दृष्टिबाधित व्यक्तियों के सशक्तिकरण हेतु ज्योति एआई विज़न ग्लासेज़ सहित एआई-संचालित सहायक प्रौद्योगिकियों का शुभारंभ

Digital Desk

ब्लाइंड रिलीफ एसोसिएशन ने टॉर्चिट इलेक्ट्रॉनिक्स प्राइवेट लिमिटेड के सहयोग से दृष्टिबाधित व्यक्तियों के लिए अनेक एआई-संचालित सहायक प्रौद्योगिकियों का शुभारंभ किया। इनमें वायरलेस ज्योति एआई विज़न ग्लासेज़, ज्योति एआई वेब, एडवांस्ड फोल्डेबल स्मार्ट व्हाइट केन, एनेबलमार्ट एक्सपीरियंस एंड रिसोर्स सेंटर तथा एनेबलमार्ट असिस्टिव टेक्नोलॉजी रिसोर्स बुक शामिल हैं। इन नवाचारों का उद्देश्य दृष्टिबाधित व्यक्तियों के लिए सुगम्यता, समावेशी शिक्षा तथा स्वतंत्र जीवन-यापन को बढ़ावा देना है।

कार्यक्रम का उद्घाटन श्रीमती मनमीत कौर नंदा, अतिरिक्त सचिव, दिव्यांगजनसशक्तिकरण विभाग (DEPwD), सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय द्वारा किया गया। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि सहायक प्रौद्योगिकी शिक्षा, रोजगार, गतिशीलता तथा गरिमापूर्ण जीवन सुनिश्चित करने का एक महत्वपूर्ण माध्यम है। उन्होंने आगामी दिव्यांग सहारा योजना तथा पर्पल इकोनॉमी की परिकल्पना के माध्यम से एआई-आधारित सहायक प्रौद्योगिकियों को बढ़ावा देने के लिए भारत सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई।

हनी भगचंदानी, संस्थापक एवं निदेशक, टॉर्चिट इलेक्ट्रॉनिक्स प्राइवेट लिमिटेड ने संस्था के नवीनतम नवाचारों—वायरलेस ज्योति एआई विज़न ग्लासेज़, ज्योति एआई वेब तथा एडवांस्ड फोल्डेबल स्मार्ट व्हाइट केन—का प्रदर्शन किया। उन्होंने बताया कि टॉर्चिट का उद्देश्य किफायती, स्वदेशी एवं एआई-संचालित सहायक प्रौद्योगिकियों के माध्यम से दिव्यांगजनों को सशक्त बनाना है। उन्होंने एनेबलमार्ट एक्सपीरियंस एंड रिसोर्स सेंटर, एनेबलमार्ट असिस्टिव टेक्नोलॉजी रिसोर्स बुक तथा समावेशी शिक्षा को बढ़ावा देने में टॉकिंग एवं टैक्टाइल पुस्तकों की महत्त्वपूर्ण भूमिका पर भी प्रकाश डाला।

कार्यक्रम में उपस्थित सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए डेविड, कार्यकारी सचिव, ब्लाइंड रिलीफ एसोसिएशन, नई दिल्ली ने कहा कि टॉर्चिट के साथ यह सहयोग सहायक प्रौद्योगिकियों को अधिक किफायती, सुलभ एवं प्रभावी बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है, जो समावेशी शिक्षा तथा पुनर्वास सेवाओं को और सुदृढ़ करेगा।

डॉ. होमियार मोबेडजी, मुख्य कार्यकारी अधिकारी, टॉर्चिट फाउंडेशन ने दृष्टिबाधित व्यक्तियों के लिए शिक्षा, सूचना एवं दैनिक जीवन को अधिक सुलभ बनाने में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) की बढ़ती भूमिका पर प्रकाश डाला। उन्होंने तकनीकी नवप्रवर्तकों, शिक्षाविदों, स्वास्थ्य विशेषज्ञों तथा नागरिक समाज के बीच सहयोग की आवश्यकता पर बल देते हुए समावेशी पारिस्थितिकी तंत्र के निर्माण का आह्वान किया।

