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सोम प्रदोष व्रत पर शिव उपासना का विशेष संयोग, जानें आज का पंचांग और शुभ समय
धर्म डेस्क
चैत्र शुक्ल त्रयोदशी पर प्रदोष काल में पूजा का विशेष महत्व, राहुकाल और अभिजीत मुहूर्त पर रखें ध्यान
चैत्र शुक्ल पक्ष की त्रयोदशी तिथि पर सोमवार को सोम प्रदोष व्रत का विशेष संयोग बन रहा है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, यह दिन भगवान शिव की आराधना के लिए अत्यंत फलदायी माना जाता है। आज प्रदोष काल में शाम 6:38 बजे से रात 8:57 बजे तक पूजा का शुभ समय निर्धारित है, जिसे व्रत और अनुष्ठान के लिए सर्वोत्तम माना गया है।
पंचांग के अनुसार, आज तिथि प्रातः 7:09 बजे तक द्वादशी रहेगी, जिसके बाद त्रयोदशी प्रारंभ होगी। यह त्रयोदशी तिथि अगले दिन सुबह तक प्रभावी रहेगी। सुबह 6:14 बजे सूर्योदय और शाम 6:38 बजे सूर्यास्त होगा, जो प्रदोष व्रत के लिए अनुकूल समय बनाता है।
ज्योतिषीय दृष्टि से आज का दिन भी महत्वपूर्ण है। चंद्रमा दोपहर 2:38 बजे तक कर्क राशि में रहेगा और इसके बाद सिंह राशि में प्रवेश करेगा। मघा नक्षत्र का प्रभाव दिनभर बना रहेगा, जो साहस, नेतृत्व और उदारता से जुड़ा माना जाता है। हालांकि, शूल योग के कारण व्यवहार में संयम और वाणी में मधुरता बनाए रखने की सलाह दी गई है।
आज के शुभ और अशुभ समय भी दैनिक कार्यों के लिए अहम हैं। अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12:01 बजे से 12:51 बजे तक रहेगा, जिसे नए कार्यों की शुरुआत के लिए उपयुक्त माना जाता है। वहीं राहुकाल सुबह 7:47 बजे से 9:20 बजे तक रहेगा, इस दौरान महत्वपूर्ण निर्णय लेने से बचने की सलाह दी जाती है। इसके अलावा यमगण्ड और गुलिकाल भी दिन के मध्य समय में प्रभावी रहेंगे।
धार्मिक मान्यता के अनुसार, प्रदोष व्रत विशेष रूप से मानसिक शांति, पारिवारिक सुख और वैवाहिक जीवन में मधुरता लाने वाला माना जाता है। सोमवार के दिन पड़ने के कारण इसका महत्व और बढ़ जाता है। मान्यता है कि इस दिन व्रत रखकर विधिपूर्वक पूजा करने से चंद्रमा से जुड़े दोषों में कमी आती है और जीवन में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।
विशेषज्ञों का कहना है कि इस प्रकार के व्रत केवल धार्मिक आस्था तक सीमित नहीं हैं, बल्कि यह मानसिक संतुलन और आत्मनियंत्रण को भी मजबूत करते हैं। वर्तमान समय में, जब तनाव और अस्थिरता बढ़ रही है, ऐसे अवसर लोगों को आंतरिक शांति की ओर प्रेरित करते हैं।
आगे भी चैत्र माह में कई महत्वपूर्ण व्रत और पर्व आने वाले हैं, जिन्हें लेकर श्रद्धालुओं में उत्साह बना हुआ है। आज का दिन न केवल धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है, बल्कि यह पब्लिक इंटरेस्ट स्टोरी के रूप में भी लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव का संदेश देता है।
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सोम प्रदोष व्रत पर शिव उपासना का विशेष संयोग, जानें आज का पंचांग और शुभ समय
धर्म डेस्क
चैत्र शुक्ल पक्ष की त्रयोदशी तिथि पर सोमवार को सोम प्रदोष व्रत का विशेष संयोग बन रहा है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, यह दिन भगवान शिव की आराधना के लिए अत्यंत फलदायी माना जाता है। आज प्रदोष काल में शाम 6:38 बजे से रात 8:57 बजे तक पूजा का शुभ समय निर्धारित है, जिसे व्रत और अनुष्ठान के लिए सर्वोत्तम माना गया है।
पंचांग के अनुसार, आज तिथि प्रातः 7:09 बजे तक द्वादशी रहेगी, जिसके बाद त्रयोदशी प्रारंभ होगी। यह त्रयोदशी तिथि अगले दिन सुबह तक प्रभावी रहेगी। सुबह 6:14 बजे सूर्योदय और शाम 6:38 बजे सूर्यास्त होगा, जो प्रदोष व्रत के लिए अनुकूल समय बनाता है।
ज्योतिषीय दृष्टि से आज का दिन भी महत्वपूर्ण है। चंद्रमा दोपहर 2:38 बजे तक कर्क राशि में रहेगा और इसके बाद सिंह राशि में प्रवेश करेगा। मघा नक्षत्र का प्रभाव दिनभर बना रहेगा, जो साहस, नेतृत्व और उदारता से जुड़ा माना जाता है। हालांकि, शूल योग के कारण व्यवहार में संयम और वाणी में मधुरता बनाए रखने की सलाह दी गई है।
आज के शुभ और अशुभ समय भी दैनिक कार्यों के लिए अहम हैं। अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12:01 बजे से 12:51 बजे तक रहेगा, जिसे नए कार्यों की शुरुआत के लिए उपयुक्त माना जाता है। वहीं राहुकाल सुबह 7:47 बजे से 9:20 बजे तक रहेगा, इस दौरान महत्वपूर्ण निर्णय लेने से बचने की सलाह दी जाती है। इसके अलावा यमगण्ड और गुलिकाल भी दिन के मध्य समय में प्रभावी रहेंगे।
धार्मिक मान्यता के अनुसार, प्रदोष व्रत विशेष रूप से मानसिक शांति, पारिवारिक सुख और वैवाहिक जीवन में मधुरता लाने वाला माना जाता है। सोमवार के दिन पड़ने के कारण इसका महत्व और बढ़ जाता है। मान्यता है कि इस दिन व्रत रखकर विधिपूर्वक पूजा करने से चंद्रमा से जुड़े दोषों में कमी आती है और जीवन में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।
विशेषज्ञों का कहना है कि इस प्रकार के व्रत केवल धार्मिक आस्था तक सीमित नहीं हैं, बल्कि यह मानसिक संतुलन और आत्मनियंत्रण को भी मजबूत करते हैं। वर्तमान समय में, जब तनाव और अस्थिरता बढ़ रही है, ऐसे अवसर लोगों को आंतरिक शांति की ओर प्रेरित करते हैं।
आगे भी चैत्र माह में कई महत्वपूर्ण व्रत और पर्व आने वाले हैं, जिन्हें लेकर श्रद्धालुओं में उत्साह बना हुआ है। आज का दिन न केवल धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है, बल्कि यह पब्लिक इंटरेस्ट स्टोरी के रूप में भी लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव का संदेश देता है।
