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बिग बेंड सीमा परियोजना पर ट्रंप प्रशासन ने लगाई अस्थायी रोक
Digital Desk
बिग बेंड सीमा परियोजना पर विरोध के बाद ट्रंप प्रशासन ने निर्माण रोक दिया। CBP आयुक्त इलाके का निरीक्षण कर आगे की रणनीति तय करेंगे।
टेक्सास के बिग बेंड नेशनल पार्क में 1.7 अरब डॉलर की सीमा सुरक्षा परियोजना पर स्थानीय विरोध, पर्यावरणीय चिंताओं और राजनीतिक दबाव के बाद फिलहाल निर्माण रोक दिया गया है।
बिग बेंड सीमा परियोजना को लेकर बढ़ते विरोध के बीच अमेरिकी प्रशासन ने निर्माण गतिविधियां रोककर स्थल का दोबारा मूल्यांकन करने का फैसला किया है।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के प्रशासन ने टेक्सास के बिग बेंड नेशनल पार्क में चल रही सीमा सुरक्षा परियोजना से जुड़ी निर्माण गतिविधियों पर अस्थायी रोक लगा दी है। यह फैसला स्थानीय समुदायों, पर्यावरण समूहों और दोनों प्रमुख राजनीतिक दलों से जुड़े नेताओं की बढ़ती आलोचना के बीच आया है।
अमेरिकी कस्टम्स एंड बॉर्डर प्रोटेक्शन (CBP) के आयुक्त रॉडनी स्कॉट ने कहा कि वह खुद पार्क का दौरा कर इलाके का मूल्यांकन करेंगे और स्थानीय अधिकारियों तथा अन्य हितधारकों से बातचीत करेंगे। उन्होंने संकेत दिया कि आगे की कार्रवाई स्थल के आकलन के बाद तय होगी।
निर्माण पर अस्थायी रोक
बिग बेंड क्षेत्र में सीमा सुरक्षा के लिए सड़क, निगरानी तकनीक और वाहन अवरोधक जैसी सुविधाएं विकसित करने की योजना बनाई गई थी। मई में इस क्षेत्र से जुड़ा 1.7 अरब डॉलर का अनुबंध दिया गया था।
CBP के अनुसार, इस अनुबंध में करीब 17 मील वाहन अवरोधक और गश्ती सड़कें तथा लगभग 205 मील के अन्य सिस्टम शामिल हैं, जिनमें सड़क और निगरानी तकनीक भी आती है। एजेंसी ने कहा था कि पार्क के भीतर 30 फुट ऊंची दीवार बनाने के लिए इस अनुबंध का इस्तेमाल नहीं किया जाएगा।
हालांकि, हाल में भारी मशीनों द्वारा जमीन साफ किए जाने के बाद विरोध और तेज हो गया। रॉयटर्स के अनुसार, निर्माण गतिविधियों को लेकर प्रदर्शन और कानूनी चुनौतियां भी सामने आईं।
बिग बेंड पर क्यों विवाद
बिग बेंड नेशनल पार्क अपनी दुर्गम पहाड़ियों, रेगिस्तानी इलाकों, नदी और जैव विविधता के लिए जाना जाता है। पार्क का एक बड़ा हिस्सा प्राकृतिक रूप से कठिन भूभाग वाला है।
परियोजना के विरोधियों का कहना है कि गश्ती सड़कें और अन्य ढांचागत निर्माण संवेदनशील प्राकृतिक क्षेत्रों को प्रभावित कर सकते हैं। कुछ स्थानीय लोगों और पर्यावरण संगठनों ने पुरातात्विक तथा सांस्कृतिक स्थलों को संभावित नुकसान की आशंका भी जताई है।
आलोचकों का एक प्रमुख तर्क यह भी है कि इस इलाके का दुर्गम भूभाग खुद अवैध सीमा पार करने के खिलाफ प्रभावी प्राकृतिक बाधा का काम करता है।
