IND vs ZIM: हरारे में आज पहला टी-20, श्रेयस की कप्तानी में पहली जीत की तलाश

स्पोर्ट्स डेस्क

On

इंग्लैंड-आयरलैंड दौरे की निराशा पीछे छोड़ने उतरेगी युवा टीम इंडिया; वैभव सूर्यवंशी की हरारे से जुड़ी सुनहरी यादें, जिम्बाब्वे का तेज गेंदबाजी आक्रमण बन सकता है बड़ी चुनौती

गातार खराब नतीजों के बाद भारतीय टी-20 टीम गुरुवार, 23 जुलाई को जिम्बाब्वे के खिलाफ नए सिरे से शुरुआत करने उतरेगी। तीन मैचों की टी-20 सीरीज का पहला मुकाबला हरारे स्पोर्ट्स क्लब में खेला जाना है। श्रेयस अय्यर की कप्तानी वाली युवा भारतीय टीम के लिए यह सीरीज केवल जीत की पटरी पर लौटने का मौका नहीं, बल्कि पिछले दो विदेशी दौरों की निराशा पीछे छोड़ने की भी चुनौती है। तीनों मुकाबले हरारे में ही खेले जाने हैं।

भारत बनाम ज़िम्बाब्वे पहला T20I 2026 से पहले सबसे ज्यादा नजर कप्तान श्रेयस अय्यर पर है। इंग्लैंड और आयरलैंड में मिली निराशा के बाद भारतीय टीम अब जिम्बाब्वे में अपनी लय तलाश रही है। श्रेयस ने सीरीज से पहले खिलाड़ियों को हार के डर से बाहर निकलकर आत्मविश्वास के साथ खेलने का संदेश दिया है। टीम प्रबंधन भी चाहता है कि युवा खिलाड़ी पिछली नाकामियों का दबाव लेकर मैदान पर न उतरें।

भारत के लिए यह छोटा दौरा है। पहला मुकाबला 23 जुलाई को होगा, जबकि दूसरा टी-20 25 जुलाई और तीसरा मुकाबला 26 जुलाई को खेला जाएगा। तीनों मैच हरारे स्पोर्ट्स क्लब में रखे गए हैं। ऐसे में परिस्थितियों को जल्दी समझना और पहले ही मैच से बढ़त हासिल करना दोनों टीमों के लिए अहम होगा।

भारतीय बल्लेबाजी में युवा और अनुभवी खिलाड़ियों का मिश्रण दिखाई देगा। टीम में अभिषेक शर्मा, वैभव सूर्यवंशी, ईशान किशन, तिलक वर्मा, रिंकू सिंह और शिवम दुबे जैसे बल्लेबाज मौजूद हैं। श्रेयस अय्यर खुद मध्यक्रम की जिम्मेदारी संभालेंगे। भारत ने इस दौरे के लिए 15 सदस्यीय टीम चुनी है और तिलक वर्मा को उपकप्तान बनाया गया है।

सबसे ज्यादा चर्चा 15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी को लेकर है। इंग्लैंड और आयरलैंड के हालिया दौरों में वह अपनी क्षमता के मुताबिक बड़ी पारी नहीं खेल पाए थे। अब जिम्बाब्वे में उनके सामने खुद को दोबारा साबित करने का मौका है। कप्तान श्रेयस ने भी युवा बल्लेबाज का समर्थन किया है और भरोसा जताया है कि पिछले अनुभवों से उन्होंने अपनी गलतियों पर काम किया होगा।

हरारे का नाम आते ही सूर्यवंशी की एक यादगार पारी भी चर्चा में है। अंडर-19 विश्व कप फाइनल में उन्होंने इसी शहर में 80 गेंदों पर 175 रन की विस्फोटक पारी खेली थी। उस प्रदर्शन ने भारत की खिताबी जीत में बड़ी भूमिका निभाई थी। अब सीनियर स्तर पर उसी मैदान पर लौटते हुए उनसे एक बार फिर आक्रामक बल्लेबाजी की उम्मीद रहेगी।

