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MP Weather अपडेट: इंदौर-उज्जैन में वॉर्म नाइट चेतावनी, भीषण गर्मी के बीच स्कूलों में छुट्टी
भोपाल (म.प्र.)
इंदौर-उज्जैन में रात में भी गर्म हवाओं की चेतावनी, कई शहरों में रिकॉर्ड तोड़ गर्मी
मध्यप्रदेश में भीषण गर्मी ने अप्रैल महीने में ही रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। इस सीजन में पहली बार तापमान 45 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है, जिससे जनजीवन प्रभावित हुआ है। मौसम विभाग ने सोमवार को 13 जिलों में लू का अलर्ट जारी किया है, जबकि इंदौर और उज्जैन में रात के समय भी गर्म हवाएं चलने की चेतावनी दी गई है।
रविवार को खजुराहो में तापमान 45 डिग्री दर्ज किया गया, जो इस सीजन का अब तक का सबसे अधिक स्तर है। इसके अलावा नौगांव में 44.6 डिग्री, सागर और नर्मदापुरम में 44.4 डिग्री, दमोह में 44.2 डिग्री और श्योपुर, मंडला, दतिया व टीकमगढ़ में 44 डिग्री तापमान रिकॉर्ड किया गया। प्रदेश के नौ शहरों में पारा 44 डिग्री से ऊपर पहुंचा, जिससे गर्मी की तीव्रता का अंदाजा लगाया जा सकता है।
मौसम विभाग के अनुसार, शाजापुर, रायसेन, सतना, रतलाम, गुना, जबलपुर, रीवा और सीधी सहित कई जिलों में तापमान 43 डिग्री के पार बना हुआ है। भोपाल, इंदौर और बैतूल में भी पारा 43 डिग्री के आसपास दर्ज किया गया। लगातार बढ़ती गर्मी के चलते स्वास्थ्य पर भी असर पड़ने की आशंका जताई जा रही है।
भीषण गर्मी को देखते हुए प्रशासन ने एहतियाती कदम उठाने शुरू कर दिए हैं। उज्जैन में कक्षा 1 से 8 तक के स्कूलों में 27 से 30 अप्रैल तक अवकाश घोषित किया गया है। वहीं कक्षा 9 से 12 तक की कक्षाएं सुबह 7:30 बजे से दोपहर 12 बजे तक संचालित की जाएंगी। यह निर्णय विद्यार्थियों को लू और अत्यधिक तापमान से बचाने के उद्देश्य से लिया गया है।
दूसरी ओर, रायसेन जिले में रविवार को आंधी और बारिश ने किसानों की चिंता बढ़ा दी। बेगमगंज क्षेत्र सहित कई गांवों में तेज हवा और बारिश के कारण खुले में रखा गेहूं भीग गया। मंडियों और खरीदी केंद्रों में रखी फसल को नुकसान होने की आशंका जताई जा रही है, जिससे किसानों और व्यापारियों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है।
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, मौसम में इस तरह के अचानक बदलाव और अत्यधिक तापमान जलवायु असंतुलन के संकेत हैं। दिन में भीषण गर्मी और कुछ क्षेत्रों में अचानक बारिश जैसी स्थिति ने मौसम को और चुनौतीपूर्ण बना दिया है।
आने वाले दिनों में भी प्रदेश में गर्मी का प्रकोप जारी रहने की संभावना है। प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने लोगों को दोपहर के समय बाहर निकलने से बचने, पर्याप्त पानी पीने और सावधानी बरतने की सलाह दी है
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भोपाल (म.प्र.)
मध्यप्रदेश में भीषण गर्मी ने अप्रैल महीने में ही रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। इस सीजन में पहली बार तापमान 45 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है, जिससे जनजीवन प्रभावित हुआ है। मौसम विभाग ने सोमवार को 13 जिलों में लू का अलर्ट जारी किया है, जबकि इंदौर और उज्जैन में रात के समय भी गर्म हवाएं चलने की चेतावनी दी गई है।
रविवार को खजुराहो में तापमान 45 डिग्री दर्ज किया गया, जो इस सीजन का अब तक का सबसे अधिक स्तर है। इसके अलावा नौगांव में 44.6 डिग्री, सागर और नर्मदापुरम में 44.4 डिग्री, दमोह में 44.2 डिग्री और श्योपुर, मंडला, दतिया व टीकमगढ़ में 44 डिग्री तापमान रिकॉर्ड किया गया। प्रदेश के नौ शहरों में पारा 44 डिग्री से ऊपर पहुंचा, जिससे गर्मी की तीव्रता का अंदाजा लगाया जा सकता है।
मौसम विभाग के अनुसार, शाजापुर, रायसेन, सतना, रतलाम, गुना, जबलपुर, रीवा और सीधी सहित कई जिलों में तापमान 43 डिग्री के पार बना हुआ है। भोपाल, इंदौर और बैतूल में भी पारा 43 डिग्री के आसपास दर्ज किया गया। लगातार बढ़ती गर्मी के चलते स्वास्थ्य पर भी असर पड़ने की आशंका जताई जा रही है।
भीषण गर्मी को देखते हुए प्रशासन ने एहतियाती कदम उठाने शुरू कर दिए हैं। उज्जैन में कक्षा 1 से 8 तक के स्कूलों में 27 से 30 अप्रैल तक अवकाश घोषित किया गया है। वहीं कक्षा 9 से 12 तक की कक्षाएं सुबह 7:30 बजे से दोपहर 12 बजे तक संचालित की जाएंगी। यह निर्णय विद्यार्थियों को लू और अत्यधिक तापमान से बचाने के उद्देश्य से लिया गया है।
दूसरी ओर, रायसेन जिले में रविवार को आंधी और बारिश ने किसानों की चिंता बढ़ा दी। बेगमगंज क्षेत्र सहित कई गांवों में तेज हवा और बारिश के कारण खुले में रखा गेहूं भीग गया। मंडियों और खरीदी केंद्रों में रखी फसल को नुकसान होने की आशंका जताई जा रही है, जिससे किसानों और व्यापारियों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है।
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, मौसम में इस तरह के अचानक बदलाव और अत्यधिक तापमान जलवायु असंतुलन के संकेत हैं। दिन में भीषण गर्मी और कुछ क्षेत्रों में अचानक बारिश जैसी स्थिति ने मौसम को और चुनौतीपूर्ण बना दिया है।
आने वाले दिनों में भी प्रदेश में गर्मी का प्रकोप जारी रहने की संभावना है। प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने लोगों को दोपहर के समय बाहर निकलने से बचने, पर्याप्त पानी पीने और सावधानी बरतने की सलाह दी है
