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शहजाद पूनावाला ने BJP प्रवक्ता पद से दिया इस्तीफा, X प्रोफाइल में भी किया बदलाव
Digital Desk
निजी कारणों से जिम्मेदारी छोड़ने की खबर, पार्टी की ओर से आधिकारिक पुष्टि का इंतजार; खुद को बताते रहे PM मोदी का आजीवन समर्थक
भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता शहजाद पूनावाला के इस्तीफे की खबर ने राजनीतिक हलकों में हलचल बढ़ा दी है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, पूनावाला ने 31 जुलाई को पार्टी नेतृत्व को अपना इस्तीफा सौंप दिया है। इस्तीफे के पीछे निजी कारण बताए जा रहे हैं। हालांकि, भाजपा की ओर से इसे लेकर फिलहाल कोई औपचारिक बयान सामने नहीं आया है।
इसी बीच पूनावाला के सोशल मीडिया अकाउंट में हुए बदलाव ने चर्चाओं को और हवा दे दी है। उन्होंने X पर अपनी प्रोफाइल का बायो अपडेट किया है। इसके बाद सवाल उठने लगे कि क्या उन्होंने केवल पार्टी प्रवक्ता की जिम्मेदारी छोड़ी है या भाजपा से भी पूरी तरह अलग हो गए हैं। उपलब्ध जानकारी में इस स्थिति को लेकर स्पष्टता नहीं है। पूनावाला ने भी अपने फैसले की वजह विस्तार से सार्वजनिक नहीं की है।
PM मोदी को बताया 'जीवन भर का समर्थक'
सोशल मीडिया प्रोफाइल में बदलाव के बावजूद पूनावाला प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति अपना समर्थन जाहिर करते दिखाई दिए हैं। उन्होंने खुद को पीएम मोदी का 'जीवन भर का समर्थक' बताया है। इसके साथ उन्होंने अपना एक पुराना वीडियो भी साझा किया, जिसमें वह भाजपा की संगठनात्मक व्यवस्था और दूसरी राजनीतिक पार्टियों के बीच अंतर पर अपनी बात रखते नजर आते हैं।
वीडियो में पूनावाला का कहना है कि भाजपा किसी एक परिवार के इर्द-गिर्द चलने वाली पार्टी नहीं है और यहां फैसले किसी एक व्यक्ति तक सीमित नहीं रहते। इस पोस्ट को उनके मौजूदा राजनीतिक फैसले के संदर्भ में देखा जा रहा है, हालांकि उन्होंने इसे साझा करते हुए इस्तीफे से जुड़ा कोई सीधा स्पष्टीकरण नहीं दिया।
2017 में कांग्रेस से अलग हुए थे पूनावाला
शहजाद पूनावाला का राजनीतिक सफर पहले कांग्रेस से जुड़ा रहा है। वर्ष 2017 में कांग्रेस अध्यक्ष पद की चुनाव प्रक्रिया को लेकर उन्होंने सार्वजनिक रूप से सवाल उठाए थे। विवाद बढ़ने के बाद उन्होंने कांग्रेस से दूरी बना ली थी और बाद में भाजपा के साथ जुड़े।
भाजपा में आने के बाद पूनावाला पार्टी के प्रमुख मीडिया चेहरों में शामिल हो गए। उन्हें राष्ट्रीय प्रवक्ता की जिम्मेदारी मिली और टीवी डिबेट से लेकर प्रेस कॉन्फ्रेंस तथा सोशल मीडिया तक वह लगातार पार्टी का पक्ष रखते दिखाई दिए। विपक्ष, विशेष रूप से कांग्रेस और राहुल गांधी को लेकर उनके बयानों की भी अक्सर राजनीतिक चर्चा होती रही है।
पुराने वीडियो से मिले थे राजनीति से दूरी के संकेत?