सूर्यवंशी के साथ अभिषेक शर्मा भारतीय पारी को तेज शुरुआत देने की भूमिका निभा सकते हैं। ईशान किशन विकेटकीपर-बल्लेबाज के रूप में शीर्ष क्रम को मजबूती देते हैं। मध्यक्रम में श्रेयस और तिलक वर्मा के पास पारी संभालने की जिम्मेदारी होगी, जबकि शिवम दुबे और रिंकू सिंह आखिरी ओवरों में तेजी से रन बनाने की क्षमता रखते हैं।

भारतीय टीम के सामने बड़ी चुनौती यह होगी कि बल्लेबाजी क्रम जल्दी विकेट गंवाने से बचे। हरारे में नई गेंद तेज गेंदबाजों को मदद दे सकती है। शुरुआती कुछ ओवर संभाल लिए जाएं तो बल्लेबाजों के लिए रन बनाने के मौके बढ़ सकते हैं। ऐसे में भारत के टॉप ऑर्डर की भूमिका पहले मुकाबले में काफी अहम रहने वाली है।

जिम्बाब्वे को उसकी घरेलू परिस्थितियों में हल्के में लेना भारत के लिए मुश्किल पैदा कर सकता है। टीम के पास ब्लेसिंग मुजरबानी और रिचर्ड नगारवा जैसे तेज गेंदबाज हैं, जो हरारे की परिस्थितियों का फायदा उठाना जानते हैं। ब्रैड इवांस भी पेस अटैक को मजबूती देते हैं। नई गेंद के साथ यह आक्रमण भारतीय बल्लेबाजों की शुरुआती परीक्षा ले सकता है।

ब्लेसिंग मुजरबानी जिम्बाब्वे के गेंदबाजी आक्रमण के प्रमुख हथियारों में शामिल हैं। उनकी लंबाई और अतिरिक्त उछाल बल्लेबाजों के लिए परेशानी खड़ी कर सकती है। रिचर्ड नगारवा बाएं हाथ से अलग कोण बनाते हैं। हरारे की पिच पर अगर शुरुआत में सीम या उछाल मिला तो भारत को पहले छह ओवर काफी संभलकर खेलने पड़ सकते हैं।

जिम्बाब्वे ने इस सीरीज के लिए विकेटकीपर-बल्लेबाज तफाद्जवा त्सिगा को पहली बार टी-20 अंतरराष्ट्रीय टीम में शामिल किया है। मेजबान टीम नए खिलाड़ियों और अनुभवी चेहरों के मिश्रण के साथ मैदान पर उतर रही है। सिकंदर रजा की मौजूदगी बल्लेबाजी के साथ टीम को अनुभव भी देती है।

ब्रायन बेनेट जिम्बाब्वे के शीर्ष क्रम में महत्वपूर्ण बल्लेबाज साबित हो सकते हैं। उनके साथ वेस्ली मधेवेरे से भी टीम को अच्छी शुरुआत की उम्मीद होगी। मध्यक्रम में सिकंदर रजा और रयान बर्ल जैसे खिलाड़ी तेजी से मैच की दिशा बदलने की क्षमता रखते हैं। भारतीय गेंदबाजों को घरेलू टीम के इन बल्लेबाजों के खिलाफ अनुशासित लाइन पर गेंदबाजी करनी होगी।

भारत का गेंदबाजी आक्रमण अपेक्षाकृत युवा है। स्क्वाड में हर्ष दुबे, वरुण चक्रवर्ती, प्रिंस यादव, यश ठाकुर, अशोक शर्मा और मयंक यादव जैसे विकल्प मौजूद हैं। शिवम दुबे भी जरूरत के मुताबिक गेंदबाजी में योगदान दे सकते हैं। टीम संयोजन में स्पिन और तेज गेंदबाजी के बीच संतुलन किस तरह बनाया जाता है, इस पर नजर रहेगी।