डॉ. सूरज सेनजाम, प्रोफेसर, डॉ. राजेन्द्र प्रसाद नेत्र विज्ञान केंद्र, अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS), नई दिल्ली ने किफायती 'मेक इन इंडिया' सहायक प्रौद्योगिकियों की आवश्यकता पर बल दिया तथा दृष्टिबाधित व्यक्तियों के लिए एआई-आधारित समाधानों को और बेहतर बनाने हेतु एआईआईएमएस एवं टॉर्चिट के बीच उपयोगकर्ता मूल्यांकन (यूज़र इवैल्यूएशन) में चल रहे सहयोग की जानकारी दी।

कार्यक्रम का समापन वायरलेस ज्योति एआई विज़न ग्लासेज़ एवं ज्योति एआई वेब के लाइव प्रदर्शन के साथ हुआ। इस अवसर पर सरकार, स्वास्थ्य संस्थानों, तकनीकी नवप्रवर्तकों तथा नागरिक समाज ने एक अधिक सुगम, समावेशी एवं सशक्त भारत के निर्माण के प्रति अपनी साझा प्रतिबद्धता दोहराई।

-----------------

हमारे आधिकारिक प्लेटफॉर्म्स से जुड़ें –
🔴 व्हाट्सएप चैनलhttps://whatsapp.com/channel/0029VbATlF0KQuJB6tvUrN3V
🔴 फेसबुकDainik Jagran MP/CG Official
🟣 इंस्टाग्राम@dainikjagranmp.cg
🔴 यूट्यूबDainik Jagran MPCG Digital

📲 सोशल मीडिया पर जुड़ें और बने जागरूक पाठक।
👉 आज ही जुड़िए

www.dainikjagranmpcg.com
07 Jul 2026 By दैनिक जागरण

दृष्टिबाधित व्यक्तियों के सशक्तिकरण हेतु ज्योति एआई विज़न ग्लासेज़ सहित एआई-संचालित सहायक प्रौद्योगिकियों का शुभारंभ

Digital Desk

कार्यक्रम का उद्घाटन श्रीमती मनमीत कौर नंदा, अतिरिक्त सचिव, दिव्यांगजनसशक्तिकरण विभाग (DEPwD), सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय द्वारा किया गया। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि सहायक प्रौद्योगिकी शिक्षा, रोजगार, गतिशीलता तथा गरिमापूर्ण जीवन सुनिश्चित करने का एक महत्वपूर्ण माध्यम है। उन्होंने आगामी दिव्यांग सहारा योजना तथा पर्पल इकोनॉमी की परिकल्पना के माध्यम से एआई-आधारित सहायक प्रौद्योगिकियों को बढ़ावा देने के लिए भारत सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई।

हनी भगचंदानी, संस्थापक एवं निदेशक, टॉर्चिट इलेक्ट्रॉनिक्स प्राइवेट लिमिटेड ने संस्था के नवीनतम नवाचारों—वायरलेस ज्योति एआई विज़न ग्लासेज़, ज्योति एआई वेब तथा एडवांस्ड फोल्डेबल स्मार्ट व्हाइट केन—का प्रदर्शन किया। उन्होंने बताया कि टॉर्चिट का उद्देश्य किफायती, स्वदेशी एवं एआई-संचालित सहायक प्रौद्योगिकियों के माध्यम से दिव्यांगजनों को सशक्त बनाना है। उन्होंने एनेबलमार्ट एक्सपीरियंस एंड रिसोर्स सेंटर, एनेबलमार्ट असिस्टिव टेक्नोलॉजी रिसोर्स बुक तथा समावेशी शिक्षा को बढ़ावा देने में टॉकिंग एवं टैक्टाइल पुस्तकों की महत्त्वपूर्ण भूमिका पर भी प्रकाश डाला।

कार्यक्रम में उपस्थित सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए डेविड, कार्यकारी सचिव, ब्लाइंड रिलीफ एसोसिएशन, नई दिल्ली ने कहा कि टॉर्चिट के साथ यह सहयोग सहायक प्रौद्योगिकियों को अधिक किफायती, सुलभ एवं प्रभावी बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है, जो समावेशी शिक्षा तथा पुनर्वास सेवाओं को और सुदृढ़ करेगा।

डॉ. होमियार मोबेडजी, मुख्य कार्यकारी अधिकारी, टॉर्चिट फाउंडेशन ने दृष्टिबाधित व्यक्तियों के लिए शिक्षा, सूचना एवं दैनिक जीवन को अधिक सुलभ बनाने में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) की बढ़ती भूमिका पर प्रकाश डाला। उन्होंने तकनीकी नवप्रवर्तकों, शिक्षाविदों, स्वास्थ्य विशेषज्ञों तथा नागरिक समाज के बीच सहयोग की आवश्यकता पर बल देते हुए समावेशी पारिस्थितिकी तंत्र के निर्माण का आह्वान किया।