सीमा सुरक्षा योजना जारी
निर्माण पर रोक को ट्रंप प्रशासन की व्यापक सीमा सुरक्षा नीति से पीछे हटना नहीं माना जा रहा है।
CBP ने पहले स्पष्ट किया था कि बिग बेंड में उसकी रणनीति दूसरे क्षेत्रों में बने 30 फुट ऊंचे अवरोधों से अलग होगी। एजेंसी ने कैमरे, सेंसर, सीमित लो-प्रोफाइल वाहन अवरोधक और गश्ती मार्गों के इस्तेमाल की बात कही है।
प्रशासन का तर्क है कि सीमा पर सुरक्षा व्यवस्था के लिए भौतिक और तकनीकी दोनों तरह के उपाय जरूरी हैं।
विरोध ने पकड़ा राजनीतिक रंग
बिग बेंड परियोजना का विरोध केवल पर्यावरण समूहों तक सीमित नहीं रहा। स्थानीय अधिकारियों, निवासियों और कुछ रिपब्लिकन नेताओं ने भी परियोजना की उपयोगिता और संभावित प्रभाव पर सवाल उठाए हैं।
टेक्सास के रिपब्लिकन सीनेटर जॉन कॉर्निन ने स्थानीय समुदायों के साथ बातचीत करने और क्षेत्र की परिस्थितियों को ध्यान में रखने की अपील की है। रॉयटर्स के अनुसार, इस मुद्दे ने राज्य में असामान्य द्विदलीय विरोध पैदा किया है।
कानूनी चुनौतियां भी जारी
सीमा परियोजना को लेकर प्रशासन को कानूनी चुनौतियों का भी सामना करना पड़ रहा है। पर्यावरण समूहों और स्थानीय पक्षों ने निर्माण के पर्यावरणीय प्रभाव और संघीय नियमों में दी गई छूट को लेकर अदालत का रुख किया है।
टेक्सास ट्रिब्यून के अनुसार, क्षेत्र में सीमा अवरोधों को लेकर अलग-अलग मुकदमे भी दायर किए गए हैं। याचिकाकर्ताओं ने पर्यावरणीय नुकसान और बाढ़ के जोखिम से जुड़े सवाल उठाए हैं।
पहले भी बदला था रुख
बिग बेंड परियोजना को लेकर ट्रंप प्रशासन के रुख में पहले भी बदलाव देखने को मिला है। मई में रॉडनी स्कॉट ने कहा था कि बिग बेंड नेशनल पार्क में 30 फुट ऊंची सीमा दीवार बनाने की योजना आगे नहीं बढ़ाई जाएगी।
इसके बावजूद मई में 1.7 अरब डॉलर का अनुबंध जारी हुआ। CBP ने बाद में स्पष्ट किया कि इसका इस्तेमाल पार्कों में 30 फुट ऊंची दीवार बनाने के लिए नहीं किया जाएगा। इस बदलाव और अलग-अलग घोषणाओं ने स्थानीय स्तर पर भ्रम और अविश्वास बढ़ाया।
अब आगे क्या होगा
फिलहाल बिग बेंड सीमा परियोजना पर रोक स्थायी रद्दीकरण नहीं है। रॉडनी स्कॉट के स्थल निरीक्षण और स्थानीय हितधारकों के साथ बातचीत के बाद प्रशासन आगे की दिशा तय करेगा। रॉयटर्स के अनुसार, योजना और मूल्यांकन से जुड़ा काम जारी रह सकता है, जबकि निर्माण गतिविधियां फिलहाल रुकी रहेंगी।
यह मामला अमेरिका में सीमा सुरक्षा और पर्यावरण संरक्षण के बीच संतुलन की व्यापक बहस को भी सामने लाता है। आने वाले दिनों में प्रशासन का नया आकलन यह स्पष्ट कर सकता है कि बिग बेंड सीमा परियोजना मौजूदा स्वरूप में आगे बढ़ेगी, बदली जाएगी या किसी अन्य सुरक्षा मॉडल को प्राथमिकता दी जाएगी।