मयंक यादव की रफ्तार भारत के लिए बड़ा हथियार साबित हो सकती है, लेकिन प्लेइंग इलेवन का फैसला पिच और फिटनेस को ध्यान में रखकर होगा। वहीं वरुण चक्रवर्ती अपनी विविधता से बीच के ओवरों में विकेट निकालने का विकल्प देते हैं। प्रिंस यादव और यश ठाकुर जैसे गेंदबाजों के लिए भी यह दौरा अपनी पहचान मजबूत करने का मौका है।

भारत और जिम्बाब्वे की टी-20 प्रतिद्वंद्विता में भारतीय टीम का पलड़ा भारी रहा है, लेकिन हरारे में मेजबान टीम पहले भी उलटफेर कर चुकी है। इसलिए श्रेयस की टीम के लिए शुरुआत से दबाव बनाना जरूरी होगा। जिम्बाब्वे घरेलू मैदान और परिस्थितियों का फायदा उठाने की कोशिश करेगा, जबकि भारत बेहतर बल्लेबाजी गहराई के दम पर मुकाबला नियंत्रित करना चाहेगा।

हालिया प्रदर्शन की वजह से भारतीय टीम पर जीत का दबाव भी रहेगा। इंग्लैंड और आयरलैंड के खिलाफ नतीजे उम्मीद के मुताबिक नहीं रहे और टीम को लगातार मुश्किलों का सामना करना पड़ा। जिम्बाब्वे दौरे को अब नए आत्मविश्वास की शुरुआत के तौर पर देखा जा रहा है। श्रेयस ने भी खिलाड़ियों से पिछली हार के डर के बजाय सकारात्मक और निडर क्रिकेट खेलने को कहा है।

हरारे स्पोर्ट्स क्लब की परिस्थितियां शुरुआत में तेज गेंदबाजों को मदद दे सकती हैं। गेंद पुरानी होने के बाद बल्लेबाजी अपेक्षाकृत आसान होने की संभावना रहती है। ऐसे में टॉस की भूमिका महत्वपूर्ण हो सकती है। लक्ष्य का पीछा करने वाली टीम परिस्थितियों का अंदाजा लगाकर अपनी बल्लेबाजी रणनीति तैयार कर सकती है।

भारत की संभावित प्लेइंग-11 में अभिषेक शर्मा और वैभव सूर्यवंशी ओपनिंग की जिम्मेदारी संभाल सकते हैं। ईशान किशन विकेटकीपर के रूप में शीर्ष क्रम में उतर सकते हैं। इसके बाद श्रेयस अय्यर, तिलक वर्मा, शिवम दुबे और रिंकू सिंह बल्लेबाजी को गहराई देंगे। गेंदबाजी संयोजन पिच को देखकर तय किया जा सकता है।

जिम्बाब्वे की संभावित टीम में ब्रायन बेनेट, वेस्ली मधेवेरे, तादिवानाशे मारुमानी या तफाद्जवा त्सिगा, डिओन मायर्स, सिकंदर रजा, रयान बर्ल और मिल्टन शुम्बा बल्लेबाजी विकल्प हो सकते हैं। निचले क्रम और गेंदबाजी में ब्रैड इवांस, न्यूमैन न्यामहुरी, रिचर्ड नगारवा और ब्लेसिंग मुजरबानी भूमिका निभा सकते हैं।

भारत का स्क्वाड: श्रेयस अय्यर (कप्तान), वैभव सूर्यवंशी, अभिषेक शर्मा, तिलक वर्मा (उपकप्तान), ईशान किशन (विकेटकीपर), शिवम दुबे, सूर्यांश शेडगे, रिंकू सिंह, हर्ष दुबे, वरुण चक्रवर्ती, प्रिंस यादव, यश ठाकुर, अशोक शर्मा, मयंक यादव और प्रभसिमरन सिंह (विकेटकीपर)।

