2.09%) टूटकर 22,820 पर पहुंच गया। ऑटो और बैंकिंग सेक्टर के शेयर सबसे अधिक दबाव में रहे।
विश्लेषकों का कहना है कि इस गिरावट के पीछे वैश्विक बाजारों में अस्थिरता और स्थानीय कारकों का मिश्रित असर है। अमेरिकी राष्ट्रपति के ईरान के साथ संघर्ष को लेकर दिए संकेतों के बावजूद कोई ठोस समाधान नहीं मिलने से बाजार में निवेशकों की सतर्कता बढ़ी।
एशियाई और अमेरिकी बाजारों का असर
आज जब भारतीय बाजार खुले, तब उन्हें एशियाई और अमेरिकी बाजारों में हुई हलचल के प्रभाव का सामना करना पड़ा।
जापान: निक्केई इंडेक्स 0.43% गिरकर 53,373 पर बंद।
साउथ कोरिया: कोस्पी इंडेक्स 0.40% गिरकर 5,438 पर।
हॉन्गकॉन्ग: हैंगसेंग इंडेक्स 0.38% बढ़कर 24,952 पर।
चीन: शंघाई कंपोजिट इंडेक्स 0.63% बढ़कर 3,913 पर।
अमेरिकी बाजार में 26 मार्च कोभी गिरावट रही:
डाउ जोन्स 469 अंक (1.01%) गिरकर 45,960 पर।
नैस्डैक कंपोजिट 2.38% टूटकर 21,408 पर।
S&P 500 इंडेक्स 114 अंक (1.74%) घटकर 6,477 पर।
कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव
कच्चे तेल की कीमतों में भी निवेशकों की चिंता बढ़ी। ब्रेंट क्रूड 5% बढ़कर 99 डॉलर प्रति बैरल पार कर गया, जबकि इंडियन बास्केट 7% की तेजी के साथ 157 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंचा। इस अस्थिरता का असर सीधे ऑटो और ऊर्जा शेयरों पर पड़ा।
बुधवार यानी 26 मार्च को बाजार रामनवमी के कारण बंद रहा। मंगलवार को सेंसेक्स 1,205 अंक (1.63%) की तेजी के साथ 75,273 पर बंद हुआ था। निफ्टी में भी 394 अंक (1.72%) की बढ़त रही थी। तब ऑटो, बैंकिंग, मेटल और FMCG शेयर सबसे ज्यादा लाभ में थे।
शेयर बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, वैश्विक अस्थिरता और स्थानीय छुट्टियों के बाद खुले बाजार में निवेशकों ने सतर्क रुख अपनाया। वहीं, ऑटो और बैंकिंग शेयरों में बिकवाली मुख्य रूप से निवेशकों की अल्पकालिक जोखिम रणनीति का परिणाम रही।
विश्लेषक मानते हैं कि बाजार अगले कुछ दिनों में वैश्विक संकेतकों और कच्चे तेल की कीमतों की दिशा पर नजर रखेगा। निवेशकों को सलाह दी जा रही है कि वे ज्यादा जोखिम वाले शेयरों में निवेश से बचें और दीर्घकालिक दृष्टिकोण अपनाएं।
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आज सेंसेक्स 1,690 अंक टूटा, निफ्टी 22,820 पर बंद: ऑटो और बैंकिंग शेयरों में बिकवाली
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भारतीय शेयर बाजार में आज भारी गिरावट देखने को मिली। सेंसेक्स 1,690 अंक (लगभग 2.25%) की गिरावट के साथ 73,583 पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 486 अंक (2.09%) टूटकर 22,820 पर पहुंच गया। ऑटो और बैंकिंग सेक्टर के शेयर सबसे अधिक दबाव में रहे।
विश्लेषकों का कहना है कि इस गिरावट के पीछे वैश्विक बाजारों में अस्थिरता और स्थानीय कारकों का मिश्रित असर है। अमेरिकी राष्ट्रपति के ईरान के साथ संघर्ष को लेकर दिए संकेतों के बावजूद कोई ठोस समाधान नहीं मिलने से बाजार में निवेशकों की सतर्कता बढ़ी।
एशियाई और अमेरिकी बाजारों का असर
आज जब भारतीय बाजार खुले, तब उन्हें एशियाई और अमेरिकी बाजारों में हुई हलचल के प्रभाव का सामना करना पड़ा।
जापान: निक्केई इंडेक्स 0.43% गिरकर 53,373 पर बंद।
साउथ कोरिया: कोस्पी इंडेक्स 0.40% गिरकर 5,438 पर।
हॉन्गकॉन्ग: हैंगसेंग इंडेक्स 0.38% बढ़कर 24,952 पर।
चीन: शंघाई कंपोजिट इंडेक्स 0.63% बढ़कर 3,913 पर।
अमेरिकी बाजार में 26 मार्च कोभी गिरावट रही:
डाउ जोन्स 469 अंक (1.01%) गिरकर 45,960 पर।
नैस्डैक कंपोजिट 2.38% टूटकर 21,408 पर।
S&P 500 इंडेक्स 114 अंक (1.74%) घटकर 6,477 पर।
कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव
कच्चे तेल की कीमतों में भी निवेशकों की चिंता बढ़ी। ब्रेंट क्रूड 5% बढ़कर 99 डॉलर प्रति बैरल पार कर गया, जबकि इंडियन बास्केट 7% की तेजी के साथ 157 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंचा। इस अस्थिरता का असर सीधे ऑटो और ऊर्जा शेयरों पर पड़ा।
बुधवार यानी 26 मार्च को बाजार रामनवमी के कारण बंद रहा। मंगलवार को सेंसेक्स 1,205 अंक (1.63%) की तेजी के साथ 75,273 पर बंद हुआ था। निफ्टी में भी 394 अंक (1.72%) की बढ़त रही थी। तब ऑटो, बैंकिंग, मेटल और FMCG शेयर सबसे ज्यादा लाभ में थे।
शेयर बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, वैश्विक अस्थिरता और स्थानीय छुट्टियों के बाद खुले बाजार में निवेशकों ने सतर्क रुख अपनाया। वहीं, ऑटो और बैंकिंग शेयरों में बिकवाली मुख्य रूप से निवेशकों की अल्पकालिक जोखिम रणनीति का परिणाम रही।
विश्लेषक मानते हैं कि बाजार अगले कुछ दिनों में वैश्विक संकेतकों और कच्चे तेल की कीमतों की दिशा पर नजर रखेगा। निवेशकों को सलाह दी जा रही है कि वे ज्यादा जोखिम वाले शेयरों में निवेश से बचें और दीर्घकालिक दृष्टिकोण अपनाएं।