बिग बेंड सीमा परियोजना पर ट्रंप प्रशासन ने लगाई अस्थायी रोक
Digital Desk
टेक्सास के बिग बेंड नेशनल पार्क में 1.7 अरब डॉलर की सीमा सुरक्षा परियोजना पर स्थानीय विरोध, पर्यावरणीय चिंताओं और राजनीतिक दबाव के बाद फिलहाल निर्माण रोक दिया गया है।
बिग बेंड सीमा परियोजना को लेकर बढ़ते विरोध के बीच अमेरिकी प्रशासन ने निर्माण गतिविधियां रोककर स्थल का दोबारा मूल्यांकन करने का फैसला किया है।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के प्रशासन ने टेक्सास के बिग बेंड नेशनल पार्क में चल रही सीमा सुरक्षा परियोजना से जुड़ी निर्माण गतिविधियों पर अस्थायी रोक लगा दी है। यह फैसला स्थानीय समुदायों, पर्यावरण समूहों और दोनों प्रमुख राजनीतिक दलों से जुड़े नेताओं की बढ़ती आलोचना के बीच आया है।
अमेरिकी कस्टम्स एंड बॉर्डर प्रोटेक्शन (CBP) के आयुक्त रॉडनी स्कॉट ने कहा कि वह खुद पार्क का दौरा कर इलाके का मूल्यांकन करेंगे और स्थानीय अधिकारियों तथा अन्य हितधारकों से बातचीत करेंगे। उन्होंने संकेत दिया कि आगे की कार्रवाई स्थल के आकलन के बाद तय होगी।
निर्माण पर अस्थायी रोक
बिग बेंड क्षेत्र में सीमा सुरक्षा के लिए सड़क, निगरानी तकनीक और वाहन अवरोधक जैसी सुविधाएं विकसित करने की योजना बनाई गई थी। मई में इस क्षेत्र से जुड़ा 1.7 अरब डॉलर का अनुबंध दिया गया था।
CBP के अनुसार, इस अनुबंध में करीब 17 मील वाहन अवरोधक और गश्ती सड़कें तथा लगभग 205 मील के अन्य सिस्टम शामिल हैं, जिनमें सड़क और निगरानी तकनीक भी आती है। एजेंसी ने कहा था कि पार्क के भीतर 30 फुट ऊंची दीवार बनाने के लिए इस अनुबंध का इस्तेमाल नहीं किया जाएगा।
हालांकि, हाल में भारी मशीनों द्वारा जमीन साफ किए जाने के बाद विरोध और तेज हो गया। रॉयटर्स के अनुसार, निर्माण गतिविधियों को लेकर प्रदर्शन और कानूनी चुनौतियां भी सामने आईं।
बिग बेंड पर क्यों विवाद
बिग बेंड नेशनल पार्क अपनी दुर्गम पहाड़ियों, रेगिस्तानी इलाकों, नदी और जैव विविधता के लिए जाना जाता है। पार्क का एक बड़ा हिस्सा प्राकृतिक रूप से कठिन भूभाग वाला है।
परियोजना के विरोधियों का कहना है कि गश्ती सड़कें और अन्य ढांचागत निर्माण संवेदनशील प्राकृतिक क्षेत्रों को प्रभावित कर सकते हैं। कुछ स्थानीय लोगों और पर्यावरण संगठनों ने पुरातात्विक तथा सांस्कृतिक स्थलों को संभावित नुकसान की आशंका भी जताई है।
आलोचकों का एक प्रमुख तर्क यह भी है कि इस इलाके का दुर्गम भूभाग खुद अवैध सीमा पार करने के खिलाफ प्रभावी प्राकृतिक बाधा का काम करता है।
सीमा सुरक्षा योजना जारी