-----------------

हमारे आधिकारिक प्लेटफॉर्म्स से जुड़ें –
🔴 व्हाट्सएप चैनलhttps://whatsapp.com/channel/0029VbATlF0KQuJB6tvUrN3V
🔴 फेसबुकDainik Jagran MP/CG Official
🟣 इंस्टाग्राम@dainikjagranmp.cg
🔴 यूट्यूबDainik Jagran MPCG Digital

📲 सोशल मीडिया पर जुड़ें और बने जागरूक पाठक।
👉 आज ही जुड़िए

www.dainikjagranmpcg.com
23 Jul 2026 By Priyanka

IND vs ZIM: हरारे में आज पहला टी-20, श्रेयस की कप्तानी में पहली जीत की तलाश

स्पोर्ट्स डेस्क

गातार खराब नतीजों के बाद भारतीय टी-20 टीम गुरुवार, 23 जुलाई को जिम्बाब्वे के खिलाफ नए सिरे से शुरुआत करने उतरेगी। तीन मैचों की टी-20 सीरीज का पहला मुकाबला हरारे स्पोर्ट्स क्लब में खेला जाना है। श्रेयस अय्यर की कप्तानी वाली युवा भारतीय टीम के लिए यह सीरीज केवल जीत की पटरी पर लौटने का मौका नहीं, बल्कि पिछले दो विदेशी दौरों की निराशा पीछे छोड़ने की भी चुनौती है। तीनों मुकाबले हरारे में ही खेले जाने हैं।

भारत बनाम ज़िम्बाब्वे पहला T20I 2026 से पहले सबसे ज्यादा नजर कप्तान श्रेयस अय्यर पर है। इंग्लैंड और आयरलैंड में मिली निराशा के बाद भारतीय टीम अब जिम्बाब्वे में अपनी लय तलाश रही है। श्रेयस ने सीरीज से पहले खिलाड़ियों को हार के डर से बाहर निकलकर आत्मविश्वास के साथ खेलने का संदेश दिया है। टीम प्रबंधन भी चाहता है कि युवा खिलाड़ी पिछली नाकामियों का दबाव लेकर मैदान पर न उतरें।

भारत के लिए यह छोटा दौरा है। पहला मुकाबला 23 जुलाई को होगा, जबकि दूसरा टी-20 25 जुलाई और तीसरा मुकाबला 26 जुलाई को खेला जाएगा। तीनों मैच हरारे स्पोर्ट्स क्लब में रखे गए हैं। ऐसे में परिस्थितियों को जल्दी समझना और पहले ही मैच से बढ़त हासिल करना दोनों टीमों के लिए अहम होगा।

भारतीय बल्लेबाजी में युवा और अनुभवी खिलाड़ियों का मिश्रण दिखाई देगा। टीम में अभिषेक शर्मा, वैभव सूर्यवंशी, ईशान किशन, तिलक वर्मा, रिंकू सिंह और शिवम दुबे जैसे बल्लेबाज मौजूद हैं। श्रेयस अय्यर खुद मध्यक्रम की जिम्मेदारी संभालेंगे। भारत ने इस दौरे के लिए 15 सदस्यीय टीम चुनी है और तिलक वर्मा को उपकप्तान बनाया गया है।

सबसे ज्यादा चर्चा 15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी को लेकर है। इंग्लैंड और आयरलैंड के हालिया दौरों में वह अपनी क्षमता के मुताबिक बड़ी पारी नहीं खेल पाए थे। अब जिम्बाब्वे में उनके सामने खुद को दोबारा साबित करने का मौका है। कप्तान श्रेयस ने भी युवा बल्लेबाज का समर्थन किया है और भरोसा जताया है कि पिछले अनुभवों से उन्होंने अपनी गलतियों पर काम किया होगा।

हरारे का नाम आते ही सूर्यवंशी की एक यादगार पारी भी चर्चा में है। अंडर-19 विश्व कप फाइनल में उन्होंने इसी शहर में 80 गेंदों पर 175 रन की विस्फोटक पारी खेली थी। उस प्रदर्शन ने भारत की खिताबी जीत में बड़ी भूमिका निभाई थी। अब सीनियर स्तर पर उसी मैदान पर लौटते हुए उनसे एक बार फिर आक्रामक बल्लेबाजी की उम्मीद रहेगी।

