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मध्य प्रदेश में मौसम बदलेगा करवट, आंधी-बारिश के साथ राहत के आसार
मध्य प्रदेश
कई जिलों में गरज-चमक, तेज हवाओं और बारिश की चेतावनी, गर्मी से परेशान लोगों को मिल सकती है राहत
मध्य प्रदेश में भीषण गर्मी के बीच मौसम अब करवट लेने जा रहा है। मौसम विभाग ने प्रदेश के कई जिलों में अगले कुछ दिनों तक गरज-चमक, तेज हवाओं और हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई है। कुछ इलाकों में आंधी और बिजली गिरने की चेतावनी भी जारी की गई है। लंबे समय से तेज धूप और गर्म हवाओं से परेशान लोगों को इससे राहत मिलने की उम्मीद है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार प्रदेश में सक्रिय मौसम प्रणालियों और मानसून की आगे बढ़ती गतिविधियों का असर अब मध्य प्रदेश के मौसम पर दिखाई देने लगा है।
भोपाल, इंदौर, उज्जैन, रायसेन, सीहोर, विदिशा समेत कई जिलों में 30 मई से मौसम का मिजाज बदल सकता है। मौसम विभाग का अनुमान है कि इन क्षेत्रों में बादल छाने के साथ हल्की बारिश हो सकती है। इसके अलावा 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना भी जताई गई है। राजधानी भोपाल और आसपास के इलाकों में बीते कुछ दिनों से तापमान लगातार ऊंचा बना हुआ है, लेकिन अब बारिश और बादलों के कारण इसमें गिरावट दर्ज हो सकती है।
मौसम विभाग द्वारा जारी पूर्वानुमान के अनुसार पश्चिमी और पूर्वी मध्य प्रदेश के कई हिस्सों में अगले पांच दिनों तक अलग-अलग स्थानों पर बारिश की गतिविधियां बनी रह सकती हैं। कुछ जिलों में केवल हल्की बारिश होगी, जबकि कुछ इलाकों में गरज-चमक के साथ तेज बारिश होने की संभावना है। खासतौर पर अलीराजपुर, झाबुआ और रतलाम जैसे जिलों में एक जून के आसपास भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है। इन इलाकों में तेज हवाओं की गति 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है।
ग्वालियर, दतिया, मुरैना, भिंड और श्योपुर जिलों में भी मौसम विभाग ने आंधी, बिजली और ओलावृष्टि की आशंका जताई है। इन जिलों में गर्मी का असर अभी बना हुआ है, लेकिन अगले कुछ दिनों में मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है। किसानों और खुले में काम करने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। मौसम विभाग ने कहा है कि बिजली चमकने और गर्जन की स्थिति में खुले मैदानों से दूर रहें और सुरक्षित स्थानों पर शरण लें।
प्रदेश के कई हिस्सों में तापमान फिलहाल सामान्य से ऊपर बना हुआ है। हाल ही में खजुराहो में अधिकतम तापमान 46.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था, जो प्रदेश में सबसे अधिक रहा। हालांकि मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले कुछ दिनों में तापमान में तीन से पांच डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट आ सकती है। इससे लोगों को लू और भीषण गर्मी से कुछ राहत मिलने की उम्मीद है।
मौसम विभाग ने किसानों के लिए भी विशेष सलाह जारी की है। विभाग का कहना है कि तेज हवाओं और बारिश की संभावना को देखते हुए खेतों में रखी फसल, बीज, खाद और कृषि उपकरणों को सुरक्षित स्थानों पर रखा जाए। जिन क्षेत्रों में बारिश की संभावना है, वहां खेतों में जल निकासी की व्यवस्था पहले से सुनिश्चित करने की सलाह दी गई है। पशुपालकों को भी अपने पशुओं के लिए पर्याप्त पानी और छाया की व्यवस्था करने को कहा गया है। बंगाल की खाड़ी और अरब सागर में सक्रिय मौसम प्रणालियों के कारण मानसून आगे बढ़ रहा है। इसके प्रभाव से मध्य भारत के मौसम में बदलाव दिखाई दे रहा है। अगले दो से तीन दिनों में मानसून की प्रगति और तेज होने की संभावना है, जिसका असर मध्य प्रदेश के कई हिस्सों पर पड़ सकता है।