निर्माण पर रोक को ट्रंप प्रशासन की व्यापक सीमा सुरक्षा नीति से पीछे हटना नहीं माना जा रहा है।
CBP ने पहले स्पष्ट किया था कि बिग बेंड में उसकी रणनीति दूसरे क्षेत्रों में बने 30 फुट ऊंचे अवरोधों से अलग होगी। एजेंसी ने कैमरे, सेंसर, सीमित लो-प्रोफाइल वाहन अवरोधक और गश्ती मार्गों के इस्तेमाल की बात कही है।
प्रशासन का तर्क है कि सीमा पर सुरक्षा व्यवस्था के लिए भौतिक और तकनीकी दोनों तरह के उपाय जरूरी हैं।
विरोध ने पकड़ा राजनीतिक रंग
बिग बेंड परियोजना का विरोध केवल पर्यावरण समूहों तक सीमित नहीं रहा। स्थानीय अधिकारियों, निवासियों और कुछ रिपब्लिकन नेताओं ने भी परियोजना की उपयोगिता और संभावित प्रभाव पर सवाल उठाए हैं।
टेक्सास के रिपब्लिकन सीनेटर जॉन कॉर्निन ने स्थानीय समुदायों के साथ बातचीत करने और क्षेत्र की परिस्थितियों को ध्यान में रखने की अपील की है। रॉयटर्स के अनुसार, इस मुद्दे ने राज्य में असामान्य द्विदलीय विरोध पैदा किया है।
कानूनी चुनौतियां भी जारी
सीमा परियोजना को लेकर प्रशासन को कानूनी चुनौतियों का भी सामना करना पड़ रहा है। पर्यावरण समूहों और स्थानीय पक्षों ने निर्माण के पर्यावरणीय प्रभाव और संघीय नियमों में दी गई छूट को लेकर अदालत का रुख किया है।
टेक्सास ट्रिब्यून के अनुसार, क्षेत्र में सीमा अवरोधों को लेकर अलग-अलग मुकदमे भी दायर किए गए हैं। याचिकाकर्ताओं ने पर्यावरणीय नुकसान और बाढ़ के जोखिम से जुड़े सवाल उठाए हैं।
पहले भी बदला था रुख
बिग बेंड परियोजना को लेकर ट्रंप प्रशासन के रुख में पहले भी बदलाव देखने को मिला है। मई में रॉडनी स्कॉट ने कहा था कि बिग बेंड नेशनल पार्क में 30 फुट ऊंची सीमा दीवार बनाने की योजना आगे नहीं बढ़ाई जाएगी।
इसके बावजूद मई में 1.7 अरब डॉलर का अनुबंध जारी हुआ। CBP ने बाद में स्पष्ट किया कि इसका इस्तेमाल पार्कों में 30 फुट ऊंची दीवार बनाने के लिए नहीं किया जाएगा। इस बदलाव और अलग-अलग घोषणाओं ने स्थानीय स्तर पर भ्रम और अविश्वास बढ़ाया।
अब आगे क्या होगा
फिलहाल बिग बेंड सीमा परियोजना पर रोक स्थायी रद्दीकरण नहीं है। रॉडनी स्कॉट के स्थल निरीक्षण और स्थानीय हितधारकों के साथ बातचीत के बाद प्रशासन आगे की दिशा तय करेगा। रॉयटर्स के अनुसार, योजना और मूल्यांकन से जुड़ा काम जारी रह सकता है, जबकि निर्माण गतिविधियां फिलहाल रुकी रहेंगी।
यह मामला अमेरिका में सीमा सुरक्षा और पर्यावरण संरक्षण के बीच संतुलन की व्यापक बहस को भी सामने लाता है। आने वाले दिनों में प्रशासन का नया आकलन यह स्पष्ट कर सकता है कि बिग बेंड सीमा परियोजना मौजूदा स्वरूप में आगे बढ़ेगी, बदली जाएगी या किसी अन्य सुरक्षा मॉडल को प्राथमिकता दी जाएगी।
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