सूर्यवंशी के साथ अभिषेक शर्मा भारतीय पारी को तेज शुरुआत देने की भूमिका निभा सकते हैं। ईशान किशन विकेटकीपर-बल्लेबाज के रूप में शीर्ष क्रम को मजबूती देते हैं। मध्यक्रम में श्रेयस और तिलक वर्मा के पास पारी संभालने की जिम्मेदारी होगी, जबकि शिवम दुबे और रिंकू सिंह आखिरी ओवरों में तेजी से रन बनाने की क्षमता रखते हैं।

भारतीय टीम के सामने बड़ी चुनौती यह होगी कि बल्लेबाजी क्रम जल्दी विकेट गंवाने से बचे। हरारे में नई गेंद तेज गेंदबाजों को मदद दे सकती है। शुरुआती कुछ ओवर संभाल लिए जाएं तो बल्लेबाजों के लिए रन बनाने के मौके बढ़ सकते हैं। ऐसे में भारत के टॉप ऑर्डर की भूमिका पहले मुकाबले में काफी अहम रहने वाली है।

जिम्बाब्वे को उसकी घरेलू परिस्थितियों में हल्के में लेना भारत के लिए मुश्किल पैदा कर सकता है। टीम के पास ब्लेसिंग मुजरबानी और रिचर्ड नगारवा जैसे तेज गेंदबाज हैं, जो हरारे की परिस्थितियों का फायदा उठाना जानते हैं। ब्रैड इवांस भी पेस अटैक को मजबूती देते हैं। नई गेंद के साथ यह आक्रमण भारतीय बल्लेबाजों की शुरुआती परीक्षा ले सकता है।

ब्लेसिंग मुजरबानी जिम्बाब्वे के गेंदबाजी आक्रमण के प्रमुख हथियारों में शामिल हैं। उनकी लंबाई और अतिरिक्त उछाल बल्लेबाजों के लिए परेशानी खड़ी कर सकती है। रिचर्ड नगारवा बाएं हाथ से अलग कोण बनाते हैं। हरारे की पिच पर अगर शुरुआत में सीम या उछाल मिला तो भारत को पहले छह ओवर काफी संभलकर खेलने पड़ सकते हैं।

जिम्बाब्वे ने इस सीरीज के लिए विकेटकीपर-बल्लेबाज तफाद्जवा त्सिगा को पहली बार टी-20 अंतरराष्ट्रीय टीम में शामिल किया है। मेजबान टीम नए खिलाड़ियों और अनुभवी चेहरों के मिश्रण के साथ मैदान पर उतर रही है। सिकंदर रजा की मौजूदगी बल्लेबाजी के साथ टीम को अनुभव भी देती है।

ब्रायन बेनेट जिम्बाब्वे के शीर्ष क्रम में महत्वपूर्ण बल्लेबाज साबित हो सकते हैं। उनके साथ वेस्ली मधेवेरे से भी टीम को अच्छी शुरुआत की उम्मीद होगी। मध्यक्रम में सिकंदर रजा और रयान बर्ल जैसे खिलाड़ी तेजी से मैच की दिशा बदलने की क्षमता रखते हैं। भारतीय गेंदबाजों को घरेलू टीम के इन बल्लेबाजों के खिलाफ अनुशासित लाइन पर गेंदबाजी करनी होगी।

भारत का गेंदबाजी आक्रमण अपेक्षाकृत युवा है। स्क्वाड में हर्ष दुबे, वरुण चक्रवर्ती, प्रिंस यादव, यश ठाकुर, अशोक शर्मा और मयंक यादव जैसे विकल्प मौजूद हैं। शिवम दुबे भी जरूरत के मुताबिक गेंदबाजी में योगदान दे सकते हैं। टीम संयोजन में स्पिन और तेज गेंदबाजी के बीच संतुलन किस तरह बनाया जाता है, इस पर नजर रहेगी।

