दुर्ग में राशनकार्ड सूची से हटाए 15,872 नाम: सरकारी कर्मचारी और उच्च आय वाले भी कटे

दुर्ग-भिलाई (छ.ग.)

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खाद्य विभाग ने सत्यापन के बाद फर्जी और असमर्थ हितग्राहियों के नाम हटाए; E-KYC और दस्तावेज़ अपडेट जरूरी

छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में राशन कार्ड सूची का व्यापक सत्यापन पूरा होने के बाद कुल 15,872 नाम हटाए गए हैं। यह कार्रवाई 1 जनवरी से 31 दिसंबर 2025 के बीच की गई। राज्य सरकार को जिले में एक लाख से अधिक फर्जी राशन कार्ड होने की जानकारी मिलने के बाद खाद्य विभाग ने सत्यापन के निर्देश जारी किए थे।

सत्यापन में सामने आया कि कई ऐसे लोग योजना का लाभ ले रहे थे, जो इसके पात्र नहीं थे। इनमें सरकारी कर्मचारी, उच्च आय वाले और जीएसटी 25 लाख से अधिक भुगतान करने वाले भी शामिल थे।

सत्यापन में प्रमुख कारण
खाद्य विभाग के आंकड़ों के अनुसार, 6,187 कार्डधारक अपने ही राशन कार्ड को समर्पित कर चुके थे, जिससे उनके नाम हटाए गए। इसके अलावा परिवार के मुखिया की मृत्यु, अन्यत्र निवास और परिवार का पलायन भी नाम हटने के प्रमुख कारण रहे।

जांच में यह भी पता चला कि कई हितग्राही निर्धारित पात्रता 기준 पर खरे नहीं उतरे। इसमें मृतक आश्रित, मासिक आय सीमा से अधिक वाले परिवार, डबल राशन कार्ड धारक और संयुक्त परिवार से जुड़े मामलों के लोग शामिल हैं। साथ ही चार-पहिया या तीन-पहिया वाहन का स्वामित्व रखने वाले तथा अविवाहित लाभार्थियों के नाम भी सूची से हटाए गए।

E-KYC और दस्तावेज़ अपडेट बड़ी चुनौती
हाल ही में जिले के खाद्य विभाग कार्यालयों में उन हितग्राहियों की भीड़ बढ़ गई है, जिनके नाम कट गए हैं। अधिकांश मामलों में मुख्य कारण आधार या E-KYC अपडेट न होना, मृतक सदस्य की सूचना न देना, या पलायन कर दूसरे शहर में बसना रहा।

हितग्राही अब यह सुनिश्चित कर सकते हैं कि यदि E-KYC और आवश्यक दस्तावेज़ अपडेट किए जाएं, तो राशन योजना का लाभ पुनः प्राप्त किया जा सकता है।

प्रशासन का संदेश
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जिन लोगों का नाम हटाया गया है, उनमें उच्च आय वाले या सरकारी कर्मचारी शामिल हैं, जिनकी पात्रता योजना के अनुसार नहीं थी। हालांकि, प्रशासन ने यह भी कहा कि उचित दस्तावेज़ और E-KYC अपडेट करने पर राशन कार्ड का लाभ पुनः लिया जा सकता है।

इस कार्रवाई का उद्देश्य न केवल गरीब और योग्य हितग्राहियों तक राशन पहुंचाना है, बल्कि फर्जी लाभार्थियों और योजना के दुरुपयोग को रोकना भी है।

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