डॉ. सूरज सेनजाम, प्रोफेसर, डॉ. राजेन्द्र प्रसाद नेत्र विज्ञान केंद्र, अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS), नई दिल्ली ने किफायती 'मेक इन इंडिया' सहायक प्रौद्योगिकियों की आवश्यकता पर बल दिया तथा दृष्टिबाधित व्यक्तियों के लिए एआई-आधारित समाधानों को और बेहतर बनाने हेतु एआईआईएमएस एवं टॉर्चिट के बीच उपयोगकर्ता मूल्यांकन (यूज़र इवैल्यूएशन) में चल रहे सहयोग की जानकारी दी।

कार्यक्रम का समापन वायरलेस ज्योति एआई विज़न ग्लासेज़ एवं ज्योति एआई वेब के लाइव प्रदर्शन के साथ हुआ। इस अवसर पर सरकार, स्वास्थ्य संस्थानों, तकनीकी नवप्रवर्तकों तथा नागरिक समाज ने एक अधिक सुगम, समावेशी एवं सशक्त भारत के निर्माण के प्रति अपनी साझा प्रतिबद्धता दोहराई।

https://www.dainikjagranmpcg.com/national-international/launch-of-ai-powered-assistive-technologies-including-jyoti-ai-vision-glasses/article-58122

खबरें और भी हैं

दृष्टिबाधित व्यक्तियों के सशक्तिकरण हेतु ज्योति एआई विज़न ग्लासेज़ सहित एआई-संचालित सहायक प्रौद्योगिकियों का शुभारंभ

टाप न्यूज

दृष्टिबाधित व्यक्तियों के सशक्तिकरण हेतु ज्योति एआई विज़न ग्लासेज़ सहित एआई-संचालित सहायक प्रौद्योगिकियों का शुभारंभ

ब्लाइंड रिलीफ एसोसिएशन ने टॉर्चिट इलेक्ट्रॉनिक्स प्राइवेट लिमिटेड के सहयोग से दृष्टिबाधित व्यक्तियों के लिए अनेक एआई-संचालित सहायक प्रौद्योगिकियों का...
देश विदेश 
दृष्टिबाधित व्यक्तियों के सशक्तिकरण हेतु ज्योति एआई विज़न ग्लासेज़ सहित एआई-संचालित सहायक प्रौद्योगिकियों का शुभारंभ

लीबिया में मध्यस्थता की कोशिशों में पाकिस्तान की एंट्री, विरोधी गुटों के बीच संवाद बढ़ाने की पहल

रिपोर्टों और सूत्रों के दावों के बीच कूटनीतिक हलचल तेज, अमेरिका और सऊदी अरब के समर्थन की भी चर्चा; लीबिया...
देश विदेश 
लीबिया में मध्यस्थता की कोशिशों में पाकिस्तान की एंट्री, विरोधी गुटों के बीच संवाद बढ़ाने की पहल

क्या मोबाइल फोन कपल्स के बीच सबसे बड़ा तीसरा व्यक्ति बन गया है? रिश्तों में बढ़ती दूरी पर सवाल

एक ही कमरे में साथ रहने के बावजूद स्क्रीन में खोए रहते हैं लोग, क्या स्मार्टफोन रिश्तों की गर्माहट कम...
ओपीनियन 
क्या मोबाइल फोन कपल्स के बीच सबसे बड़ा तीसरा व्यक्ति बन गया है? रिश्तों में बढ़ती दूरी पर सवाल

सैम मानेकशॉ का नेतृत्व मंत्र: प्रोफेशनल नॉलेज और नैतिक साहस से बनता है असली लीडर

‘सैम बहादुर’ मानते थे कि ज्ञान के बिना आत्मविश्वास अधूरा है और सच बोलने की हिम्मत के बिना नेतृत्व कमजोर...
जीवन के मंत्र 
सैम मानेकशॉ का नेतृत्व मंत्र: प्रोफेशनल नॉलेज और नैतिक साहस से बनता है असली लीडर

बिजनेस

Copyright (c) Dainik Jagran All Rights Reserved.