मयंक यादव की रफ्तार भारत के लिए बड़ा हथियार साबित हो सकती है, लेकिन प्लेइंग इलेवन का फैसला पिच और फिटनेस को ध्यान में रखकर होगा। वहीं वरुण चक्रवर्ती अपनी विविधता से बीच के ओवरों में विकेट निकालने का विकल्प देते हैं। प्रिंस यादव और यश ठाकुर जैसे गेंदबाजों के लिए भी यह दौरा अपनी पहचान मजबूत करने का मौका है।

भारत और जिम्बाब्वे की टी-20 प्रतिद्वंद्विता में भारतीय टीम का पलड़ा भारी रहा है, लेकिन हरारे में मेजबान टीम पहले भी उलटफेर कर चुकी है। इसलिए श्रेयस की टीम के लिए शुरुआत से दबाव बनाना जरूरी होगा। जिम्बाब्वे घरेलू मैदान और परिस्थितियों का फायदा उठाने की कोशिश करेगा, जबकि भारत बेहतर बल्लेबाजी गहराई के दम पर मुकाबला नियंत्रित करना चाहेगा।

हालिया प्रदर्शन की वजह से भारतीय टीम पर जीत का दबाव भी रहेगा। इंग्लैंड और आयरलैंड के खिलाफ नतीजे उम्मीद के मुताबिक नहीं रहे और टीम को लगातार मुश्किलों का सामना करना पड़ा। जिम्बाब्वे दौरे को अब नए आत्मविश्वास की शुरुआत के तौर पर देखा जा रहा है। श्रेयस ने भी खिलाड़ियों से पिछली हार के डर के बजाय सकारात्मक और निडर क्रिकेट खेलने को कहा है।

हरारे स्पोर्ट्स क्लब की परिस्थितियां शुरुआत में तेज गेंदबाजों को मदद दे सकती हैं। गेंद पुरानी होने के बाद बल्लेबाजी अपेक्षाकृत आसान होने की संभावना रहती है। ऐसे में टॉस की भूमिका महत्वपूर्ण हो सकती है। लक्ष्य का पीछा करने वाली टीम परिस्थितियों का अंदाजा लगाकर अपनी बल्लेबाजी रणनीति तैयार कर सकती है।

भारत की संभावित प्लेइंग-11 में अभिषेक शर्मा और वैभव सूर्यवंशी ओपनिंग की जिम्मेदारी संभाल सकते हैं। ईशान किशन विकेटकीपर के रूप में शीर्ष क्रम में उतर सकते हैं। इसके बाद श्रेयस अय्यर, तिलक वर्मा, शिवम दुबे और रिंकू सिंह बल्लेबाजी को गहराई देंगे। गेंदबाजी संयोजन पिच को देखकर तय किया जा सकता है।

जिम्बाब्वे की संभावित टीम में ब्रायन बेनेट, वेस्ली मधेवेरे, तादिवानाशे मारुमानी या तफाद्जवा त्सिगा, डिओन मायर्स, सिकंदर रजा, रयान बर्ल और मिल्टन शुम्बा बल्लेबाजी विकल्प हो सकते हैं। निचले क्रम और गेंदबाजी में ब्रैड इवांस, न्यूमैन न्यामहुरी, रिचर्ड नगारवा और ब्लेसिंग मुजरबानी भूमिका निभा सकते हैं।

भारत का स्क्वाड: श्रेयस अय्यर (कप्तान), वैभव सूर्यवंशी, अभिषेक शर्मा, तिलक वर्मा (उपकप्तान), ईशान किशन (विकेटकीपर), शिवम दुबे, सूर्यांश शेडगे, रिंकू सिंह, हर्ष दुबे, वरुण चक्रवर्ती, प्रिंस यादव, यश ठाकुर, अशोक शर्मा, मयंक यादव और प्रभसिमरन सिंह (विकेटकीपर)।

https://www.dainikjagranmpcg.com/sports/ind-vs-zim-first-t20-today-in-harare-looking-for/article-59542