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मध्य प्रदेश में मौसम बदलेगा करवट, आंधी-बारिश के साथ राहत के आसार
मध्य प्रदेश
मध्य प्रदेश में भीषण गर्मी के बीच मौसम अब करवट लेने जा रहा है। मौसम विभाग ने प्रदेश के कई जिलों में अगले कुछ दिनों तक गरज-चमक, तेज हवाओं और हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई है। कुछ इलाकों में आंधी और बिजली गिरने की चेतावनी भी जारी की गई है। लंबे समय से तेज धूप और गर्म हवाओं से परेशान लोगों को इससे राहत मिलने की उम्मीद है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार प्रदेश में सक्रिय मौसम प्रणालियों और मानसून की आगे बढ़ती गतिविधियों का असर अब मध्य प्रदेश के मौसम पर दिखाई देने लगा है।
भोपाल, इंदौर, उज्जैन, रायसेन, सीहोर, विदिशा समेत कई जिलों में 30 मई से मौसम का मिजाज बदल सकता है। मौसम विभाग का अनुमान है कि इन क्षेत्रों में बादल छाने के साथ हल्की बारिश हो सकती है। इसके अलावा 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना भी जताई गई है। राजधानी भोपाल और आसपास के इलाकों में बीते कुछ दिनों से तापमान लगातार ऊंचा बना हुआ है, लेकिन अब बारिश और बादलों के कारण इसमें गिरावट दर्ज हो सकती है।
मौसम विभाग द्वारा जारी पूर्वानुमान के अनुसार पश्चिमी और पूर्वी मध्य प्रदेश के कई हिस्सों में अगले पांच दिनों तक अलग-अलग स्थानों पर बारिश की गतिविधियां बनी रह सकती हैं। कुछ जिलों में केवल हल्की बारिश होगी, जबकि कुछ इलाकों में गरज-चमक के साथ तेज बारिश होने की संभावना है। खासतौर पर अलीराजपुर, झाबुआ और रतलाम जैसे जिलों में एक जून के आसपास भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है। इन इलाकों में तेज हवाओं की गति 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है।
ग्वालियर, दतिया, मुरैना, भिंड और श्योपुर जिलों में भी मौसम विभाग ने आंधी, बिजली और ओलावृष्टि की आशंका जताई है। इन जिलों में गर्मी का असर अभी बना हुआ है, लेकिन अगले कुछ दिनों में मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है। किसानों और खुले में काम करने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। मौसम विभाग ने कहा है कि बिजली चमकने और गर्जन की स्थिति में खुले मैदानों से दूर रहें और सुरक्षित स्थानों पर शरण लें।
प्रदेश के कई हिस्सों में तापमान फिलहाल सामान्य से ऊपर बना हुआ है। हाल ही में खजुराहो में अधिकतम तापमान 46.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था, जो प्रदेश में सबसे अधिक रहा। हालांकि मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले कुछ दिनों में तापमान में तीन से पांच डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट आ सकती है। इससे लोगों को लू और भीषण गर्मी से कुछ राहत मिलने की उम्मीद है।
मौसम विभाग ने किसानों के लिए भी विशेष सलाह जारी की है। विभाग का कहना है कि तेज हवाओं और बारिश की संभावना को देखते हुए खेतों में रखी फसल, बीज, खाद और कृषि उपकरणों को सुरक्षित स्थानों पर रखा जाए। जिन क्षेत्रों में बारिश की संभावना है, वहां खेतों में जल निकासी की व्यवस्था पहले से सुनिश्चित करने की सलाह दी गई है। पशुपालकों को भी अपने पशुओं के लिए पर्याप्त पानी और छाया की व्यवस्था करने को कहा गया है। बंगाल की खाड़ी और अरब सागर में सक्रिय मौसम प्रणालियों के कारण मानसून आगे बढ़ रहा है। इसके प्रभाव से मध्य भारत के मौसम में बदलाव दिखाई दे रहा है। अगले दो से तीन दिनों में मानसून की प्रगति और तेज होने की संभावना है, जिसका असर मध्य प्रदेश के कई हिस्सों पर पड़ सकता है।
