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आज का पंचांग 19 जनवरी 2026: गुप्त नवरात्रि का आज से शुभारंभ, जानें पूजा और मुहूर्त का पूरा विवरण
धर्म डेस्क
पौष-माघ शुक्ल प्रतिपदा का दुर्लभ संयोग, विक्रम संवत 2082 का आरंभ; तर्पण और दान-पुण्य का विशेष महत्व
हिंदू पंचांग के अनुसार आज धार्मिक और ज्योतिषीय दृष्टि से विशेष महत्व का दिन माना जा रहा है। आज पौष शुक्ल प्रतिपदा और माघ शुक्ल प्रतिपदा का दुर्लभ संयोग बन रहा है। इसी दिन से विक्रम संवत 2082 का शुभारंभ हो रहा है। इसके साथ ही आज गुप्त नवरात्रि का आरंभ और श्री वल्लभ जयंती भी मनाई जा रही है। आज की ताज़ा ख़बरें और भारत समाचार अपडेट के संदर्भ में यह दिन श्रद्धालुओं और पंचांग में रुचि रखने वालों के लिए खास माना जा रहा है।
पंचांग के अनुसार, आज राष्ट्रीय तिथि पौष मास की 30वीं तिथि है, जबकि शक संवत 1947 और विक्रम संवत 2082 का आरंभ आज से माना जा रहा है। सूर्य उत्तरायण में स्थित है और शिशिर ऋतु का प्रभाव बना हुआ है। चंद्रमा पूरे दिन और रात कुंभ राशि में संचार करेगा, जिससे मानसिक और आध्यात्मिक गतिविधियों में रुचि बढ़ने की संभावना जताई जा रही है।
आज प्रतिपदा तिथि अर्धरात्रि के बाद रात 2 बजकर 14 मिनट तक रहेगी, इसके बाद द्वितीया तिथि का आरंभ होगा। उत्तराषाढ़ा नक्षत्र पूर्वाह्न 11 बजकर 52 मिनट तक रहेगा, जिसके बाद श्रवण नक्षत्र प्रारंभ होगा। व्रज योग रात 8 बजकर 45 मिनट तक रहेगा और उसके बाद सिद्धि योग का निर्माण होगा, जिसे शुभ कार्यों के लिए अनुकूल माना जाता है।
गुप्त नवरात्रि का आज से आरंभ हो रहा है, जो तंत्र साधना, मंत्र जप और विशेष पूजा के लिए महत्वपूर्ण मानी जाती है। ज्योतिषाचार्यों के अनुसार, इस अवधि में की गई साधना गुप्त फल प्रदान करती है। साथ ही आज पितरों के नाम से तर्पण और दान-पुण्य का भी विशेष महत्व बताया गया है।
आज का सूर्योदय सुबह 7 बजकर 14 मिनट पर और सूर्यास्त शाम 5 बजकर 49 मिनट पर होगा। शुभ मुहूर्त की बात करें तो ब्रह्म मुहूर्त सुबह 5 बजकर 11 मिनट से 6 बजकर 5 मिनट तक रहेगा। विजय मुहूर्त दोपहर 2 बजकर 6 मिनट से 2 बजकर 49 मिनट तक माना गया है। इसके अलावा गोधूलि बेला शाम 5 बजकर 38 मिनट से 6 बजकर 5 मिनट तक रहेगी।
अशुभ समय की बात करें तो राहुकाल सुबह 7 बजकर 30 मिनट से 9 बजे तक रहेगा। यमगंड सुबह 10 बजकर 30 मिनट से दोपहर 12 बजे तक और गुलिक काल दोपहर 1 बजकर 30 मिनट से 3 बजे तक रहेगा। ज्योतिषीय मान्यताओं के अनुसार, इन समयों में शुभ कार्यों से बचने की सलाह दी जाती है।
पंचांग विशेषज्ञों का कहना है कि आज का दिन पूजा-पाठ, दान-पुण्य और आध्यात्मिक साधना के लिए विशेष रूप से अनुकूल है। आने वाले दिनों में गुप्त नवरात्रि के दौरान देवी उपासना और साधना से जुड़े कार्यक्रमों में तेजी देखने को मिल सकती है।
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