पूनावाला की हालिया सोशल मीडिया गतिविधियों को लेकर भी चर्चा हो रही है। उन्होंने अपने पुराने इंटरव्यू की कुछ वीडियो क्लिप दोबारा शेयर की हैं। इन वीडियो में वह चुनावी पद और समाज में राजनीतिक योगदान को अलग-अलग नजरिए से देखने की बात करते हैं।
एक पुराने इंटरव्यू में उनका कहना था कि किसी व्यक्ति का सार्वजनिक जीवन में योगदान केवल सांसद या किसी दूसरे निर्वाचित पद तक सीमित नहीं होना चाहिए। चुनाव नहीं लड़ने या कोई पद हासिल नहीं करने का अर्थ यह नहीं है कि कोई व्यक्ति समाज अथवा राजनीति में योगदान नहीं दे सकता। उनके मुताबिक, कुछ लोग निर्वाचित प्रतिनिधि के तौर पर काम करते हैं, जबकि कुछ व्यवस्था के बाहर रहकर भी देश और समाज के लिए भूमिका निभा सकते हैं।
2025 के वीडियो की फिर हो रही चर्चा
सोशल मीडिया पर प्रसारित यह पुराना वीडियो 2025 का बताया जा रहा है। अब इस्तीफे की खबरों के बीच इस वीडियो को दोबारा उनके भविष्य के राजनीतिक कदम से जोड़कर देखा जा रहा है। हालांकि, पूनावाला ने यह स्पष्ट नहीं किया है कि वह सक्रिय राजनीति से पूरी तरह दूरी बनाने वाले हैं या आगे किसी दूसरी भूमिका में दिखाई देंगे।
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शहजाद पूनावाला ने BJP प्रवक्ता पद से दिया इस्तीफा, X प्रोफाइल में भी किया बदलाव
Digital Desk
भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता शहजाद पूनावाला के इस्तीफे की खबर ने राजनीतिक हलकों में हलचल बढ़ा दी है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, पूनावाला ने 31 जुलाई को पार्टी नेतृत्व को अपना इस्तीफा सौंप दिया है। इस्तीफे के पीछे निजी कारण बताए जा रहे हैं। हालांकि, भाजपा की ओर से इसे लेकर फिलहाल कोई औपचारिक बयान सामने नहीं आया है।
इसी बीच पूनावाला के सोशल मीडिया अकाउंट में हुए बदलाव ने चर्चाओं को और हवा दे दी है। उन्होंने X पर अपनी प्रोफाइल का बायो अपडेट किया है। इसके बाद सवाल उठने लगे कि क्या उन्होंने केवल पार्टी प्रवक्ता की जिम्मेदारी छोड़ी है या भाजपा से भी पूरी तरह अलग हो गए हैं। उपलब्ध जानकारी में इस स्थिति को लेकर स्पष्टता नहीं है। पूनावाला ने भी अपने फैसले की वजह विस्तार से सार्वजनिक नहीं की है।
PM मोदी को बताया 'जीवन भर का समर्थक'
सोशल मीडिया प्रोफाइल में बदलाव के बावजूद पूनावाला प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति अपना समर्थन जाहिर करते दिखाई दिए हैं। उन्होंने खुद को पीएम मोदी का 'जीवन भर का समर्थक' बताया है। इसके साथ उन्होंने अपना एक पुराना वीडियो भी साझा किया, जिसमें वह भाजपा की संगठनात्मक व्यवस्था और दूसरी राजनीतिक पार्टियों के बीच अंतर पर अपनी बात रखते नजर आते हैं।
वीडियो में पूनावाला का कहना है कि भाजपा किसी एक परिवार के इर्द-गिर्द चलने वाली पार्टी नहीं है और यहां फैसले किसी एक व्यक्ति तक सीमित नहीं रहते। इस पोस्ट को उनके मौजूदा राजनीतिक फैसले के संदर्भ में देखा जा रहा है, हालांकि उन्होंने इसे साझा करते हुए इस्तीफे से जुड़ा कोई सीधा स्पष्टीकरण नहीं दिया।
2017 में कांग्रेस से अलग हुए थे पूनावाला
शहजाद पूनावाला का राजनीतिक सफर पहले कांग्रेस से जुड़ा रहा है। वर्ष 2017 में कांग्रेस अध्यक्ष पद की चुनाव प्रक्रिया को लेकर उन्होंने सार्वजनिक रूप से सवाल उठाए थे। विवाद बढ़ने के बाद उन्होंने कांग्रेस से दूरी बना ली थी और बाद में भाजपा के साथ जुड़े।
भाजपा में आने के बाद पूनावाला पार्टी के प्रमुख मीडिया चेहरों में शामिल हो गए। उन्हें राष्ट्रीय प्रवक्ता की जिम्मेदारी मिली और टीवी डिबेट से लेकर प्रेस कॉन्फ्रेंस तथा सोशल मीडिया तक वह लगातार पार्टी का पक्ष रखते दिखाई दिए। विपक्ष, विशेष रूप से कांग्रेस और राहुल गांधी को लेकर उनके बयानों की भी अक्सर राजनीतिक चर्चा होती रही है।
पुराने वीडियो से मिले थे राजनीति से दूरी के संकेत?
पूनावाला की हालिया सोशल मीडिया गतिविधियों को लेकर भी चर्चा हो रही है। उन्होंने अपने पुराने इंटरव्यू की कुछ वीडियो क्लिप दोबारा शेयर की हैं। इन वीडियो में वह चुनावी पद और समाज में राजनीतिक योगदान को अलग-अलग नजरिए से देखने की बात करते हैं।
एक पुराने इंटरव्यू में उनका कहना था कि किसी व्यक्ति का सार्वजनिक जीवन में योगदान केवल सांसद या किसी दूसरे निर्वाचित पद तक सीमित नहीं होना चाहिए। चुनाव नहीं लड़ने या कोई पद हासिल नहीं करने का अर्थ यह नहीं है कि कोई व्यक्ति समाज अथवा राजनीति में योगदान नहीं दे सकता। उनके मुताबिक, कुछ लोग निर्वाचित प्रतिनिधि के तौर पर काम करते हैं, जबकि कुछ व्यवस्था के बाहर रहकर भी देश और समाज के लिए भूमिका निभा सकते हैं।
2025 के वीडियो की फिर हो रही चर्चा
सोशल मीडिया पर प्रसारित यह पुराना वीडियो 2025 का बताया जा रहा है। अब इस्तीफे की खबरों के बीच इस वीडियो को दोबारा उनके भविष्य के राजनीतिक कदम से जोड़कर देखा जा रहा है। हालांकि, पूनावाला ने यह स्पष्ट नहीं किया है कि वह सक्रिय राजनीति से पूरी तरह दूरी बनाने वाले हैं या आगे किसी दूसरी भूमिका में दिखाई देंगे।
