- Hindi News
- राज्य
- छत्तीसगढ़
- बिलासपुर जिला कोर्ट को मिली बम से उड़ाने की धमकी, सुरक्षा अलर्ट बढ़ाया गया, 3 महीनों में तीसरी बार भ...
बिलासपुर जिला कोर्ट को मिली बम से उड़ाने की धमकी, सुरक्षा अलर्ट बढ़ाया गया, 3 महीनों में तीसरी बार भेजा गया ई-मेल
बिलासपुर ( छ.ग.)
बिलासपुर जिला कोर्ट को मिली बम से उड़ाने की धमकी, डॉग स्क्वॉड और बम निरोधक टीम ने तलाशी ली, पिछले 3 महीनों में तीसरी बार भेजा गया भरा ई-मेल।
बिलासपुर जिला कोर्ट को एक बार फिर बम से उड़ाने की धमकी मिलने के बाद प्रशासन अलर्ट मोड पर आ गया है। यह धमकी ई-मेल के माध्यम से भेजी गई थी, जिसके बाद कोर्ट परिसर में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई। डॉग स्क्वॉड और बम निरोधक दस्ते ने कोर्ट परिसर की तलाशी ली, लेकिन कहीं कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली। यह पिछले तीन महीनों में तीसरी बार है जब बिलासपुर जिला कोर्ट को इस तरह की धमकी मिली है।
धमकी के समय कोर्ट की स्थिति
सूचना मिलने के दौरान कोर्ट रूम में जज, वकील और पक्षकार मौजूद थे। ई-मेल के जरिए धमकी का पता चलते ही पुलिस ने तुरंत सुरक्षा बढ़ाई और कोर्ट परिसर में सर्च ऑपरेशन शुरू किया। सभी कमरे, गलियारों और परिसर के कोने-कोने को बारीकी से जांचा गया। प्रवेश द्वारों पर निगरानी बढ़ा दी गई, और आने-जाने वाले व्यक्तियों की जांच सख्ती से की जा रही है।
लगातार तीसरी धमकी
यह पहला मामला नहीं है। पिछले तीन महीनों में कोर्ट को लगातार धमकी भरे ईमेल मिले हैं। इससे पहले हाईकोर्ट और जिला कोर्ट को भी ऐसी धमकियां मिली हैं। हालांकि अब तक किसी संदिग्ध वस्तु का पता नहीं चला है, लेकिन बार-बार यह घटनाएं प्रशासन और न्यायिक व्यवस्था के लिए चिंता का विषय बन गई हैं।
न्यायालय परिसर की संवेदनशीलता
बिलासपुर जिला कोर्ट में हर दिन बड़ी संख्या में लोग आते हैं। न्यायाधीशों की संख्या, लगभग एक हजार वकील और हजारों पक्षकार रोज कोर्ट में मौजूद रहते हैं। ऐसे में इस तरह की धमकियां न केवल न्यायिक प्रक्रिया को प्रभावित करती हैं, बल्कि आम जनता और कर्मचारियों में डर का माहौल भी पैदा करती हैं।
आरोपियों तक नहीं पहुंची पुलिस
इस लगातार धमकी भरे घटनाओं के बावजूद, पुलिस अब तक किसी आरोपी तक नहीं पहुँच पाई है। तकनीकी साक्ष्यों और ईमेल की जांच जारी है। बिलासपुर जिला न्यायालय को यह धमकी तीसरी बार मिली है, जबकि छत्तीसगढ़ के अन्य जिलों और कई राज्यों में भी न्यायालयों को लगातार इस तरह की धमकियां मिल रही हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए सभी एंगल से जांच की जा रही है और जल्द ही आरोपियों तक पहुँचने का प्रयास किया जा रहा है।
-----------------
हमारे आधिकारिक प्लेटफॉर्म्स से जुड़ें –
🔴 व्हाट्सएप चैनल: https://whatsapp.com/channel/0029VbATlF0KQuJB6tvUrN3V
🔴 फेसबुक: Dainik Jagran MP/CG Official
🟣 इंस्टाग्राम: @dainikjagranmp.cg
🔴 यूट्यूब: Dainik Jagran MPCG Digital
📲 सोशल मीडिया पर जुड़ें और बने जागरूक पाठक।
👉 आज ही जुड़िए
बिलासपुर जिला कोर्ट को मिली बम से उड़ाने की धमकी, सुरक्षा अलर्ट बढ़ाया गया, 3 महीनों में तीसरी बार भेजा गया ई-मेल
बिलासपुर ( छ.ग.)
बिलासपुर जिला कोर्ट को एक बार फिर बम से उड़ाने की धमकी मिलने के बाद प्रशासन अलर्ट मोड पर आ गया है। यह धमकी ई-मेल के माध्यम से भेजी गई थी, जिसके बाद कोर्ट परिसर में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई। डॉग स्क्वॉड और बम निरोधक दस्ते ने कोर्ट परिसर की तलाशी ली, लेकिन कहीं कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली। यह पिछले तीन महीनों में तीसरी बार है जब बिलासपुर जिला कोर्ट को इस तरह की धमकी मिली है।
धमकी के समय कोर्ट की स्थिति
सूचना मिलने के दौरान कोर्ट रूम में जज, वकील और पक्षकार मौजूद थे। ई-मेल के जरिए धमकी का पता चलते ही पुलिस ने तुरंत सुरक्षा बढ़ाई और कोर्ट परिसर में सर्च ऑपरेशन शुरू किया। सभी कमरे, गलियारों और परिसर के कोने-कोने को बारीकी से जांचा गया। प्रवेश द्वारों पर निगरानी बढ़ा दी गई, और आने-जाने वाले व्यक्तियों की जांच सख्ती से की जा रही है।
लगातार तीसरी धमकी
यह पहला मामला नहीं है। पिछले तीन महीनों में कोर्ट को लगातार धमकी भरे ईमेल मिले हैं। इससे पहले हाईकोर्ट और जिला कोर्ट को भी ऐसी धमकियां मिली हैं। हालांकि अब तक किसी संदिग्ध वस्तु का पता नहीं चला है, लेकिन बार-बार यह घटनाएं प्रशासन और न्यायिक व्यवस्था के लिए चिंता का विषय बन गई हैं।
न्यायालय परिसर की संवेदनशीलता
बिलासपुर जिला कोर्ट में हर दिन बड़ी संख्या में लोग आते हैं। न्यायाधीशों की संख्या, लगभग एक हजार वकील और हजारों पक्षकार रोज कोर्ट में मौजूद रहते हैं। ऐसे में इस तरह की धमकियां न केवल न्यायिक प्रक्रिया को प्रभावित करती हैं, बल्कि आम जनता और कर्मचारियों में डर का माहौल भी पैदा करती हैं।
आरोपियों तक नहीं पहुंची पुलिस
इस लगातार धमकी भरे घटनाओं के बावजूद, पुलिस अब तक किसी आरोपी तक नहीं पहुँच पाई है। तकनीकी साक्ष्यों और ईमेल की जांच जारी है। बिलासपुर जिला न्यायालय को यह धमकी तीसरी बार मिली है, जबकि छत्तीसगढ़ के अन्य जिलों और कई राज्यों में भी न्यायालयों को लगातार इस तरह की धमकियां मिल रही हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए सभी एंगल से जांच की जा रही है और जल्द ही आरोपियों तक पहुँचने का प्रयास किया जा रहा है।
