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भिलाई में पीलिया का बढ़ा प्रकोप,मिले 9 नए मरीज और मिले
भिलाई (छ.ग.)
104 घरों का सर्वे, ब्लड सैंपल जांच जारी; पुरानी पाइपलाइन बदलने की प्रक्रिया शुरू
भिलाई के सेक्टर-7 क्षेत्र में पीलिया के मामलों में लगातार बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। शनिवार को स्वास्थ्य विभाग द्वारा चलाए गए विशेष जांच अभियान के दौरान 9 नए मरीजों की पुष्टि हुई है। इसके साथ ही इस इलाके में कुल संक्रमितों की संख्या बढ़कर 24 हो गई है।
स्वास्थ्य विभाग की टीम ने वार्ड-67 के अंतर्गत स्ट्रीट 37ए और आसपास के क्षेत्रों में 104 घरों का सर्वे किया। इस दौरान संदिग्ध लक्षण वाले लोगों के ब्लड सैंपल लिए गए और मौके पर ही मेडिकल कैंप लगाकर प्राथमिक जांच की गई। जिन लोगों के पहले सैंपल लिए गए थे, उन्हें रिपोर्ट भी उपलब्ध कराई गई।
अधिकारियों के अनुसार, वर्तमान में 9 मरीज अस्पताल में भर्ती हैं। इनमें 5 मरीज शंकराचार्य इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस और 4 मरीज पल्स अस्पताल में उपचाराधीन हैं। डॉक्टरों ने सभी मरीजों की हालत स्थिर बताई है और नियमित निगरानी जारी है।
प्रारंभिक जांच में पीलिया फैलने का कारण दूषित पानी को माना जा रहा है। स्थानीय लोगों के मुताबिक, क्षेत्र में 40 से 50 साल पुरानी पाइपलाइन से पानी की आपूर्ति हो रही थी, जिसकी कई बार शिकायत भी की गई थी। अब मामले के सामने आने के बाद बीएसपी प्रबंधन ने पाइपलाइन बदलने का काम शुरू कर दिया है।
नई पाइपलाइन बिछाने के लिए सड़कों की खुदाई की जा रही है और नाले के भीतर से गुजर रही पुरानी लाइन को हटाया जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही नई व्यवस्था लागू कर दी जाएगी, जिससे पानी की गुणवत्ता सुधरेगी।
स्वास्थ्य विभाग ने प्रभावित क्षेत्र में अस्थायी कैंप लगाकर लोगों को जागरूक भी किया है। विशेषज्ञों के अनुसार पीलिया गंदे पानी और दूषित भोजन से फैलने वाली बीमारी है। इसके लक्षण 15 से 50 दिनों के भीतर दिखाई देते हैं।
डॉक्टरों ने लोगों को साफ पानी पीने, स्वच्छ भोजन करने और किसी भी लक्षण के दिखाई देने पर तुरंत जांच कराने की सलाह दी है। यह मामला एक पब्लिक इंटरेस्ट स्टोरी के रूप में सामने आया है, जहां बुनियादी सुविधाओं की कमी और लापरवाही से स्वास्थ्य संकट पैदा हुआ है।
प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं, ताकि संक्रमण को फैलने से रोका जा सके।
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भिलाई में पीलिया का बढ़ा प्रकोप,मिले 9 नए मरीज और मिले
भिलाई (छ.ग.)
भिलाई के सेक्टर-7 क्षेत्र में पीलिया के मामलों में लगातार बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। शनिवार को स्वास्थ्य विभाग द्वारा चलाए गए विशेष जांच अभियान के दौरान 9 नए मरीजों की पुष्टि हुई है। इसके साथ ही इस इलाके में कुल संक्रमितों की संख्या बढ़कर 24 हो गई है।
स्वास्थ्य विभाग की टीम ने वार्ड-67 के अंतर्गत स्ट्रीट 37ए और आसपास के क्षेत्रों में 104 घरों का सर्वे किया। इस दौरान संदिग्ध लक्षण वाले लोगों के ब्लड सैंपल लिए गए और मौके पर ही मेडिकल कैंप लगाकर प्राथमिक जांच की गई। जिन लोगों के पहले सैंपल लिए गए थे, उन्हें रिपोर्ट भी उपलब्ध कराई गई।
अधिकारियों के अनुसार, वर्तमान में 9 मरीज अस्पताल में भर्ती हैं। इनमें 5 मरीज शंकराचार्य इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस और 4 मरीज पल्स अस्पताल में उपचाराधीन हैं। डॉक्टरों ने सभी मरीजों की हालत स्थिर बताई है और नियमित निगरानी जारी है।
प्रारंभिक जांच में पीलिया फैलने का कारण दूषित पानी को माना जा रहा है। स्थानीय लोगों के मुताबिक, क्षेत्र में 40 से 50 साल पुरानी पाइपलाइन से पानी की आपूर्ति हो रही थी, जिसकी कई बार शिकायत भी की गई थी। अब मामले के सामने आने के बाद बीएसपी प्रबंधन ने पाइपलाइन बदलने का काम शुरू कर दिया है।
नई पाइपलाइन बिछाने के लिए सड़कों की खुदाई की जा रही है और नाले के भीतर से गुजर रही पुरानी लाइन को हटाया जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही नई व्यवस्था लागू कर दी जाएगी, जिससे पानी की गुणवत्ता सुधरेगी।
स्वास्थ्य विभाग ने प्रभावित क्षेत्र में अस्थायी कैंप लगाकर लोगों को जागरूक भी किया है। विशेषज्ञों के अनुसार पीलिया गंदे पानी और दूषित भोजन से फैलने वाली बीमारी है। इसके लक्षण 15 से 50 दिनों के भीतर दिखाई देते हैं।
डॉक्टरों ने लोगों को साफ पानी पीने, स्वच्छ भोजन करने और किसी भी लक्षण के दिखाई देने पर तुरंत जांच कराने की सलाह दी है। यह मामला एक पब्लिक इंटरेस्ट स्टोरी के रूप में सामने आया है, जहां बुनियादी सुविधाओं की कमी और लापरवाही से स्वास्थ्य संकट पैदा हुआ है।
प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं, ताकि संक्रमण को फैलने से रोका जा सके।