खबरें और भी हैं

छिंदवाड़ा से शुरू होगा CM मोहन यादव का जन-विश्वास दौरा, शिकायतकर्ताओं से सीधे करेंगे बात

टाप न्यूज

छिंदवाड़ा से शुरू होगा CM मोहन यादव का जन-विश्वास दौरा, शिकायतकर्ताओं से सीधे करेंगे बात

7 अगस्त को जिला स्तरीय समाधान कार्यक्रम में शामिल होंगे मुख्यमंत्री, CM हेल्पलाइन की चुनिंदा शिकायतों पर जानेंगे कार्रवाई की...
मध्य प्रदेश 
छिंदवाड़ा से शुरू होगा CM मोहन यादव का जन-विश्वास दौरा, शिकायतकर्ताओं से सीधे करेंगे बात

शिव मंदिर में सनग्लासेज पहनकर पूजा करने पर ट्रोल हुईं भूमि पेडनेकर, सोशल मीडिया पर उठे सवाल

सावन में शिवलिंग पर जल अर्पित करने पहुंचीं अभिनेत्री ने पूजा के दौरान नहीं उतारा काला चश्मा, वीडियो सामने आने...
बालीवुड 
शिव मंदिर में सनग्लासेज पहनकर पूजा करने पर ट्रोल हुईं भूमि पेडनेकर, सोशल मीडिया पर उठे सवाल

‘रामायण’ ट्रेलर की चर्चा के बीच सीता बनीं कंगना की पुरानी तस्वीर वायरल, पोस्ट में लिबरल्स पर कसा तंज

स्कूल के नाटक में माता सीता का किरदार निभा चुकी हैं कंगना रनोट; पुरानी तस्वीर में आशीर्वाद की मुद्रा में...
बालीवुड 
‘रामायण’ ट्रेलर की चर्चा के बीच सीता बनीं कंगना की पुरानी तस्वीर वायरल, पोस्ट में लिबरल्स पर कसा तंज

टीम इंडिया की ऑरेंज हॉकी जर्सी पर बढ़ा विवाद, खिलाड़ियों की सहमति के दावे पर उठे सवाल

वर्ल्ड कप से पहले बदला भारतीय हॉकी टीम की जर्सी का रंग; रिपोर्ट में खिलाड़ी ने कहा- हमसे नहीं मांगी...
स्पोर्ट्स 
टीम इंडिया की ऑरेंज हॉकी जर्सी पर बढ़ा विवाद, खिलाड़ियों की सहमति के दावे पर उठे सवाल

बिजनेस

त्वचा के अनुकूल मेंस्ट्रुअल प्रोडक्ट्स की बढ़ती मांग, डॉक्टरों ने सामग्री (Ingredients) पर ध्यान देने की दी सलाह त्वचा के अनुकूल मेंस्ट्रुअल प्रोडक्ट्स की बढ़ती मांग, डॉक्टरों ने सामग्री (Ingredients) पर ध्यान देने की दी सलाह
  महिलाओं की मासिक धर्म (पीरियड्स) से जुड़ी देखभाल अब केवल अधिक अवशोषण (Absorbency) और लीकेज से सुरक्षा तक सीमित
पीएम मोदी के कथित एडिटेड वीडियो मामले में कार्रवाई तेज, मेटा इंडिया हेड समेत कई पर FIR दर्ज
शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव के बीच सपाट शुरुआत, ऑटो और IT शेयरों में खरीदारी से बाजार को सहारा
टेलीग्राम फाउंडर पर रूस का बड़ा एक्शन, अडाणी एंटरप्राइजेज को ₹1,160 करोड़ का घाटा; WhatsApp Web पर आया नया फीचर
शाहरुख खान का नया परफ्यूम बना लोगों का नया फेवरेट, Gen Z से मिल रहे हैं जबरदस्त रिव्यूज़... आखिर कौन सा है ये ब्रांड?
Copyright (c) Dainik Jagran All Rights Reserved.